आजमगढ़: मसीरपुर बाजार में जमीन कब्जे को लेकर भारी बवाल, 250 लोगों के साथ दबंगई का आरोप आजमगढ़ l जिले के लालगंज क्षेत्र स्थित मसीरपुर बाजार में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक विवादित जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई। आरोप है कि दबंगों ने सैकड़ों की संख्या में बाहरी लोगों के साथ मिलकर जबरन जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और विरोध करने पर पीड़ितों के साथ मारपीट की। घटना का पूरा विवरण पीड़ित पक्ष के अनुसार, शनिवार को संजय सिंह नामक व्यक्ति अपने साथ करीब 200 से 250 अज्ञात लोगों को लेकर मसीरपुर बाजार पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ये लोग पूरी तैयारी के साथ आए थे। उन्होंने विवादित स्थल पर बने निर्माण को निशाना बनाया और घर के भीतर रखा सारा सामान सड़क पर फेंक दिया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो भीड़ ने उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। इस दौरान महिलाओं और बच्चों में भी दहशत का माहौल देखा गया। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल इस पूरी घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हैं और अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। लोग सामान बाहर फेंकते और मारपीट करते नजर आ रहे हैं। इस वीडियो के वायरल होने के बाद स्थानीय प्रशासन पर भी सवाल उठने लगे हैं। कोर्ट में लंबित है मामला विवाद का मुख्य कारण जमीन का मालिकाना हक बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, यह मामला पहले से ही न्यायालय में लंबित है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि जब मामला कोर्ट में है, तो पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी के बिना इस तरह की कार्रवाई सरासर अवैध और दबंगई है। पुलिस की कार्रवाई हंगामे की सूचना मिलते ही देवगांव थाना पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस के आने तक हमलावर वहां से हट चुके थे। पुलिस ने वायरल वीडियो और पीड़ितों के बयान के आधार पर जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष देवगांव का बयान: > "हमें मसीरपुर बाजार में जमीन विवाद की सूचना मिली थी। पुलिस टीम तुरंत मौके पर भेजी गई। वर्तमान में स्थिति नियंत्रण में है। वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।"
आजमगढ़: मसीरपुर बाजार में जमीन कब्जे को लेकर भारी बवाल, 250 लोगों के साथ दबंगई का आरोप आजमगढ़ l जिले के लालगंज क्षेत्र स्थित मसीरपुर बाजार में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक विवादित जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई। आरोप है कि दबंगों ने सैकड़ों की संख्या में बाहरी लोगों के साथ मिलकर जबरन जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और विरोध करने पर पीड़ितों के साथ मारपीट की। घटना का पूरा विवरण पीड़ित पक्ष के अनुसार, शनिवार को संजय सिंह नामक व्यक्ति अपने साथ करीब 200 से 250 अज्ञात लोगों को लेकर मसीरपुर बाजार पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ये लोग पूरी तैयारी के साथ आए थे। उन्होंने विवादित स्थल पर बने निर्माण को निशाना बनाया और घर के भीतर रखा सारा सामान सड़क पर फेंक दिया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो भीड़ ने उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। इस दौरान महिलाओं और बच्चों में भी दहशत का माहौल देखा गया। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल इस पूरी घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हैं और अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। लोग सामान बाहर फेंकते और मारपीट करते नजर आ रहे हैं। इस वीडियो के वायरल होने के बाद स्थानीय प्रशासन पर भी सवाल उठने लगे हैं। कोर्ट में लंबित है मामला विवाद का मुख्य कारण जमीन का मालिकाना हक बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, यह मामला पहले से ही न्यायालय में लंबित है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि जब मामला कोर्ट में है, तो पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी के बिना इस तरह की कार्रवाई सरासर अवैध और दबंगई है। पुलिस की कार्रवाई हंगामे की सूचना मिलते ही देवगांव थाना पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस के आने तक हमलावर वहां से हट चुके थे। पुलिस ने वायरल वीडियो और पीड़ितों के बयान के आधार पर जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष देवगांव का बयान: > "हमें मसीरपुर बाजार में जमीन विवाद की सूचना मिली थी। पुलिस टीम तुरंत मौके पर भेजी गई। वर्तमान में स्थिति नियंत्रण में है। वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।"
- आजमगढ़ l जिले के लालगंज क्षेत्र स्थित मसीरपुर बाजार में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक विवादित जमीन पर कब्जे को लेकर दो पक्षों में हिंसक झड़प हो गई। आरोप है कि दबंगों ने सैकड़ों की संख्या में बाहरी लोगों के साथ मिलकर जबरन जमीन पर कब्जा करने की कोशिश की और विरोध करने पर पीड़ितों के साथ मारपीट की। घटना का पूरा विवरण पीड़ित पक्ष के अनुसार, शनिवार को संजय सिंह नामक व्यक्ति अपने साथ करीब 200 से 250 अज्ञात लोगों को लेकर मसीरपुर बाजार पहुंचे। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि ये लोग पूरी तैयारी के साथ आए थे। उन्होंने विवादित स्थल पर बने निर्माण को निशाना बनाया और घर के भीतर रखा सारा सामान सड़क पर फेंक दिया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि जब उन्होंने इसका विरोध किया, तो भीड़ ने उनके साथ गाली-गलौज और मारपीट शुरू कर दी। इस दौरान महिलाओं और बच्चों में भी दहशत का माहौल देखा गया। वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल इस पूरी घटना का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि किस तरह बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हैं और अफरा-तफरी का माहौल बना हुआ है। लोग सामान बाहर फेंकते और मारपीट करते नजर आ रहे हैं। इस वीडियो के वायरल होने के बाद स्थानीय प्रशासन पर भी सवाल उठने लगे हैं। कोर्ट में लंबित है मामला विवाद का मुख्य कारण जमीन का मालिकाना हक बताया जा रहा है। जानकारी के अनुसार, यह मामला पहले से ही न्यायालय में लंबित है। पीड़ित पक्ष का कहना है कि जब मामला कोर्ट में है, तो पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी के बिना इस तरह की कार्रवाई सरासर अवैध और दबंगई है। पुलिस की कार्रवाई हंगामे की सूचना मिलते ही देवगांव थाना पुलिस भारी बल के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस के आने तक हमलावर वहां से हट चुके थे। पुलिस ने वायरल वीडियो और पीड़ितों के बयान के आधार पर जांच शुरू कर दी है। थानाध्यक्ष देवगांव का बयान: > "हमें मसीरपुर बाजार में जमीन विवाद की सूचना मिली थी। पुलिस टीम तुरंत मौके पर भेजी गई। वर्तमान में स्थिति नियंत्रण में है। वायरल वीडियो की जांच की जा रही है और दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। किसी को भी कानून हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।"1
- #स्कूल चलो अभियान की शानदार प्रस्तुति ने जीता दिल ग्रामीण परिवेश में #शिक्षा के महत्व को उजागर करते हुए “स्कूल चलो अभियान” पर एक बेहद शानदार और मनोरंजक प्रस्तुति देखने को मिली। इस कार्यक्रम में कलाकारों ने सरकारी विद्यालय और प्राइवेट विद्यालय के बीच के अंतर को बेहद रोचक अंदाज़ में दिखाया। खास आकर्षण रहे मेल्हू काका, झिंगन और सोनू, जिन्होंने भोजपुरी अंदाज़ में ऐसी दमदार प्रस्तुति दी कि दर्शक हँसी और तालियों से झूम उठे। नाटक के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि शिक्षा हर बच्चे का अधिकार है और सरकारी स्कूल भी बेहतर विकल्प हो सकते हैं, बस जरूरत है सही सोच और जागरूकता की। कार्यक्रम ने न सिर्फ मनोरंजन किया, बल्कि समाज को एक मजबूत संदेश भी दिया — “हर बच्चा स्कूल जाए, तभी देश आगे बढ़े” 🇮🇳 #SchoolChaloAbhiyan #EducationForAll #BhojpuriPerformance #Awareness #ViralVideo1
- आजमगढ़ के थाना मेंहनगर क्षेत्र में बारजा (निकास/रास्ता) को लेकर हुए विवाद ने गंभीर रूप ले लिया, जहां चचेरे भाई ने चाकू से हमला कर एक व्यक्ति को घायल कर दिया। घायल को उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलते ही क्षेत्राधिकारी लालगंज श्री भूपेश कुमार पाण्डेय एवं थाना प्रभारी मेंहनगर मौके पर पहुंचे और घटनास्थल का निरीक्षण किया। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए त्वरित कार्रवाई शुरू कर दी है। परिजनों की तहरीर के आधार पर नामजद अभियुक्त के विरुद्ध सुसंगत धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। आरोपी की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों का गठन कर दिया गया है और आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है। इस संबंध में क्षेत्राधिकारी लालगंज श्री भूपेश कुमार पाण्डेय ने बताया कि जल्द ही अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया जाएगा और मामले में कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।1
- Post by RISHI RAI1
- *“हाल-ए-तहसील आलापुर: अतिक्रमण, अव्यवस्था और आरोपों के बीच प्रशासन पर उठे गंभीर सवाल”* *दोहरे मापदंड,नामांतरण में देरी, बाहरी कर्मियों का कब्जा और जर्जर सड़कें—आखिर कब जागेगा प्रशासन?* *“जहां कानून का राज होना चाहिए, वहां सवालों का अंबार क्यों?”* *तहसील आलापुर इन दिनों प्रशासनिक कार्यशैली को लेकर गंभीर सवालों के घेरे में है। सरकारी जमीनों पर बढ़ते अवैध अतिक्रमण, चयनात्मक कार्रवाई, नामांतरण में* *लापरवाही और बाहरी कर्मियों की सक्रियता ने पूरे सिस्टम की पारदर्शिता पर सवाल खड़े कर दिए हैं।* *अतिक्रमण पर कार्रवाई या दिखावा?* *आलापुर क्षेत्र में सरकारी जमीनों पर अवैध कब्जे लगातार बढ़ रहे हैं, लेकिन कार्रवाई के नाम पर केवल कमजोर और असहाय लोगों को ही निशाना बनाए जाने के आरोप लग रहे हैं।* *सिपाह बाजार में जहां एक शिकायत पर 56 लोगों के अस्थायी अतिक्रमण को जेसीबी से हटवा दिया गया, वहीं धनुकारा गांव में दर्जनों अतिक्रमणकारियों के खिलाफ कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।* *सवाल यह उठता है—क्या कार्रवाई नियम से हो रही है या “चयन” से?* *दोहरे मापदंड की चर्चा तेज* *उपजिलाधिकारी की* *कार्यप्रणाली पर दोहरे मापदंड अपनाने के आरोप खुलकर सामने आ रहे हैं।* *एक ओर पूरे बाजार पर बुलडोजर चलता है, तो दूसरी ओर कुछ खास मामलों में सिर्फ एक व्यक्ति को ही निशाना बनाया जाता है, जबकि बाकीहै अतिक्रमण जस के तस बने रहते हैं।* *तहसील में ‘बाहरी सिस्टम’ हावी* *तहसील कार्यालय में सरकारी कर्मचारियों के बजाय बाहरी और निजी लोगों का दबदबा बताया जा रहा है।* *ये लोग न सिर्फ फाइलों को संभाल रहे हैं, बल्कि आरोप है कि गोपनीय दस्तावेजों तक की जानकारी बाहर पहुंच रही है।* *इससे आम फरियादी परेशान हैं और “काम करवाने” के लिए जेब ढीली करने को मजबूर।* *नामांतरण बना सिरदर्द* *आलापुर तहसील में नामांतरण (दाखिल-खारिज) की प्रक्रिया भी सवालों के घेरे में है।* *निर्विवाद मामलों में भी महीनों तक फैसला नहीं हो पा रहा, जिससे खरीदार और विक्रेता दोनों परेशान हैं।* *हालत यह है कि अब लोग जमीन की रजिस्ट्री कराने से भी कतराने लगे हैं—जिससे सरकारी राजस्व को भी नुकसान हो रहा है।* *चिराग तले अंधेरा—सड़कें बदहाल* *तहसील और ब्लॉक मुख्यालय से सटे गांवों की सड़कें बदहाली की कहानी बयां कर रही हैं।* *सिपाह और अन्नापुर में बनी सड़कें एक साल के भीतर ही गड्ढों में तब्दील हो गईं, लेकिन मरम्मत तक नहीं कराई जा रही।* *ग्रामीणों का कहना है—“यह विकास नहीं, दिखावा है।”* *आरसी सेंटर योजना भी फंसी* सिपाह ग्राम पंचायत में प्रस्तावित आरसी सेंटर का निर्माण भी अतिक्रमण और प्रशासनिक उदासीनता के चलते अटका हुआ है। पेड़ों की नीलामी और भूमि खाली कराने की प्रक्रिया महीनों से फाइलों में ही उलझी हुई है। जमाखोरी और महंगाई का खेल रामनगर, जहांगीरगंज और आसपास के बाजारों में तंबाकू उत्पादों की कालाबाजारी भी सामने आई है। निर्माता कंपनियों द्वारा दाम न बढ़ाने के बावजूद बाजार में मनमानी कीमतें वसूली जा रही हैं। जिम्मेदार विभागों की चुप्पी से जमाखोरों के हौसले बुलंद हैं। जनता का सवाल—जवाब कौन देगा? कब हटेगा अवैध अतिक्रमण का जाल? कब खत्म होगी चयनात्मक कार्रवाई? कब सुधरेगी तहसील की कार्यप्रणाली? अब देखना यह होगा कि जिम्मेदार अधिकारी इन गंभीर आरोपों पर क्या कदम उठाते हैं या फिर यह मुद्दा भी अन्य मामलों की तरह फाइलों में दबकर रह जाएगा।1
- अम्बेडकरनगर पुलिस अधीक्षक अभिजीत आर. शंकर का देवरिया जनपद स्थानांतरण हो जाने के उपरांत आज पुलिस लाइन अंबेडकरनगर में विदाई समारोह का आयोजन कर विदाई किया गया।1
- Post by Deepak Srivastava2
- Post by विनोद मौर्य BRP गोरखपुर1