लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लखीमपुर खीरी। सदर तहसील परिसर से सामने आए एक वायरल वीडियो ने प्रशासनिक महकमे और पत्रकारिता जगत—दोनों में तहलका मचा दिया है। तहसील के अंदर कामकाज के दौरान हुई तीखी बहस और कहासुनी का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वायरल वीडियो में विशाल भारद्वाज नामक व्यक्ति लेखपाल के पास बैठा नजर आ रहा है। इसी दौरान जब एक अन्य पत्रकार/फरियादी लेखपाल से मिलने की बात कहता है, तो दोनों पक्षों के बीच बातचीत तीखी हो जाती है और माहौल गरमा जाता है। वीडियो से उठे कई गंभीर सवाल: * सरकारी दफ़्तर की मर्यादा: क्या तहसील जैसे संवेदनशील परिसर में किसी बाहरी व्यक्ति को कर्मचारी की कुर्सी के पास बैठकर दूसरों पर धौंस जमाने का अधिकार है? * कामकाज में हस्तक्षेप: क्या किसी आम नागरिक या पत्रकार को सरकारी अधिकारी/कर्मचारी से मिलने से रोका जा सकता है? * पारदर्शिता पर सवाल: क्या तहसील परिसर में पहुंचने वाले हर व्यक्ति को किसी कथित प्रभावशाली व्यक्ति से अनुमति लेनी होगी? सोशल मीडिया पर चर्चाएं वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे और पुरानी टिप्पणियों से जुड़ी चर्चाएं भी तैर रही हैं। हालांकि, बिना किसी तथ्यात्मक और निष्पक्ष जांच के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। तहसील प्रशासन से सीधे सवाल इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब सभी की निगाहें तहसील प्रशासन पर टिकी हैं। जनता और पत्रकारों के बीच यह सवाल उठ रहे हैं कि: * यह वायरल वीडियो किस तारीख और किस दफ़्तर का है? * क्या संबंधित व्यक्ति लेखपाल की अनुमति से वहां बैठा था? * क्या सरकारी दफ़्तर की मर्यादा भंग करने और अनुचित दबाव बनाने वालों पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? तहसील जैसे सरकारी परिसर में आम नागरिक और निष्पक्ष पत्रकारिता के अधिकारों की सुरक्षा के लिए प्रशासन की ओर से पारदर्शी जांच और स्पष्ट जवाबदेही की मांग की जा रही है।
लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लखीमपुर खीरी। सदर तहसील परिसर से सामने आए एक वायरल वीडियो ने प्रशासनिक महकमे और पत्रकारिता जगत—दोनों में तहलका मचा दिया है। तहसील के अंदर कामकाज के दौरान हुई तीखी बहस और कहासुनी का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वायरल वीडियो में विशाल भारद्वाज नामक व्यक्ति लेखपाल के पास बैठा नजर आ रहा है। इसी दौरान जब एक अन्य पत्रकार/फरियादी लेखपाल से मिलने की बात कहता है, तो दोनों पक्षों के बीच बातचीत तीखी हो जाती है और माहौल गरमा जाता है। वीडियो से उठे कई गंभीर सवाल: * सरकारी दफ़्तर की मर्यादा: क्या तहसील जैसे संवेदनशील परिसर में किसी बाहरी व्यक्ति को कर्मचारी की कुर्सी के पास बैठकर दूसरों पर धौंस जमाने का अधिकार है? * कामकाज में हस्तक्षेप: क्या किसी आम नागरिक या पत्रकार को सरकारी अधिकारी/कर्मचारी से मिलने से रोका जा सकता है? * पारदर्शिता पर सवाल: क्या तहसील परिसर में पहुंचने वाले हर व्यक्ति को किसी कथित प्रभावशाली व्यक्ति से अनुमति लेनी होगी? सोशल मीडिया पर चर्चाएं वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे और पुरानी टिप्पणियों से जुड़ी चर्चाएं भी तैर रही हैं। हालांकि, बिना किसी तथ्यात्मक और निष्पक्ष जांच के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। तहसील प्रशासन से सीधे सवाल इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब सभी की निगाहें तहसील प्रशासन पर टिकी हैं। जनता और पत्रकारों के बीच यह सवाल उठ रहे हैं कि: * यह वायरल वीडियो किस तारीख और किस दफ़्तर का है? * क्या संबंधित व्यक्ति लेखपाल की अनुमति से वहां बैठा था? * क्या सरकारी दफ़्तर की मर्यादा भंग करने और अनुचित दबाव बनाने वालों पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? तहसील जैसे सरकारी परिसर में आम नागरिक और निष्पक्ष पत्रकारिता के अधिकारों की सुरक्षा के लिए प्रशासन की ओर से पारदर्शी जांच और स्पष्ट जवाबदेही की मांग की जा रही है।
- लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लेखपाल की कुर्सी के पास बैठकर रौब झाड़ता 'पत्रकार'? वायरल वीडियो ने बढ़ाई तहसील प्रशासन की मुश्किलें लखीमपुर खीरी। सदर तहसील परिसर से सामने आए एक वायरल वीडियो ने प्रशासनिक महकमे और पत्रकारिता जगत—दोनों में तहलका मचा दिया है। तहसील के अंदर कामकाज के दौरान हुई तीखी बहस और कहासुनी का यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से प्रसारित हो रहा है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, वायरल वीडियो में विशाल भारद्वाज नामक व्यक्ति लेखपाल के पास बैठा नजर आ रहा है। इसी दौरान जब एक अन्य पत्रकार/फरियादी लेखपाल से मिलने की बात कहता है, तो दोनों पक्षों के बीच बातचीत तीखी हो जाती है और माहौल गरमा जाता है। वीडियो से उठे कई गंभीर सवाल: * सरकारी दफ़्तर की मर्यादा: क्या तहसील जैसे संवेदनशील परिसर में किसी बाहरी व्यक्ति को कर्मचारी की कुर्सी के पास बैठकर दूसरों पर धौंस जमाने का अधिकार है? * कामकाज में हस्तक्षेप: क्या किसी आम नागरिक या पत्रकार को सरकारी अधिकारी/कर्मचारी से मिलने से रोका जा सकता है? * पारदर्शिता पर सवाल: क्या तहसील परिसर में पहुंचने वाले हर व्यक्ति को किसी कथित प्रभावशाली व्यक्ति से अनुमति लेनी होगी? सोशल मीडिया पर चर्चाएं वीडियो वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर तरह-तरह के दावे और पुरानी टिप्पणियों से जुड़ी चर्चाएं भी तैर रही हैं। हालांकि, बिना किसी तथ्यात्मक और निष्पक्ष जांच के किसी निष्कर्ष पर पहुंचना उचित नहीं होगा। तहसील प्रशासन से सीधे सवाल इस पूरे घटनाक्रम के बाद अब सभी की निगाहें तहसील प्रशासन पर टिकी हैं। जनता और पत्रकारों के बीच यह सवाल उठ रहे हैं कि: * यह वायरल वीडियो किस तारीख और किस दफ़्तर का है? * क्या संबंधित व्यक्ति लेखपाल की अनुमति से वहां बैठा था? * क्या सरकारी दफ़्तर की मर्यादा भंग करने और अनुचित दबाव बनाने वालों पर कोई ठोस कार्रवाई होगी? तहसील जैसे सरकारी परिसर में आम नागरिक और निष्पक्ष पत्रकारिता के अधिकारों की सुरक्षा के लिए प्रशासन की ओर से पारदर्शी जांच और स्पष्ट जवाबदेही की मांग की जा रही है।1
- *थाना पलिया पुलिस द्वारा कुल 186.57 ग्राम अवैध मादक पदार्थ ब्राउन शुगर (स्मैक) के साथ 02 अभियुक्त गिरफ्तार किये जाने के संबंध में क्षेत्राधिकारी पलिया महोदय द्वारा दी गई बाइट*कक1
- राधा अष्टमी पर भक्ति में डूबा बांकेगंज, श्रद्धा के साथ हुआ भगवान गणेश का विसर्जन बांकेगंज, लखीमपुर खीरी। दिनांक 19 सितंबर 2026 को विकासखंड बांकेगंज ग्रंट नंबर-10 स्थित श्री राधा-कृष्ण मंदिर परिसर में राधा अष्टमी का पर्व श्रद्धा एवं भक्ति के साथ मनाया गया। इस अवसर पर प्रातःकाल भगवान श्री गणेश की प्रतिमा का विधि-विधान एवं मंत्रोच्चार के साथ विसर्जन किया गया। गणेश चतुर्थी से लगातार चल रहे पूजा-अर्चना कार्यक्रम के बाद क्षेत्र के श्रद्धालु भक्तगण भगवान गणेश की प्रतिमा को लेकर बांकेगंज में नहर के रूप में प्रवाहित शारदा नदी के जल तक पहुंचे। यहां वैदिक मंत्रोच्चार एवं पूजा-अर्चना के साथ भगवान गणेश का श्रद्धापूर्वक विसर्जन किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं, व्यापारियों, गणमान्य नागरिकों एवं आसपास के क्षेत्र के लोगों की मौजूदगी रही। पूरा वातावरण “गणपति बप्पा मोरया” के जयघोष से गूंज उठा। इस धार्मिक आयोजन में बांकेगंज के व्यवसायी राजेंद्र अग्रवाल, उनकी धर्मपत्नी, पुत्र मोहित अग्रवाल, उनकी धर्मपत्नी एवं पूरा परिवार यजमान के रूप में शामिल रहा। श्री राधा-कृष्ण मंदिर के प्रमुख पुरोहित द्वारा गणेश चतुर्थी की स्थापना से लेकर विसर्जन तक पूजा-अर्चना एवं मंत्रोच्चार की व्यवस्था कराई गई। कार्यक्रम में व्यवसायी मनोज कुमार माहेश्वरी, महेंद्र कुमार माहेश्वरी, रतन कुमार, पवन माहेश्वरी, श्यामलाल अग्रवाल, ईश्वर प्रसाद अग्रवाल, विवेक सिंह, वेद प्रकाश गुप्ता, अक्षत टंडन, सुरेश कश्यप सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। श्रद्धालुओं की भीड़ और उत्साह के चलते आयोजन का माहौल मेले जैसा दिखाई दिया। वहीं शाम को श्री राधा-कृष्ण मंदिर परिसर में राधा अष्टमी के अवसर पर भजन-कीर्तन एवं भंडारे का आयोजन किया गया। बांकेगंज के वरिष्ठ व्यवसायी श्री महावीर जिंदल, उनके पुत्र लक्ष्मी नारायण उर्फ बिट्टू एवं लक्ष्मी नारायण के पुत्र सचिन जिंदल यजमान के रूप में उपस्थित रहे। भजन-कीर्तन के दौरान श्रद्धालु भक्तिभाव में सराबोर नजर आए और इसके उपरांत आयोजित भंडारे में बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। पूरे दिन मंदिर परिसर में धार्मिक एवं भक्तिमय वातावरण बना रहा। श्रद्धालुओं ने “जय श्री राधा-कृष्ण महाराज” और “जय भगवान गणेश” के जयघोष के साथ सुख-समृद्धि एवं क्षेत्र की खुशहाली की कामना की।4
- लखीमपुर खीरी के पलिया पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 2 गिरफ्तार किया गया1
- लखीमपुर-खीरी जनपद के थाना पढ़ुआ की पुलिस चौकी ढखेरवा के प्रभारी पर लगा रिश्वत लेने का आरोप लखीमपुर-खीरी जनपद के थाना पढ़ुआ की पुलिस चौकी ढखेरवा के प्रभारी अजय कुमार पर दश हजार रुपए रिश्वत लेने का आरोप अब्भेपुर गुरैनी निवासी मोहिद ने लगाया। वीडियो वायरल होते ही ढखेरवा चौकी प्रभारी निलंबित हो गये।1
- आधार केंद्र पर दलालों की नो एंट्री, सिर्फ आवेदक को मिलेगा प्रवेश लखीमपुर-खीरी। शहर के एलआरपी-गोला रोड पर तुलसी मेमोरियल हॉस्पिटल के पास, रॉयल पैराडाइज हाल के ठीक सामने संचालित आधार सेवा केंद्र में दलालों की एंट्री पर पूरी तरह रोक है। ऑपरेशन मैनेजर नितेश वाजपेई ने बताया कि मुख्य गेट पर तैनात गार्ड केवल उसी व्यक्ति को प्रवेश देता है, जिसका आधार संबंधी काम होना है। उन्होंने बताया कि नए आधार नामांकन तथा 5 से 17 वर्ष की आयु के बच्चों के अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट की निर्धारित अवधि तक निःशुल्क सुविधा उपलब्ध है। बायोमेट्रिक अपडेट के लिए ₹125 तथा डेमोग्राफिक और दस्तावेज अपडेट के लिए ₹75 निर्धारित शुल्क है। केंद्र प्रबंधन ने स्पष्ट किया कि सरकारी निर्धारित शुल्क के अलावा कोई अतिरिक्त राशि नहीं ली जा सकती। लोगों से दलालों से बचने और आधार संबंधी कार्य के लिए सीधे एलआरपी-गोला रोड स्थित आधार सेवा केंद्र पर आने की अपील की गई है।7
- *थाना पलिया पुलिस द्वारा कुल 186.57 ग्राम अवैध मादक पदार्थ ब्राउन शुगर (स्मैक) के साथ 02 अभियुक्त गिरफ्तार किये जाने के संबंध में क्षेत्राधिकारी पलिया महोदय द्वारा दी गई बाइट*1
- पढ़ुआ: युवती के भाई पर फायरिंग के बाद आरोपी ने खुद को गोली मारकर की खुदकुशी, इलाके में हड़कंप लखीमपुर खीरी (उत्तर प्रदेश): थाना पड़ुआ क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। 16 सितंबर 2026 को ग्राम सिंगाही निवासी इद्रिस (पुत्र शहजाद) ने अपने चार साथियों के साथ मिलकर एक युवती को बहला-फुसलाकर भगा लिया था। इस संबंध में थाना पड़ुआ में संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस द्वारा 17 सितंबर 2026 को अपहृता की बरामदगी कर विधिक कार्रवाई की जा रही थी। इसी बीच, 18 सितंबर 2026 की सुबह लगभग 7 बजे आरोपी इद्रिस युवती के घर पहुंचा और ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी। इस गोलीबारी में युवती के भाई अखिलेश को गोली लग गई। घायल अखिलेश को तत्काल इलाज के लिए जिला अस्पताल लखीमपुर खीरी भेजा गया है। घटना के तुरंत बाद, आरोपी इद्रिस ने स्वयं को भी गोली मारकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव का पंचायतनामा भरकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, वर्तमान में मौके पर शांति व्यवस्था कायम है।3