Shuru
Apke Nagar Ki App…
राजस्थान के बीकानेर जिले में स्थित कोलायत को गुरु तीर्थ के रूप में जाना जाता है। यह स्थान महर्षि कपिल मुनि जी की पावन धरा मानी जाती है।
आवाज़
राजस्थान के बीकानेर जिले में स्थित कोलायत को गुरु तीर्थ के रूप में जाना जाता है। यह स्थान महर्षि कपिल मुनि जी की पावन धरा मानी जाती है।
More news from राजस्थान and nearby areas
- राजस्थान के बीकानेर जिले में स्थित कोलायत को गुरु तीर्थ के रूप में जाना जाता है। यह स्थान महर्षि कपिल मुनि जी की पावन धरा मानी जाती है।1
- बीकानेर के पीबीएम अस्पताल में एक मरीज का सफल इलाज किया गया है। यह खबर स्थानीय स्तर पर चर्चा का विषय बनी हुई है।1
- नागौर में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, मेड़ता की अध्यक्ष तारा अग्रवाल (जिला एवं सेशन न्यायाधीश) के निर्देश पर प्राधिकरण के सचिव संजय कुमार मालवीया ने पुराने अस्पताल परिसर स्थित पालना गृह का निरीक्षण किया। इस निरीक्षण के दौरान पालना गृह की व्यवस्थाओं में कई गंभीर कमियां सामने आईं। सचिव मालवीया ने पालना गृह के अलार्म सिस्टम का परीक्षण किया, जो पूरी तरह निष्क्रिय पाया गया। इसके अलावा, परिसर में साफ-सफाई की व्यवस्था भी संतोषजनक नहीं थी और कई जगहों पर गंदगी मिली। सुरक्षा और अन्य आधारभूत व्यवस्थाओं में भी खामियां देखी गईं, जिस पर सचिव ने गहरी चिंता व्यक्त की। इन गंभीर कमियों को देखते हुए, सचिव मालवीया ने संबंधित अधिकारियों को तुरंत सुधारात्मक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, नागौर को पालना गृह में मिली कमियों को जल्द से जल्द दूर करने, अलार्म सिस्टम को तत्काल चालू करवाने और पालना गृह के सुचारू व सुरक्षित संचालन के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि पालना गृह जैसी संवेदनशील संस्थाओं में सुरक्षा व्यवस्था और आवश्यक सुविधाओं का प्रभावी संचालन सुनिश्चित करना बेहद ज़रूरी है।1
- जोधपुर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए एक MD ड्रग तस्कर के घर पर छापा मारा है। इस छापेमारी के दौरान पुलिस ने भारी मात्रा में अवैध सामान बरामद किया। पुलिस को तस्कर के घर से 9 किलो सोना, 5 किलो चांदी, 2.5 करोड़ रुपये नकद और 1 किलो MD ड्रग मिली है।1
- राजस्थान सरकार के पूर्व कैबिनेट मंत्री साले मोहम्मद ने बुधवार को अपने पोकरण दौरे के दौरान मीडिया से बात करते हुए वर्तमान पोकरण की स्थिति पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने आरोप लगाया कि पोकरण के अधिकारी भूमाफियाओं के साथ मिलकर जमीनों का खेल खेल रहे हैं। पूर्व मंत्री ने कहा कि शहर की बेशकीमती जमीनों पर लगातार अतिक्रमण कर करोड़ों रुपये का मुनाफा कमाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस पूरे मामले पर अधिकारी और जनप्रतिनिधि मौन स्वीकृति साधे हुए हैं।1
- यह कविता व्यक्त करती है कि कवि की आँखों में किसी और का कोई खास महत्व नहीं है। उनकी दृष्टि में केवल अपने प्रिय की तस्वीर ही प्रमुखता से दिखाई देती है, जो उनके गहरे प्रेम और एकाग्रता को दर्शाता है।1
- राजस्थान के श्रीकोलायत क्षेत्र में स्थित शीशा भैरूजी मंदिर के पास 471 बीघा में फैले पवित्र ओरण क्षेत्र में जल संरक्षण और पर्यावरण संवर्धन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कार्य पूरा हो गया है। पूर्व प्रधान जयवीरसिंह भाटी के नेतृत्व में ग्रामीणों और भामाशाहों के जनसहयोग से चलाए गए तालाब खुदाई अभियान को एक माह के भीतर सफलतापूर्वक संपन्न किया गया। इस अभियान पर 20 लाख रुपये से अधिक की राशि खर्च हुई है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य ओरण क्षेत्र में मौजूद सैकड़ों वर्ष पुराने तालाब को पुनर्जीवित करना और उसकी वर्षा जल संग्रहण क्षमता को बढ़ाना था। लंबे समय से उपेक्षित पड़े इस तालाब की सफाई और गहरीकरण होने से अब आगामी बरसात में बड़ी मात्रा में पानी का संचय हो सकेगा, जिससे क्षेत्र के वन्यजीवों, पशुधन और समग्र पर्यावरण को लाभ मिलने की उम्मीद है। पूर्व प्रधान जयवीरसिंह भाटी ने इस कार्य को क्षेत्र की धार्मिक आस्था, संस्कृति और प्राकृतिक विरासत के प्रतीक ओरण के संरक्षण के रूप में देखा। भाटी ने बताया कि अब अगले चरण में इस ओरण क्षेत्र को एक आदर्श चारागाह के रूप में विकसित किया जाएगा, जिससे पशुपालकों को सीधा लाभ मिलेगा। इसके साथ ही, ओरण भूमि पर लगभग 30 परिवारों द्वारा किए गए अतिक्रमण को हटाने की प्रक्रिया भी जारी है, जिसके लिए संबंधित लोगों को 20 जून तक भूमि खाली करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासनिक सहयोग से इस भूमि को पुनः सार्वजनिक उपयोग और पर्यावरण संरक्षण के लिए विकसित किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, आगामी योजना में सीसा भैरूजी मंदिर और आसपास के ओरण क्षेत्र को धार्मिक एवं पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने का भी प्रस्ताव है। इस पहल से क्षेत्र में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार तथा आय के नए अवसर भी सृजित होंगे। ग्रामीणों का मानना है कि वर्षों बाद ओरण क्षेत्र में हुआ यह बड़ा कार्य जल संरक्षण के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है और आने वाली पीढ़ियों के लिए प्राकृतिक धरोहर को सुरक्षित रखने की एक प्रेरणादायक पहल भी है।1
- नागौर जिले के बालासर गांव में एक कथित वायरल वीडियो को लेकर हड़कंप मच गया है। इस वीडियो के कारण गांव में तनाव की स्थिति उत्पन्न हो गई है। वायरल वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों ने गांव में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाए जाने की मांग की है। हालांकि, हम इस वायरल वीडियो की पुष्टि नहीं करते हैं।1