छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में स्थित रायगढ़ इस्पात संयंत्र में बुधवार सुबह फर्नेस क्षेत्र में हुए लीकेज के बाद अफरा-तफरी मच गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, फर्नेस में अत्यधिक नमी जमा होने के कारण यह घटना हुई, जिसमें चार श्रमिक घायल हो गए। घायलों को तत्काल रायगढ़ के एपेक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनकी स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर बताई गई है। घायल श्रमिकों में अमरेश कुमार, फिरोज आलम खान और रामनाथ सूर्यवंशी शामिल हैं, जबकि चौथे श्रमिक का नाम अभी नहीं मिल पाया है। इनमें से एक श्रमिक के हाथ में फ्रैक्चर की जानकारी मिली है, और दो श्रमिकों को रायपुर रेफर किया गया है। घटना की सूचना मिलते ही उद्योग प्रबंधन, पुलिस और औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। अस्पताल में भी प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहकर घायलों के उपचार की निगरानी कर रहे हैं। रायगढ़ इस्पात के जीएम सुनील पंडा ने बताया कि बरसात के मौसम में फर्नेस में नमी बनी रहने की संभावना रहती है, और बुधवार सुबह कार्य के दौरान फर्नेस से अचानक धुआं उठने से श्रमिकों में अफरा-तफरी मच गई। इसी दौरान कुछ श्रमिक जान बचाने के प्रयास में कूद गए, जिससे उन्हें चोटें आईं। उन्होंने संयंत्र में सभी आवश्यक सुरक्षा उपायों के लागू होने और घायलों के बेहतर इलाज के लिए प्रबंधन के सक्रिय होने की बात कही। वहीं, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग के सहायक संचालक राहुल पटेल ने बताया कि विभाग की टीम घटना के कारणों की विस्तृत जांच कर रही है और घायलों के उपचार पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन और संबंधित विभागों ने भी घटना की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक रिपोर्ट में तकनीकी कारणों और मौसमजनित नमी को हादसे की संभावित वजह माना जा रहा है, हालांकि अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में स्थित रायगढ़ इस्पात संयंत्र में बुधवार सुबह फर्नेस क्षेत्र में हुए लीकेज के बाद अफरा-तफरी मच गई। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, फर्नेस में अत्यधिक नमी जमा होने के कारण यह घटना हुई, जिसमें चार श्रमिक घायल हो गए। घायलों को तत्काल रायगढ़ के एपेक्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ उनकी स्थिति फिलहाल खतरे से बाहर बताई गई है। घायल श्रमिकों में अमरेश कुमार, फिरोज आलम खान और रामनाथ सूर्यवंशी
शामिल हैं, जबकि चौथे श्रमिक का नाम अभी नहीं मिल पाया है। इनमें से एक श्रमिक के हाथ में फ्रैक्चर की जानकारी मिली है, और दो श्रमिकों को रायपुर रेफर किया गया है। घटना की सूचना मिलते ही उद्योग प्रबंधन, पुलिस और औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई। अस्पताल में भी प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहकर घायलों के उपचार की निगरानी कर रहे हैं। रायगढ़ इस्पात के जीएम सुनील पंडा
ने बताया कि बरसात के मौसम में फर्नेस में नमी बनी रहने की संभावना रहती है, और बुधवार सुबह कार्य के दौरान फर्नेस से अचानक धुआं उठने से श्रमिकों में अफरा-तफरी मच गई। इसी दौरान कुछ श्रमिक जान बचाने के प्रयास में कूद गए, जिससे उन्हें चोटें आईं। उन्होंने संयंत्र में सभी आवश्यक सुरक्षा उपायों के लागू होने और घायलों के बेहतर इलाज के लिए प्रबंधन के सक्रिय होने की बात कही। वहीं, औद्योगिक स्वास्थ्य एवं
सुरक्षा विभाग के सहायक संचालक राहुल पटेल ने बताया कि विभाग की टीम घटना के कारणों की विस्तृत जांच कर रही है और घायलों के उपचार पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन और संबंधित विभागों ने भी घटना की जांच शुरू कर दी है। प्रारंभिक रिपोर्ट में तकनीकी कारणों और मौसमजनित नमी को हादसे की संभावित वजह माना जा रहा है, हालांकि अंतिम निष्कर्ष जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।
- रायगढ़ जिले में गति शक्ति समिति की द्वितीय बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हो गई है। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य अधिकारियों को पोर्टल के उपयोग के संबंध में प्रशिक्षण प्रदान करना था।1
- रायगढ़ के धरमजयगढ़ में पुलिस ने अपनी पत्नी की हत्या के मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी पति श्यामलाल मंझवार को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया है। आरोपी श्यामलाल मंझवार (24 वर्ष), पिता स्वर्गीय रातूराम मंझवार, ग्राम बाँसजोर, थाना धरमजयगढ़ का निवासी है। यह मामला तब सामने आया जब थाना चक्रधरनगर से मृतिका मेहतरीन बाई मंझवार की मर्ग डायरी जांच के लिए थाना धरमजयगढ़ को प्राप्त हुई। थाना प्रभारी निरीक्षक राजेश जांगड़े ने असल मर्ग क्रमांक 81/2026 धारा 194 बीएनएसएस के तहत जांच शुरू की। विवेचना के दौरान मृतिका के माता-पिता, सास, पार्षद और अन्य गवाहों के बयान लिए गए तथा पोस्टमार्टम रिपोर्ट का अवलोकन किया गया। जांच में पता चला कि 17 जून 2026 की सुबह लगभग 7:30 बजे आरोपी श्यामलाल मंझवार और उसकी पत्नी मेहतरीन बाई के बीच इलाज के लिए पैसे मांगने को लेकर विवाद हुआ था। इस विवाद के दौरान पत्नी ने डंडे से पति की पीठ पर वार किया, जिससे आक्रोशित होकर पति ने घर में रखी लोहे की हथौड़ी से पत्नी के सिर पर कई बार हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल मेहतरीन बाई को उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज रायगढ़ में भर्ती कराया गया, जहाँ 20 जून 2026 की शाम लगभग 6:30 बजे उनकी मृत्यु हो गई। मर्ग जांच में हत्या की पुष्टि होने के बाद थाना धरमजयगढ़ में आरोपी के विरुद्ध अपराध क्रमांक 168/2026 धारा 103(1) बीएनएस के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। पुलिस ने तत्काल आरोपी श्यामलाल मंझवार को हिरासत में लेकर पूछताछ की, जिसमें उसने अपना अपराध स्वीकार कर लिया। आरोपी के मेमोरेंडम के आधार पर वारदात में प्रयुक्त बेट लगा लोहे का हथौड़ा भी बरामद किया गया। पर्याप्त साक्ष्य पाए जाने पर आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहाँ से उसे न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया। इस कार्रवाई में एसएसपी शशि मोहन सिंह के दिशा निर्देशन और एडिशनल एसपी अनिल सोनी तथा एसडीओपी धरमजयगढ़ श्री सिद्दांत तिवारी के मार्गदर्शन पर थाना प्रभारी धरमजयगढ़ निरीक्षक राजेश जांगड़े, एएसआई मंजु मिश्रा, प्रधान आरक्षक गंगाराम भगत और अन्य स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका रही।2
- परमेश्वर कबीर साहेब जी का 629वां प्रकट दिवस सतलोक आश्रम श्री धनाना धाम, हरियाणा में आयोजित किया जा रहा है। इस शुभ अवसर पर सभी को सपरिवार सादर आमंत्रित किया गया है।1
- जांजगीर जिले में जिला सहकारी बैंक की उपाध्यक्ष की कार में तोड़फोड़ का मामला सामने आया है। अकलतरा पुलिस ने इस घटना के संबंध में एक नाबालिग लड़के को हिरासत में लिया है। बताया गया है कि नाबालिग लड़के ने पत्थर मारकर कार में तोड़फोड़ की थी।1
- सक्ती जिले के डभरा थाना क्षेत्र में डभरा-खरसिया मुख्य मार्ग पर छुहीपाली गांव के पास लोगों से भरा एक मालवाहक वाहन पलट गया, जिससे 11 से 12 लोग घायल हो गए हैं। घायलों में महिलाओं की संख्या अधिक बताई जा रही है। इस हादसे के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई, और घायलों की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग मदद के लिए पहुंचे। एडिशनल एसपी पंकज पटेल के अनुसार, सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के कोसीर गांव के लगभग 15 से 20 लोग मालवाहक वाहन क्रमांक CG 13 BH 40 43 में सवार होकर सक्ती जिले के धुरकोट गांव में शादी की भेंट रस्म पूरी करने आए थे। रस्म पूरी करने के बाद वे अपने गांव लौट रहे थे, तभी छुहीपाली गांव के पास डभरा-खरसिया मार्ग पर वाहन अनियंत्रित हो गई और पलट गई। हादसे में चार घायलों को ज्यादा चोट आई है, जिसके चलते उन्हें बेहतर उपचार के लिए रायगढ़ अस्पताल रेफर किया गया है, जबकि अन्य घायलों को डभरा के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया गया है। घटना की सूचना मिलते ही डभरा पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई है, साथ ही वाहन को भी जब्त कर लिया गया है।1
- कोरबा जिले के लेमरू थाना क्षेत्र में एक दुखद घटना सामने आई है, जहाँ तेज आंधी के कारण पेड़ गिरने से एक ग्रामीण की मौत हो गई। यह ग्रामीण अपनी बकरी की तलाश में निकला था, तभी आंधी की चपेट में आ गया और पेड़ गिरने से उसकी जान चली गई।1
- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में मानसून ने धमाकेदार दस्तक दी है। इस दौरान तेज हवाओं के साथ जमकर बारिश हुई, जिससे इलाके में मानसूनी गतिविधियों का जोरदार आगाज हुआ।1
- छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहाँ प्रेमिका से मुलाकात न होने पर एक नाबालिग आशिक अपने साथियों के साथ भड़क उठा और जमकर उत्पात मचाया। 10-11 मई की रात, इन बदमाशों ने मालखरौदा और जैजैपुर क्षेत्र के काशीगढ़, तुषार, बोदसरा, कचंदा, पीहरीद, छोटे सीपत, कलमी और जमगहान सहित कई गांवों में सड़क किनारे और घरों के पास खड़ी 28 कारों के शीशे तोड़ दिए। इतना ही नहीं, उन्होंने 11 कारों से पर्स, नगदी, इलेक्ट्रॉनिक वायर, जैक-पाना सहित लगभग 47 हजार रुपये का सामान भी चुरा लिया। पीड़ितों की शिकायत के बाद मालखरौदा में 6 और जैजैपुर में 5 मामले दर्ज किए गए। पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल कुमार ठाकुर के निर्देश पर एक विशेष टीम गठित की गई, जिसने 20 से 25 सीसीटीवी फुटेज खंगाले और टॉवर डंप से करीब 4 हजार मोबाइल नंबरों का सत्यापन किया। जांच के दौरान, दिल्ली भागने की फिराक में खड़े आरोपी गुलशन कुमार बरेठ को खरसिया रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में हर्ष सिदार उर्फ बिट्टू और दो नाबालिगों की संलिप्तता भी सामने आई। आरोपी ने पुलिस को बताया कि प्रेमिका से देर रात मुलाकात नहीं हो पाने के गुस्से में उसने इस पूरी घटना को अंजाम दिया था। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 2 नाबालिगों सहित कुल 4 आरोपियों को पकड़ा। आरोपियों के कब्जे से चोरी की गई नगदी में से 4 हजार रुपये, 5 जैक, 5 रॉड, 2 बंडल इलेक्ट्रॉनिक वायर, 2 स्टेपनी टायर और 2 डीजल वाइब्रेटर मशीन बरामद की गई हैं। सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है। गौरतलब है कि सक्ती पुलिस ने ग्राम सुखदा के दोनों आरोपियों का सार्वजनिक जुलूस भी निकाला, जिससे इस मामले में पुलिस की सख्त कार्रवाई का संदेश गया।1