बीच बाजार बेखौफ चोर, सोती रही सुरक्षा व्यवस्था — तीसरी मंजिल चढ़कर दो लाख की चोरी बीच बाजार, भीड़-भाड़, दुकानें, आवाजाही और पुलिस गश्ती — इन सबके बीच अगर कोई यह मान ले कि उसका घर सुरक्षित है, तो शायद यह उसकी सबसे बड़ी भूल हो सकती है। गोड्डा शहर के गांगटा चौक स्थित उत्तम ज्वेलर्स के ऊपर बने आवास में सोमवार देर रात हुई चोरी की घटना ने यही कड़वी सच्चाई सामने रख दी है। यह वारदात न सिर्फ चोरों की बेखौफ हिम्मत को दर्शाती है, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी करारा व्यंग्य करती है। सोमवार रात करीब 10:11 बजे, जब परिवार के सभी सदस्य दुकान बंद कर नीचे वाले फ्लोर पर सो रहे थे, उसी वक्त चोर ने बगल के चादरा के घर का सहारा लिया। पहले वह छत पर चढ़ा, फिर वहां से एक अन्य नवनिर्मित मकान होते हुए छलांग दर छलांग तीसरी मंजिल तक पहुंच गया। वहां रेलिंग पर उसके पैरों के साफ निशान मिले हैं, जो उसकी दुस्साहसिक चढ़ाई की कहानी खुद बयां करते हैं। तीसरी मंजिल पर पहुंचकर चोर ने कुर्सी का सहारा लेकर छत के सबसे ऊपर लगे दरवाजे को अंदर से खोला और फिर आराम से घर के भीतर दाखिल हो गया। इसके बाद उसने सीधे उस कमरे का रुख किया, जहां गोदरेज और पर्स रखा हुआ था। दोनों को खोलकर उसने सोना-चांदी के जेवरात समेट लिए, जिससे परिवार को करीब 2 लाख रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, नीचे स्थित दुकान से कोई सामान चोरी नहीं हुआ, जिससे स्पष्ट है कि चोर की नजर सिर्फ घर में रखे कीमती जेवरात पर थी। सुबह करीब 8 बजे, जब घर की महिला सदस्य चाय लेकर ऊपर पहुंचीं, तो देखा कि दरवाजा खुला है। पूछने पर जब किसी को इसकी जानकारी नहीं मिली, तब अनहोनी की आशंका गहराई। छत पर पैर के निशान, फटा हुआ पर्स और खुला गोदरेज देखकर परिवार को चोरी का एहसास हुआ। पीड़ित उत्तम कुमार भगत, जो मूल रूप से सरोनी बाजार के रहने वाले हैं और पिछले 8 वर्षों से यहां मकान खरीदकर रह रहे हैं, ने कहा कि “अब तो लगता है कि बीच बाजार में रहना भी सुरक्षित नहीं रहा। एक दिन भी घर छोड़कर बाहर जाना खतरे से खाली नहीं है।” सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि घटना स्थल के आसपास कहीं भी सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा, जबकि दुकान में कैमरा मौजूद है। लेकिन चोर ने दुकान में प्रवेश नहीं किया, जिससे कैमरे में कोई फुटेज नहीं मिल सका। पीड़ित परिवार ने नगर थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है और पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि अगर बीच बाजार की यह हालत है, तो गलियों और मोहल्लों की सुरक्षा की कल्पना करना ही बेकार है। यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो चोरों के हौसले और बुलंद होंगे और आम लोगों की रातों की नींद यूं ही उड़ती रहेगी। बीच बाजार बेखौफ चोर, सोती रही सुरक्षा व्यवस्था — तीसरी मंजिल चढ़कर दो लाख की चोरी बीच बाजार, भीड़-भाड़, दुकानें, आवाजाही और पुलिस गश्ती — इन सबके बीच अगर कोई यह मान ले कि उसका घर सुरक्षित है, तो शायद यह उसकी सबसे बड़ी भूल हो सकती है। गोड्डा शहर के गांगटा चौक स्थित उत्तम ज्वेलर्स के ऊपर बने आवास में सोमवार देर रात हुई चोरी की घटना ने यही कड़वी सच्चाई सामने रख दी है। यह वारदात न सिर्फ चोरों की बेखौफ हिम्मत को दर्शाती है, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी करारा व्यंग्य करती है। सोमवार रात करीब 10:11 बजे, जब परिवार के सभी सदस्य दुकान बंद कर नीचे वाले फ्लोर पर सो रहे थे, उसी वक्त चोर ने बगल के चादरा के घर का सहारा लिया। पहले वह छत पर चढ़ा, फिर वहां से एक अन्य नवनिर्मित मकान होते हुए छलांग दर छलांग तीसरी मंजिल तक पहुंच गया। वहां रेलिंग पर उसके पैरों के साफ निशान मिले हैं, जो उसकी दुस्साहसिक चढ़ाई की कहानी खुद बयां करते हैं। तीसरी मंजिल पर पहुंचकर चोर ने कुर्सी का सहारा लेकर छत के सबसे ऊपर लगे दरवाजे को अंदर से खोला और फिर आराम से घर के भीतर दाखिल हो गया। इसके बाद उसने सीधे उस कमरे का रुख किया, जहां गोदरेज और पर्स रखा हुआ था। दोनों को खोलकर उसने सोना-चांदी के जेवरात समेट लिए, जिससे परिवार को करीब 2 लाख रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, नीचे स्थित दुकान से कोई सामान चोरी नहीं हुआ, जिससे स्पष्ट है कि चोर की नजर सिर्फ घर में रखे कीमती जेवरात पर थी। सुबह करीब 8 बजे, जब घर की महिला सदस्य चाय लेकर ऊपर पहुंचीं, तो देखा कि दरवाजा खुला है। पूछने पर जब किसी को इसकी जानकारी नहीं मिली, तब अनहोनी की आशंका गहराई। छत पर पैर के निशान, फटा हुआ पर्स और खुला गोदरेज देखकर परिवार को चोरी का एहसास हुआ। पीड़ित उत्तम कुमार भगत, जो मूल रूप से सरोनी बाजार के रहने वाले हैं और पिछले 8 वर्षों से यहां मकान खरीदकर रह रहे हैं, ने कहा कि “अब तो लगता है कि बीच बाजार में रहना भी सुरक्षित नहीं रहा। एक दिन भी घर छोड़कर बाहर जाना खतरे से खाली नहीं है।” सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि घटना स्थल के आसपास कहीं भी सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा, जबकि दुकान में कैमरा मौजूद है। लेकिन चोर ने दुकान में प्रवेश नहीं किया, जिससे कैमरे में कोई फुटेज नहीं मिल सका। पीड़ित परिवार ने नगर थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है और पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि अगर बीच बाजार की यह हालत है, तो गलियों और मोहल्लों की सुरक्षा की कल्पना करना ही बेकार है। यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो चोरों के हौसले और बुलंद होंगे और आम लोगों की रातों की नींद यूं ही उड़ती रहेगी।
बीच बाजार बेखौफ चोर, सोती रही सुरक्षा व्यवस्था — तीसरी मंजिल चढ़कर दो लाख की चोरी बीच बाजार, भीड़-भाड़, दुकानें, आवाजाही और पुलिस गश्ती — इन सबके बीच अगर कोई यह मान ले कि उसका घर सुरक्षित है, तो शायद यह उसकी सबसे बड़ी भूल हो सकती है। गोड्डा शहर के गांगटा चौक स्थित उत्तम ज्वेलर्स के ऊपर बने आवास में सोमवार देर रात हुई चोरी की घटना ने यही कड़वी सच्चाई सामने रख दी है। यह वारदात न सिर्फ चोरों की बेखौफ हिम्मत को दर्शाती है, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी करारा व्यंग्य करती है। सोमवार रात करीब 10:11 बजे, जब परिवार के सभी सदस्य दुकान बंद कर नीचे वाले फ्लोर पर सो रहे थे, उसी वक्त चोर ने बगल के चादरा के घर का सहारा लिया। पहले वह छत पर चढ़ा, फिर वहां से एक अन्य नवनिर्मित मकान होते हुए छलांग दर छलांग तीसरी मंजिल तक पहुंच गया। वहां रेलिंग पर उसके पैरों के साफ निशान मिले हैं, जो उसकी दुस्साहसिक चढ़ाई की कहानी खुद बयां करते हैं। तीसरी मंजिल पर पहुंचकर चोर ने कुर्सी का सहारा लेकर छत के सबसे ऊपर लगे दरवाजे को अंदर से खोला और फिर आराम से घर के भीतर दाखिल हो गया। इसके बाद उसने सीधे उस कमरे का रुख किया, जहां गोदरेज और पर्स रखा हुआ था। दोनों को खोलकर उसने सोना-चांदी के जेवरात समेट लिए, जिससे परिवार को करीब 2 लाख रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, नीचे स्थित दुकान से कोई सामान चोरी नहीं हुआ, जिससे स्पष्ट है कि चोर की नजर सिर्फ घर में रखे कीमती जेवरात पर थी। सुबह करीब 8 बजे, जब घर की महिला सदस्य चाय लेकर ऊपर पहुंचीं, तो देखा कि दरवाजा खुला है। पूछने पर जब किसी को इसकी जानकारी नहीं मिली, तब अनहोनी की आशंका गहराई। छत पर पैर के निशान, फटा हुआ पर्स और खुला गोदरेज देखकर परिवार को चोरी का एहसास हुआ। पीड़ित उत्तम कुमार भगत, जो मूल रूप से सरोनी बाजार के रहने वाले हैं और पिछले 8 वर्षों से यहां मकान खरीदकर रह रहे हैं, ने कहा कि “अब तो लगता है कि बीच बाजार में रहना भी सुरक्षित नहीं रहा। एक दिन भी घर छोड़कर बाहर जाना खतरे से खाली नहीं है।” सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि घटना स्थल के आसपास कहीं भी सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा, जबकि दुकान में कैमरा मौजूद है। लेकिन चोर ने दुकान में प्रवेश नहीं किया, जिससे कैमरे में कोई फुटेज नहीं मिल सका। पीड़ित परिवार ने नगर थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है और पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि अगर बीच बाजार की यह हालत है, तो गलियों और मोहल्लों की सुरक्षा की कल्पना करना ही बेकार है। यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो चोरों के हौसले और बुलंद होंगे और आम लोगों की रातों की नींद यूं ही उड़ती रहेगी। बीच बाजार बेखौफ चोर, सोती रही सुरक्षा व्यवस्था — तीसरी मंजिल चढ़कर दो लाख की चोरी बीच बाजार, भीड़-भाड़, दुकानें, आवाजाही और पुलिस गश्ती — इन सबके बीच अगर कोई यह मान ले कि उसका घर सुरक्षित है, तो शायद यह उसकी सबसे बड़ी भूल हो सकती है। गोड्डा शहर के गांगटा चौक स्थित उत्तम ज्वेलर्स के ऊपर बने आवास में सोमवार देर रात हुई चोरी की घटना ने यही कड़वी सच्चाई सामने रख दी है। यह वारदात न सिर्फ चोरों की बेखौफ हिम्मत को दर्शाती है, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी करारा व्यंग्य करती है। सोमवार रात करीब 10:11 बजे, जब परिवार के सभी सदस्य दुकान बंद कर नीचे वाले फ्लोर पर सो रहे थे, उसी वक्त चोर ने बगल के चादरा के घर का सहारा लिया। पहले वह छत पर चढ़ा, फिर वहां से एक अन्य नवनिर्मित मकान होते हुए छलांग दर छलांग तीसरी मंजिल तक पहुंच गया। वहां रेलिंग पर उसके पैरों के साफ निशान मिले हैं, जो उसकी दुस्साहसिक चढ़ाई की कहानी खुद बयां करते हैं। तीसरी मंजिल पर पहुंचकर चोर ने कुर्सी का सहारा लेकर छत के सबसे ऊपर लगे दरवाजे को अंदर से खोला और फिर आराम से घर के भीतर दाखिल हो गया। इसके बाद उसने सीधे उस कमरे का रुख किया, जहां गोदरेज और पर्स रखा हुआ था। दोनों को खोलकर उसने सोना-चांदी के जेवरात समेट लिए, जिससे परिवार को करीब 2 लाख रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, नीचे स्थित दुकान से कोई सामान चोरी नहीं हुआ, जिससे स्पष्ट है कि चोर की नजर सिर्फ घर में रखे कीमती जेवरात पर थी। सुबह करीब 8 बजे, जब घर की महिला सदस्य चाय लेकर ऊपर पहुंचीं, तो देखा कि दरवाजा खुला है। पूछने पर जब किसी को इसकी जानकारी नहीं मिली, तब अनहोनी की आशंका गहराई। छत पर पैर के निशान, फटा हुआ पर्स और खुला गोदरेज देखकर परिवार को चोरी का एहसास हुआ। पीड़ित उत्तम कुमार भगत, जो मूल रूप से सरोनी बाजार के रहने वाले हैं और पिछले 8 वर्षों से यहां मकान खरीदकर रह रहे हैं, ने कहा कि “अब तो लगता है कि बीच बाजार में रहना भी सुरक्षित नहीं रहा। एक दिन भी घर छोड़कर बाहर जाना खतरे से खाली नहीं है।” सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि घटना स्थल के आसपास कहीं भी सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा, जबकि दुकान में कैमरा मौजूद है। लेकिन चोर ने दुकान में प्रवेश नहीं किया, जिससे कैमरे में कोई फुटेज नहीं मिल सका। पीड़ित परिवार ने नगर थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है और पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि अगर बीच बाजार की यह हालत है, तो गलियों और मोहल्लों की सुरक्षा की कल्पना करना ही बेकार है। यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो चोरों के हौसले और बुलंद होंगे और आम लोगों की रातों की नींद यूं ही उड़ती रहेगी।
- बीच बाजार बेखौफ चोर, सोती रही सुरक्षा व्यवस्था — तीसरी मंजिल चढ़कर दो लाख की चोरी बीच बाजार, भीड़-भाड़, दुकानें, आवाजाही और पुलिस गश्ती — इन सबके बीच अगर कोई यह मान ले कि उसका घर सुरक्षित है, तो शायद यह उसकी सबसे बड़ी भूल हो सकती है। गोड्डा शहर के गांगटा चौक स्थित उत्तम ज्वेलर्स के ऊपर बने आवास में सोमवार देर रात हुई चोरी की घटना ने यही कड़वी सच्चाई सामने रख दी है। यह वारदात न सिर्फ चोरों की बेखौफ हिम्मत को दर्शाती है, बल्कि शहर की सुरक्षा व्यवस्था पर भी करारा व्यंग्य करती है। सोमवार रात करीब 10:11 बजे, जब परिवार के सभी सदस्य दुकान बंद कर नीचे वाले फ्लोर पर सो रहे थे, उसी वक्त चोर ने बगल के चादरा के घर का सहारा लिया। पहले वह छत पर चढ़ा, फिर वहां से एक अन्य नवनिर्मित मकान होते हुए छलांग दर छलांग तीसरी मंजिल तक पहुंच गया। वहां रेलिंग पर उसके पैरों के साफ निशान मिले हैं, जो उसकी दुस्साहसिक चढ़ाई की कहानी खुद बयां करते हैं। तीसरी मंजिल पर पहुंचकर चोर ने कुर्सी का सहारा लेकर छत के सबसे ऊपर लगे दरवाजे को अंदर से खोला और फिर आराम से घर के भीतर दाखिल हो गया। इसके बाद उसने सीधे उस कमरे का रुख किया, जहां गोदरेज और पर्स रखा हुआ था। दोनों को खोलकर उसने सोना-चांदी के जेवरात समेट लिए, जिससे परिवार को करीब 2 लाख रुपये का नुकसान हुआ। हालांकि, नीचे स्थित दुकान से कोई सामान चोरी नहीं हुआ, जिससे स्पष्ट है कि चोर की नजर सिर्फ घर में रखे कीमती जेवरात पर थी। सुबह करीब 8 बजे, जब घर की महिला सदस्य चाय लेकर ऊपर पहुंचीं, तो देखा कि दरवाजा खुला है। पूछने पर जब किसी को इसकी जानकारी नहीं मिली, तब अनहोनी की आशंका गहराई। छत पर पैर के निशान, फटा हुआ पर्स और खुला गोदरेज देखकर परिवार को चोरी का एहसास हुआ। पीड़ित उत्तम कुमार भगत, जो मूल रूप से सरोनी बाजार के रहने वाले हैं और पिछले 8 वर्षों से यहां मकान खरीदकर रह रहे हैं, ने कहा कि “अब तो लगता है कि बीच बाजार में रहना भी सुरक्षित नहीं रहा। एक दिन भी घर छोड़कर बाहर जाना खतरे से खाली नहीं है।” सबसे चिंताजनक पहलू यह है कि घटना स्थल के आसपास कहीं भी सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा, जबकि दुकान में कैमरा मौजूद है। लेकिन चोर ने दुकान में प्रवेश नहीं किया, जिससे कैमरे में कोई फुटेज नहीं मिल सका। पीड़ित परिवार ने नगर थाना में आवेदन देकर कार्रवाई की मांग की है और पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहा है। वहीं स्थानीय लोगों में घटना को लेकर भारी नाराजगी है। लोगों का कहना है कि अगर बीच बाजार की यह हालत है, तो गलियों और मोहल्लों की सुरक्षा की कल्पना करना ही बेकार है। यह घटना प्रशासन के लिए चेतावनी है कि यदि जल्द ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो चोरों के हौसले और बुलंद होंगे और आम लोगों की रातों की नींद यूं ही उड़ती रहेगी।1
- नरेंद्र नारायण उर्फ नारायण मंडल ने गोड्डा नगर अध्यक्ष के लिए चुनावी यात्रा प्रारंभ करती है और जनता से जाकर वोट मांग रही है देखिए विशेष रिपोर्ट क्या कहते हैं कैसे बदलेंगे गोड्डा को,?1
- Post by Akshay1
- गुप्त रोग शीघ्रपतन शुक्राणु स्वप्नदोष मर्दाना ताकत फायदा नहीं तो डबल पैसा वापस 100% गारंटी के साथ संपर्क करें डॉक्टर पंकज कुमार 9572291304, 70910778981
- गोला चौक के पास से ई-रिक्शा चोरी, लोगों की सतर्कता से आरोपी धराया, पुलिस ने आरोपी और ई रिक्शा किया लाया थाना। अमरपुर के गोला चौक के समीप सोमवार की शाम लगभग 6:00 बजे ई-रिक्शा चोरी की एक घटना सामने आई। जानकारी के अनुसार ई-रिक्शा स्वामी अपनी रिक्शा लेकर गोल चौक के पास आया था और सड़क किनारे खड़ी कर आसपास किसी काम से चला गया।1
- (बिहार बांका )जिले के शंभुगंज थाना क्षेत्र में हुए आयुष हत्याकांड में पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है। इस सनसनीखेज हत्याकांड में फरार चल रहे नामजद आरोपी को पुलिस ने असम से गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार अभियुक्त गुलनीगांव निवासी अमरजीत कुमार है, जो घटना के बाद से लगातार फरार था।1
- बिहार झारखंड सीमावर्ती क्षेत्र में लश्करी चक्र एवं धोबियाचक के ग्रामीण सड़क एवं नल नहीं होने के कारण ग्रामीण परेशान कोई जनप्रतिनिधि क्यों नहीं ध्यान दे रहे क्या ग्रामीण इसी प्रकार परेशान रहेंगे ग्रामीण का यह भी कहना है जनप्रतिनिधि वोट के समय आते हैं बाकी समय भूल जाते हैं1
- गोड्डा नगर निकाय चुनाव जनता से खाश बात चित किया हेइरादा अबकी बार ग्राउंड 0से सुनिए क्या कहते हैं माहौल देखने को किया मिला विकास1