कोडरमा में भाजपा विधायक नीरा यादव के निजी चालक श्री राजकुमार यादव की हत्या से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। बीती रात करीब 9:30 बजे चितरपुर निवासी राजकुमार यादव, जो विधायक के निजी सहायक और निजी चालक के रूप में कार्यरत थे, की हत्या कर दी गई। इस जघन्य घटना में उनके पिताजी, मां और पुत्री भी घायल हो गए हैं, जिनमें पिताजी की स्थिति अत्यंत नाजुक बताई जा रही है। विधायक के अनुसार, शाम को भी आरोपियों ने राजकुमार की मां को एक गड्ढे में डालकर मिट्टी से भरकर दफनाने का प्रयास किया था। विधायक नीरा यादव ने बताया कि उन्होंने शाम को ही कोडरमा थाना प्रभारी को फोन कर मामले में तुरंत कार्रवाई करने को कहा था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और इसी के परिणामस्वरूप इस घटना को अंजाम दे दिया गया। उन्होंने पूरे मामले में कोडरमा थाना प्रभारी की भूमिका को संदिग्ध बताते हुए पुलिस प्रशासन के रवैये को अत्यंत निराशाजनक करार दिया है। यह घटना राज्य में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को उजागर करती है।
कोडरमा में भाजपा विधायक नीरा यादव के निजी चालक श्री राजकुमार यादव की हत्या से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। बीती रात करीब 9:30 बजे चितरपुर निवासी राजकुमार यादव, जो विधायक के निजी सहायक और निजी चालक के रूप में कार्यरत थे, की हत्या कर दी गई। इस जघन्य घटना में उनके पिताजी, मां और पुत्री भी घायल हो गए हैं, जिनमें पिताजी की स्थिति अत्यंत नाजुक बताई जा रही है। विधायक के अनुसार, शाम को भी आरोपियों ने राजकुमार की मां को एक गड्ढे में डालकर मिट्टी से भरकर दफनाने का प्रयास किया था। विधायक नीरा यादव ने बताया कि उन्होंने शाम को ही कोडरमा थाना प्रभारी को फोन कर मामले में तुरंत कार्रवाई करने को कहा था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और इसी के परिणामस्वरूप इस घटना को अंजाम दे दिया गया। उन्होंने पूरे मामले में कोडरमा थाना प्रभारी की भूमिका को संदिग्ध बताते हुए पुलिस प्रशासन के रवैये को अत्यंत निराशाजनक करार दिया है। यह घटना राज्य में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को उजागर करती है।
- हजारीबाग के विभिन्न थाना परिसर में एसआईएस लिमिटेड कंपनी द्वारा सुरक्षा जवान के पद पर सीधी और स्थाई नियुक्तियां की जा रही हैं। इस अवसर पर युवाओं को 65 वर्षों तक स्थाई नौकरी का लाभ मिलेगा, जिसके साथ सरकारी सुविधाओं जैसी कई अन्य लाभ भी प्रदान किए जाएंगे। इन सुविधाओं में भविष्य निधि (PF), चिकित्सा (MEDICAL), ग्रेच्युटी (GRATUITY), पेंशन (PENSION), बीमा (INSURANCE), बोनस (BONUS), सेवा और स्कूल सुविधा (SCHOOL FECILITY) शामिल हैं। इच्छुक उम्मीदवार अधिक जानकारी के लिए 9800089697 पर संपर्क कर सकते हैं।1
- जानकारी दी गई है कि मशीन का रखरखाव कार्य चल रहा है, और इसके साथ ही, उनका काम भी शुरू हो गया है।1
- झारखंड के हजारीबाग में पिछले छह दिनों से गूंज रहे दो मासूम बच्चों की गुमशुदगी के सवाल का अब जवाब मिल गया है, जहां एक 11 वर्षीय बच्ची और उसके तीन साल के भाई की हत्या का खुलासा हुआ है। इस हृदयविदारक घटना में एक दरिंदा, जो दोस्त बनकर आया था, वही हैवान निकला है। इन मासूमों की गुमशुदगी ने पहले पूरे हजारीबाग जिले में डर फैलाया था और फिर कुछ ही घंटों में पूरे जिले को मातम में बदल दिया था। बच्चों का परिवार उनकी सकुशल वापसी की उम्मीद लगाए बैठा था, लेकिन उन्हें इस बात का जरा भी इल्म नहीं था कि जिस पर उन्होंने भरोसा किया था, उसी दरिंदे ने उनकी दुनिया को हमेशा के लिए उजाड़ दिया है।1
- कोडरमा जिले के कटिया में क्रिकेट खेलने के दौरान वज्रपात की चपेट में आए कुछ अन्य घायलों को इलाज के लिए सदर अस्पताल भेजा गया। इन घायलों का पहले एक निजी क्लिनिक में उपचार किया गया था, जिसके बाद देर शाम उन्हें सदर अस्पताल रेफर कर दिया गया।1
- हज़ारीबाग से सिलीगुड़ी के लिए अब लग्जरी बस सेवा उपलब्ध है, जिसे पम्मी ट्रेवलर्स ने शुरू किया है। इस नई सेवा के माध्यम से यात्रियों को दोनों शहरों के बीच यात्रा का विकल्प मिलेगा।1
- कोडरमा में भाजपा विधायक नीरा यादव के निजी चालक श्री राजकुमार यादव की हत्या से पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। बीती रात करीब 9:30 बजे चितरपुर निवासी राजकुमार यादव, जो विधायक के निजी सहायक और निजी चालक के रूप में कार्यरत थे, की हत्या कर दी गई। इस जघन्य घटना में उनके पिताजी, मां और पुत्री भी घायल हो गए हैं, जिनमें पिताजी की स्थिति अत्यंत नाजुक बताई जा रही है। विधायक के अनुसार, शाम को भी आरोपियों ने राजकुमार की मां को एक गड्ढे में डालकर मिट्टी से भरकर दफनाने का प्रयास किया था। विधायक नीरा यादव ने बताया कि उन्होंने शाम को ही कोडरमा थाना प्रभारी को फोन कर मामले में तुरंत कार्रवाई करने को कहा था, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और इसी के परिणामस्वरूप इस घटना को अंजाम दे दिया गया। उन्होंने पूरे मामले में कोडरमा थाना प्रभारी की भूमिका को संदिग्ध बताते हुए पुलिस प्रशासन के रवैये को अत्यंत निराशाजनक करार दिया है। यह घटना राज्य में कानून व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को उजागर करती है।1
- झारखंड में दो मासूमों के हत्यारे को 24 घंटे के भीतर पकड़ लिया गया है। पुलिस की कार्रवाई इतनी सख्त थी कि आरोपी को 'पैरों पर चलने लायक नहीं छोड़ा गया'। इस घटना के बाद से, आरोपी को फांसी दिए जाने की मांग और भी तेज़ हो गई है।1