संत कबीर नगर जिले में आगामी बकरीद/ईद-उल-अजहा त्योहार को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से महुली पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए क्षेत्र के विभिन्न गांवों का भ्रमण किया है। पुलिस अधिकारियों ने धर्मगुरुओं, ग्राम प्रधानों और संभ्रांत नागरिकों के साथ गोष्ठियां आयोजित कर लोगों से शासन के दिशानिर्देशों का पालन करने की अपील की है। मंगलवार को, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष महुली दुर्गेश पाण्डेय ने स्वयं गांवों का दौरा किया। इस दौरान, पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नमाज सड़कों पर अदा न की जाए तथा कुर्बानी केवल पारंपरिक स्थलों पर ही की जानी चाहिए। साथ ही, कुर्बानी के अपशिष्ट के उचित निस्तारण और प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस ने लोगों को आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ पर्व मनाने का संदेश दिया। महुली पुलिस ने त्योहार के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने वाले तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। अधिकारियों ने सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या सांप्रदायिक टिप्पणियां पोस्ट न करने की भी अपील की, यह कहते हुए कि अफवाह फैलाने वालों पर पुलिस की पैनी नजर है और ऐसे तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की सूचना तत्काल स्थानीय थाने या यूपी-112 पर देने का आग्रह किया, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
संत कबीर नगर जिले में आगामी बकरीद/ईद-उल-अजहा त्योहार को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से महुली पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए क्षेत्र के विभिन्न गांवों का भ्रमण किया है। पुलिस अधिकारियों ने धर्मगुरुओं, ग्राम प्रधानों और संभ्रांत नागरिकों के साथ गोष्ठियां आयोजित कर लोगों से शासन के दिशानिर्देशों का पालन करने की अपील की है। मंगलवार को, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष महुली दुर्गेश पाण्डेय ने स्वयं गांवों का दौरा किया। इस दौरान, पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नमाज सड़कों पर अदा न की जाए तथा कुर्बानी केवल पारंपरिक स्थलों पर ही की जानी चाहिए। साथ ही, कुर्बानी के अपशिष्ट के उचित निस्तारण और प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस ने लोगों को आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ पर्व मनाने का संदेश दिया। महुली पुलिस ने त्योहार के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने वाले तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। अधिकारियों ने सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या सांप्रदायिक टिप्पणियां पोस्ट न करने की भी अपील की, यह कहते हुए कि अफवाह फैलाने वालों पर पुलिस की पैनी नजर है और ऐसे तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की सूचना तत्काल स्थानीय थाने या यूपी-112 पर देने का आग्रह किया, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
- संत कबीर नगर जिले में आगामी बकरीद/ईद-उल-अजहा त्योहार को शांतिपूर्ण और सुरक्षित तरीके से संपन्न कराने के उद्देश्य से महुली पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए क्षेत्र के विभिन्न गांवों का भ्रमण किया है। पुलिस अधिकारियों ने धर्मगुरुओं, ग्राम प्रधानों और संभ्रांत नागरिकों के साथ गोष्ठियां आयोजित कर लोगों से शासन के दिशानिर्देशों का पालन करने की अपील की है। मंगलवार को, पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश, अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह के मार्गदर्शन और क्षेत्राधिकारी धनघटा अभयनाथ मिश्र के पर्यवेक्षण में थानाध्यक्ष महुली दुर्गेश पाण्डेय ने स्वयं गांवों का दौरा किया। इस दौरान, पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि नमाज सड़कों पर अदा न की जाए तथा कुर्बानी केवल पारंपरिक स्थलों पर ही की जानी चाहिए। साथ ही, कुर्बानी के अपशिष्ट के उचित निस्तारण और प्रतिबंधित पशुओं की कुर्बानी न करने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस ने लोगों को आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ पर्व मनाने का संदेश दिया। महुली पुलिस ने त्योहार के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने वाले तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी है। अधिकारियों ने सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें या सांप्रदायिक टिप्पणियां पोस्ट न करने की भी अपील की, यह कहते हुए कि अफवाह फैलाने वालों पर पुलिस की पैनी नजर है और ऐसे तत्वों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से किसी भी संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु की सूचना तत्काल स्थानीय थाने या यूपी-112 पर देने का आग्रह किया, ताकि समय रहते आवश्यक कदम उठाए जा सकें।1
- दिनाँक 25.05.2026 को संतकबीरनगर के पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक सुशील कुमार सिंह ने थाना धर्मसिंहवा क्षेत्र के मुसहरा बाजार और आस-पास के संवेदनशील इलाकों में पैदल गस्त किया। इस गस्त का मुख्य उद्देश्य आगामी त्योहारों को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण और सुरक्षित वातावरण में संपन्न कराना तथा कानून व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखना था। इस दौरान सुरक्षा व्यवस्था, सीसीटीवी कैमरों की स्थिति और यातायात व्यवस्था का बारीकी से निरीक्षण किया गया। अपर पुलिस अधीक्षक ने स्थानीय व्यापारियों, संभ्रांत नागरिकों और आम जनता से सीधा संवाद स्थापित कर आगामी त्योहारों को आपसी भाईचारे और शांति के साथ मनाने की अपील की। उन्होंने जनता को आश्वस्त किया कि जनपद पुलिस उनकी सुरक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी अप्रिय स्थिति या संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल स्थानीय पुलिस को देने का आग्रह किया गया। संवाद के दौरान, महोदय द्वारा संबंधित अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में लगातार गस्त बढ़ाने और सोशल मीडिया पर विशेष नजर रखने के निर्देश दिए गए। यह भी स्पष्ट किया गया कि त्योहारों के दौरान शांति व्यवस्था भंग करने वाले अथवा भ्रामक अफवाह फैलाने वाले अराजक तत्वों के विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। इस अवसर पर थानाध्यक्ष धर्मसिंहवा, सुरेंद्र कुमार सिंह, सहित अन्य अधिकारी/कर्मचारीगण उपस्थित रहे।4
- संतकबीरनगर में एक उपभोक्ता ने बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, आरोप है कि उनका बिजली मीटर खराब होने के बावजूद विभाग ने उन्हें अचानक भारी-भरकम बिजली बिल भेज दिया है। शिकायत पत्र के माध्यम से उपभोक्ता ने दावा किया है कि इस अप्रत्याशित बिल से उनके और उनके परिवार की चिंता काफी बढ़ गई है। उनका कहना है कि पहले सामान्य बिल ही आ रहा था, लेकिन हाल में बिल की राशि में अचानक बहुत बड़ा बदलाव देखने को मिला है। इस मामले को लेकर शिकायतकर्ता ने संबंधित अधिकारियों से संपर्क किया है, जहाँ उन्होंने एक निष्पक्ष जांच और उचित कार्रवाई की मांग की है। उपभोक्ता ने यह चेतावनी भी दी है कि यदि उनकी समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे आगे आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होंगे। अब देखना यह होगा कि बिजली विभाग इस पूरे प्रकरण पर क्या प्रतिक्रिया देता है और जांच के बाद क्या कदम उठाता है।1
- आज भारतीय किसान यूनियन लोक शक्ति गोरखपुर के पूर्वांचल प्रभारी दिलीप किशन ने जिलाधिकारी कार्यालय पर एक ज्ञापन सौंपा। इस दौरान, संगठन के जिला अध्यक्ष इंद्रेश कुमार और मंडल उपाध्यक्ष विनय कुमार गिरि जी भी मौजूद रहे। यह ज्ञापन हरिद्वार चलने के लिए दिया गया।1
- बैजनाथपुर गाँव के एक ग्रामीण ने शिकायत की है कि उनके गाँव में सड़क का निर्माण पिछले 20 सालों से नहीं हुआ है। उन्होंने इस संबंध में डीएमएस टीम से वीडियो पहुँचाने की अपील की है।1
- गोरखपुर के सहजनवाँ थाना क्षेत्र के घघसरा बाजार स्थित अम्बे मैरिज हॉल में एक डीजे संचालक के साथ जातिसूचक गाली-गलौज और मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि दबंगों ने डीजे मशीन व गाड़ी में तोड़फोड़ की, और जब पीड़ित ने शिकायत करने की कोशिश की, तो थाने की पुलिस ने कथित तौर पर उसे और उसके भाई को हिरासत में लेकर मारपीट की और उल्टा उन पर ही मुकदमा दर्ज कर दिया। यह घटना 20 मई 26 को सामने आई। प्राप्त जानकारी के अनुसार, पनिका निवासी श्रवण कुमार, जो न्यू लवकुश बाबू हाइटेक डीजे के मालिक हैं, 19 मई की रात करीब 10 बजे अम्बे मैरिज हॉल में बुकिंग पर गए थे। आरोप है कि रूंदौली उर्फ मठिया निवासी आशुतोष त्रिपाठी अपने 8-10 साथियों के साथ वहां पहुंचा और डीजे पर जबरन गाना बजाने का दबाव बनाने लगा। श्रवण कुमार के अनुसार, आरोपियों ने उन्हें जातिसूचक गालियां देते हुए कहा, "तुम साले चमारिया की जात, पाण्डेय का गाना क्यों नहीं लगा रहें।" विरोध करने पर आरोपियों ने श्रवण और उनके भाई के साथ लाठी-डंडों से मारपीट की और उनकी बहन को भी अभद्र गालियां दीं। इस दौरान, आरोपियों ने डीजे मशीन, गाड़ी का शीशा और लाइट तोड़ दी, जिससे लगभग एक लाख रुपये का नुकसान हुआ। पीड़ित का कहना है कि आरोपियों ने जाते-जाते धमकी भी दी कि शिकायत करने पर जान से मार देंगे। श्रवण कुमार का आरोप है कि जब वे थाने पहुंचे तो पुलिस ने उनकी सुनवाई करने के बजाय उन्हें और उनके भाई को थाने में बंद कर दिया। पीड़ित ने यह भी आरोप लगाया है कि पुलिसकर्मियों ने उन्हें घर से घसीटकर चौकी पर ले जाकर मारपीट की और उनके खिलाफ ही मुकदमा दर्ज कर दिया। श्रवण कुमार ने बताया कि आरोपी मनबढ़ किस्म के हैं और स्थानीय थाने पर उनकी अच्छी पकड़ है, जिसके चलते उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है। पीड़ित श्रवण कुमार ने आशुतोष त्रिपाठी व अन्य अज्ञात आरोपियों के खिलाफ SC/ST एक्ट सहित अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई और डीजे व गाड़ी में हुए नुकसान की क्षतिपूर्ति दिलाने की मांग की है। इस संबंध में सहजनवाँ पुलिस का पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन कोई प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। अब पीड़ित ने उच्चाधिकारियों से न्याय की गुहार लगाने की बात कही है।1
- सिद्धार्थनगर के टिकरी चितई में स्थित रंगीलाल मिश्रा के पेट्रोल पंप पर कल शाम करीब 6:30 बजे एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। एक ग्राहक ने आरोप लगाया है कि ₹500 का पेट्रोल डलवाने के दौरान उन्हें मात्र ₹300 का पेट्रोल दिया गया, जबकि भुगतान पूरे ₹500 का मांगा गया। जब ग्राहक ने पेट्रोल कम होने की बात कही और इसका वीडियो बनाने लगे, तो कथित तौर पर कुछ गुंडों ने उनका मोबाइल फोन छीन लिया। ग्राहक का यह भी दावा है कि पेट्रोल पंप के मालिक ने उन्हें अपशब्द कहे और जान से मारने-पीटने की धमकी भी दी। पीड़ित ने इस घटना को पेट्रोल के नाम पर 'लूटपाट' और 'भ्रष्टाचार' बताते हुए सख्त नाराजगी व्यक्त की है। उन्होंने सिद्धार्थनगर के जिलाधिकारी से इस 'भ्रष्ट' पेट्रोल पंप की जल्द से जल्द और अनिवार्य जांच कर कड़ी कार्रवाई करने की पुरजोर अपील की है।2
- संतकबीरनगर के पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार मीना ने सोमवार को पुलिस कार्यालय में थाना कोतवाली खलीलाबाद, दुधारा, धनघटा, मेहदावल, बखिरा और बेलहरकला के प्रभारी निरीक्षकों, थानाध्यक्षों व विवेचकों के साथ महिला अपराध से संबंधित लंबित विवेचनाओं की समीक्षा बैठक की। बैठक के दौरान एसपी ने लंबे समय से लंबित महिला अपराध संबंधी मामलों की विस्तृत समीक्षा की और अकारण लंबित प्रकरणों पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने सभी विवेचकों को निर्देश दिए कि विवेचनाओं का समयबद्ध, निष्पक्ष एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। एसपी ने जनशिकायतों की सुनवाई कर त्वरित जांच एवं विधिक कार्रवाई करने तथा क्षेत्र में अपराध नियंत्रण के लिए प्रभावी कदम उठाने पर भी जोर दिया। उन्होंने विवेचना कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही या शिथिलता न बरतने की चेतावनी दी, और कहा कि भविष्य में दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही, प्रभारी निरीक्षकों एवं थानाध्यक्षों को अपने अधीनस्थ विवेचकों के कार्यों की नियमित समीक्षा कर लंबित मामलों का समय से निस्तारण कराने के निर्देश भी दिए गए। एसपी ने विवेचनाओं में आधुनिक तकनीक और डिजिटल माध्यमों जैसे यक्ष ऐप, ई-समन एवं एस-आईडी प्रणाली का अधिकतम उपयोग कर कार्यों को पारदर्शी एवं त्वरित रूप से संपादित करने पर भी विशेष जोर दिया।1