Shuru
Apke Nagar Ki App…
जिला मुख्यालय से सटे चताड़ा गांव में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद मामला गरमा गया है। मृतका की पहचान सीमा पत्नी अश्वनी, निवासी गांव चताड़ा के रूप में हुई है। मृतका के मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, उनका कहना है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या का मामला है। वीरवार को क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में पोस्टमार्टम के दौरान परिजनों ने इस घटना पर जमकर रोष व्यक्त किया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग उठाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने मृतका के पति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की विभिन्न पहलुओं से गहनता से जांच कर रही है।
Himachal Punjab News
जिला मुख्यालय से सटे चताड़ा गांव में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद मामला गरमा गया है। मृतका की पहचान सीमा पत्नी अश्वनी, निवासी गांव चताड़ा के रूप में हुई है। मृतका के मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, उनका कहना है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या का मामला है। वीरवार को क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में पोस्टमार्टम के दौरान परिजनों ने इस घटना पर जमकर रोष व्यक्त किया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग उठाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने मृतका के पति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की विभिन्न पहलुओं से गहनता से जांच कर रही है।
More news from हिमाचल प्रदेश and nearby areas
- नगर परिषद संतोखगढ़ के वार्ड-03 की पार्षद चरणजीत कौर की दुकान पर दिनदहाड़े चोरी की घटना सामने आई है। एक अज्ञात युवक ग्राहक बनकर दुकान में आया और बड़ी चालाकी से काउंटर पर रखी हजारों रुपये की नकदी लेकर फरार हो गया। आरोपी ने अपनी पत्नी के लिए सूट दिखाने की बात कहकर दुकानदार का ध्यान भटकाया और महज 45 सेकंड के भीतर इस पूरी वारदात को अंजाम दिया। जब तक दुकानदार को चोरी का आभास होता, तब तक आरोपी मौके से निकल चुका था। घटना के बाद दुकान में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, जिसमें संदिग्ध युवक की गतिविधियां कैद होने की बात सामने आई है। पीड़ित पक्ष ने तत्काल मामले की सूचना पुलिस को दी, जिसके बाद पुलिस सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपी की पहचान करने और उसे जल्द गिरफ्तार करने के प्रयास में जुट गई है। दिनदहाड़े हुई इस चोरी की घटना से संतोखगढ़ क्षेत्र के दुकानदारों में गहरी चिंता का माहौल है। स्थानीय व्यापारियों ने पुलिस प्रशासन से बाजार क्षेत्र में नियमित गश्त बढ़ाने तथा चोरी की घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने की मांग की है। लोगों ने उम्मीद जताई है कि पुलिस शीघ्र ही आरोपी को गिरफ्तार कर चोरी की गई नकदी बरामद करेगी।1
- 2021 बैच के आईएएस अधिकारी इशांत जसवाल ने वीरवार सुबह ऊना के अतिरिक्त उपायुक्त (एडीसी) के रूप में अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया। मिनी सचिवालय पहुँचकर उन्होंने औपचारिक रूप से पदभार संभाला और अधिकारियों से जिले की प्रशासनिक व्यवस्था तथा विभिन्न विकास कार्यों की जानकारी प्राप्त की। अतिरिक्त उपायुक्त के रूप में यह उनकी पहली नियुक्ति है, इससे पहले वह एसडीएम कांगड़ा के रूप में कार्यरत थे। कार्यभार संभालने के बाद इशांत जसवाल ने कहा कि ऊना जिले की भौगोलिक परिस्थितियों और स्थानीय जरूरतों के अनुरूप प्रशासनिक कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी, ताकि आम लोगों को बेहतर और समयबद्ध सेवाएँ मिल सकें। उन्होंने प्रदेश सरकार द्वारा चलाए जा रहे 'नशा मुक्त हिमाचल' अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर जोर दिया। उनकी प्रमुख प्राथमिकताओं में युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और उन्हें नशे से दूर रखने के लिए विभिन्न विभागों, शैक्षणिक संस्थानों व सामाजिक संगठनों के सहयोग से अभियान चलाना शामिल रहेगा। नवनियुक्त एडीसी ने यह भी बताया कि बरसात के दिनों में ऊना जिले के कई क्षेत्रों में जलभराव की समस्या गंभीर रूप ले लेती है। इस चुनौती से प्रभावी ढंग से निपटने के लिए संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ बैठक कर ठोस कार्ययोजना तैयार की जाएगी, ताकि लोगों को बारिश के दौरान किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि सभी विभागों के समन्वय और जनसहभागिता के माध्यम से प्रशासन विकास कार्यों को गति देने के साथ-साथ जनसमस्याओं का समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करेगा।1
- Post by 247 superfast ks1
- नगर एवं ग्राम नियोजन, आवास, तकनीकी शिक्षा, व्यावसायिक एवं औद्योगिक प्रशिक्षण मंत्री राजेश धर्माणी ने घुमारवीं विधानसभा क्षेत्र के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला हड़वाड़ में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे शिक्षा के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास पर भी समान रूप से ध्यान दें। उन्होंने बल दिया कि आज के विद्यार्थी ही कल के जिम्मेदार नागरिक, सक्षम नेतृत्वकर्ता और राष्ट्र निर्माता होते हैं, इसलिए केवल परीक्षा में अच्छे अंक प्राप्त करना ही पर्याप्त नहीं, बल्कि चरित्र निर्माण, नेतृत्व क्षमता, अनुशासन, नैतिक मूल्यों और सामाजिक उत्तरदायित्व का विकास भी उतना ही आवश्यक है। मंत्री धर्माणी ने विद्यार्थियों को बताया कि वर्तमान समय में शिक्षा, तकनीक, नवाचार, कौशल विकास और उद्यमिता के क्षेत्र में असीम संभावनाएं उपलब्ध हैं। उन्होंने मोबाइल और सोशल मीडिया का रचनात्मक एवं सकारात्मक उपयोग करने की सलाह दी, ताकि वे ज्ञान अर्जित करने, नई तकनीकों को सीखने और स्वयं को निरंतर बेहतर बनाने में इनका प्रभावी माध्यम के रूप में प्रयोग कर सकें। मंत्री ने विद्यार्थियों को एनसीसी, एनएसएस, स्काउट एवं गाइड, खेलकूद, सांस्कृतिक गतिविधियों, विज्ञान प्रदर्शनी, वाद-विवाद, समूह चर्चा और अन्य सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों में सक्रिय भागीदारी करने के लिए प्रोत्साहित किया, क्योंकि ऐसी गतिविधियां उनमें नेतृत्व क्षमता, आत्मविश्वास, टीम भावना और सामाजिक जिम्मेदारी का विकास करती हैं। उन्होंने सफलता के लिए निरंतर मेहनत, अनुशासन, धैर्य, सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास को अपरिहार्य बताया तथा असफलताओं से घबराने के बजाय उन्हें सीख के रूप में स्वीकार कर और अधिक दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने का आग्रह किया। राजेश धर्माणी ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में वर्तमान प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को अधिक गुणवत्तापूर्ण, आधुनिक, तकनीक आधारित और रोजगारोन्मुखी बनाने के लिए ऐतिहासिक सुधार लागू कर रही है। सरकारी विद्यालयों में राष्ट्रीय शिक्षा मानकों के अनुरूप एनसीईआरटी पाठ्यक्रम अपनाते हुए सीबीएसई पैटर्न लागू किया गया है तथा विद्यार्थियों को राष्ट्रीय एवं वैश्विक स्तर की प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने के उद्देश्य से पहली कक्षा से अंग्रेजी माध्यम में शिक्षा अनिवार्य की गई है। सरकार का उद्देश्य केवल डिग्री प्रदान करना नहीं, बल्कि ऐसे सक्षम, आत्मनिर्भर और नवाचार आधारित युवा तैयार करना है जो भविष्य की चुनौतियों का सफलतापूर्वक सामना कर सकें। उन्होंने यह भी बताया कि तकनीकी शिक्षा, नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार ने नई राज्य नवाचार नीति को मंजूरी दी है, जिसके अंतर्गत लगभग 2 करोड़ रूपए के विशेष फंड का प्रावधान किया गया है। शिक्षा में पारदर्शिता, जवाबदेही और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए 'समीक्षा' तथा 'शिक्षा साथी' मोबाइल ऐप के माध्यम से विद्यालयों की नियमित डिजिटल मॉनिटरिंग की जा रही है। वहीं, 'समर्थ' योजना के अंतर्गत शिक्षकों को आधुनिक शिक्षण तकनीकों, डिजिटल लर्निंग और नवाचार आधारित शिक्षण पद्धतियों का प्रशिक्षण प्रदान किया जा रहा है। राजेश धर्माणी ने कहा कि राज्य सरकार के सतत प्रयासों का परिणाम है कि हिमाचल प्रदेश का विद्यार्थी-अध्यापक अनुपात देश के सर्वश्रेष्ठ राज्यों में शामिल है। मंत्री ने शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य के महत्व पर विशेष बल देते हुए विद्यार्थियों से नियमित योग, व्यायाम, खेलकूद और संतुलित जीवनशैली अपनाने का आग्रह किया। संवाद कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों ने करियर निर्माण, लक्ष्य निर्धारण, व्यक्तित्व विकास, प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी, तकनीकी शिक्षा, सफलता के सूत्र तथा स्वस्थ जीवनशैली से जुड़े अनेक प्रश्न पूछे। राजेश धर्माणी ने विद्यार्थियों की जिज्ञासाओं का विस्तारपूर्वक समाधान करते हुए उन्हें मेहनत, अनुशासन, सकारात्मक सोच, निरंतर सीखने की आदत, आत्मविश्वास तथा समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का ईमानदारी से निर्वहन करने की प्रेरणा दी।2
- हमीरपुर में आयोजित ईपीएफ और ईएसआई सेमिनार में बतौर मुख्यातिथि पहुंचे पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद अनुराग ठाकुर ने राम मंदिर के चंदा मामले पर कांग्रेस और अन्य विरोधी दलों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस इस मुद्दे पर राजनीति कर रही है, जबकि उत्तर प्रदेश सरकार राम मंदिर चंदा चोरी मामले में एसआईटी जांच करा रही है। सांसद ठाकुर ने कांग्रेस के राम मंदिर विरोधी इतिहास का जिक्र करते हुए कहा कि रामसेतु के विषय पर कांग्रेसियों ने कभी कुछ नहीं कहा, और बाद में राम मंदिर के लोगों पर गोली चलाने वाले भी कांग्रेसी नेता ही रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि राम मंदिर के शिलान्यास से लेकर उद्घाटन तक कांग्रेस लगातार विरोध करती रही, लेकिन अब रातोंरात उन्हें राम याद आने लगे हैं। अनुराग ठाकुर ने एथानॉल पेट्रोल पर अरविंद केजरीवाल द्वारा उठाए गए सवालों का भी जवाब दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार पहले ही बता चुकी है कि इससे कोई हानि नहीं है। सांसद ठाकुर ने आरोप लगाया कि कुछ लोगों ने अफवाहें और अराजकता फैलाने का ठेका ले रखा है, और अरविंद केजरीवाल स्वयं ऐसे लोगों के मुखिया हैं। सांसद अनुराग ठाकुर ने केंद्र की मोदी सरकार द्वारा अनुबंध कर्मचारियों के लिए लाई गई कई योजनाओं पर भी बात की, और कहा कि सरकार उनके भविष्य निधि को लेकर भी कर्मचारियों को लाभ दिलाने के लिए काम कर रही है। उन्होंने बताया कि एनआईटी हमीरपुर में ईपीएफ और ईएसआई की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए गए हैं, और अब एनआईटी के कर्मचारियों को इलाज के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा, बल्कि जिला में ही स्वास्थ्य सुविधा देने के लिए काम किया जाएगा। कांग्रेस पर हमला जारी रखते हुए, उन्होंने कहा कि पार्टी सत्ता के बिना तड़प रही है और बंद कमरों में तथा जनता के बीच अपने कपड़े फाड़ रही है। ठाकुर ने कटाक्ष करते हुए कहा कि कांग्रेस तो अपने ही साथियों के कपड़े फाड़ सकती है, क्योंकि सत्ता पाने के लिए वह कुछ भी कर सकती है।2
- सुजानपुर के विधायक कैप्टन रंजीत ने केंद्र सरकार की 'बी.बी.जी रामजी योजना' को निराशाजनक बताया है। उन्होंने कहा कि मनरेगा में केंद्र सरकार द्वारा किए गए बदलावों का ग्रामीण जनता पर गहरा असर हुआ है, जिससे पंचायतों में विकास कार्य रुक गए हैं। विधायक ने यह बात विकास खंड कार्यालय में आयोजित पंचायत प्रतिनिधियों की विशेष बैठक में भाग लेने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए कही। उनके अनुसार, इस योजना में ऐसे कार्य सबसे अंत में रखे गए हैं, जो पंचायतों में सबसे पहले होने चाहिए थे, जो कि सही नहीं है। कैप्टन रंजीत ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार द्वारा लाई गई 'बी.बी.जी रामजी' नामक नई मनरेगा योजना ने पंचायत प्रधानों और उप-प्रधानों को पहले मिली तमाम शक्तियों को खत्म कर दिया है। उन्होंने जोर दिया कि अब जबकि पंचायतों में प्रधान, उप-प्रधान और वार्ड सदस्य तैनात हो चुके हैं, तो राजनीति को छोड़कर सभी पंचायत प्रतिनिधियों का एकमात्र उद्देश्य अपनी पंचायत को विकसित, स्वच्छ और सुंदर बनाना होना चाहिए। विधायक ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पूर्व में लगाए गए विकास कार्यों की वर्तमान स्थिति, रुके हुए कार्यों और उनके बंद होने के कारणों के संबंध में पूरी जानकारी उपलब्ध कराई जाए। इस दौरान, विधायक ने प्रदेश सरकार और मुख्यमंत्री की ग्रामीण जनता की सेवा में दिन-रात लगे रहने की प्रशंसा की, यह सुनिश्चित करते हुए कि किसी भी वर्ग के लोगों को कोई समस्या न आए। उन्होंने अंत में यह भी बताया कि सुजानपुर पंचायत समिति को जल्द ही अध्यक्ष और उपाध्यक्ष मिल जाएंगे।1
- जिला मुख्यालय से सटे चताड़ा गांव में एक विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के बाद मामला गरमा गया है। मृतका की पहचान सीमा पत्नी अश्वनी, निवासी गांव चताड़ा के रूप में हुई है। मृतका के मायके पक्ष ने ससुराल वालों पर गंभीर आरोप लगाए हैं, उनका कहना है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि हत्या का मामला है। वीरवार को क्षेत्रीय अस्पताल ऊना में पोस्टमार्टम के दौरान परिजनों ने इस घटना पर जमकर रोष व्यक्त किया और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग उठाई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, पुलिस ने मृतका के पति को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस इस पूरे घटनाक्रम की विभिन्न पहलुओं से गहनता से जांच कर रही है।1