गया स्थित विष्णुपद मंदिर परिसर में राजमाता अहिल्याबाई होलकर की जयंती के अवसर पर भाजपा नेताओं द्वारा उनकी प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। इस दौरान भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ. मनीष पंकज मिश्रा सहित कई नेताओं ने माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस अवसर पर डॉ. मनीष पंकज मिश्रा ने राजमाता अहिल्याबाई होलकर को भारतीय इतिहास की एक महान विभूति बताया, जिन्होंने अपने शासनकाल में जनकल्याण, धर्म, संस्कृति और सामाजिक समरसता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उन्होंने बताया कि राजमाता ने देशभर में अनेक मंदिरों, धर्मशालाओं, घाटों और तीर्थस्थलों का निर्माण व जीर्णोद्धार कराया, जिनमें काशी विश्वनाथ मंदिर, विष्णुपद मंदिर और केदारनाथ जैसे प्रमुख धार्मिक स्थल शामिल हैं। डॉ. मिश्रा के अनुसार, इन स्थलों के संरक्षण एवं विकास में उनका अतुलनीय योगदान रहा है। उन्होंने आगे कहा कि समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण और धार्मिक चेतना के क्षेत्र में राजमाता के कार्य आज भी प्रेरणास्रोत हैं, जिन्होंने अपना जीवन जनता की सेवा और राष्ट्र के सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के लिए समर्पित कर दिया था। उनकी दूरदर्शिता, न्यायप्रियता और जनसेवा की भावना के कारण उन्हें भारतीय इतिहास की सर्वश्रेष्ठ शासिकाओं में से एक गिना जाता है। डॉ. मिश्रा ने इस बात पर जोर दिया कि आज राजमाता अहिल्याबाई होलकर के आदर्शों को आत्मसात कर समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्गों की सेवा के लिए आगे आने की आवश्यकता है, और उनके द्वारा स्थापित मानवीय मूल्यों एवं सेवा की परंपरा को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम में बीजेपी प्रदेश कार्य समिति के सदस्य राजेंद्र प्रसाद अधिवक्ता और संतोष ठाकुर ने भी राजमाता अहिल्याबाई होलकर के चित्र एवं प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया तथा उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। इसके अतिरिक्त, भाजपा के जिला कोषाध्यक्ष दीपक पांडे, गोपाल प्रसाद यादव, हीरा यादव, अभिषेक कुमार राणा, रणजीत सिंह, कमल बारिक, प्रेमनाथ टैया, सुनील रविदास, दीपक कुमार, ऋषिकेश गुड़ा सहित दर्जनों अन्य लोग भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
गया स्थित विष्णुपद मंदिर परिसर में राजमाता अहिल्याबाई होलकर की जयंती के अवसर पर भाजपा नेताओं द्वारा उनकी प्रतिमा पर श्रद्धासुमन अर्पित किए गए। इस दौरान भाजपा के वरिष्ठ नेता डॉ. मनीष पंकज मिश्रा सहित कई नेताओं ने माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस अवसर पर डॉ. मनीष पंकज मिश्रा ने राजमाता अहिल्याबाई होलकर को भारतीय इतिहास की एक महान विभूति बताया, जिन्होंने अपने शासनकाल में जनकल्याण, धर्म, संस्कृति और सामाजिक समरसता को सर्वोच्च प्राथमिकता दी। उन्होंने बताया कि राजमाता ने देशभर में अनेक मंदिरों, धर्मशालाओं, घाटों और तीर्थस्थलों का निर्माण व जीर्णोद्धार कराया, जिनमें काशी विश्वनाथ मंदिर, विष्णुपद मंदिर और केदारनाथ जैसे प्रमुख धार्मिक स्थल शामिल हैं। डॉ. मिश्रा के अनुसार, इन स्थलों के संरक्षण एवं विकास में उनका अतुलनीय योगदान रहा है। उन्होंने आगे कहा कि समाज सेवा, महिला सशक्तिकरण और धार्मिक चेतना के क्षेत्र में राजमाता के कार्य आज भी प्रेरणास्रोत हैं, जिन्होंने अपना जीवन जनता की सेवा और राष्ट्र के सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के लिए समर्पित कर दिया था। उनकी दूरदर्शिता, न्यायप्रियता और जनसेवा की भावना के कारण उन्हें भारतीय इतिहास की सर्वश्रेष्ठ शासिकाओं में से एक गिना जाता है। डॉ. मिश्रा ने इस बात पर जोर दिया कि आज राजमाता अहिल्याबाई होलकर के आदर्शों को आत्मसात कर समाज के कमजोर एवं जरूरतमंद वर्गों की सेवा के लिए आगे आने की आवश्यकता है, और उनके द्वारा स्थापित मानवीय मूल्यों एवं सेवा की परंपरा को आगे बढ़ाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। कार्यक्रम में बीजेपी प्रदेश कार्य समिति के सदस्य राजेंद्र प्रसाद अधिवक्ता और संतोष ठाकुर ने भी राजमाता अहिल्याबाई होलकर के चित्र एवं प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया तथा उनके बताए मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। इसके अतिरिक्त, भाजपा के जिला कोषाध्यक्ष दीपक पांडे, गोपाल प्रसाद यादव, हीरा यादव, अभिषेक कुमार राणा, रणजीत सिंह, कमल बारिक, प्रेमनाथ टैया, सुनील रविदास, दीपक कुमार, ऋषिकेश गुड़ा सहित दर्जनों अन्य लोग भी इस अवसर पर उपस्थित रहे।
- बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रतिनिधियों ने सम्राट चौधरी सरकार पर आरोप लगाया है कि वह राज्य में जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया को 'सैटेलाइट टाउनशिप' और 'ग्रीन फील्ड' के नाम पर बंद करके तथा अब अंचल की भूमिका शामिल करके इसे और अधिक जटिल बना रही है, जिससे यह 'घूस का घोंसला' बन जाएगी। कांग्रेस नेताओं ने कहा कि सरकार ने पहले राज्य के दर्जनों जिलों के सैकड़ों गांवों और नगर निकाय के वार्डों में जमीन रजिस्ट्री को एक साल के लिए रोक दिया था, और अब संपूर्ण बिहार में रजिस्ट्री विभाग के साथ-साथ अंचल को भी जमीन रजिस्ट्रीकरण पद्धति में शामिल करके बिहारवासियों को बड़े संकट में डाल दिया है। नेताओं के अनुसार, 'ग्रीन लैंड सैटेलाइट टाउनशिप' के अंतर्गत आने वाले गांवों और वार्डों के गरीब व मध्यमवर्गीय परिवार पहले से ही अपनी बेटियों की शादी, बच्चों की पढ़ाई या गंभीर बीमारियों जैसे आवश्यक कार्यों के लिए जमीन बेचने में असमर्थ होने के कारण परेशान थे। अब रजिस्ट्री ऑफिस के साथ-साथ अंचल अधिकारी और उनके कार्यालय को जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया में शामिल करने और उनसे रिपोर्ट लेने की पद्धति से लोगों को और अधिक संकट, देरी और भ्रष्टाचार का सामना करना पड़ेगा। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि सरकार का यह कदम किसान-मजदूरों और आमजनों को परेशान करने वाला है। कांग्रेस नेताओं ने स्पष्ट किया कि जमीन रजिस्ट्री, जिसे 'विक्रय मनोबंध पत्र' कहा जाता है, वह जमीन का 'हकियत' (वास्तविक मालिकाना हक) नहीं है, न ही अंचल या म्युनिसिपल रसीदें हकियत दर्शाती हैं। ये सभी केवल रजिस्ट्रेशन और टैक्स संबंधी कागज़ात हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इन कागज़ातों का 'हौआ' बनाकर किसान-मजदूरों और आमजनों को तंग और तबाह करना चाहती है। नेताओं ने राज्य सरकार से मांग की है कि जमीन खरीद-बिक्री की प्रक्रिया को और जटिल बनाने के बजाय उसे आसान किया जाए, ताकि आम जनता को जमीन रजिस्ट्री के लिए अंचल कार्यालय के चक्कर न काटने पड़ें और पहले की तरह आसानी से कार्य संपन्न हो सकें। कांग्रेस पार्टी ने चेतावनी दी है कि यदि राज्य सरकार जल्द से जल्द जमीन खरीद-बिक्री (रजिस्ट्री) पर लगी रोक को हटाती नहीं है और अंचल की भूमिका समाप्त नहीं करती है, तो पार्टी बाध्य होकर जिला रजिस्ट्रार (जिलाधिकारी कार्यालय) और उप-रजिस्ट्रार (रजिस्ट्री ऑफिस कार्यालय) का घेराव करेगी। यह बात बिहार प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रदेश प्रतिनिधि प्रो विजय कुमार मिट्ठू, पूर्व विधायक मोहम्मद खान अली, जिला कांग्रेस उपाध्यक्ष बाबूलाल प्रसाद सिंह, दामोदर गोस्वामी, विपिन बिहारी सिन्हा, इंटक जिला महासचिव टिंकू गिरी, विशाल कुमार, मोहम्मद शामिम आलम, और मुन्ना मांझी सहित अन्य नेताओं ने कही।1
- नीमचक बथानी प्रखंड की बथानी पंचायत के ओढंपुरा गांव में आंधी-पानी के कारण एक बिजली का पोल गिर जाने से पेयजल का संकट उत्पन्न हो गया है। इस जनसमस्या को देखते हुए, माननीय जिला परिषद सदस्य गुलिस्ता खातून ने तत्काल पहल की है, जिसके परिणामस्वरूप ग्रामीणों को टैंकरों के माध्यम से पानी उपलब्ध कराया जा रहा है। गुलिस्ता खातून ने इस बात पर जोर दिया है कि जनसेवा ही उनकी प्राथमिकता है।2
- औरंगाबाद जिले के गोह प्रखंड मुख्यालय स्थित इफको बाजार में खाद की जमाखोरी को लेकर फैल रही अफवाहों के बीच प्रशासन और संबंधित विभाग ने स्थिति स्पष्ट की है। उन्होंने बताया है कि प्रखंड में खरीफ फसल के लिए खाद की कोई कमी नहीं है, और पर्याप्त मात्रा में स्टॉक उपलब्ध है। इफको बाजार से प्राप्त आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, गोदाम में मई 2026 के महीने में भी 5787 बैग खाद पूरी तरह सुरक्षित और उपलब्ध है, जो आगामी खरीफ सीजन के लिए पर्याप्त माना गया है। किसानों से अपील की गई है कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और दिग्भ्रमित न हों।1
- जहानाबाद के मखदुमपुर प्रखंड स्थित मीरा बीघा (हाल्ट) गांव में शनिवार दोपहर 2 बजे अखिल भारतीय किसान सभा का जिला स्तरीय सम्मेलन संपन्न हुआ। इस सम्मेलन की शुरुआत किसान सभा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कामरेड अवधेश कुमार ने संगठन का झंडोत्तोलन कर और शहीद बेदी पर पुष्पांजलि अर्पित कर की। कार्यक्रम की अध्यक्षता कामरेड दिलीप कुमार और शत्रुघ्न प्रसाद ने की, जहाँ संघर्ष को तेज करने का आह्वान किया गया। अपने संबोधन में कामरेड अवधेश कुमार ने पेट्रोल, डीजल और गैस की बढ़ती कीमतों पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए केंद्र और राज्य सरकारों की नीतियों की कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि महंगाई, किसानों को उनकी फसलों का उचित मूल्य न मिलना, कृषि लागत में वृद्धि और बढ़ते अपराधों के कारण आम जनता बेहद परेशान है। सम्मेलन में किसानों के लिए उनकी लागत का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य लागू करने और एकमुश्त ऋण माफी की भी पुरजोर मांग की गई। सम्मेलन के दौरान जिला मंत्री ओमप्रकाश सिंह ने राजनीतिक और संगठनात्मक प्रतिवेदन प्रस्तुत किया, जिसे सभी सदस्यों ने सर्वसम्मति से पारित कर दिया। अंत में, 15 सदस्यीय एक नई जिला कमेटी का गठन किया गया, जिसमें ओमप्रकाश सिंह को जिला अध्यक्ष, दिलीप कुमार को जिला सचिव, शत्रुघ्न कुमार को संयुक्त सचिव, जगदीश प्रसाद को उपाध्यक्ष और मिथिलेश कुमार को कोषाध्यक्ष चुना गया। इसके अतिरिक्त, राज्य सम्मेलन के लिए चार प्रतिनिधियों का भी सर्वसम्मति से चयन किया गया।1
- एक नई सुबह के आगमन पर शुभकामनाएं दी गई हैं, जिसमें कामना की गई है कि लोगों की सुबह सूर्य के समान उज्ज्वल हो। इस संदेश में यह भी कहा गया है कि यह नया दिन भी सूरज की तरह ही चमकीला और रोशन हो।1
- गाजियाबाद के खोड़ा थाना क्षेत्र स्थित नवनीत विहार में बकरीद के दिन एक बेहद चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहाँ कुछ मुस्लिम युवकों ने घर से बुलाकर एक हिंदू छात्र की कथित तौर पर चाकू मारकर हत्या कर दी। यह घटना बृहस्पतिवार दोपहर की है, जब हमलावरों ने युवक से पूछा, 'कभी बकरे को हलाल होते देखा है?' जिसके बाद उसे चाकू मार दिया गया। चाकू लगने के बाद छात्र करीब दो सौ मीटर तक भागा। इसके बाद स्थानीय लोगों और उसके परिजनों की मदद से उसे नोएडा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहाँ शुक्रवार दोपहर उपचार के दौरान छात्र ने दम तोड़ दिया। बताया जा रहा है कि दोनों पक्षों के बीच आठ माह पुराना विवाद था। इस मामले के दो समुदायों से जुड़े होने के कारण क्षेत्र में तनाव का माहौल व्याप्त है। पीड़ित पक्ष ने आरोपितों के खिलाफ पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और आरोपितों की तलाश में दो विशेष टीमों का गठन किया है।1
- रात्रि भ्रमण के दौरान वारिसलीगंज रेलवे प्लेटफॉर्म पर एक व्यक्ति से मुलाकात हुई, जिसने अपना नाम संतोष मांझी बताया। बातचीत से पता चला कि संतोष मांझी के दो बच्चे हैं, उनकी पत्नी का 10 साल पहले निधन हो चुका है, और घर में उनका ध्यान रखने वाला कोई नहीं है। वे घूम-घूम कर मांगकर अपना गुजारा करते हैं। इस मुलाकात के दौरान, पुलिस ने संतोष मांझी से पूछा कि ₹500 मिलने पर वे कितने दिन घर पर आराम कर पाएंगे, जिसके जवाब में उन्होंने 10 दिन का समय बताया। इस पर, पुलिस ने उन्हें ₹500 दिए और निर्देश दिया कि वे 10 दिन तक घर पर आराम करें। साथ ही, उनसे कहा गया कि 10 दिन बाद वे थाना आएं, जहाँ उन्हें राशन उपलब्ध कराया जाएगा ताकि उन्हें मांगने की आवश्यकता न पड़े और वे आराम से घर में रह सकें। इस बातचीत के माध्यम से यह संदेश भी दिया गया कि बच्चों को अपने बुजुर्गों और अभिभावकों को प्यार देना चाहिए।1
- लूटूआ के जंगल में सुरक्षाबलों को एक बड़ी कामयाबी मिली है, जहाँ झाड़ियों में छिपाकर रखे गए दो देसी कट्टे और दो जिंदा .315 बोर के कारतूस बरामद किए गए हैं। इस समय रहते की गई कार्रवाई से सुरक्षाबलों ने नक्सलियों की एक बड़ी साजिश को विफल कर दिया है।1