Shuru
Apke Nagar Ki App…
कृषि विज्ञान केन्द्र के फसल को बर्बाद ना होने से बचाने के लिए रोज निकालते हैं मवेशी कृषि अनुसंधान केन्द्र एवं विज्ञान केन्द्र के फसल के हिफाजत में दिन भर निकालते हैं मवेशी
Santosh Ahirwar
कृषि विज्ञान केन्द्र के फसल को बर्बाद ना होने से बचाने के लिए रोज निकालते हैं मवेशी कृषि अनुसंधान केन्द्र एवं विज्ञान केन्द्र के फसल के हिफाजत में दिन भर निकालते हैं मवेशी
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- डिंडोरी से लुकाम पुर जाते समय कुत्ते को बचाने में बाइक सवार अनियंत्रित होकर गिर जाने पर आई गम्भीर चोट जिला चिकित्सालय में उपचार जारी1
- समाचार भारत एक्सप्रेस 📍 जिला डिंडोरी, मध्यप्रदेश 📅 22 मार्च 2026 कंटूर ट्रेंच कार्य में बड़ा फर्जीवाड़ा, हाजिरी में गड़बड़ी का आरोप जिला डिंडोरी के विकासखंड समनापुर अंतर्गत ग्राम पंचायत जाड़ासुरंग के चुरचुटी टेकरी में संचालित कंटूर ट्रेंच कार्य में गंभीर अनियमितताओं का मामला सामने आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह कार्य चुरचुटी टेकरी में होना स्वीकृत है, लेकिन मेटों द्वारा नियमों का उल्लंघन करते हुए मजदूरों से कार्य अन्य स्थान पर कराया जा रहा है। सूत्रों के मुताबिक, सुबह सभी मजदूरों को चुरचुटी टेकरी में बुलाकर हाजिरी दर्ज की जाती है, लेकिन इसके बाद करीब 11 बजे उन्हें ऊपर स्थित तालाब में काम करने भेज दिया जाता है। इसके पश्चात शाम करीब 3 बजे मजदूरों को फिर से चुरचुटी टेकरी लाकर दोबारा हाजिरी लगवाई जाती है। हाजिरी में मिलीभगत का आरोप बताया जा रहा है कि कुछ मजदूर मेटों के साथ मिलीभगत कर सुबह की हाजिरी में फोटो खिंचवाकर कार्यस्थल से चले जाते हैं। ऐसे मजदूरों की दूसरी हाजिरी के दौरान फोटो मौजूद नहीं रहती, जिससे पूरी प्रक्रिया पर सवाल उठ रहे हैं। गाइडलाइन का उल्लंघन स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि जिस स्थान के लिए कार्य स्वीकृत है, उसी स्थान पर कार्य कराया जाना चाहिए। लेकिन यहां नियमों को दरकिनार कर अलग स्थान पर काम कराया जा रहा है, जो कि शासन की गाइडलाइन के विपरीत है। जांच की मांग तेज मामले के सामने आने के बाद ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से निष्पक्ष जांच की मांग की है। लोगों का कहना है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए ताकि भविष्य में इस तरह की अनियमितताएं न हो।1
- *प्रतिबंध के बावजूद डिंडोरी में शराब का खेल? मैया अभियान में कचरे से ज्यादा मिलीं शराब की बोतलें* डिंडोरी जिले में शराब बिक्री पर प्रतिबंध के बीच एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। मैया अभियान के तहत चल रहे स्वच्छता अभियान में सेवादारों को सामान्य कचरे से अधिक मात्रा में शराब की खाली बोतलें मिल रही हैं, जिससे प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। अभियान से जुड़े सेवादारों का कहना है कि जिस क्षेत्र में साफ-सफाई की जा रही है, वहां बड़ी संख्या में शराब की बोतलों का मिलना इस बात का संकेत है कि कहीं न कहीं प्रतिबंध के बावजूद अवैध रूप से शराब का विक्रय जारी है। उन्होंने सवाल उठाया कि जब जिले में शराब बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित है, तो आखिर ये बोतलें आ कहां से रही हैं? सेवादारों ने प्रशासन से मांग की है कि इस मामले की गंभीरता से जांच की जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रतिबंध का सख्ती से पालन हो। उनका कहना है कि एक ओर वे स्वच्छता और जागरूकता का संदेश दे रहे हैं, वहीं दूसरी ओर इस तरह की गतिविधियां समाज में गलत संदेश दे रही हैं। स्थानीय नागरिकों ने भी इस पर चिंता जताते हुए कहा कि यदि प्रतिबंधित क्षेत्र में इस प्रकार खुलेआम शराब का उपयोग और संभावित विक्रय हो रहा है, तो यह कानून व्यवस्था पर सवाल है। उन्होंने जिला प्रशासन से अवैध शराब कारोबार पर तत्काल कार्रवाई की मांग की है। अब देखना यह होगा कि प्रशासन इस गंभीर मुद्दे पर क्या कदम उठाता है और क्या वास्तव में प्रतिबंध का प्रभाव जमीन पर दिखाई देता है या नहीं।1
- पनपथा बफर में तेंदुए की दर्दनाक मौत कुएँ मे गिरने से हुई मौत उमरिया । बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पनपथा बफर परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम महरोई में एक चार वर्षीय नर तेंदुए की कुएं में गिरकर हुई मौत ने वन्यजीव सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जंगल के राजा कहे जाने वाले इस दुर्लभ वन्यजीव का इस तरह असहाय होकर दम तोड़ना न केवल पीड़ादायक है बल्कि जिम्मेदार व्यवस्थाओं की अनदेखी का भी प्रमाण है। शनिवार को सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और तेंदुए के शव को बाहर निकाला। औपचारिकता के तहत डॉग स्क्वाड एवं मेटल डिटेक्टर से जांच कराई गई लेकिन सच्चाई यह है कि खुले और असुरक्षित कुएं लगातार वन्यजीवों के लिए मौत का जाल बनते जा रहे हैं जिस पर अब तक ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है। शव परीक्षण में मृत्यु का कारण डूबना बताया गया जिससे स्पष्ट है कि यह हादसा पूरी तरह मानवीय लापरवाही का परिणाम है। इसके बाद राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण के प्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में तेंदुए का अंतिम संस्कार कर दिया गया लेकिन बड़ा सवाल अब भी कायम है—आखिर कब तक इस तरह वन्यजीव यूं ही असुरक्षित ढांचों की भेंट चढ़ते रहेंगे? ग्रामीण क्षेत्रों में सैकड़ों खुले कुएं बिना मुंडेर और सुरक्षा के मौजूद हैं जो न सिर्फ वन्यजीवों बल्कि इंसानों के लिए भी खतरा बने हुए हैं। यदि समय रहते इन पर सुरक्षा उपाय नहीं किए गए तो ऐसे हादसे भविष्य में और बढ़ सकते हैं। यह घटना प्रशासन और वन विभाग के लिए चेतावनी है कि केवल कागजी कार्यवाही से काम नहीं चलेगा बल्कि जमीनी स्तर पर ठोस कदम उठाने होंगे ताकि जंगल की इस अमूल्य धरोहर को बचाया जा सके।2
- शिव सिंह राजपूत दहिया जर्नलिस्ट अमरपाटन सतना मध्य प्रदेश भोपाल 99747788631
- शहडोल सोमवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय के विराट सभागार में समयावधि पत्रों की समीक्षा बैठक संपन्न हुई है,बैठक में जिले के कलेक्टर डॉक्टर केदार सिंह ने उपस्थित अधिकारी कर्मचारियों को निर्देश दिए हैं कि सीएम हेल्पलाइन के प्रकरणों का समय सीमा पर निराकरण के निर्देश दिए इस दौरान जिले के अधिकारी कर्मचारी विराट सभागार में मौजूद रहे हैं।1
- चीफ रिपोर्टर योगेश कुमार जिला शहडोल मप्र रेत का अवैध खनन किया जा रहा है NH43 सरफा नदी मे शासन प्रशासन क़ी लालपरवाही से हो रहा है पुलिस प्रशासन और उतखनन विभाग ध्यान नही दे रहा h2
- कृषि अनुसंधान केन्द्र एवं विज्ञान केन्द्र के फसल के हिफाजत में दिन भर निकालते हैं मवेशी1