बागपत जनपद में 20 जून 2026 को जिलाधिकारी अस्मिता लाल के निर्देशन में परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से एक संयुक्त, दो दिवसीय विशेष सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले 80 वाहनों के चालान किए गए, जबकि अनाधिकृत रूप से संचालित तीन बसों और सात ओवरलोड वाहनों को निरुद्ध कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की गई। अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने किया, जिसमें जिले के प्रमुख मार्गों, व्यस्त चौराहों, स्कूल मार्गों, बाजार क्षेत्रों और संवेदनशील स्थानों पर व्यापक जांच की गई। जांच के दौरान हेलमेट न पहनना, सीट बेल्ट का प्रयोग न करना, नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करना, रॉन्ग साइड वाहन चलाना, बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस वाहन संचालन, निर्धारित सीमा से अधिक गति तथा ड्रिंक एंड ड्राइव जैसे कई गंभीर यातायात नियमों के उल्लंघन सामने आए, जिन पर मौके पर ही चालान की कार्रवाई की गई। विशेष रूप से, सात ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की गई, क्योंकि ये वाहन न केवल दुर्घटनाओं का कारण बनते हैं बल्कि सड़कों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। साथ ही, तीन अनाधिकृत बसों को भी जब्त किया गया, जिनकी जांच के बाद यात्री सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई की गई। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने इस बात पर जोर दिया कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़े हादसों का कारण बन सकती हैं, इसलिए हेलमेट, सीट बेल्ट और यातायात नियमों का पालन स्वयं तथा दूसरों की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने यह भी बताया कि परिवहन विभाग प्रवर्तन के साथ-साथ जागरूकता पर भी ध्यान दे रहा है, जिसका उद्देश्य केवल चालान करना नहीं बल्कि दुर्घटनाओं को कम कर सुरक्षित यातायात संस्कृति विकसित करना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा से किसी भी स्थिति में समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। विपिन कुमार ने वाहन चालकों से स्वयं और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। यह संयुक्त कार्रवाई भविष्य में भी लगातार जारी रहेगी, जिसका लक्ष्य नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई के साथ-साथ जिले में एक सुरक्षित, अनुशासित और जिम्मेदार यातायात व्यवस्था स्थापित करना है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
बागपत जनपद में 20 जून 2026 को जिलाधिकारी अस्मिता लाल के निर्देशन में परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से एक संयुक्त, दो दिवसीय विशेष सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले 80 वाहनों के चालान किए गए, जबकि अनाधिकृत रूप से संचालित तीन बसों और सात ओवरलोड वाहनों को निरुद्ध कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की गई। अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने किया, जिसमें जिले के प्रमुख मार्गों, व्यस्त चौराहों, स्कूल मार्गों, बाजार क्षेत्रों और संवेदनशील स्थानों पर व्यापक जांच की गई। जांच के दौरान हेलमेट न पहनना, सीट बेल्ट का प्रयोग न करना, नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करना, रॉन्ग साइड वाहन चलाना, बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस वाहन संचालन, निर्धारित सीमा से अधिक गति तथा ड्रिंक एंड ड्राइव जैसे कई गंभीर यातायात नियमों के उल्लंघन सामने आए, जिन पर मौके पर ही चालान की कार्रवाई की गई। विशेष रूप से, सात ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की गई, क्योंकि ये वाहन न केवल दुर्घटनाओं का कारण बनते हैं बल्कि सड़कों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। साथ ही, तीन अनाधिकृत बसों को भी जब्त किया गया, जिनकी जांच के बाद यात्री सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई की गई। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने इस बात पर जोर दिया कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़े हादसों का कारण बन सकती हैं, इसलिए हेलमेट, सीट बेल्ट और यातायात नियमों का पालन स्वयं तथा दूसरों की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने यह भी बताया कि परिवहन विभाग प्रवर्तन के साथ-साथ जागरूकता पर भी ध्यान दे रहा है, जिसका उद्देश्य केवल चालान करना नहीं बल्कि दुर्घटनाओं को कम कर सुरक्षित यातायात संस्कृति विकसित करना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा से किसी भी स्थिति में समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। विपिन कुमार ने वाहन चालकों से स्वयं और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। यह संयुक्त कार्रवाई भविष्य में भी लगातार जारी रहेगी, जिसका लक्ष्य नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई के साथ-साथ जिले में एक सुरक्षित, अनुशासित और जिम्मेदार यातायात व्यवस्था स्थापित करना है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो।
- बागपत के खैला गांव में एक युवक राहुल ने अपनी 25 वर्षीय पत्नी मनीषा पर धारदार हथियार से हमला कर उसकी हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी पति राहुल को गिरफ्तार कर लिया है और हत्या में इस्तेमाल किया गया फरसा भी बरामद कर लिया है। मनीषा की मौत मौके पर ही हो गई थी। पुलिस के अनुसार, खैला निवासी राहुल, जो भगवत का पुत्र है, ने आठ साल पहले हरिद्वार में एक कंपनी में काम करते हुए मनीषा से प्रेम विवाह किया था। शादी के बाद वे खैला गांव आ गए, और फिर दिल्ली चले गए, जहाँ राहुल ऑटो चलाने लगा और मनीषा एक कंपनी में काम करने लगी। उनके दो बच्चे हैं – 6 साल की बेटी किट्टो और 4 साल का बेटा कविश। पिछले दो साल से उनके बीच विवाद चल रहा था, जिसके चलते मनीषा बेंगलुरु में नौकरी करने चली गई थी और अपने बेटे कविश को साथ ले गई थी, जबकि बेटी किट्टो अपनी दादी शीला के साथ खैला गांव में रहती थी। शुक्रवार को मनीषा अपने पति राहुल के साथ खैला गांव आई थी और शनिवार दोपहर को उन्होंने साथ खाना भी खाया। जानकारी के मुताबिक, मनीषा वापस बेंगलुरु जाने वाली थी और अपने बेटे को साथ ले जाना चाहती थी। राहुल ने बेटे को साथ ले जाने से मना कर दिया, जिससे आक्रोशित होकर उसने घर में रखे धारदार हथियार से मनीषा पर हमला कर दिया, जिससे उसका गला कट गया और उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद राहुल ने खुद पुलिस को फोन पर सूचना दी। मौके पर चांदीनगर के थाना प्रभारी अतर सिंह पहुंचे और युवक को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने आरोपी से हत्या में प्रयुक्त फरसा और मृतका का मोबाइल बरामद कर लिया है। थाना प्रभारी अतर सिंह ने बताया कि राहुल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेजा जा रहा है।1
- दिल्ली में मुहर्रम के जुलूस को सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से उत्तर पश्चिम डीसीपी आकांक्षा यादव ने विस्तृत सुरक्षा व्यवस्थाओं की जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि इस दौरान जिला पुलिस की टीमें तैनात रहेंगी, साथ ही 'एक 2 प्लाटून' फोर्स भी तैनात की गई है। सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सोशल मीडिया पर भी कड़ी नज़र रखी जा रही है, और निगरानी के लिए ड्रोन का भी उपयोग किया जा रहा है। डीसीपी यादव ने स्पष्ट किया कि सभी आवश्यक इंतजाम इसलिए किए गए हैं ताकि पूरा आयोजन बिना किसी व्यवधान के सुरक्षित ढंग से संपन्न हो।1
- दिल्ली के सीमापुरी में मोहर्रम के अवसर पर ताजिया जुलूस शांतिपूर्ण माहौल में निकाला गया। इस जुलूस के दौरान सुरक्षा व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए पुलिस बल तैनात रहा, जिससे पूरे कार्यक्रम का सफल आयोजन हुआ। यह जानकारी एक ग्राउंड रिपोर्ट के माध्यम से दी गई है।1
- 1 जुलाई 2026 से पासपोर्ट बनवाने की लागत में वृद्धि होने जा रही है। सामान्य 36 पेज के पासपोर्ट के लिए अब ₹2,500 और 60 पेज के पासपोर्ट के लिए ₹3,500 का भुगतान करना होगा। तत्काल सेवा के शुल्क में भी बढ़ोतरी की गई है, जिसके तहत 36 पेज का पासपोर्ट ₹5,000 और 60 पेज का पासपोर्ट ₹6,000 में बनेगा। खोए हुए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट के री-इश्यू पर भी अब अधिक शुल्क लागू होगा। हालांकि, 8 साल तक के बच्चों और 60 वर्ष से अधिक उम्र के वरिष्ठ नागरिकों को पहले की तरह 10% की छूट मिलना जारी रहेगा। पासपोर्ट की वैधता की अवधि में कोई बदलाव नहीं किया गया है।1
- दिल्ली नगर निगम में यूनियनें सफाई कर्मचारियों के हक और अधिकारों की लड़ाई लड़ती हैं, उनकी समस्याओं को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाती हैं और सरकार से उनके हक लाकर कर्मचारियों तक पहुंचाने का काम करती हैं। यदि सफाई कर्मचारियों का शोषण होता है या उनके अधिकारों का हनन होता है, तो यूनियनें धरने, प्रदर्शन और भूख हड़ताल करके कर्मचारियों का साथ देती हैं ताकि उन्हें सम्मान और अधिकार मिल सकें। इसी क्रम में, दिल्ली नगर निगम समस्त यूनियन कोर कमेटी कई सालों से सफाई कर्मचारियों के हक में काम कर रही है, जिसके अध्यक्ष नरेश पिहाल हैं, जो अपनी पूरी टीम के साथ मिलकर कर्मचारियों के लिए संघर्ष कर रहे हैं। 20 जून को ऑल इंडिया वाल्मीकि यूथ फ्रंट ने निर्वाचन आयोग की भूमिका निभाते हुए चुनाव करवाए, जिसमें चार लोगों ने नॉमिनेशन देने का तय किया, लेकिन केवल दो लोगों ने ही अपना नॉमिनेशन दाखिल किया। 20 तारीख को हुए इन चुनावों का परिणाम यह रहा कि नरेश पिहाल 25 से 30 वोटों से जीत गए। इस जीत के साथ, वह एक बार फिर दिल्ली नगर निगम समस्त यूनियन कोर कमेटी के अध्यक्ष के रूप में एक साल के लिए मनोनीत हुए। उन्हें 42 संगठनों का समर्थन प्राप्त हुआ था। इसी जीत की खुशी में, आज जंग भवन शकूरपुर में नरेश पिहाल के अध्यक्ष चुने जाने पर एक स्वागत समारोह आयोजित किया गया। इस समारोह में सभी लोगों ने पहुंचकर नरेश पिहाल का सम्मान किया और यह आशा जताई कि जिस तरह वह शुरुआत से ही सफाई कर्मचारियों के हित में काम करते आए हैं, उसी तरह आगे भी उनके हितों के लिए काम करते रहेंगे।1
- थाना पिलखुवा पुलिस ने एक चोरी की घटना का त्वरित कार्यवाही करते हुए सफल अनावरण किया है। इस दौरान पुलिस ने एक हिस्ट्रीशीटर सहित कुल चार बदमाशों को गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से चोरी किए गए शत-प्रतिशत एक लाख रुपये नकद, एक बैग, वादी के महत्वपूर्ण दस्तावेज, एक अवैध असलहा और घटना में इस्तेमाल की गई दो मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं।1
- मोहर्रम के अवसर पर अनूपशहर में एक भव्य ताजिया जुलूस निकाला गया, जिसमें हजारों की संख्या में लोग शामिल हुए। इस दौरान विभिन्न अखाड़ों ने अपनी कला का प्रदर्शन करते हुए करतब दिखाए। देर रात तक चले इस आयोजन के बाद, ताजियों को कर्बला में दफन कर दिया गया।1
- बागपत जनपद में 20 जून 2026 को जिलाधिकारी अस्मिता लाल के निर्देशन में परिवहन विभाग और यातायात पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने तथा यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से एक संयुक्त, दो दिवसीय विशेष सघन चेकिंग अभियान चलाया। इस अभियान के दौरान यातायात नियमों की अनदेखी करने वाले 80 वाहनों के चालान किए गए, जबकि अनाधिकृत रूप से संचालित तीन बसों और सात ओवरलोड वाहनों को निरुद्ध कर उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की गई। अभियान का नेतृत्व सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने किया, जिसमें जिले के प्रमुख मार्गों, व्यस्त चौराहों, स्कूल मार्गों, बाजार क्षेत्रों और संवेदनशील स्थानों पर व्यापक जांच की गई। जांच के दौरान हेलमेट न पहनना, सीट बेल्ट का प्रयोग न करना, नो पार्किंग क्षेत्र में वाहन खड़ा करना, रॉन्ग साइड वाहन चलाना, बिना वैध ड्राइविंग लाइसेंस वाहन संचालन, निर्धारित सीमा से अधिक गति तथा ड्रिंक एंड ड्राइव जैसे कई गंभीर यातायात नियमों के उल्लंघन सामने आए, जिन पर मौके पर ही चालान की कार्रवाई की गई। विशेष रूप से, सात ओवरलोड वाहनों पर सख्त कार्रवाई की गई, क्योंकि ये वाहन न केवल दुर्घटनाओं का कारण बनते हैं बल्कि सड़कों को भी नुकसान पहुंचाते हैं। साथ ही, तीन अनाधिकृत बसों को भी जब्त किया गया, जिनकी जांच के बाद यात्री सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु आवश्यक कार्रवाई की गई। सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (प्रवर्तन) विपिन कुमार ने इस बात पर जोर दिया कि सड़क सुरक्षा केवल प्रशासन की नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि छोटी-छोटी लापरवाहियां बड़े हादसों का कारण बन सकती हैं, इसलिए हेलमेट, सीट बेल्ट और यातायात नियमों का पालन स्वयं तथा दूसरों की सुरक्षा के लिए अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने यह भी बताया कि परिवहन विभाग प्रवर्तन के साथ-साथ जागरूकता पर भी ध्यान दे रहा है, जिसका उद्देश्य केवल चालान करना नहीं बल्कि दुर्घटनाओं को कम कर सुरक्षित यातायात संस्कृति विकसित करना है। विभाग ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा से किसी भी स्थिति में समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। विपिन कुमार ने वाहन चालकों से स्वयं और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। यह संयुक्त कार्रवाई भविष्य में भी लगातार जारी रहेगी, जिसका लक्ष्य नियम तोड़ने वालों पर कार्रवाई के साथ-साथ जिले में एक सुरक्षित, अनुशासित और जिम्मेदार यातायात व्यवस्था स्थापित करना है, जिससे सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाई जा सके और जान-माल की सुरक्षा सुनिश्चित हो।1