नर्मदापुरम जिले की सेशन कोर्ट द्वारा 14 गौ सेवकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के विरोध में डबरा में गौ सेवकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने कड़ा विरोध प्रदर्शन किया। साथी हाथ बढ़ाना आपदा प्रबंधन संगठन के नेतृत्व में शहर में एक विशाल रैली निकाली गई, जो विभिन्न मार्गों से होते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंची और राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा गया। प्रदर्शनकारियों ने इस सजा को रद्द करने और गौ सेवकों को न्याय दिलाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि यह मामला 3 अगस्त 2022 का है, जब नर्मदापुरम जिले की सिवनी मालवा तहसील के बरखाड़ा गांव के पास गौ तस्करी की सूचना मिलने पर गौ रक्षकों ने एक ट्रक को रोका था। इस ट्रक में गोवंश भरे हुए थे। घटना के दौरान हुई मारपीट में महाराष्ट्र के अमरावती निवासी नजीर अहमद की बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई थी, जबकि दो अन्य लोग घायल हुए थे। इस घटना के बाद पुलिस ने 14 गौ रक्षकों के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया था। लगभग चार वर्षों तक न्यायालय में विचाराधीन रहने के बाद, 12 जून को सेशन कोर्ट ने सभी 14 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जिसके बाद से प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं। रैली में शामिल लोगों ने बिहार में हुए भरत भूषण तिवारी के एनकाउंटर का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से मांग की गई कि भरत तिवारी प्रकरण की सीबीआई जांच कराई जाए और दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों ने इस रैली के माध्यम से एक ओर 14 गौ सेवकों की सजा माफ करने की मांग की, वहीं भरत भूषण तिवारी मामले की सीबीआई जांच की मांग करते हुए केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने का आग्रह भी किया।
नर्मदापुरम जिले की सेशन कोर्ट द्वारा 14 गौ सेवकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के विरोध में डबरा में गौ सेवकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने कड़ा विरोध प्रदर्शन किया। साथी हाथ बढ़ाना आपदा प्रबंधन संगठन के नेतृत्व में शहर में एक विशाल रैली निकाली गई, जो विभिन्न मार्गों से होते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंची और राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा गया। प्रदर्शनकारियों ने इस सजा को रद्द करने और गौ सेवकों को न्याय दिलाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि यह मामला 3 अगस्त 2022 का है, जब नर्मदापुरम जिले की सिवनी मालवा तहसील के बरखाड़ा गांव के
पास गौ तस्करी की सूचना मिलने पर गौ रक्षकों ने एक ट्रक को रोका था। इस ट्रक में गोवंश भरे हुए थे। घटना के दौरान हुई मारपीट में महाराष्ट्र के अमरावती निवासी नजीर अहमद की बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई थी, जबकि दो अन्य लोग घायल हुए थे। इस घटना के बाद पुलिस ने 14 गौ रक्षकों के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया था। लगभग चार वर्षों तक न्यायालय में विचाराधीन रहने के बाद, 12 जून को सेशन कोर्ट ने सभी 14 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जिसके बाद से प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन और
ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं। रैली में शामिल लोगों ने बिहार में हुए भरत भूषण तिवारी के एनकाउंटर का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से मांग की गई कि भरत तिवारी प्रकरण की सीबीआई जांच कराई जाए और दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों ने इस रैली के माध्यम से एक ओर 14 गौ सेवकों की सजा माफ करने की मांग की, वहीं भरत भूषण तिवारी मामले की सीबीआई जांच की मांग करते हुए केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने का आग्रह भी किया।
- नर्मदापुरम जिले की सेशन कोर्ट द्वारा 14 गौ सेवकों को आजीवन कारावास की सजा सुनाए जाने के विरोध में डबरा में गौ सेवकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों ने कड़ा विरोध प्रदर्शन किया। साथी हाथ बढ़ाना आपदा प्रबंधन संगठन के नेतृत्व में शहर में एक विशाल रैली निकाली गई, जो विभिन्न मार्गों से होते हुए एसडीएम कार्यालय पहुंची और राष्ट्रपति के नाम एक ज्ञापन नायब तहसीलदार को सौंपा गया। प्रदर्शनकारियों ने इस सजा को रद्द करने और गौ सेवकों को न्याय दिलाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने बताया कि यह मामला 3 अगस्त 2022 का है, जब नर्मदापुरम जिले की सिवनी मालवा तहसील के बरखाड़ा गांव के पास गौ तस्करी की सूचना मिलने पर गौ रक्षकों ने एक ट्रक को रोका था। इस ट्रक में गोवंश भरे हुए थे। घटना के दौरान हुई मारपीट में महाराष्ट्र के अमरावती निवासी नजीर अहमद की बाद में उपचार के दौरान मौत हो गई थी, जबकि दो अन्य लोग घायल हुए थे। इस घटना के बाद पुलिस ने 14 गौ रक्षकों के खिलाफ हत्या और हत्या के प्रयास का मामला दर्ज किया था। लगभग चार वर्षों तक न्यायालय में विचाराधीन रहने के बाद, 12 जून को सेशन कोर्ट ने सभी 14 आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई, जिसके बाद से प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपे जा रहे हैं। रैली में शामिल लोगों ने बिहार में हुए भरत भूषण तिवारी के एनकाउंटर का मुद्दा भी प्रमुखता से उठाया। उन्होंने आरोप लगाया कि इस मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से राष्ट्रपति से मांग की गई कि भरत तिवारी प्रकरण की सीबीआई जांच कराई जाए और दोषी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। प्रदर्शनकारियों ने इस रैली के माध्यम से एक ओर 14 गौ सेवकों की सजा माफ करने की मांग की, वहीं भरत भूषण तिवारी मामले की सीबीआई जांच की मांग करते हुए केंद्र सरकार से हस्तक्षेप करने का आग्रह भी किया।3
- मध्य प्रदेश के पूर्व गृहमंत्री और वैश्य महासम्मेलन के संरक्षक उमाशंकर गुप्ता के जन्मदिन के अवसर पर, डबरा के बालाजी पब्लिक स्कूल में एक वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। यह पहल वैश्य महासम्मेलन ग्वालियर ग्रामीण इकाई द्वारा की गई। इस अवसर पर इकाई के अध्यक्ष रवि सोनी, महिला अध्यक्ष श्वेता नीखरा, महामंत्री शैलेंद्र जैन, मोंटी गुप्ता, नीरज गुप्ता, राजू शिवहरे सहित सभी कार्यकारिणी के सदस्य उपस्थित रहे।3
- ग्वालियर चेंबर ऑफ कॉमर्स के चुनाव की घोषणा हो चुकी है। चुनाव की अधिसूचना जारी होते ही तत्काल प्रभाव से आचार संहिता भी लागू कर दी गई है। यह जानकारी सामने आई है कि सदस्यों को 7 जुलाई तक अपना बकाया शुल्क जमा करना होगा, अन्यथा उनके मतदान के अधिकार पर इसका नकारात्मक प्रभाव पड़ सकता है। इस चुनावी घोषणा के बाद से ग्वालियर के व्यापारिक माहौल में हलचल तेज हो गई है। विभिन्न पैनल अपनी-अपनी चुनावी रणनीति बनाने में जुट गए हैं, और उम्मीद जताई जा रही है कि इस बार का मुकाबला बेहद दिलचस्प और कांटे का होने वाला है।1
- मुख्यमंत्री कार्यालय (CMO) की ओर से एक आधिकारिक बयान जारी किया गया है। इस बयान में मुख्यमंत्री पर लगाए गए सभी आरोपों को पूरी तरह से बेबुनियाद और निराधार बताया गया है।1
- दतिया जिले की भाण्डेर थाना पुलिस ने एक चर्चित हत्या मामले में बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने 10 हजार रुपये के एक फरार इनामी आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है, जो लंबे समय से पुलिस की पकड़ से बाहर था और जिसकी लगातार तलाश की जा रही थी। यह मामला 3 जून 2026 का है, जब विनोद उर्फ खुशी यादव का शव पहुंज नदी में मिला था। थाना भाण्डेर पुलिस ने पहले मर्ग कायम कर जांच शुरू की, जिसमें हत्या की पुष्टि होने के बाद विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर विवेचना आगे बढ़ाई गई। पुलिस अधीक्षक मयूर खण्डेलवाल, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मंजीत सिंह चावला और एसडीओपी पूनमचन्द्र यादव के मार्गदर्शन में कार्रवाई करते हुए, भाण्डेर पुलिस ने हत्या के इस प्रकरण में फरार चल रहे 10 हजार रुपये के इनामी आरोपी राहुल पुत्र रिपुदमन उर्फ बब्बू यादव, निवासी सिमथरा को गिरफ्तार किया। पुलिस पूछताछ में आरोपी के बताए अनुसार, घटना के समय पहने गए कपड़े एवं अन्य सामग्री भी बरामद की गई है। आरोपी को न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया। पुलिस ने बताया कि इस हत्या प्रकरण में शामिल अन्य आरोपी रवि यादव, मनोज यादव, गुलशन यादव, आकाश दोहरे और करण सिंह उर्फ काजू यादव को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है। इस नवीनतम गिरफ्तारी के साथ ही, हत्या मामले के सभी आरोपी अब पुलिस की गिरफ्त में आ चुके हैं और सलाखों के पीछे पहुँच गए हैं। भाण्डेर पुलिस की इस कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक कोमल परिहार सहित पुलिस टीम के कई अधिकारियों और कर्मचारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही।1
- ग्वालियर में कॉकरोच जनता पार्टी के समर्थक विष्णुकांत शर्मा और उनके साथियों ने एक प्रेसवार्ता कर नीट पेपर लीक मामले को लेकर अपनी कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि नीट पेपर लीक की वजह से जिन बच्चों की जान गई है, वह आत्महत्या नहीं बल्कि हत्या है। इसी आधार पर उन्होंने केंद्रीय धर्मेंद्र प्रधान से उनके पद से इस्तीफा देने की मांग की है। कॉकरोच जनता पार्टी ने यह भी चेतावनी दी है कि वे ग्वालियर में इस मुद्दे पर एक बड़ा आंदोलन कर सकते हैं।1
- विद्यार्थियों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए, भांडेर के एसडीएम बृजेन्द्र सिंह यादव ने बुधवार दोपहर 02 बजे नवीन तहसील कार्यालय में क्षेत्र के प्राइवेट कोचिंग सेंटर संचालकों की एक बैठक आयोजित की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य कोचिंग संस्थानों में अग्नि सुरक्षा और आपातकालीन व्यवस्थाओं को लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश देना था। एसडीएम ने सभी कोचिंग संस्थानों को अनिवार्य रूप से अग्निशमन यंत्र (फायर एक्सटिंग्विशर) उपलब्ध रखने और उनका समय-समय पर रखरखाव सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने जोर दिया कि किसी भी आकस्मिक स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम होना आवश्यक है। बैठक में विशेष रूप से कोचिंग सेंटरों में डबल गेट (दो निकास मार्ग) की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर बल दिया गया, ताकि आपात स्थिति में विद्यार्थियों को सुरक्षित बाहर निकाला जा सके। इसके अतिरिक्त, भवन की क्षमता के अनुसार ही विद्यार्थियों की संख्या रखने, विद्युत वायरिंग की नियमित जांच कराने, आपातकालीन निकास मार्गों को बाधा मुक्त रखने और अन्य सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने के निर्देश भी दिए गए। एसडीएम यादव ने स्पष्ट किया कि इन सभी व्यवस्थाओं का लक्ष्य विद्यार्थियों और कर्मचारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, ताकि किसी भी प्रकार की जनहानि की संभावना को खत्म किया जा सके। उन्होंने सभी संचालकों से शासन द्वारा निर्धारित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करने की अपील की। इस बैठक में बीईओ भांडेर मनीष सेन सहित कई संबंधित अधिकारी और प्राइवेट कोचिंग संस्थानों के संचालक उपस्थित रहे।1
- मध्य प्रदेश के डबरा में तड़के सुबह एक भीषण आग लगने की घटना सामने आई, जिसमें एक बड़ा हादसा टल गया। इस दौरान मोहल्ले के लोगों ने अपनी बहादुरी दिखाते हुए एक परिवार की जान बचाई, जिसकी वजह से कोई अप्रिय घटना नहीं हुई। इस घटना के बाद फायर ब्रिगेड के समय पर मौके पर नहीं पहुंचने के आरोप लगाए जा रहे हैं। लोगों का कहना है कि लखनऊ में हुए अग्निकांड के बावजूद भी आपातकालीन सेवाओं की व्यवस्था में कोई सुधार नहीं आया है, और यह सवाल उठ रहा है कि आखिर कब इन सेवाओं में अपेक्षित सुधार होगा।1