Shuru
Apke Nagar Ki App…
एक मामले पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद एक एजेंडा धराशायी हो गया है और संविधान की दुहाई दी जा रही है। अब यह सवाल उठ रहा है कि क्या सर्वोच्च न्यायालय के इस निर्णय के बाद 'SIR' और चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का विमर्श समाप्त हो जाएगा।
Kailash Fulwari
एक मामले पर सुप्रीम कोर्ट का फैसला आने के बाद एक एजेंडा धराशायी हो गया है और संविधान की दुहाई दी जा रही है। अब यह सवाल उठ रहा है कि क्या सर्वोच्च न्यायालय के इस निर्णय के बाद 'SIR' और चुनाव आयोग के खिलाफ विपक्ष का विमर्श समाप्त हो जाएगा।
More news from राजस्थान and nearby areas
- आज 28 मई को अजमेर के खोड़ा गणेश मण्डल के वार्ड-54 में 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन संकल्प अभियान' के तहत 'सेवा पखवाड़ा' कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मण्डल अध्यक्ष सुरजीत सिंह रावत की अध्यक्षता में मदार चुंगी क्षेत्र में राहगीरों के लिए ठंडे जल और शरबत की व्यवस्था की गई। भीषण गर्मी के बीच कार्यकर्ताओं ने राह चलते लोगों को ठंडा जल व शरबत पिलाकर सेवा भाव का संदेश दिया। इस अवसर पर उपस्थित जनों को जल संरक्षण, स्वच्छता और समाज सेवा के प्रति जागरूक किया गया, साथ ही सेवाभाव को जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाने का आह्वान किया गया। कार्यक्रम में स्थानीय कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने बड़ी संख्या में भाग लेकर सेवा पखवाड़ा को सफल बनाया। इस कार्यक्रम में मण्डल अध्यक्ष सुरजीत सिंह रावत, उपाध्यक्ष प्यारे लाल मेघवंशी, ज्ञानप्रकाश वैष्णव, मदन धानका, प्रवीण राठौड़, मुन्ना मंसूरी, गणेशीलाल, सेवा सिंह और हिम्मत सिंह राठौड़ सहित मण्डल के कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।1
- लगातार बढ़ती भीषण गर्मी के बीच, सोशल मीडिया पर गर्मी से बचने के लिए अपनाए जा रहे अलग-अलग जुगाड़ के वीडियो तेजी से वायरल हो रहे हैं। इसी क्रम में, एक वीडियो काफी चर्चा में है जिसमें पुराने दौर की एक तकनीक को दिखाया गया है, जिसके माध्यम से लोग बिना फ्रिज के पानी को ठंडा रखते थे। इस पारंपरिक तरीके को अब लोग 'बिना लाइट का देसी फ्रिज' कहकर पुकार रहे हैं। यह वायरल वीडियो राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों का बताया जा रहा है, जहाँ यह दिखाया गया है कि कैसे वहाँ के लोग बिना फ्रिज के पानी को शीतल रखते थे। वीडियो में दिख रहा यह देसी फ्रिज एक झोपड़ीनुमा घर के बीच में बना हुआ है। इसमें एक पाइप लगा है जिसके ऊपर रस्सी से बना एक कवर चढ़ा हुआ है, ठीक वैसे ही जैसे राजस्थान के ग्रामीण अपनी पानी की बोतलों को ठंडा रखने के लिए इस्तेमाल करते हैं। इस देसी फ्रिज में ऊपर से पानी डालने के लिए जगह बनी है और नीचे की तरफ एक नल भी लगा हुआ है। कुछ वायरल वीडियो में यह दावा भी किया जा रहा है कि यह तकनीक 1950 के दशक से चली आ रही है और यहाँ के निवासी इसी विधि से इलेक्ट्रॉनिक फ्रिज के बिना पानी को ठंडा रखते थे। एक यूजर द्वारा साझा किए गए इस वीडियो को काफी पसंद किया जा रहा है। यह वीडियो इस बात का अंदाजा देता है कि जब एसी और फ्रिज जैसी आधुनिक सुविधाएं नहीं थीं, तब गर्म प्रदेशों में रहने वाले लोग गर्मी से बचाव के लिए किस तरह की खास तकनीकों का इस्तेमाल करते थे। इस देसी फ्रिज के कई वीडियो अब यूट्यूब पर भी अपलोड किए जा रहे हैं, जिन्हें लोग काफी पसंद कर रहे हैं।1
- ईद उल अजहा के मौके पर ख़्वाजा गरीब नवाज की दरगाह में जन्नती दरवाज़ा खोला गया। यह अवसर एक महत्वपूर्ण धार्मिक आयोजन को चिह्नित करता है।1
- अजमेर के कोतवाली थाना क्षेत्र के हाथीभाटा इलाके में स्थित एक होटल के बाहर खड़ी बाइक चोरी की घटना सामने आई है। यह पूरी वारदात पास लगे CCTV कैमरे में कैद हो गई है, जिसमें दिखाई दे रहा है कि एक युवक मास्टर चाबी की मदद से सिर्फ दो मिनट में बाइक चोरी कर मौके से फरार हो गया। इस दौरान उसका एक साथी आसपास निगरानी करता भी नजर आया। इस घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने CCTV फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी है। बाइक चोरी का यह लाइव वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।1
- किशनगढ़ शहर में नंबर प्लेट के बिना कई ऑटो बेधड़क घूम रहे हैं, जिस पर पुलिस की निष्क्रियता को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। हाल ही में रात 10 बजे ओल्ड हाउसिंग बोर्ड हॉस्पिटल के पास बिना नंबर प्लेट का एक ऑटो देखा गया, जिसने स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ा दी है। इस स्थिति पर सवाल उठाया गया है कि अगर बिना नंबर प्लेट वाला यह ऑटो चालक कोई घटना कर दे, तो उसका जिम्मेदार कौन होगा। पुलिस की भूमिका पर आरोप लगाया जा रहा है कि चालान बनाने में तो वे हमेशा आगे रहती है, लेकिन इन बिना नंबर प्लेट वाले ऑटो पर कोई कार्रवाई क्यों नहीं कर रही है। पूछा गया है कि क्या पुलिस को ये ऑटो दिखते नहीं हैं, या इसके पीछे कोई और कारण है।1
- रियांबड़ी कस्बे में गुरुवार को ईदुल जुहा (बकरीद) का पर्व अत्यधिक शांति और आपसी सौहार्द के साथ मनाया गया। मुस्लिम समुदाय के लोगों ने सुबह ईदगाह में सामूहिक नमाज अदा की। सुबह करीब 7:30 बजे बड़ी संख्या में मुस्लिम समाज के लोग ईदगाह पहुंचे, जहाँ मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और तरक्की के लिए विशेष दुआ मांगी गई। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने एक-दूसरे से गले मिलकर ईद की मुबारकबाद दी। इस दौरान कस्बे में सांप्रदायिक सौहार्द का माहौल देखने को मिला, जहाँ हिंदू और मुस्लिम समुदाय के लोगों ने एक-दूसरे को बधाई देकर भाईचारे का संदेश दिया। कई स्थानों पर लोगों ने एक-दूसरे के घर पहुंचकर पर्व की खुशियां साझा कीं, जिसमें सेवइयां, मिठाइयां और विभिन्न पारंपरिक पकवान तैयार किए गए। बच्चों और युवाओं में पर्व को लेकर विशेष उत्साह देखा गया। कस्बे में विभिन्न स्थानों पर कुर्बानी की रस्म भी शांतिपूर्ण तरीके से अदा की गई। पर्व को शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क रहा। थानाधिकारी उमाशंकर शर्मा के नेतृत्व में पुलिस टीम सुबह से ही ईदगाह परिसर और मुख्य मार्गों पर तैनात रही, जिसमें चौकी प्रभारी शंकर मीणा, नरेंद्र मेघवाल और राजकुमार सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे। सीआई उमाशंकर शर्मा ने स्वयं व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी करते हुए हर गतिविधि पर नजर बनाए रखी। पुलिस की मुस्तैदी के चलते पूरे आयोजन के दौरान कहीं भी किसी प्रकार की अप्रिय घटना सामने नहीं आई। ईद से पूर्व आयोजित शांति समिति बैठकों का सकारात्मक असर भी देखने को मिला, जहाँ सीएलजी सदस्यों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और गणमान्य नागरिकों ने लोगों से सौहार्द बनाए रखने और अफवाहों से दूर रहने की अपील की, जिसका आमजन ने जिम्मेदारी के साथ पालन किया। शहरवासियों ने प्रशासन और पुलिस की कार्यशैली की सराहना करते हुए कहा कि बेहतर प्रबंधन के कारण पर्व शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।1
- राजस्थान के बोराडा में एक पूर्व सरपंच समेत चार लोगों की हुई नृशंस हत्या के मामले का पुलिस ने मात्र दो घंटे में खुलासा कर दिया है।3
- ब्यावर में आगामी ईदुलजुहा पर्व के मद्देनज़र प्रशासन ने भाईचारे, कानून व्यवस्था और सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को सुनिश्चित करने के लिए व्यापक तैयारियां की हैं। इन महत्वपूर्ण विषयों पर चर्चा और नियोजन हेतु एक जिला स्तरीय शांति समिति की बैठक भी संपन्न हुई है।2
- ब्यावर में एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक पति-पत्नी की दुखद मृत्यु हो गई है। इस हृदय विदारक घटना में उनके तीन मासूम बच्चे भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिनकी हालत चिंताजनक बनी हुई है।1