भारतीय जनता पार्टी द्वारा वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया को राज्यसभा प्रत्याशी घोषित किए जाने के बाद से प्रदेशभर के कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है। इसी क्रम में राज्यसभा प्रत्याशी घोषित होने के बाद सतीश पूनिया के मेड़ता विधानसभा क्षेत्र में आगमन पर, पादूकलां में भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। इस स्वागत कार्यक्रम में मेड़ता विधायक लक्ष्मणराम कलरू, भाजपा कार्यकारिणी सदस्य नवीन मंडा, युवा नेता रामेश्वर छाबा, और एससी मोर्चा जिलाध्यक्ष शोभाराम जयपाल सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने सतीश पूनिया को पुष्पमालाएं पहनाकर और जोरदार नारों के साथ उनका अभिनंदन किया। राजस्थानी परंपरा के अनुसार, मेड़ता विधायक लक्ष्मण राम कलरू ने सतीश पूनिया को साफा पहनाकर उनका स्वागत किया। भाजपा नेताओं ने इस अवसर को पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए गौरव का क्षण बताते हुए कहा कि संगठन ने एक अनुभवी और समर्पित नेता को राज्यसभा के लिए अवसर प्रदान किया है, जिससे कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार हुआ है। इस व्यापक उत्साह के बीच, भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य नवीन मंडा ने जयपुर में सतीश पूनिया से मुलाकात कर उन्हें शुभकामनाएं एवं बधाई भी दी।
भारतीय जनता पार्टी द्वारा वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रदेशाध्यक्ष सतीश पूनिया को राज्यसभा प्रत्याशी घोषित किए जाने के बाद से प्रदेशभर के कार्यकर्ताओं में उत्साह का माहौल है। इसी क्रम में राज्यसभा प्रत्याशी घोषित होने के बाद सतीश पूनिया के मेड़ता विधानसभा क्षेत्र में आगमन पर, पादूकलां में
भाजपा कार्यकर्ताओं द्वारा उनका भव्य स्वागत किया गया। इस स्वागत कार्यक्रम में मेड़ता विधायक लक्ष्मणराम कलरू, भाजपा कार्यकारिणी सदस्य नवीन मंडा, युवा नेता रामेश्वर छाबा, और एससी मोर्चा जिलाध्यक्ष शोभाराम जयपाल सहित बड़ी संख्या में भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान कार्यकर्ताओं ने सतीश पूनिया को
पुष्पमालाएं पहनाकर और जोरदार नारों के साथ उनका अभिनंदन किया। राजस्थानी परंपरा के अनुसार, मेड़ता विधायक लक्ष्मण राम कलरू ने सतीश पूनिया को साफा पहनाकर उनका स्वागत किया। भाजपा नेताओं ने इस अवसर को पार्टी कार्यकर्ताओं के लिए गौरव का क्षण बताते हुए कहा कि संगठन ने एक
अनुभवी और समर्पित नेता को राज्यसभा के लिए अवसर प्रदान किया है, जिससे कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा का संचार हुआ है। इस व्यापक उत्साह के बीच, भाजपा प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य नवीन मंडा ने जयपुर में सतीश पूनिया से मुलाकात कर उन्हें शुभकामनाएं एवं बधाई भी दी।
- एक भागवत कथा के आयोजन के दौरान युवाओं को राष्ट्र निर्माण में अपना महत्वपूर्ण योगदान देने की सीख दी गई। इस धार्मिक कार्यक्रम में बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं का भारी सैलाब उमड़ पड़ा, जिन्होंने कथा का श्रवण किया।1
- गुरुवार देर रात करीब 11 बजे कोलायत विधानसभा क्षेत्र में आए तेज आंधी-तूफान और बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। तूफान की तीव्र गति के कारण क्षेत्रभर में बड़ी संख्या में पेड़ धराशायी हो गए, जिससे बिजली व्यवस्था पूरी तरह से चरमरा गई। कई गांवों में देर रात से ही विद्युत आपूर्ति बाधित है, जिससे लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आंधी-तूफान के चलते अनेक स्थानों पर बड़े-बड़े पेड़ सड़कों पर गिर गए, जिससे आवागमन भी प्रभावित हुआ और कई ग्रामीण मार्ग अवरुद्ध हो गए। बिजली विभाग के संजय भदोरिया ने जानकारी दी कि प्रारंभिक आकलन में क्षेत्र में 250 से अधिक बिजली के पोल गिरने की पुष्टि हुई है, जबकि अन्य क्षतिग्रस्त पोलों का सर्वे और गणना जारी है। व्यापक नुकसान के कारण कई गांवों में बिजली सप्लाई पूरी तरह ठप है, हालांकि विभाग की टीमें मरम्मत कार्य में जुटी हुई हैं और शुक्रवार देर शाम तक अधिकांश क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है। श्रीकोलायत स्थित पवित्र कपिल सरोवर परिसर भी तूफान की चपेट में आ गया, जहाँ वर्षों पुराने विशाल पेड़ जड़ से उखड़कर गिर गए और तालाब के किनारे एक बिजली का पोल टूटकर लटक गया, जिससे खतरे की स्थिति बनी हुई है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से शीघ्र मरम्मत और सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है। वहीं, कोलायत तहसील के सबसे बड़े गांव झझू में देर रात से बिजली गुल होने के कारण मोबाइल नेटवर्क भी ठप हो गया। ग्रामीणों का कहना है कि जिओ टावरों में लगे बैटरी बैकअप ने काम करना बंद कर दिया, जिससे नेटवर्क पूरी तरह गायब हो गया और आपसी संपर्क तथा आवश्यक सूचनाओं के आदान-प्रदान में दिक्कतें आईं। ग्रामीणों ने जिओ कंपनी के अधिकारियों से पर्याप्त बैटरी बैकअप और वैकल्पिक विद्युत व्यवस्था की मांग की है। प्रशासन और संबंधित विभाग नुकसान का आकलन करने तथा व्यवस्था को सामान्य बनाने में जुटे हुए हैं। हालांकि आंधी-तूफान से गर्मी से राहत मिली है, लेकिन हुए व्यापक नुकसान ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।1
- राजस्थान के माढ़ गाँव में आए भयंकर तूफान ने भारी तबाही मचाई है। इस भीषण तूफान के कारण गाँव में बिजली के खंभे गिर गए, जिससे ग्रामीणों को बहुत ज़्यादा नुकसान उठाना पड़ा है।3
- एक प्रेरक संदेश में, यह बताया गया है कि व्यक्तियों को जीवन जीना सीखना चाहिए और बीते हुए समय को पीछे मुड़कर नहीं देखना चाहिए। इस संदेश के साथ एक संपर्क नंबर 8824615723 भी साझा किया गया है।1
- बीकानेर के रामपुरा 4 नंबर गली में सड़क की हालत बेहद खराब है। पूरी सड़क टूटी हुई है और उस पर गहरे गड्ढे तथा पत्थर पड़े हैं। इस खराब सड़क की वजह से आए दिन हादसे होते रहते हैं, जिससे लोग गिरकर घायल हो जाते हैं। स्थानीय लोगों को इस समस्या के कारण बहुत परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।1
- लाम्पोलाई स्थित श्री श्याम गौशाला में आयोजित सप्त दिवसीय श्री भक्तमाल कथा के चौथे दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़ पड़े। स्थानीय ग्रामीणों सहित आसपास के गांवों से सैकड़ों की संख्या में महिलाएं, पुरुष, बुजुर्ग और बच्चे कथा श्रवण करने पहुंचे, जिससे कथा स्थल पर दिनभर भक्ति और उत्साह का वातावरण बना रहा। कथावाचक पूज्य संत श्री सुखदेवजी महाराज कुचेरा ने भगवान श्रीराम और माता शबरी के प्रसंग का वर्णन करते हुए बताया कि भगवान श्रीराम ने शबरी के प्रेम और सच्ची भक्ति से प्रसन्न होकर उसके जूठे बेर स्वीकार किए थे। महाराज ने इस दौरान संदेश दिया कि भगवान को धन-दौलत नहीं, बल्कि सच्ची श्रद्धा और निष्कपट भक्ति ही प्रिय होती है। अपने प्रवचन में गुरुदेव सुखदेवजी महाराज ने गुरु की महिमा पर भी प्रकाश डाला, यह कहते हुए कि गुरु के बिना मनुष्य का जीवन अंधकारमय रहता है और गुरु ही जीवन को सही दिशा प्रदान कर सत्य एवं धर्म के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देते हैं। उन्होंने गौसेवा को मानव जीवन का सबसे बड़ा पुण्य कार्य भी बताया। यह सप्त दिवसीय कथा 1 जून से 7 जून तक प्रतिदिन प्रातः 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक आयोजित की जा रही है। कथा के दौरान महिला श्रद्धालु भगवान के भजनों पर नृत्य करती दिखीं, जबकि अन्य श्रद्धालु भक्ति रस में डूबकर सत्संग का आनंद लेते रहे। संत महापुरुषों के जीवन, भक्ति, सेवा और सत्संग की प्रेरणादायक गाथाओं का भी वर्णन किया गया। श्रद्धालुओं को सदैव मधुर वाणी बोलने, सदाचार अपनाने तथा जीव-जंतुओं और गौमाता की सेवा करने का संदेश दिया गया। इस पूरे आयोजन में धार्मिक जयकारों और भजनों, विशेषकर "राम-राम, जय श्रीराम" के जयघोष से, पूरा पंडाल भक्तिमय हो गया और गूंज उठा। आयोजन समिति और ग्रामवासियों द्वारा श्रद्धालुओं के लिए बैठने, पेयजल, छाया तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं की समुचित व्यवस्था की गई है। यह कथा श्री श्याम गौशाला समिति और श्रद्धालुओं के जनसहयोग से आयोजित की जा रही है। आयोजकों ने सभी से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर कथा श्रवण करने और धर्मलाभ प्राप्त करने की अपील की है।1
- अजमेर जिले की पीसांगन पंचायत समिति के गोला ग्राम पंचायत के वार्ड नंबर 1 स्थित भाबियान मोहल्ले में पानी निकासी की उचित व्यवस्था न होने से स्थानीय निवासियों को गंभीर समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। शिकायतकर्ता के अनुसार, चांदमल पुत्र प्रभु द्वारा पानी निकासी के आम रास्ते पर पक्की दीवार बना देने के कारण यह समस्या उत्पन्न हुई है, जिससे मोहल्ले में पानी जमा हो गया है। ग्रामीणों ने पीसांगन उपखंड अधिकारी, तहसीलदार, विकास अधिकारी सहित ग्राम पंचायत स्तर के सभी अधिकारियों को कई बार ज्ञापन दिए, लेकिन इसके बावजूद अतिक्रमण हटाने के लिए कोई कार्यवाही नहीं की गई, जिससे अतिक्रमणकारी के हौसले बुलंद हो गए और मोहल्ले में पानी की निकासी पूरी तरह अवरुद्ध हो गई। ग्रामीणों का आरोप है कि अतिक्रमणकारी के प्रभावशाली होने के कारण प्रशासन ने इस मामले में किसी भी तरह की कोई कार्रवाई नहीं की है। पानी की निकासी न होने से मोहल्ले में विभिन्न प्रकार की बीमारियों के फैलने की आशंका बनी हुई है। इसके साथ ही, आमजन को आवागमन में भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है; बच्चों को स्कूल जाने, तथा ग्रामीण महिलाओं और पुरुषों को अपने खेतों या अन्य कार्यों के लिए घर से बाहर निकलने के लिए जमा पानी में से होकर गुजरना पड़ता है। स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से जल्द से जल्द पानी निकासी की उचित व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है ताकि उनकी समस्याओं का समाधान हो सके।1
- स्थानीय निवासियों ने शिकायत की है कि उनके घर के सामने सड़क पर पानी जमा हो रहा है। उन्होंने बताया कि इस पानी की उचित निकासी न होने के कारण उनके इलाके में गंदा पानी इकट्ठा हो रहा है, जिससे काफी परेशानी हो रही है। निवासियों ने अधिकारियों से इस समस्या का जल्द से जल्द समाधान करने और पानी की सही निकासी की व्यवस्था करने की अपील की है।1
- राजस्थान के बीजाथल गांव में प्रभुराम गुर्जर के 22 वर्षीय पुत्र दिनेश का शव घर से लगभग चार किलोमीटर दूर झाड़ियों के बीच एक पेड़ से लटका हुआ मिला। यह सूचना मिलते ही रास थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी। घटना की खबर फैलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण और परिजन घटनास्थल पर जमा हो गए। जानकारी के अनुसार, बुधवार दोपहर बकरियां चरा रहे एक युवक ने सबसे पहले शव को देखा, जिसके बाद उसने गांव में सूचना दी और ग्रामीणों ने पुलिस को सूचित किया। मृतक की मोटरसाइकिल घटनास्थल से लगभग 100 मीटर की दूरी पर मिली। रास थाना अधिकारी राजकुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम मौके पर पहुंची और बाद में एफएसएल (फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी) टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल से महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पुलिस ने घटनास्थल की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी करवाई। परिजनों ने बताया कि दिनेश मंगलवार शाम किसी काम से घर से निकला था, लेकिन वापस नहीं लौटा था। बुधवार दोपहर को शव मिलने की सूचना से पूरे परिवार में शोक छा गया। मृतक दिनेश अपनी मां को बचपन में ही खो चुके थे और वह परिवार का सबसे छोटा बेटा था, जिसके तीन बड़े भाई खेती का काम करते हैं। ग्रामीण अविनाश बोरानिया ने आशंका जताई है कि जिस स्थिति में शव पेड़ से लटका मिला है, उससे यह हत्या का मामला प्रतीत होता है। उन्होंने इस संबंध में पुलिस को रिपोर्ट देने की बात कही है। थाना अधिकारी राजकुमार ने पुष्टि की कि परिजनों की रिपोर्ट के आधार पर मामले की गहन जांच की जाएगी। शव को पेड़ से उतारकर राजकीय चिकित्सालय भिजवा दिया गया है, जहां पोस्टमार्टम के बाद उसे परिजनों को सौंपा जाएगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि मामले के सभी पहलुओं की जांच की जा रही है और घटना की सच्चाई जल्द ही सामने लाई जाएगी।1