बड़वानी में शासकीय कन्या अजा महाविद्यालय छात्रावास क्रमांक 1 और 2 की 50 से अधिक छात्राएं वार्डन पर राशन में कटौती, दुर्व्यवहार और मूलभूत सुविधाओं की कमी के गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं। हालांकि, उन्हें वहां से निराशा ही हाथ लगी, क्योंकि करीब दो घंटे इंतजार के बाद एक अधिकारी ने केवल उनका ज्ञापन लिया और समाधान का आश्वासन देकर उन्हें वापस भेज दिया, जिसके बाद छात्राएं पैदल ही छात्रावास लौट गईं। छात्राओं ने अपनी कई समस्याओं का खुलासा किया। छात्रा जागृति सोलंकी ने बताया कि छात्रावास में पानी की गंभीर किल्लत है; ट्यूबवेल केवल 30 मिनट चलता है और कभी-कभी वह भी बंद रहता है, जिससे पीने का पानी नहीं बचता और गर्मी में 100 से अधिक छात्राओं के लिए यह बड़ी समस्या है। वार्डन ने पानी के बर्तन (रांझण) लाने का आश्वासन दिया था, जो गर्मी बीतने के बाद भी पूरा नहीं हुआ। छात्राओं का यह भी आरोप है कि पिछले पांच साल से उन्हें नए गद्दे और चादर नहीं मिले हैं, जबकि तीन साल पहले कंप्यूटर आने के बावजूद वाईफाई का रिचार्ज आज तक नहीं कराया गया। नए पंखे लगाने का सहायक आयुक्त का आश्वासन भी पूरा नहीं हुआ। इसके अतिरिक्त, आधी से अधिक छात्राओं को छह-सात महीने से छात्रवृत्ति और 10वीं की राशि भी नहीं मिली है। छात्राओं के अनुसार, पहले उन्हें 12 किलो गेहूं और 2 किलो चावल मिलता था, जो अब घटाकर 6-7 किलो गेहूं और 1 किलो चावल कर दिया गया है। जब वार्डन वंदना चौहान से इस बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कथित तौर पर कहा कि "राशन लाने का किराया कौन देगा?" छात्राओं का यह भी आरोप है कि वार्डन आधा राशन खुद रख लेती हैं। छात्रा चांदनी सोलंकी ने वार्डन पर अभद्र व्यवहार का भी आरोप लगाया और बताया कि लाइब्रेरी में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवश्यक किताबों की जगह अनुपयोगी पुस्तकें रखी हुई हैं। इन गंभीर आरोपों के बीच छात्राओं ने वार्डन को उनके पद से हटाने की मांग की है। वहीं, वार्डन वंदना चौहान ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि बजट की कमी के कारण दिक्कतें आ रही हैं और उन्हें आवश्यक बजट नहीं मिल रहा है। वार्डन के अनुसार, पिछले तीन दिनों से पानी की किल्लत है, लेकिन बाकी समय सभी सुविधाएं दी जा रही हैं।
बड़वानी में शासकीय कन्या अजा महाविद्यालय छात्रावास क्रमांक 1 और 2 की 50 से अधिक छात्राएं वार्डन पर राशन में कटौती, दुर्व्यवहार और मूलभूत सुविधाओं की कमी के गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं। हालांकि, उन्हें वहां से निराशा ही हाथ लगी, क्योंकि करीब दो घंटे इंतजार के बाद एक अधिकारी ने केवल उनका ज्ञापन लिया और समाधान का आश्वासन देकर उन्हें वापस भेज दिया, जिसके बाद छात्राएं पैदल ही छात्रावास लौट गईं। छात्राओं ने अपनी कई समस्याओं का खुलासा किया। छात्रा जागृति सोलंकी ने बताया कि छात्रावास में पानी की गंभीर किल्लत है; ट्यूबवेल केवल 30 मिनट चलता है और कभी-कभी वह भी बंद रहता है, जिससे पीने का पानी नहीं बचता और गर्मी में 100 से अधिक छात्राओं के लिए यह बड़ी समस्या है। वार्डन ने पानी के बर्तन (रांझण) लाने का आश्वासन दिया था, जो गर्मी बीतने के बाद भी पूरा नहीं हुआ। छात्राओं का यह भी आरोप है कि पिछले पांच साल से उन्हें नए गद्दे और चादर नहीं मिले हैं, जबकि तीन साल पहले कंप्यूटर आने के बावजूद वाईफाई का रिचार्ज आज तक नहीं कराया गया। नए पंखे लगाने का सहायक आयुक्त का आश्वासन भी पूरा नहीं हुआ। इसके अतिरिक्त, आधी से अधिक छात्राओं को छह-सात महीने से छात्रवृत्ति और 10वीं की राशि भी नहीं मिली है। छात्राओं के अनुसार, पहले उन्हें 12 किलो गेहूं और 2 किलो चावल मिलता था, जो अब घटाकर 6-7 किलो गेहूं और 1 किलो चावल कर दिया गया है। जब वार्डन वंदना चौहान से इस बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कथित तौर पर कहा कि "राशन लाने का किराया कौन देगा?" छात्राओं का यह भी आरोप है कि वार्डन आधा राशन खुद रख लेती हैं। छात्रा चांदनी सोलंकी ने वार्डन पर अभद्र व्यवहार का भी आरोप लगाया और बताया कि लाइब्रेरी में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवश्यक किताबों की जगह अनुपयोगी पुस्तकें रखी हुई हैं। इन गंभीर आरोपों के बीच छात्राओं ने वार्डन को उनके पद से हटाने की मांग की है। वहीं, वार्डन वंदना चौहान ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि बजट की कमी के कारण दिक्कतें आ रही हैं और उन्हें आवश्यक बजट नहीं मिल रहा है। वार्डन के अनुसार, पिछले तीन दिनों से पानी की किल्लत है, लेकिन बाकी समय सभी सुविधाएं दी जा रही हैं।
- आलीराजपुर जिले में आबकारी विभाग ने अवैध मदिरा के आसवन, कब्जा, परिवहन, विक्रय और चौर्यनयन के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत बड़ी कार्रवाई की है। दिनांक 03.06.2026 को वृत्त आलीराजपुर के ग्राम हरदासपुर थाना आम्बुआ में एक सूने मकान से छुपाकर रखी गई 36 पेटी अवैध मदिरा जब्त की गई है, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग ₹1,70,000 बताई गई है। जब्त की गई मदिरा में अंबी वाइन, पंजाब में विक्रय होने वाली ट्यूबर्ग बीयर, रॉयल स्टैग और बैगपाइपर व्हिस्की आदि शामिल हैं। मदिरा की मात्रा 50 बल्क लीटर से अधिक होने पर इसे आबकारी विभाग ने अपने कब्जे में ले लिया है। इस मामले में मध्य प्रदेश आबकारी अधिनियम की धारा 34(1) और 34(2) के तहत एक अज्ञात आरोपी के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिया गया है। यह कार्रवाई इंदौर संभाग उपायुक्त आबकारी श्री इंदरसिंह जामोद और आलीराजपुर कलेक्टर श्रीमती नीतू माथुर के आदेशानुसार, तथा जिला आबकारी अधिकारी श्री आर.एस. राय के निर्देश पर की गई। सहायक जिला आबकारी अधिकारी श्री जी.एस. रावत के नेतृत्व में आबकारी उपनिरीक्षक सुश्री जयश्री त्रिपाठी द्वारा सर्वश्री गंभीरसिंह वास्कले, मोहित बिरला, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र रावत, अमानुल्लाह खान, आरक्षक कालू सिंह बघेल, हितेंद्र सिंह चावड़ा, आयुष रावत, विवेक बरडे और सैनिक सिलास की संयुक्त टीम के सहयोग से मदिरा जब्त की गई। जिलाधिकारी ने बताया कि अवैध मदिरा और अन्य मादक द्रव्य/पदार्थ के विरुद्ध विभाग की कार्रवाई निरंतर जारी रहेगी।1
- खरगोन जिले में बड़वाह पुलिस ने जंगलों में चल रही अवैध शराब भट्टियों पर छापामार दबिश दी। इस कार्रवाई के दौरान, पुलिस दल ने मौके पर लगभग 6 लाख रुपये मूल्य का करीब 6000 लीटर महुआ लहान, जो 30 ड्रमों में भरा था, और शराब बनाने की अन्य सामग्री को नष्ट कर दिया। बड़वाह क्षेत्र के रावत पलासिया, मठ पलासिया और टिटवा पलासिया के जंगली इलाकों में नाले किनारे संचालित इन अवैध कच्ची शराब की भट्टियों को पुलिस ने ध्वस्त कर दिया। पुलिस को देखते ही सभी आरोपी मौके से फरार हो गए। यह पूरी कार्यवाही एसपी रविन्द्र वर्मा के निर्देशों पर बड़वाह टीआई बलराम सिह राठौर के नेतृत्व में पुलिस टीम द्वारा की गई।4
- खरगोन जिले में महिला बाल विकास विभाग में कार्यरत आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं ने अपनी लंबित 10 सूत्रीय मांगों को लेकर मुख्यालय पर एक प्रभावी प्रदर्शन किया।1
- धार मध्यप्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग की जिला कार्यकारिणी की घोषणा मंगलवार रात मांडू में की गई, जिसमें मांडू नगर के पूर्व पार्षद मूलचंद चौहान को धार मध्यप्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग धार जिला महासचिव पद पर नियुक्त किया गया है। यह महत्वपूर्ण नियुक्ति मध्यप्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, मध्य प्रदेश सरकार के नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, धार जिला कांग्रेस अध्यक्ष स्वतंत्र जोशी और मध्यप्रदेश कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग धार जिला अध्यक्ष डॉ. आनंद करोले की अनुशंसा पर प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप अहिरवार (अनुसूचित जाति विभाग) द्वारा घोषित की गई है। मूलचंद चौहान की नियुक्ति के बाद मांडू नगर में उत्सव का माहौल बन गया। कार्यकर्ताओं ने नगर के मुख्य चौराहे पर स्थित अशर्फी महल के सामने ढोल-ताशे बजाकर जमकर नारेबाजी की और आतिशबाजी भी की। कार्यकर्ताओं ने नगर में एक विजय जुलूस निकाला और मूलचंद चौहान को मिठाई खिलाकर उनका मुँह मीठा करवाया और बधाई दी। मांडू नगर और आसपास के क्षेत्र के कांग्रेस कार्यकर्ताओं तथा समाज के लोगों ने भी पुष्पमाला पहनाकर चौहान का भव्य स्वागत किया और उन्हें शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर जिला पंचायत सदस्य राजू बाई चौहान, पूर्व मांडू नगर परिषद अध्यक्ष महेश ठाकुर, नगर कांग्रेस अध्यक्ष संदीप लिलर, नेता प्रतिपक्ष पप्पू भाबर, वरिष्ठ नेता रामचंद्र श्रीवास, वार्ड नंबर 2 अध्यक्ष तेजा चौहान, दिनेश चौहान, पूर्व यूथ कांग्रेस नालछा ब्लॉक अध्यक्ष युवा नेता दीपांकर पाल, राजा चौहान, रमेश चौहान, अलकेश चौहान, आयुष पाल और गुलजार खान सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता और समाज के लोग मौजूद रहे। सभी उपस्थित लोगों ने मूलचंद चौहान को बधाई दी, आतिशबाजी में शामिल हुए और मिठाई खिलाकर अपनी खुशी का इजहार किया।3
- एक धार्मिक संदेश में बताया गया है कि गणेश जी का वीडियो साझा करने से बिगड़े हुए काम सही हो जाते हैं। इसके साथ ही, यह भी दावा किया गया है कि ऐसा करने से घर में कभी धन की कमी नहीं होती। संदेश भेजने वाले व्यक्ति ने स्वयं इस बात का अनुभव बताया है, उनका कहना है कि पहले उनकी भी ऐसी ही स्थिति थी, लेकिन अब उनके पास बहुत सारा धन है। इसी अनुभव के आधार पर, उन्होंने दूसरों को भी वीडियो को शेयर, कमेंट और लाइक करने के लिए प्रोत्साहित किया है।1
- बड़वानी में शासकीय कन्या अजा महाविद्यालय छात्रावास क्रमांक 1 और 2 की 50 से अधिक छात्राएं वार्डन पर राशन में कटौती, दुर्व्यवहार और मूलभूत सुविधाओं की कमी के गंभीर आरोप लगाते हुए कलेक्टर कार्यालय पहुंचीं। हालांकि, उन्हें वहां से निराशा ही हाथ लगी, क्योंकि करीब दो घंटे इंतजार के बाद एक अधिकारी ने केवल उनका ज्ञापन लिया और समाधान का आश्वासन देकर उन्हें वापस भेज दिया, जिसके बाद छात्राएं पैदल ही छात्रावास लौट गईं। छात्राओं ने अपनी कई समस्याओं का खुलासा किया। छात्रा जागृति सोलंकी ने बताया कि छात्रावास में पानी की गंभीर किल्लत है; ट्यूबवेल केवल 30 मिनट चलता है और कभी-कभी वह भी बंद रहता है, जिससे पीने का पानी नहीं बचता और गर्मी में 100 से अधिक छात्राओं के लिए यह बड़ी समस्या है। वार्डन ने पानी के बर्तन (रांझण) लाने का आश्वासन दिया था, जो गर्मी बीतने के बाद भी पूरा नहीं हुआ। छात्राओं का यह भी आरोप है कि पिछले पांच साल से उन्हें नए गद्दे और चादर नहीं मिले हैं, जबकि तीन साल पहले कंप्यूटर आने के बावजूद वाईफाई का रिचार्ज आज तक नहीं कराया गया। नए पंखे लगाने का सहायक आयुक्त का आश्वासन भी पूरा नहीं हुआ। इसके अतिरिक्त, आधी से अधिक छात्राओं को छह-सात महीने से छात्रवृत्ति और 10वीं की राशि भी नहीं मिली है। छात्राओं के अनुसार, पहले उन्हें 12 किलो गेहूं और 2 किलो चावल मिलता था, जो अब घटाकर 6-7 किलो गेहूं और 1 किलो चावल कर दिया गया है। जब वार्डन वंदना चौहान से इस बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कथित तौर पर कहा कि "राशन लाने का किराया कौन देगा?" छात्राओं का यह भी आरोप है कि वार्डन आधा राशन खुद रख लेती हैं। छात्रा चांदनी सोलंकी ने वार्डन पर अभद्र व्यवहार का भी आरोप लगाया और बताया कि लाइब्रेरी में प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए आवश्यक किताबों की जगह अनुपयोगी पुस्तकें रखी हुई हैं। इन गंभीर आरोपों के बीच छात्राओं ने वार्डन को उनके पद से हटाने की मांग की है। वहीं, वार्डन वंदना चौहान ने सभी आरोपों को निराधार बताया है। उन्होंने कहा कि बजट की कमी के कारण दिक्कतें आ रही हैं और उन्हें आवश्यक बजट नहीं मिल रहा है। वार्डन के अनुसार, पिछले तीन दिनों से पानी की किल्लत है, लेकिन बाकी समय सभी सुविधाएं दी जा रही हैं।1
- इंदौर जिले के बडगांव गांव निवासी हिराशीग ने शिकायत दर्ज कराई है कि उनके पिता छगनलाल के नाम पर आवंटित प्रधानमंत्री आवास अभी तक उन्हें प्राप्त नहीं हुआ है। हिराशीग ने स्पष्ट किया है कि यह उनकी मुख्य शिकायत है।1
- बुधवार को ग्राम कालीबावड़ी में मानसून के अचानक पलटवार ने हाट बाज़ार में भारी नुकसान पहुँचाया। तेज़ आंधी और अत्यधिक वर्षा के कारण हाट बाज़ार की दुकानों के तंबू उड़ गए, जिससे ग्रामवासियों और हाट व्यापारियों को बड़ा नुकसान हुआ। आंधी के तुरंत बाद बिजली भी गुल हो गई। लाइनमैन सुनील चौहान ने जानकारी दी कि 33 केवी के पांच से अधिक बिजली के पोल धराशाई हो गए। इस घटना के कारण लगभग छह घंटे तक बिजली आपूर्ति बाधित रही और ग्रामीणों ने आकलन लगाया कि बुधवार की पूरी रात बिजली गुल रहेगी। हालांकि, कुछ पल के इस मानसून से क्षेत्र में भीषण गर्मी के बीच कुछ ठंडक महसूस हुई। ग्रामीणों और किसानों ने बताया कि अब मानसून का आना ज़रूरी है ताकि समय पर बुवाई की जा सके। कुछ घंटों बाद ग्रामीणों को फिर से उमस का सामना करना पड़ा।2