नागौर जिले के मूंडवा स्थित ईनाणा बाईपास पर राष्ट्रीय राजमार्ग-58 पर बुधवार को एक सड़क हादसा हो गया। जानकारी के अनुसार, एक ट्रक चालक ने अचानक सड़क पर आई नीलगाय को बचाने के प्रयास में अपने वाहन का संतुलन खो दिया, जिससे वह सामने से आ रहे दूसरे ट्रक से टकरा गया। हादसे के समय एक ट्रक में शीतल पेय की बोतलें भरी हुई थीं, जो टक्कर के बाद सड़क पर बिखर गईं। इस कारण कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और संबंधित विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे तथा सड़क पर फैले सामान को हटाने का काम शुरू किया। गनीमत यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और दोनों ट्रकों के चालक सुरक्षित बताए जा रहे हैं, हालांकि ट्रकों को नुकसान पहुंचा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चालक के नीलगाय को बचाने के लिए अचानक वाहन मोड़ने से यह दुर्घटना हुई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात को सुचारु कराया और घटना की जानकारी जुटाई। इस हादसे के बाद वाहन चालकों से राष्ट्रीय राजमार्ग-58 पर सावधानी बरतने और वन्यजीव क्षेत्रों में सतर्कता से वाहन चलाने की अपील की गई है।
नागौर जिले के मूंडवा स्थित ईनाणा बाईपास पर राष्ट्रीय राजमार्ग-58 पर बुधवार को एक सड़क हादसा हो गया। जानकारी के अनुसार, एक ट्रक चालक ने अचानक सड़क पर आई नीलगाय को बचाने के प्रयास में अपने वाहन का संतुलन खो दिया, जिससे वह सामने से आ रहे दूसरे ट्रक से टकरा गया। हादसे के समय एक ट्रक में शीतल पेय की बोतलें भरी हुई थीं, जो टक्कर के बाद सड़क पर बिखर गईं। इस कारण कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और संबंधित विभाग के कर्मचारी मौके पर पहुंचे
तथा सड़क पर फैले सामान को हटाने का काम शुरू किया। गनीमत यह रही कि इस हादसे में किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई और दोनों ट्रकों के चालक सुरक्षित बताए जा रहे हैं, हालांकि ट्रकों को नुकसान पहुंचा है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चालक के नीलगाय को बचाने के लिए अचानक वाहन मोड़ने से यह दुर्घटना हुई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर यातायात को सुचारु कराया और घटना की जानकारी जुटाई। इस हादसे के बाद वाहन चालकों से राष्ट्रीय राजमार्ग-58 पर सावधानी बरतने और वन्यजीव क्षेत्रों में सतर्कता से वाहन चलाने की अपील की गई है।
- बीकानेर के लूणकरणसर क्षेत्र में तेज आंधी और बारिश ने मौसम का कहर बरपाया, जिससे पूरे क्षेत्र की बिजली व्यवस्था बुरी तरह चरमरा गई। मलकिसर-शेखसर क्षेत्र में इस प्राकृतिक आपदा के कारण भारी नुकसान हुआ है, जहाँ एक दर्जन से अधिक विद्युत पोल और कई पेड़ धराशायी हो गए। 33 केवी लाइन के खंभे टूटकर सड़कों पर गिर गए, वहीं शेखसर जीएसएस से निकलने वाली कई विद्युत लाइनें भी बाधित हो गईं। इस व्यापक क्षति के परिणामस्वरूप, अनेक गांवों में बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई है, जिससे क्षेत्र में जनजीवन काफी प्रभावित हुआ। खोडाला गांव में भी बरसात और तेज हवाओं का व्यापक असर देखने को मिला। ग्रामीणों ने इस नुकसान की जानकारी दी है, जिसके बाद विद्युत विभाग की टीमें बिजली बहाली के कार्य में तेजी से जुट गई हैं। प्रभावित ग्रामीण जल्द से जल्द बिजली आपूर्ति बहाल करने की मांग कर रहे हैं।1
- राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जोधपुर में एक जनसुनवाई आयोजित की। इस दौरान उन्होंने मौजूदा राजस्थान सरकार पर कड़ा निशाना साधा।1
- नागौर जिले की रियान बड़ी पुलिस चौकी में आगामी मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने के उद्देश्य से एक शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में डेगाना डिप्टी अजीत पाल ने आमजन से त्योहार के दौरान कानून व्यवस्था बनाए रखने तथा प्रशासन का पूरा सहयोग करने की अपील की। बैठक को संबोधित करते हुए, डिप्टी अजीत पाल ने कहा कि मोहर्रम सहित सभी धार्मिक पर्व आपसी भाईचारे, प्रेम और सामाजिक एकता के प्रतीक हैं। उन्होंने सभी समुदायों से मिलकर सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने का आग्रह किया। डिप्टी पाल ने लोगों से यह भी अपील की कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत पुलिस प्रशासन को दें। थाना अधिकारी उमाशंकर शर्मा ने जानकारी दी कि मोहर्रम के जुलूसों और धार्मिक कार्यक्रमों के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी जाएगी और पुलिस प्रशासन पूरी तरह से सतर्क रहेगा। शर्मा ने सोशल मीडिया पर भ्रामक या आपत्तिजनक सामग्री साझा न करने की भी अपील की। इस अवसर पर रियान बड़ी पुलिस चौकी के नरेंद्र, सुरेश मेघवाल, राजकुमार खदाव और दयाराम सहित अन्य पुलिसकर्मी उपस्थित थे। विभिन्न समाजों, व्यापारिक संगठनों और ग्रामीण क्षेत्र के प्रतिनिधियों ने भी अपने सुझाव रखे और प्रशासन को पूर्ण सहयोग का भरोसा दिलाया। बैठक में पूर्व उप चेयरमैन सत्यनारायण वैष्णव, जब्बार खान, पूर्व सरपंच अन्ना राम पंवार, रामनिवास भाटी, कालू खां ठेकेदार, पूर्व प्रधान राजूराम, माणकचंद पाराशर, व्यापार संघ अध्यक्ष गजेंद्र वैष्णव, मंडल अध्यक्ष महेंद्रनाथ योगी, एडवोकेट रामकिशोर तिवाड़ी, हाजी अनवर मोहम्मद, एडवोकेट आशीष राजपुरोहित, सुनील सैनी, बाबू सिंह, जर्रार खान, चेनाराम दगदी, जाकिर हुसैन मौलवी और गबरूदीन तेली सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद रहे। बैठक के अंत में सभी उपस्थित लोगों ने मोहर्रम पर्व को शांति, सद्भाव और भाईचारे के साथ मनाने का संकल्प लिया। प्रशासन की ओर से आश्वस्त किया गया कि त्योहार के दौरान सुरक्षा एवं कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यक सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएंगी।1
- मोहर्रम पर्व से पहले रियांबड़ी पुलिस चौकी में शांति समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। इस दौरान, डेगाना डिप्टी अजीत पाल ने सभी से कानून व्यवस्था बनाए रखने, अफवाहों से दूर रहने और प्रशासन का पूरा सहयोग करने की अपील की। थाना अधिकारी उमाशंकर शर्मा ने मोहर्रम जुलूसों के लिए कड़ी सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं, साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने पर भी ज़ोर दिया। इस बैठक में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, विभिन्न व्यापारिक संगठनों के प्रतिनिधियों और अलग-अलग समाजों के लोगों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। सभी उपस्थित सदस्यों ने आपसी शांति और भाईचारे के साथ पर्व मनाने का संकल्प लिया।3
- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष माननीय मदन राठौड़ की अध्यक्षता और प्रदेश महामंत्री (संगठन) माननीय अजेय सिंह के मार्गदर्शन में डिजिटल लर्निंग प्लेटफॉर्म प्रशिक्षण अभियान विषयक एक वर्चुअल बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में भाजपा नेता धर्मवीर क़ीर ने सहभागिता की। भाजपा के सशक्त, प्रशिक्षित और तकनीकी रूप से सक्षम कार्यकर्ता तैयार करने के इस अभिनव अभियान को सफल बनाने हेतु सभी प्रतिभागी संकल्पित हैं। प्रशिक्षण के दौरान कार्यकर्ताओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने और पार्टी की हर गतिविधियों को एक सरल ऐप पर अपडेट करने सहित कई महत्वपूर्ण विषयों पर मार्गदर्शन प्राप्त हुआ।1
- अजमेर के पीसांगन थाना परिसर में थानाधिकारी सरोज चौधरी की अध्यक्षता में मोहर्रम पर्व को लेकर एक महत्वपूर्ण शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में आगामी 26 जून को मनाए जाने वाले मोहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में मनाने की अपील की गई। थानाधिकारी चौधरी ने समिति सदस्यों से पीसांगन, गोविंदगढ़ और दांतड़ा में निकलने वाले ताजियों को लेकर भी सहयोग बनाए रखने पर चर्चा की। बैठक में उपस्थित दोनों समुदायों के प्रबुद्ध जनों ने एकजुट होकर कहा कि वे सदियों से चली आ रही गंगा-जमुनी तहजीब की परंपरा को इस बार भी कायम रखेंगे और भाईचारे के अटूट बंधन पर किसी भी सूरत में आंच नहीं आने देंगे। यह संदेश क्षेत्र में सांप्रदायिक सद्भाव बनाए रखने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। थानाधिकारी सरोज चौधरी ने मोहर्रम के आयोजनों का विस्तृत कार्यक्रम भी साझा किया। उन्होंने बताया कि 25 जून की शाम को बड़ी मस्जिद के इमामबाड़े से ताजिए निकाले जाएंगे, जो पुराने पुलिस थाने, सदर बाजार और तेलीवाड़ा जैसी जगहों पर मुकाम लगाएंगे। 26 जून को भी यह मुकाम लगाने का क्रम जारी रहेगा और शाम को गोविंदगढ़ रोड स्थित कब्रिस्तान में ताजियों को सैराब किया जाएगा। इस दौरान कलंदर करतब दिखाएंगे, वहीं हलीम और छबील का वितरण भी किया जाएगा। इस बैठक में थानाधिकारी सरोज चौधरी के साथ हाजी इस्माइल ठेकेदार, बाबू लोहार, सगीर अहमद, ओमसिंह राठौड़, श्रवणसिंह रावत, इस्माइल कुरैशी, गुलाम मुस्तफा, दीपक चौधरी, शेरुखान देशवाली, रफीक लौहार, बद्रीप्रसाद साहू, पंडित घनश्याम जोशी, उदाराम कुमावत, उमराव शाह, रफीक कटारिया, इकबाल खान, जगदीश प्रजापत, मनोहर कुंवाड़ा और मौहम्मद इस्माइल कुरैशी सहित शांति समिति के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।1
- नागौर शहर के शारदा बाल निकेतन विद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस से शुरू हुआ पांच दिवसीय योग शिविर आज 25 जून को समाप्त होगा। यह शिविर, जो अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर शुरू हुआ था, शहरवासियों और छात्र-छात्राओं के लिए योग प्रशिक्षण का केंद्र रहा। प्रबंध समिति के अध्यक्ष हरिराम धारणियां ने जानकारी दी कि इस शिविर में राजस्थान सहित देश भर में ख्याति प्राप्त योगा ट्रेनर परिणीति विश्नोई उपस्थित रहीं, जिन्होंने शिविर में आए छात्र-छात्राओं और शहरवासियों को योग के विभिन्न आयामों से अवगत करवाया। प्रधानाचार्य गेनाराम गुरु ने बताया कि योग शिविर की सभी आवश्यक तैयारियाँ पहले ही पूरी कर ली गई थीं, और इसमें विद्यालय के छात्र-छात्राओं, आचार्य बंधु-भगिनी तथा कई अभिभावकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। सहायक प्रधानाचार्य पुखराज राव ने बताया कि योग शिविर के चौथे दिन, विद्यालय के छात्र-छात्राओं को योग शिक्षक केसरी नंदन सोनी और लीला कच्छावा ने विभिन्न प्रकार के योग, प्राणायाम और आसन का अभ्यास करवाया। शिविर का समापन आज 25 जून को होने के साथ ही प्रसिद्ध योगा ट्रेनर परिणीति बिश्नोई शहरवासियों को योग करवाएंगी।1
- रियांबड़ी के दासावास चौराहे पर सीसी सड़क का निर्माण कार्य लंबे समय से अधूरा पड़ा है, जिससे स्थानीय निवासियों और राहगीरों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों के अनुसार, सड़क के बीच में स्थित पटवार भवन, जो निर्माण में बाधा बन रहा था, उसे प्रशासन ने काफी समय पहले हटा दिया था। इसके बावजूद, संबंधित विभाग और ठेकेदार लगभग 100 मीटर सड़क का निर्माण कार्य पूरा नहीं कर पाए हैं। इस अधूरी सड़क के कारण पूरे क्षेत्र में कीचड़ और गंदा पानी जमा हो गया है, जिससे दोपहिया वाहन चालक अक्सर फिसलकर दुर्घटनाग्रस्त हो रहे हैं। सड़क के संकरा और खराब होने से यातायात भी बुरी तरह प्रभावित हो रहा है, जिसके चलते कई बार जाम की स्थिति बन जाती है। स्थानीय दुकानदारों और राहगीरों ने बताया कि बरसात के मौसम में यह समस्या और भी गंभीर हो गई है, जिससे लोगों का आवागमन बेहद मुश्किल हो गया है। नगर पालिका चेयरमैन गिरधारीलाल भाटी ने इस स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि पटवार भवन हटाए जाने के बाद सड़क निर्माण कार्य तेजी से पूरा हो जाना चाहिए था। हालांकि, उन्होंने संबंधित विभाग और ठेकेदार की उदासीनता को कार्य के अधूरे रहने का मुख्य कारण बताया और आमजन को राहत देने के लिए जल्द से जल्द कार्य पूरा करने की आवश्यकता पर जोर दिया। इसके अलावा, स्थानीय नागरिकों ने निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि सड़क के दोनों ओर बनाए गए नाले निर्माण के कुछ ही महीनों बाद ही टूटने लगे हैं, जिससे कार्य की गुणवत्ता पर गंभीर संदेह पैदा होता है। लोगों का कहना है कि ठेकेदार ने निर्माण में मनमानी और लापरवाही बरती है, जिसके परिणामस्वरूप सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है और जनता को परेशानी झेलनी पड़ रही है। इन सभी समस्याओं को देखते हुए, ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि दासावास चौराहे पर अधूरी पड़ी सीसी सड़क का निर्माण कार्य शीघ्र अति शीघ्र पूरा कराया जाए। उन्होंने घटिया निर्माण कार्य के लिए जिम्मेदार ठेकेदार के खिलाफ जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की भी पुरजोर अपील की है।1
- लखनऊ में हुए एक भीषण अग्निकांड में एक कोचिंग सेंटर में आग लगने से 15 लोगों की दुखद मौत हो गई। इस घटना के दौरान, स्थानीय जनता ने बड़े पैमाने पर मदद करने का प्रयास किया, लेकिन तमाम कोशिशों के बावजूद वे इन 15 लोगों को बचा नहीं पाए।1