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रायबरेली : एबीवीपी संगठन के धरने के बाद पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, शहर कोतवाली इलाके मे छात्र राम तिवारी ने पांच मार्च को लगाया था फाँसी, एक दिन पहले एबीवीपी के धरना देने के बाद शहर कोतवाली पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा रायबरेली : एबीवीपी संगठन के धरने के बाद पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, शहर कोतवाली इलाके मे छात्र राम तिवारी ने पांच मार्च को लगाया था फाँसी, एक दिन पहले एबीवीपी के धरना देने के बाद शहर कोतवाली पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
Journalist Anurag Srivastava
रायबरेली : एबीवीपी संगठन के धरने के बाद पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, शहर कोतवाली इलाके मे छात्र राम तिवारी ने पांच मार्च को लगाया था फाँसी, एक दिन पहले एबीवीपी के धरना देने के बाद शहर कोतवाली पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा रायबरेली : एबीवीपी संगठन के धरने के बाद पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा, शहर कोतवाली इलाके मे छात्र राम तिवारी ने पांच मार्च को लगाया था फाँसी, एक दिन पहले एबीवीपी के धरना देने के बाद शहर कोतवाली पुलिस ने दर्ज किया मुकदमा
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- नरेंद्र गायब, सिलेंडर गायब.... देशभर में LPG की किल्लत से करोड़ों परिवार परेशान हैं। रसोई ठप है, लोग घंटों लाइन में खड़े हैं, लेकिन सरकार की तरफ से कोई जवाब नहीं। ऐसे समय में संसद परिसर में विपक्षी नेताओं ने जनता की आवाज़ बुलंद करते हुए सरकार से तुरंत कदम उठाने और हालात संभालने की मांग की है - राहुल गांधी 📍 नई दिल्ली2
- ऊंचाहार , रायबरेली । कांग्रेस नेता की खेत में खड़ी सरसों की फसल कुछ लोगों ने जबरन टैक्टर से जोत डाली। विरोध करने पर दबंगों ने जान से मारने की नीयत से तमंचे से फायर कर दिया और हमलावर जान मॉल की धमकी देते हुए फरार हो गए। पीड़ित ने चार लोगों को नामजद करते हुए अन्य 15 अज्ञात के खिलाफ पुलिस को तहरीर देकर कार्यवाही करने की गुहार लगाई है। क्षेत्र के पूरे भूसई पाण्डेय का पुरवा मजरे इटौरा बुजुर्ग निवासी शिव कुमार पाण्डेय लंबे अरसे से कांग्रेस पार्टी में सक्रिय रूप से जुड़े हैं। इनका कहना है कि लखनऊ प्रयागराज राष्ट्रीय राज मार्ग पर चड़रई चौराहे के एक अस्थाई निवास बनकर वर्षों से रह रहे हैं। बगल में उनकी जमीन है। जिसमे सरसों की फसल बोई थी। जो करीब पक कर तैयार हो चुकी थी। जिसे विपक्षियों ने लाठी डंडे व असलहे से लैश अपने 15 साथियों के साथ बुधवार को जबरन उनकी सरसों की फसल ट्रैक्टर से जोत डाली। विरोध करने पर जान से मारने की नीयत से तमंचे से फायर किया है,लेकिन वह बाल बाल बच गए और भाग कर घर में घुस कर जान बचाई है। जिसके बाद डायल पुलिस को सूचना दी गई। शुक्रवार को पीड़ित कांग्रेसी नेता ने कोतवाली में तहरीर देकर सुरक्षा की मांग करते हुए विपक्षियों पर कार्यवाही करने की पुलिस से गुहार लगाई है। वहीं आरोप लगाया कि पुलिस विपक्षियों पर कार्यवाही करने की बजाय टाल मटोल कर रही है। उधर, पुलिस मामले की जांच कर कार्यवाही की बात कह रही है।1
- "देखिए कैसे बहू को सास और ननद मिलकर घर से बाहर खींच लाई"..घसीटा मारपीट की यूपी के औरैया में सास और ननद का कहर बहू पर टूटा..घर में पिटाई करने के बाद बाहर सड़क तक खींच लाई. बहू के बचाव में उसकी बहन वीडियो बनाना शुरू किया..गृह युद्ध का वीडियो वायरल है. यूपी पुलिस को आरोपी महिलाओं पर कड़ी कार्यवाही करनी चाहिए..!1
- रायबरेली के ऊंचाहार तहसील में एक कंप्यूटर ऑपरेटर को बिना किसी पूर्व सूचना या विधिक प्रक्रिया के उसके पद से हटा दिया गया है। यह ऑपरेटर पिछले 22 वर्षों से खतौनी काउंटर पर कार्यरत था। इस मामले ने प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। तहसीलदार आकांक्षा दीक्षित ने पत्रांक संख्या 303/2026 के तहत एक आदेश जारी किया है। इस आदेश में 22 वर्षों से खतौनी काउंटर पर कार्यरत अनुभवी कंप्यूटर ऑपरेटर को बिना किसी कारण, नोटिस या विधिक प्रक्रिया का पालन किए हटा दिया गया। तहसीलदार के आदेश में कहा गया है कि यूपीडा (UPIDA) परियोजनाओं में 'काम की कमी' के कारण वहां के ऑपरेटर गौरव शुक्ला को खतौनी का कार्यभार सौंपा जा रहा है। इस निर्णय पर सवाल उठ रहे हैं कि क्या भूमि अभिलेख जैसे संवेदनशील डेटा का एक्सेस किसी बाहरी एजेंसी के कर्मचारी को देना उचित है, और क्या यह किसानों की गोपनीय जानकारी से समझौता नहीं है। नियमानुसार, किसी भी संविदा कर्मचारी को हटाने से पहले उसे अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाना चाहिए। हालांकि, इस मामले में इस प्रक्रिया का पालन नहीं किया गया। 20 वर्षों से अधिक समय से सेवा दे रहे एक कुशल कर्मचारी को अचानक हटाना न केवल प्रक्रियात्मक त्रुटि है, बल्कि इससे उसकी आजीविका पर भी सीधा प्रभाव पड़ा है। इस पूरे प्रकरण ने तहसील प्रशासन की मंशा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि इस अदला-बदली के पीछे कोई निजी स्वार्थ या विशेष व्यक्ति को लाभ पहुंचाने का उद्देश्य हो सकता है। तुगलकी फरमान' को तुरंत वापस नहीं लिया गया, तो यह मामला शासन की छवि पर एक गहरा धब्बा साबित होगा।मामले में एडीएम प्रशासन सिद्धार्थ वर्मा ने बताया कि जानकारी मिल गई है। जांच करवाकर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जायेगी।1
- Post by Rakesh Rawat1
- मरका बांदा से संचालित खंड नंबर -3 के मोरम घाट से ओवरलोड वाहनों के संचालन एनजीटी के निर्देशो मोटर व्हीकल एक्ट के उलंघन तथा संबंधित अधिकारियों की लापरवाही से जनपद फतेहपुर में करोड़ों रुपयों की लागत से सड़कों का निर्माण कराया जाता है परंतु ओवरलोड वाहनों के संचालन के कारण यह सड़के एक वर्ष भी सही स्थिति में नहीं रह पाती और जल्द ही बड़े-बड़े गड्ढे में तब्दील हो जाती हैं कहने को तो यह घाट जनपद बांदा के मरका में संचालित है लेकिन ओवरलोड डंपरों व ट्रकों का संचालन जनपद फतेहपुर के रामनगर कौहन होते हुए असोथर नगर पंचायत से थरियांव प्रयागराज रायबरेली प्रतापगढ़ सुल्तानपुर आदि जिलों को जाते हैं ओवरलोड वाहनों के चलने से सड़कें ध्वस्त हो रही है जनपद बांदा व फतेहपुर के अधिकारियों ने घाट संचालकों को दे रखी है खुली छूट आज दिनांक 13-02-2026 को संयुक्त टीम ने महज एक ओवरलोड डंपर पड़कर कार्यवाही की है । क्या टीमों के मुख्यालय से चलने से पहले ही घाट संचालकों को सूचना हो जाती है की टीम आ रही है जगह-जगह पर लगे हुए लोकेटर पल-पल की देते रहते हैं सूचना कुछ दिन पूर्व लोकेटरों के ऊपर जिस तरह की कार्यवाही हुई थी क्या उस तरह की कार्यवाही यहां के लोकेटरों पर भी होगी। घाट संचालकों के हौसले बुलंद अधिकारियों ने दे रखी है पूरी तरह से छूट आखिर घाट संचालकों के ऊपर कब कार्यवाही होगी यह तो समय के गर्भ में है।3
- रायबरेली में गैस सिलेंडर न मिलने से उपभोक्ताओं की परेशानी बढ़ती जा रही है। गांव के कई परिवार पिछले कई दिनों से गैस सिलेंडर के लिए एजेंसी के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन उन्हें समय पर गैस उपलब्ध नहीं हो पा रही है। गैस न मिलने के कारण लोगों को खाना बनाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और कई घरों में फिर से लकड़ी व चूल्हे का सहारा लेना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि एजेंसी पर बार-बार जाने के बाद भी उन्हें स्पष्ट जवाब नहीं मिल रहा है, जिससे नाराजगी बढ़ती जा रही है। लोगों का आरोप है कि समय पर गैस न मिलने से रोजमर्रा का कामकाज प्रभावित हो रहा है और खासकर महिलाओं को ज्यादा परेशानी उठानी पड़ रही है। वहीं गैस एजेंसी के मालिक का कहना है कि गैस की पर्याप्त उपलब्धता है, लेकिन तकनीकी समस्या (टेक्निकल इश्यू) के कारण वितरण व्यवस्था प्रभावित हो गई है। उन्होंने बताया कि समस्या को जल्द ठीक करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि उपभोक्ताओं को समय पर गैस सिलेंडर मिल सके और उन्हें किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।1
- नरेंद्र गायब, सिलेंडर गायब.... देशभर में LPG की किल्लत से करोड़ों परिवार परेशान हैं। रसोई ठप है, लोग घंटों लाइन में खड़े हैं, लेकिन सरकार की तरफ से कोई जवाब नहीं। ऐसे समय में संसद परिसर में विपक्षी नेताओं ने जनता की आवाज़ बुलंद करते हुए सरकार से तुरंत कदम उठाने और हालात संभालने की मांग की है। 📍 नई दिल्ली1
- खागा फतेहपुर ::- युवा, किसान और कार्यकर्ता आंदोलन को दे रहे मजबूती कालिंजर/नरैनी, 13मार्च। बुंदेलखंड राज्य निर्माण की मांग को लेकर निकाली जा रही “गांव–गांव, पांव–पांव यात्रा” अपने आठवें दिन कालिंजर–नरैनी क्षेत्र में पहुँची, जहाँ स्थानीय लोगों ने यात्रा का स्वागत किया। यात्रा में बुंदेलखंड विकास बोर्ड के उपाध्यक्ष राजा बुंदेला, बुंदेलखंड राष्ट्र समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रवीण पांडेय, यात्रा संयोजक आश्रय सिंह तथा बांदा क्षेत्र के नेतृत्वकर्ता जयराम सिंह सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे। यह यात्रा पृथक बुंदेलखंड राज्य निर्माण के समर्थन में जनजागरण के उद्देश्य से निकाली जा रही है। यात्रा में शामिल युवा, किसान और सामाजिक कार्यकर्ता गांव–गांव जाकर लोगों को अलग राज्य के महत्व और उसके लाभों के बारे में जागरूक कर रहे हैं। इस अवसर पर प्रवीण पांडेय ने कहा कि बुंदेलखंड दशकों से भुखमरी, बेरोजगारी, पलायन और पानी की गंभीर समस्या से जूझ रहा है। उन्होंने कहा कि अलग राज्य बनने से स्थानीय सरकार रोजगार, सिंचाई और कृषि से जुड़े मुद्दों पर प्रभावी ढंग से काम कर सकेगी। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि अब समय आ गया है कि हर घर से दो हाथ इस आंदोलन के लिए आगे आएं, ताकि बुंदेलखंड के अधिकार और सम्मान की लड़ाई को और मजबूत किया जा सके। बुंदेलखंड राज्य के समर्थन में अपनी आवाज बुलंद की और लोगों से आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया। यात्रा में मुख्य रूप से राजा बुंदेला, प्रवीण पांडेय, जयराम सिंह, कालू राम प्रजापति, अजय सिंह, सत्येंद्र सिंह, राजू सिंह सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित रहे।4