मध्यप्रदेश NSUI और ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अम्बाह के संयुक्त तत्वावधान में अम्बाह के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों को फल वितरित किए गए। यह आयोजन पूर्व विधायक एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी आदरणीय श्री सत्यपाल सिंह सिकरवार 'नीटू' जी के जन्मदिन के अवसर पर किया गया, जिसके माध्यम से सेवा और जनकल्याण का संदेश भी दिया गया। इस अवसर पर उपस्थित कांग्रेसजनों और NSUI कार्यकर्ताओं ने मरीजों का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। कार्यक्रम में मुख्य रूप से ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष श्री शैलेन्द्र शर्मा, मध्यप्रदेश NSUI सचिव श्री रोहित गुधैनिया, कांग्रेस प्रवक्ता मनोज थापक 'मन्नू', अंकित उपाध्याय, वीरू कुशवाह, ऋषभ शर्मा, विवेक नागर, राहुल बाथम, महेश विकल, नोनू खान, तुषार कुशवाह सहित अनेक कांग्रेसजन एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी उपस्थितजनों ने श्री सत्यपाल सिंह सिकरवार 'नीटू' जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उनके स्वस्थ, सुखद एवं दीर्घायु जीवन की कामना की।
मध्यप्रदेश NSUI और ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अम्बाह के संयुक्त तत्वावधान में अम्बाह के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती मरीजों और उनके परिजनों को फल वितरित किए गए। यह आयोजन पूर्व विधायक एवं पूर्व लोकसभा प्रत्याशी आदरणीय श्री सत्यपाल सिंह सिकरवार 'नीटू' जी के जन्मदिन के अवसर पर किया गया, जिसके माध्यम से सेवा और जनकल्याण का संदेश भी दिया गया। इस अवसर पर उपस्थित कांग्रेसजनों और NSUI कार्यकर्ताओं ने मरीजों का हालचाल जाना और उनके शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना की। कार्यक्रम में मुख्य रूप से ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष श्री शैलेन्द्र शर्मा, मध्यप्रदेश NSUI सचिव श्री रोहित गुधैनिया, कांग्रेस प्रवक्ता मनोज थापक 'मन्नू', अंकित उपाध्याय, वीरू कुशवाह, ऋषभ शर्मा, विवेक नागर, राहुल बाथम, महेश विकल, नोनू खान, तुषार कुशवाह सहित अनेक कांग्रेसजन एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी उपस्थितजनों ने श्री सत्यपाल सिंह सिकरवार 'नीटू' जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए उनके स्वस्थ, सुखद एवं दीर्घायु जीवन की कामना की।
- मध्य प्रदेश के पोरसा शहर में मोहर्रम के अवसर पर इस साल कुल 24 ताजिये तैयार किए गए हैं, जिनका भव्य जुलूस 26 जून को निकाला जाएगा। मोहर्रम एवं कर्बला इंतजामिया कमेटी के अध्यक्ष जनाब यूनिस खां पठान ने बताया कि 23 जून को आलम उठाए गए थे। अब 25 जून की रात में ताजिये गश्त पर निकलेंगे, और फिर 26 जून को दिन में ये ताजिये बाजार में भ्रमण करते हुए कर्बला पहुंचेंगे। इस वर्ष तैयार हुए 24 ताजियों में जनाब मुन्ना स्या का बुर्राक, समीर खान का पंचायती जामा मस्जिद, अनवर का पुरानी बस्ती, रशीद खां, रफीक खान मुल्लाजी, रमजानी खां का इमली चौक, मुन्ना खां का गांधीनगर, याकूब खां का पुराना खेरा, सादिक खां का पुराना खेरा, अंसार खां का इमली चौक, शद्दों खां, शहजाद खां, कासिम खां का छोटा पंचायती बगिया मोहल्ला, बल्ली खां, मुन्ना खां अब्बासी, सलीम खान का मोहल्ला पंचायती ईदगाह मोहल्ला, फिरोज शाह, अब्बू उर्फ अबरार खां, दिलशाद खां, बशारत खान, पुल्ली खां, साबिर खां और हसन खां द्वारा ताजियों का निर्माण किया गया है। सभी ताजिये पूरी तरह बनकर तैयार हो चुके हैं। शहर में दो प्रमुख अखाड़े भी हैं: जनाब सूफी आबिद खां खलीफा का अब्दुल्ला अखाड़ा और जनाब शरीफ खां खलीफा का इस्लामिया अखाड़ा।1
- मुरैना जिले के पोरसा में, पुलिस ने साइबर अपराधों के प्रति लोगों को जागरूक करने के उद्देश्य से एक 15 दिवसीय विशेष अभियान "SAFE CLICK 2.0" शुरू किया है। इस पहल के तहत, साइबर विशेषज्ञ और महुआ थाना प्रभारी उपेंद्र पाराशर आमजन को ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के महत्वपूर्ण तरीके बता रहे हैं। अभियान के दौरान, पाराशर ने नागरिकों को अनजान लिंक पर क्लिक न करने, किसी भी व्यक्ति के साथ ओटीपी, बैंक विवरण या पासवर्ड साझा न करने, और सोशल मीडिया तथा ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने लोगों को फर्जी कॉल, लॉटरी और नौकरी के झांसे में न आने के लिए भी चेतावनी दी। साइबर धोखाधड़ी का शिकार होने पर तुरंत हेल्पलाइन नंबर 1930 पर शिकायत दर्ज कराने का महत्व भी बताया गया। पुलिस ने जनता से अपील की है कि वे इस जानकारी को अपने परिवार, मित्रों और परिचितों तक अवश्य पहुंचाएं ताकि सभी सुरक्षित रह सकें और साइबर अपराधियों के नए-नए तरीकों से बच सकें।1
- उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा रजिस्ट्री कार्यालयों में प्रस्तावित पेपरलेस ई-रजिस्ट्री व्यवस्था को लेकर फतेहाबाद के अधिवक्ताओं में भारी आक्रोश है। इसी के चलते 25 जून गुरुवार को बार एसोसिएशन फतेहाबाद के बैनर तले अधिवक्ताओं ने तहसील परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। नारेबाजी करते हुए अधिवक्ताओं का जत्था तहसीलदार कार्यालय पहुंचा और तहसीलदार बब्लेश कुमार को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन सौंपा। प्रदर्शन से पहले बार एसोसिएशन की बार सभागार में एक बैठक आयोजित की गई, जहाँ अधिवक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि प्रदेश सरकार की यह प्रस्तावित ई-रजिस्ट्री व्यवस्था अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों, स्टांप विक्रेताओं और टाइपिस्टों के रोजगार को पूरी तरह खत्म कर देगी, जिससे हजारों परिवार सीधे तौर पर प्रभावित होंगे। अधिवक्ताओं ने यह भी कहा कि नई व्यवस्था से आम जनता को भी परेशानी होगी, क्योंकि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को तकनीकी जानकारी न होने के कारण दलालों पर निर्भर रहना पड़ेगा, जिससे भ्रष्टाचार बढ़ने के साथ-साथ रजिस्ट्री की लागत भी बढ़ जाएगी। इस जनविरोधी निर्णय के खिलाफ 15 जून से ही उपनिबंधक कार्यालय फतेहाबाद में अधिवक्ताओं की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी है। हड़ताल के दौरान रजिस्ट्री बैनामा, वसीयत, गोदनामा सहित कोई भी कार्य अधिवक्ताओं द्वारा नहीं किया जा रहा है। गुरुवार दोपहर बाद सभी अधिवक्ता एकजुट हुए और “ई-रजिस्ट्री वापस लो, अधिवक्ता एकता जिंदाबाद” के नारे लगाते हुए तहसील परिसर में प्रदर्शन किया। उन्होंने तहसीलदार को ज्ञापन सौंपकर मांग की कि सरकार तत्काल इस निर्णय को वापस ले। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जल्द उनकी मांगें नहीं मानीं, तो जिले स्तर पर एक बड़ा आंदोलन किया जाएगा और प्रदेश भर के अधिवक्ता सड़कों पर उतरने को मजबूर होंगे। इस प्रदर्शन और बैठक में बड़ी संख्या में अधिवक्ता उपस्थित रहे।1
- मुरैना के वार्ड क्रमांक 47 निवासी रविकांत जाटव ने खाद्य विभाग पर राशन दुकान आवंटन प्रक्रिया में पारदर्शिता न बरतने और पक्षपात का गंभीर आरोप लगाया है। रविकांत जाटव का कहना है कि हाई कोर्ट के निर्देशानुसार वार्ड में एक उचित मूल्य की दुकान का आवंटन किया जाना था, लेकिन विभाग ने बिना किसी प्रेस विज्ञप्ति या सार्वजनिक सूचना के गुपचुप तरीके से दुकान का आवंटन कर दिया। उनके अनुसार, इस प्रक्रिया के कारण पात्र आवेदकों को आवेदन करने का अवसर ही नहीं मिल सका। जाटव ने बताया कि वार्ड में कई स्व-सहायता समूह और अन्य पात्र दावेदार मौजूद हैं। उनका स्वयं का समूह भी पिछले सात वर्षों से संचालित है, फिर भी उन्हें आवंटन प्रक्रिया के संबंध में कोई जानकारी नहीं दी गई। उनका तर्क है कि यदि नियमों के अनुसार सार्वजनिक सूचना जारी की जाती, तो सभी इच्छुक और पात्र आवेदकों को आवेदन करने का समान अवसर मिलता। रविकांत जाटव ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करने, आवंटन प्रक्रिया को सार्वजनिक करने और नियमों के अनुसार उचित कार्रवाई किए जाने की मांग की है।1
- फतेहाबाद तहसील के ग्राम नगरिया निवासी एक ग्रामीण ने वन विभाग की भूमि पर अवैध कब्जे और खेती किए जाने का आरोप लगाते हुए वन क्षेत्राधिकारी कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई है। शिकायतकर्ता का कहना है कि वह लंबे समय से अधिकारियों के चक्कर लगा रहा है, लेकिन अभी तक इस मामले में कोई कार्रवाई नहीं हुई है। ग्राम नगरिया के किसान देवीराम पुत्र चूरामनि ने अपनी शिकायत में बताया कि गांव में स्थित वन विभाग की विभिन्न गाटा संख्याओं की भूमि पर कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से अवैध कब्जा कर खेती की जा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि कब्जाधारक वर्षों से वन विभाग की इस भूमि का उपयोग कर आर्थिक लाभ उठा रहे हैं, जिससे विभाग को नुकसान हो रहा है। देवीराम के अनुसार, उन्होंने इस मामले की शिकायत कई बार संबंधित अधिकारियों से की, लेकिन उनकी कोई सुनवाई नहीं हुई। उन्होंने यह भी बताया कि जिलाधिकारी आगरा, डीएफओ और मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी इस संबंध में शिकायत दर्ज कराई जा चुकी है, फिर भी आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। पीड़ित ने आरोप लगाया कि शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी इस मामले को गंभीरता से नहीं ले रहे हैं। शिकायतकर्ता ने वन विभाग की भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने तथा अवैध कब्जा करने वालों के खिलाफ विभागीय और कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। इस बीच, वन क्षेत्राधिकार विशाल सिंह राठौर ने आश्वासन दिया है कि मिली शिकायत के आधार पर मामले की जांच कराई जाएगी।1
- उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा रजिस्ट्री कार्यालयों में प्रस्तावित पेपरलेस ई-रजिस्ट्री व्यवस्था के विरोध में अधिवक्ताओं में भारी आक्रोश है। इसी क्रम में फतेहाबाद बार एसोसिएशन के तत्वावधान में अधिवक्ताओं ने गुरुवार, 25 जून को तहसील परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान अधिवक्ताओं ने नारेबाजी करते हुए मुख्यमंत्री के नाम संबोधित एक ज्ञापन तहसीलदार बब्लेश कुमार को सौंपा। यह प्रदर्शन 15 जून से जारी अधिवक्ताओं की अनिश्चितकालीन हड़ताल का हिस्सा है। प्रदर्शन से पूर्व बार सभागार में हुई बैठक में अधिवक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि सरकार की प्रस्तावित ई-रजिस्ट्री व्यवस्था से अधिवक्ताओं, दस्तावेज लेखकों, स्टांप विक्रेताओं और टाइपिस्टों सहित हजारों परिवारों का रोजगार पूरी तरह खत्म हो जाएगा। अधिवक्ताओं का कहना था कि नई व्यवस्था से आम जनता को भी परेशानी होगी, क्योंकि ग्रामीण क्षेत्र के लोगों को तकनीकी जानकारी न होने के कारण दलालों पर निर्भर रहना पड़ेगा, जिससे भ्रष्टाचार बढ़ेगा और रजिस्ट्री की लागत भी बढ़ जाएगी। बैठक में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया कि सरकार के इस जनविरोधी निर्णय के खिलाफ 15 जून से उपनिबंधक कार्यालय फतेहाबाद में अधिवक्ताओं की अनिश्चितकालीन हड़ताल जारी रहेगी, जिसके तहत रजिस्ट्री बैनामा, वसीयत, गोदनामा सहित कोई भी कार्य अधिवक्ताओं द्वारा नहीं किया जाएगा। गुरुवार को दोपहर बाद सभी अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर “ई-रजिस्ट्री वापस लो, अधिवक्ता एकता जिंदाबाद” के नारे लगाते हुए तहसील परिसर में प्रदर्शन किया। ज्ञापन सौंपते हुए अधिवक्ताओं ने मांग की कि सरकार इस निर्णय को तत्काल वापस ले। प्रदर्शन और बैठक में वरिष्ठ अधिवक्ता जुगराज सिंह, सुरेन्द्र पैगोरिया, चोब सिंह, पुष्पेंद्र सिंह बघेल, सुभाष चंद्र शर्मा, दिनेश कुमार पाठक, शिवस्वरूप गुप्ता, देवेंद्र पाठक, अवनीश पैगोरिया, चंदन श्रीवास्तव, ज्ञानदेव सिंह, जयपाल सिंह यादव, आशीष कुमार एडवोकेट, मानवेंद्र सिंह गुर्जर एडवोकेट, शैलेंद्र सिंह गुर्जर एडवोकेट, अमरदीप कंसाना एडवोकेट, राजेश कुशवाहा, देवेंद्र सिंह गुर्जर, विष्णु वर्मा, अनिल गुर्जर एडवोकेट, प्रेमसेवक शर्मा एडवोकेट, प्रेमहंस सहित बड़ी संख्या में अधिवक्ता उपस्थित रहे। अधिवक्ताओं ने चेतावनी दी है कि यदि सरकार ने जल्द उनकी मांगें नहीं मानीं तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा, जिसमें जिले स्तर पर बड़ा आंदोलन और प्रदेश भर के अधिवक्ताओं का सड़कों पर उतरना शामिल होगा।1
- पोरसा शहर में मोहर्रम की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, जहाँ 26 जून को शहर भर में ताजिये निकाले जाएंगे। मोहर्रम एवं कर्बला इंतजामिया कमेटी के अध्यक्ष जनाब यूनिस खां पठान ने बताया कि 23 जून को आलम उठाए गए। इसके बाद, 25 जून की रात में ताजिये गश्त पर निकलेंगे और फिर 26 जून को दिन में बाजार और पूरे शहर का भ्रमण करते हुए कर्बला पहुंचेंगे। इस वर्ष कुल 24 ताजिये बनाए गए हैं, जिनमें से जनाब मुन्ना स्या का बुर्राक, समीर खान का पंचायती जामा मस्जिद ताजिया, अनवर का पुरानी बस्ती का ताजिया, रशीद खां, रफीक खान मुल्लाजी, रमजानी खां (इमली चौक), मुन्ना खां (गांधीनगर), याकूब खां (पुराना खेरा), सादिक खां (पुराना खेरा), अंसार खां (इमली चौक), शद्दों खां और शहजाद ख़ां के ताजिये प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त, कासिम खां (छोटा पंचायती बगिया मोहल्ला), बल्ली खां, मुन्ना खां अब्बासी, सलीम खान (मोहल्ला पंचायती ईदगाह मोहल्ला), फिरोज शाह, अब्बू उर्फ अबरार खां, दिलशाद खां, बशारत खान, पुल्ली खां, साबिर खां और हसन खां द्वारा भी ताजियों का निर्माण किया गया है। सभी ताजिये पूरी तरह से बनकर तैयार हो चुके हैं। कार्यक्रम के दौरान, जनाब सूफी आबिद खां खलीफा का अब्दुल्ला अखाड़ा और जनाब शरीफ खां खलीफा का इस्लामिया अखाड़ा भी मौजूद रहेगा।1
- राजस्थान शिक्षक संघ (शेखावत) ने अपने प्रांतीय आह्वान के तहत गुरुवार को धौलपुर स्थित जिला कलेक्ट्रेट पर शिक्षकों की विभिन्न लंबित मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। इस दौरान, संगठन ने जिला कलेक्टर के माध्यम से शिक्षामंत्री, राजस्थान सरकार को एक ज्ञापन सौंपा, जिसमें उन्होंने वर्ष 2012 से पूर्व नियुक्त शिक्षकों के लिए टीईटी (TET) की अनिवार्यता समाप्त करने की मांग को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री के नाम भी एक अलग ज्ञापन दिया। जिला मंत्री बृजमोहन शर्मा ने बताया कि संगठन ने कई महत्वपूर्ण मांगें उठाई हैं। इनमें टीईटी की अनिवार्यता समाप्त करना, तृतीय श्रेणी शिक्षकों के स्थानांतरण एवं पदोन्नति प्रक्रिया को शुरू करना, पे-प्रोटेक्शन के नाम पर हो रही वसूली को बंद करना, बकाया एमडीएम व ट्रांसपोर्ट वाउचर का भुगतान करना, विद्यालयों में पर्याप्त स्टाफ व मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना, सफाई कर्मियों की नियुक्ति सुनिश्चित करना, स्थायी स्थानांतरण नीति लागू करना, डीपीसी प्रक्रिया को पूर्ण करना तथा आरजीएचएस योजना को जारी रखना शामिल है। जिलाध्यक्ष अविनाश अग्रवाल ने इस अवसर पर अपनी बात रखते हुए कहा कि संगठन लंबे समय से शिक्षकों की इन मांगों को लेकर आंदोलन कर रहा है, लेकिन सरकार की ओर से अभी तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि मांगों का शीघ्र समाधान नहीं किया गया, तो संगठन आगामी चरण में जयपुर और बीकानेर में बड़े स्तर पर आंदोलन करेगा। इस प्रदर्शन में संरक्षक यादवेन्द्र शर्मा, रामगोविंद शर्मा, सभाध्यक्ष मुन्नालाल उपाध्याय, जिलाध्यक्ष अविनाश अग्रवाल, जिला मंत्री बृजमोहन शर्मा, जसेन्द्र सिंह, सोवरन सिंह, गौरव पाठक, दिवाकर दीक्षित, अनिल वर्मा, शास्त्री लाल, उमा अग्रवाल, सुमन रानी, फिरोज खान, श्याम वरन कांसल, रामकुमार शर्मा, यादवेन्द्र सिंह यादव, अमीरी सिंह, गौरव दुबे, राम दुलारा, प्रमोद त्यागी, आशु शर्मा, भगवत प्रसाद, राशिकवेग सहित बड़ी संख्या में शिक्षक उपस्थित रहे।1
- धौलपुर में टाइगर मार्शल आर्ट संस्थान द्वारा आयोजित ग्रीष्मकालीन निःशुल्क बालिका आत्मरक्षा प्रशिक्षण शिविर का समापन समारोह संपन्न हो गया। इस कार्यक्रम में धौलपुर अभिभाषक संघ के अध्यक्ष हरिओम शर्मा और राजस्थान बैडमिंटन संघ के कोषाध्यक्ष मोहम्मद जाकिर हुसैन मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। शिविर में बड़ी संख्या में बालिकाओं ने भाग लेकर आत्मरक्षा की विभिन्न तकनीकों का गहन प्रशिक्षण प्राप्त किया। समारोह का शुभारंभ अतिथियों द्वारा दीप प्रज्वलन और खिलाड़ियों के प्रभावशाली प्रदर्शन के अवलोकन के साथ हुआ। इस दौरान, प्रशिक्षु बालिकाओं ने कराटे, सेल्फ डिफेंस तकनीकों, पंचिंग, किकिंग, और आपातकालीन परिस्थितियों में स्वयं की सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण कौशल का उत्कृष्ट प्रदर्शन कर सभी उपस्थित जनों की खूब सराहना बटोरी। मुख्य अतिथि मोहम्मद जाकिर हुसैन ने भारतीय संस्कृति के आत्मरक्षा और संयम के संदेश पर जोर देते हुए कहा कि मार्शल आर्ट केवल एक खेल नहीं, बल्कि अनुशासन, आत्मविश्वास और आत्मरक्षा का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने युवा पीढ़ी को मोबाइल और फास्ट फूड की आदतों से दूर रहकर खेल एवं व्यायाम को जीवन का अभिन्न अंग बनाने का आह्वान किया, साथ ही स्वर्गीय माता प्रसाद शर्मा टाइगर के बेटियों को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने के संकल्प को भी याद किया। धौलपुर अभिभाषक संघ के अध्यक्ष हरिओम शर्मा ने वर्तमान समय में बेटियों के लिए आत्मरक्षा के ज्ञान को अत्यंत आवश्यक बताते हुए कहा कि मार्शल आर्ट का प्रशिक्षण न केवल शारीरिक बल्कि मानसिक रूप से भी आत्मविश्वास प्रदान करता है। उन्होंने निःशुल्क प्रशिक्षण प्रदान कर समाज में महिला सशक्तिकरण की दिशा में संस्थान के कार्य को सराहनीय बताया। संस्थान के वरिष्ठ संस्थापक हरिमोहन शर्मा ने जानकारी दी कि शिविर के दौरान खिलाड़ियों को आत्मरक्षा के साथ-साथ अनुशासन, फिटनेस, योग, खेल भावना और व्यक्तित्व विकास के बारे में भी व्यापक जानकारी दी गई। कार्यक्रम के अंत में, उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली बालिकाओं को प्रशस्ति पत्र और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया, और पूरे कार्यक्रम का संचालन रंजीत दिवाकर द्वारा किया गया।4