अजब निराली है मां शारदा की महिमा! जैसिंहनगर से 1500 से 2000 श्रद्धालुओं ने की मैहर तक पदयात्रा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मां शारदा के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब, हाथों में नारियल लेकर भक्तों ने लगाई हाजिरी मैहर। मां शारदा की महिमा भी अजब निराली है। उनकी भक्ति और आस्था का ऐसा अद्भुत नजारा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मैहर में देखने को मिला, जब जैसिंहनगर से लगभग 1500 से 2000 श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए मां शारदा के पावन दरबार पहुंचे। मां के जयकारों और भक्ति के उत्साह से सराबोर इस पदयात्रा ने श्रद्धा, समर्पण और विश्वास की अनूठी मिसाल पेश की। नवरात्रि के पावन अवसर पर निकली इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवा श्रद्धालु शामिल हुए। कोई मां शारदा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहा था, तो कोई हाथों में नारियल लेकर माता के दर्शन की अभिलाषा के साथ पदयात्रा कर रहा था। कई श्रद्धालु दंडवत प्रणाम करते हुए आगे बढ़े और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए मां के चरणों में श्रद्धा अर्पित की। जैसिंहनगर से मैहर तक का सफर श्रद्धालुओं के लिए केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि मां शारदा के प्रति अटूट विश्वास और भक्ति का प्रतीक बन गया। रास्ते भर भक्तिमय माहौल और माता के जयकारों ने वातावरण को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। लंबी दूरी तय करने के बावजूद भक्तों के चेहरे पर थकान से अधिक मां के दर्शन की लालसा और मन में अपार श्रद्धा दिखाई दी। आस्था का केंद्र है मां शारदा का दरबार मैहर की पावन त्रिकूट पहाड़ी पर विराजमान मां शारदा के दर्शन के लिए नवरात्रि में देश के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंचते हैं। मां के प्रति लोगों की अटूट आस्था ही है, जो भक्तों को लंबी दूरी तय करने और कठिनाइयों के बावजूद माता के दरबार तक खींच लाती है। जैसिंहनगर से पहुंचे श्रद्धालुओं की यह पदयात्रा भी इसी अटूट विश्वास का परिचायक बनी। शारदीय नवरात्रि के तीसरे दिन श्रद्धालुओं की इस पदयात्रा ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि सच्ची श्रद्धा के आगे दूरी और कठिनाइयां भी छोटी पड़ जाती हैं। मां शारदा के जयकारों के बीच मैहर पहुंचा भक्तों का यह जत्था भक्ति, विश्वास और समर्पण की ऐसी तस्वीर छोड़ गया, जिसे देखकर हर किसी के मुख से यही निकला—जय मां शारदा! अजब निराली है मां की महिमा, जो अपने भक्तों को खींच ही लाती हैं अपने दरबार।
अजब निराली है मां शारदा की महिमा! जैसिंहनगर से 1500 से 2000 श्रद्धालुओं ने की मैहर तक पदयात्रा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मां शारदा के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब, हाथों में नारियल लेकर भक्तों ने लगाई हाजिरी मैहर। मां शारदा की महिमा भी अजब निराली है। उनकी भक्ति और आस्था का ऐसा अद्भुत नजारा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मैहर में देखने को मिला, जब जैसिंहनगर से लगभग 1500 से 2000 श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए मां शारदा के पावन दरबार पहुंचे। मां के जयकारों और भक्ति के उत्साह से सराबोर इस पदयात्रा ने श्रद्धा, समर्पण और विश्वास की अनूठी मिसाल पेश की। नवरात्रि के पावन अवसर पर निकली इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवा श्रद्धालु शामिल हुए। कोई मां शारदा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहा था, तो कोई हाथों में नारियल लेकर माता के दर्शन की अभिलाषा के साथ पदयात्रा कर रहा था। कई श्रद्धालु दंडवत प्रणाम करते हुए आगे बढ़े और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए मां के चरणों में श्रद्धा अर्पित की। जैसिंहनगर से मैहर तक का सफर श्रद्धालुओं के लिए केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि मां शारदा के प्रति अटूट विश्वास और भक्ति का प्रतीक बन गया। रास्ते भर भक्तिमय माहौल और माता के जयकारों ने वातावरण को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। लंबी दूरी तय करने के बावजूद भक्तों के चेहरे पर थकान से अधिक मां के दर्शन की लालसा और मन में अपार श्रद्धा दिखाई दी। आस्था का केंद्र है मां शारदा का दरबार मैहर की पावन त्रिकूट पहाड़ी पर विराजमान मां शारदा के दर्शन के लिए नवरात्रि में देश के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंचते हैं। मां के प्रति लोगों की अटूट आस्था ही है, जो भक्तों को लंबी दूरी तय करने और कठिनाइयों के बावजूद माता के दरबार तक खींच लाती है। जैसिंहनगर से पहुंचे श्रद्धालुओं की यह पदयात्रा भी इसी अटूट विश्वास का परिचायक बनी। शारदीय नवरात्रि के तीसरे दिन श्रद्धालुओं की इस पदयात्रा ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि सच्ची श्रद्धा के आगे दूरी और कठिनाइयां भी छोटी पड़ जाती हैं। मां शारदा के जयकारों के बीच मैहर पहुंचा भक्तों का यह जत्था भक्ति, विश्वास और समर्पण की ऐसी तस्वीर छोड़ गया, जिसे देखकर हर किसी के मुख से यही निकला—जय मां शारदा! अजब निराली है मां की महिमा, जो अपने भक्तों को खींच ही लाती हैं अपने दरबार।
- *रंगोली एवं मेहंदी प्रतियोगिता* मैहर नवरात्रि पर्व के अवसर पर मैहर जिला कलेक्टर श्रीमती बिदिशा मुखर्जी के नवाचार पर मंदिर प्रांगण में नौ दिनों तक विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में आज बुधवार को देवी जी मार्ग स्थित बंधा बैरियर परिसर में रंगोली एवं मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसके माध्यम से समाज को सकारात्मक संदेश देने का प्रयास किया गया। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य श्रीमती जयंती तिवारी, श्रीमती राजकुमारी सिंह, नायब तहसीलदार श्री शिव भूषण सिंह, सीडीपीओ श्री अखिलेश दीपांकर एवं श्रीमती माया द्विवेदी उपस्थित रही। *रंगोली एवं मेहंदी प्रतियोगिता* मैहर नवरात्रि पर्व के अवसर पर मैहर जिला कलेक्टर श्रीमती बिदिशा मुखर्जी के नवाचार पर मंदिर प्रांगण में नौ दिनों तक विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में आज बुधवार को देवी जी मार्ग स्थित बंधा बैरियर परिसर में रंगोली एवं मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसके माध्यम से समाज को सकारात्मक संदेश देने का प्रयास किया गया। इस दौरान जिला पंचायत सदस्य श्रीमती जयंती तिवारी, श्रीमती राजकुमारी सिंह, नायब तहसीलदार श्री शिव भूषण सिंह, सीडीपीओ श्री अखिलेश दीपांकर एवं श्रीमती माया द्विवेदी उपस्थित रही।2
- खबर हम देंगे चित्रकूट न्यूज चैनल मध्य प्रदेश सतना रेलवे स्टेशन: ऑटो राज में यात्री बेहाल, प्रबंधन मौन सतना रेलवे स्टेशन का प्रवेश द्वार अब ऑटो स्टैंड बन गया है। टैक्सी पार्किंग खाली, पर ऑटो सड़क पर। यात्रियों का निकलना मुश्किल, आम राहगीर परेशान।जीआरपी-आरपीएफ नदारद, स्टेशन प्रबंधक बेखबर। ऑटो चालकों की मनमानी के आगे पूरा सिस्टम फेल।2
- अजब निराली है मां शारदा की महिमा! जैसिंहनगर से 1500 से 2000 श्रद्धालुओं ने की मैहर तक पदयात्रा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मां शारदा के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब, हाथों में नारियल लेकर भक्तों ने लगाई हाजिरी मैहर। मां शारदा की महिमा भी अजब निराली है। उनकी भक्ति और आस्था का ऐसा अद्भुत नजारा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मैहर में देखने को मिला, जब जैसिंहनगर से लगभग 1500 से 2000 श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए मां शारदा के पावन दरबार पहुंचे। मां के जयकारों और भक्ति के उत्साह से सराबोर इस पदयात्रा ने श्रद्धा, समर्पण और विश्वास की अनूठी मिसाल पेश की। नवरात्रि के पावन अवसर पर निकली इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवा श्रद्धालु शामिल हुए। कोई मां शारदा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहा था, तो कोई हाथों में नारियल लेकर माता के दर्शन की अभिलाषा के साथ पदयात्रा कर रहा था। कई श्रद्धालु दंडवत प्रणाम करते हुए आगे बढ़े और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए मां के चरणों में श्रद्धा अर्पित की। जैसिंहनगर से मैहर तक का सफर श्रद्धालुओं के लिए केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि मां शारदा के प्रति अटूट विश्वास और भक्ति का प्रतीक बन गया। रास्ते भर भक्तिमय माहौल और माता के जयकारों ने वातावरण को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। लंबी दूरी तय करने के बावजूद भक्तों के चेहरे पर थकान से अधिक मां के दर्शन की लालसा और मन में अपार श्रद्धा दिखाई दी। आस्था का केंद्र है मां शारदा का दरबार मैहर की पावन त्रिकूट पहाड़ी पर विराजमान मां शारदा के दर्शन के लिए नवरात्रि में देश के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंचते हैं। मां के प्रति लोगों की अटूट आस्था ही है, जो भक्तों को लंबी दूरी तय करने और कठिनाइयों के बावजूद माता के दरबार तक खींच लाती है। जैसिंहनगर से पहुंचे श्रद्धालुओं की यह पदयात्रा भी इसी अटूट विश्वास का परिचायक बनी। शारदीय नवरात्रि के तीसरे दिन श्रद्धालुओं की इस पदयात्रा ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि सच्ची श्रद्धा के आगे दूरी और कठिनाइयां भी छोटी पड़ जाती हैं। मां शारदा के जयकारों के बीच मैहर पहुंचा भक्तों का यह जत्था भक्ति, विश्वास और समर्पण की ऐसी तस्वीर छोड़ गया, जिसे देखकर हर किसी के मुख से यही निकला—जय मां शारदा! अजब निराली है मां की महिमा, जो अपने भक्तों को खींच ही लाती हैं अपने दरबार।1
- मैहर अजब निराली है मां शारदा की महिमा! जैसिंहनगर से 1500 से 2000 श्रद्धालुओं ने की मैहर तक पदयात्रा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मां शारदा के दरबार में उमड़ा आस्था का सैलाब, हाथों में नारियल लेकर भक्तों ने लगाई हाजिरी। मैहर मां शारदा की महिमा भी अजब निराली है। उनकी भक्ति और आस्था का ऐसा अद्भुत नजारा शारदीय नवरात्रि के तृतीय दिवस मैहर में देखने को मिला, जब जैसिंहनगर से लगभग 1500 से 2000 श्रद्धालु पदयात्रा करते हुए मां शारदा के पावन दरबार पहुंचे। मां के जयकारों और भक्ति के उत्साह से सराबोर इस पदयात्रा ने श्रद्धा, समर्पण और विश्वास की अनूठी मिसाल पेश की। नवरात्रि के पावन अवसर पर निकली इस पदयात्रा में बड़ी संख्या में महिला, पुरुष और युवा श्रद्धालु शामिल हुए। कोई मां शारदा के जयकारे लगाते हुए आगे बढ़ रहा था, तो कोई हाथों में नारियल लेकर माता के दर्शन की अभिलाषा के साथ पदयात्रा कर रहा था। कई श्रद्धालु दंडवत प्रणाम करते हुए आगे बढ़े और अपनी मनोकामनाओं की पूर्ति के लिए मां के चरणों में श्रद्धा अर्पित की। जैसिंहनगर से मैहर तक का सफर श्रद्धालुओं के लिए केवल एक यात्रा नहीं, बल्कि मां शारदा के प्रति अटूट विश्वास और भक्ति का प्रतीक बन गया। रास्ते भर भक्तिमय माहौल और माता के जयकारों ने वातावरण को आध्यात्मिक रंग में रंग दिया। श्रद्धालुओं का उत्साह देखते ही बन रहा था। लंबी दूरी तय करने के बावजूद भक्तों के चेहरे पर थकान से अधिक मां के दर्शन की लालसा और मन में अपार श्रद्धा दिखाई दी। आस्था का केंद्र है मां शारदा का दरबार मैहर की पावन त्रिकूट पहाड़ी पर विराजमान मां शारदा के दर्शन के लिए नवरात्रि में देश के विभिन्न क्षेत्रों से श्रद्धालु पहुंचते हैं। मां के प्रति लोगों की अटूट आस्था ही है, जो भक्तों को लंबी दूरी तय करने और कठिनाइयों के बावजूद माता के दरबार तक खींच लाती है। जैसिंहनगर से पहुंचे श्रद्धालुओं की यह पदयात्रा भी इसी अटूट विश्वास का परिचायक बनी। शारदीय नवरात्रि के तीसरे दिन श्रद्धालुओं की इस पदयात्रा ने एक बार फिर यह संदेश दिया कि सच्ची श्रद्धा के आगे दूरी और कठिनाइयां भी छोटी पड़ जाती हैं। मां शारदा के जयकारों के बीच मैहर पहुंचा भक्तों का यह जत्था भक्ति, विश्वास और समर्पण की ऐसी तस्वीर छोड़ गया, जिसे देखकर हर किसी के मुख से यही निकला—जय मां शारदा! अजब निराली है मां की महिमा, जो अपने भक्तों को खींच ही लाती हैं अपने दरबार।1
- 🔴 रोपवे कि व्यवस्थाओं से संतुष्ट दिखे यात्री 🔴 नवरात्रि में बढ़ने वाली भीड़ के समय श्रद्धालुओं के लिए बैठने की उचित व्यवस्था 🔴 रोपवे कि व्यवस्थाओं से संतुष्ट दिखे यात्री 🔴 नवरात्रि में बढ़ने वाली भीड़ के समय श्रद्धालुओं के लिए बैठने की उचित व्यवस्था1
- mp बोर्ड में मैथ्स में अच्छे marks कैसे पाए आज जाने प्रदीप सर की क्लास में pradeep sir ने 10th क्लास के बच्चों को कुछ टिप्स दिये1
- पुरानी पट्टिया विवादः राजा राम (पप्पू) कुशवाहा और उसका बेटा धर्मेंद्र कुशवाहा ने सोहनलाल कुशवाहा के घर किया हंगामा *पुरानी पट्टिया विवादः राजा राम (पप्पू) कुशवाहा और उसका बेटा धर्मेंद्र कुशवाहा ने सोहनलाल कुशवाहा के घर किया हंगामा* *क्या है मामला* वार्ड 15 निवासी सोहनलाल कुशवाहा ने आरोप लगाया है कि 11 अक्टूबर की शाम करीब 5:13 बजे जब वह परिवार के साथ खेत में थे, तभी राजा राम (पप्पू) कुशवाहा और उनके बेटे धर्मेंद्र कुशवाहा ने पुरानी पटिया हटाने को लेकर विवाद किया। *मारपीट की कोशिश और धमकी* आरोपियों ने गंदी-गंदी गालियां दीं, लाठी-डंडों के साथ मारपीट की कोशिश की और जान से मारने की धमकी दी। *थाने में गुहार* पीड़ित परिवार ने उचेहरा थाने में लिखित आवेदन देकर कड़ी कार्रवाई और सुरक्षा की मांग की है। पीड़ित के पास घटना का वीडियो साक्ष्य भी मौजूद है। #UncheharaNews #SatnaPolice #CrimeNewsMP #Unchehara #Satna #MadhyaPradesh #LocalNews #BreakingNews #ShubhamKushwaha1
- 🌺🚩 ॥ जय माता दी ॥ जय मां शारदा ॥ 🚩🌺 🙏 शारदीय नवरात्रि – चतुर्थी दिवस 🙏 🌹 मां शारदा शक्तिपीठ धाम, मैहर 🌹 🔱 मां शारदा के पावन चरणों में कोटि-कोटि प्रणाम। 🙏 🌺 मां शारदा सभी देशवासियों एवं प्रदेशवासियों के जीवन में सुख, शांति, समृद्धि और खुशहाली प्रदान करें। माता रानी सभी भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण करें और सब पर अपनी कृपा बनाए रखें। 🌺 🚩 मां शारदा का आशीर्वाद सदैव आप सभी पर बना रहे। 🚩 🌸 जय मां शारदा! जय माता दी! 🌸 ✍️ पत्रकार प्रकाश सोनी 📰 समय जगत परिवार, मैहर1