डूंगरपुर में 'वंदे गंगा' जल संरक्षण जन अभियान को भामाशाहों का महत्वपूर्ण सहयोग मिला है। एक सीएसआर (कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) कार्यशाला में शहर के उद्यमियों ने जल संरक्षण कार्यों के लिए कुल ₹2 लाख 4 हजार का आर्थिक सहयोग देने की घोषणा की। जिला कलक्टर देशलदान की अध्यक्षता में जिला परिषद के ईडीपी सभागार में आयोजित इस कार्यशाला में मेवाड़ डेयरी से डूंगर लाल पटेल, जोधपुर मिष्ठान भंडार से राम सिंह, अनुश्री पेट्रोल पंप से गटुसिंह और डॉ गोविंद पटेल ने 51-51 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग प्रदान करने की घोषणा की। कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिला कलक्टर ने आह्वान किया कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप 'वंदे गंगा' जल संरक्षण अभियान डूंगरपुर जिले में एक जन अभियान बने, जिसमें आमजन मन से जुड़कर सहभागी बनें। उन्होंने जल, जमीन और प्रकृति के संरक्षण को हमारा कर्तव्य बताया, ताकि आने वाली पीढ़ियों को शुद्ध जल और वातावरण मिल सके। कलक्टर ने कहा कि हमारी संस्कृति में प्रकृति के साथ सामंजस्य की प्रवृत्ति रही है, इसलिए जल और प्रकृति को सुरक्षित रखने के लिए आमजन को आगे आकर सहयोग की भावना को व्यवहार में लाना होगा, जिससे यह अभियान जन आंदोलन का रूप ले सके। इस दौरान लघु उद्योग भारती राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष योगेंद्र कुमार शर्मा ने अधिक से अधिक सहयोग का प्रयास करने का आश्वासन दिया, जबकि प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य हंसमुख पंडया ने सामूहिक प्रयासों से अभियान में भागीदारी और अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने की बात कही। कार्यवाहक अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ ने अभियान के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला और सीएसआर के तहत आर्थिक सहयोग के अतिरिक्त अन्य प्रकार के योगदान तथा जिला स्तर पर एकत्रित राशि के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी। अधिशासी अभियंता वाटरशेड संदीप पंडया ने एक प्रस्तुति के माध्यम से जल स्रोतों की उपलब्धता, भूजल दोहन की स्थिति, अभियान की आवश्यकता, महत्व, जल संरक्षण के गत वर्ष के कार्यों से भूजल स्तर में हुई वृद्धि और विभाग द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न अभियानों जैसे कर्मभूमि से मातृभूमि, हरियालो राजस्थान और स्वच्छता मिशन के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की। कार्यशाला के अंत में जिला कलक्टर देशलदान ने सभी उपस्थित लोगों को जल संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त और प्रकृति संरक्षण का संकल्प दिलवाया। इस अवसर पर अधीक्षण अभियंता वाटरशेड मूलाराम सोलंकी और उद्योग विभाग के महाप्रबंधक भगवान दास ने गत वर्ष के कार्यों की जानकारी देते हुए सभी से अभियान में महत्वपूर्ण योगदान देने की अपील की। कार्यशाला में गटुसिंह अनुश्री पेट्रोल पंप, रोबिन सिंह कटकेश्वर पेट्रोल पंप, रौनक यादव हमराही इंडस्ट्री, रामसिंह जोधपुर मिष्ठान भंडार, डूंगरलाल पटेल मेवाड़ डेयरी, बाबूलाल मेवाड़ डेयरी, अशोक नेहरा मेवाड़ डेयरी, शंकरलाल जैन महावीर पैकेजिंग, अध्यक्ष लघु भारती इकाई डूंगरपुर अरुण कुमार, यशपाल जैन यशफर्टिलाइजर्स, राजेंद्र शर्मा राजमेट रियल, कन्हैया लाल इंडस्ट्री रीको आसपुर, राजकुमार रीको इंडस्ट्री आसपुर, डूंगर लाल लबाना बिछीवाड़ा, देवेंद्र सुथार विजयलक्ष्मी माल मिल, शैलेंद्र तंबोली अभय आई क्लिनिक, नरवीर सिंह भाटी श्रीनाथ पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल सहित कई जिला स्तरीय अधिकारी, उद्यमी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
डूंगरपुर में 'वंदे गंगा' जल संरक्षण जन अभियान को भामाशाहों का महत्वपूर्ण सहयोग मिला है। एक सीएसआर (कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी) कार्यशाला में शहर के उद्यमियों ने जल संरक्षण कार्यों के लिए कुल ₹2 लाख 4 हजार का आर्थिक सहयोग देने की घोषणा की। जिला कलक्टर देशलदान की अध्यक्षता में जिला परिषद के ईडीपी सभागार में आयोजित इस कार्यशाला में मेवाड़ डेयरी से डूंगर लाल पटेल, जोधपुर मिष्ठान भंडार से राम सिंह, अनुश्री पेट्रोल पंप से गटुसिंह और डॉ गोविंद पटेल ने 51-51 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग प्रदान करने की घोषणा की। कार्यशाला को संबोधित करते हुए जिला कलक्टर ने आह्वान किया कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप 'वंदे गंगा' जल संरक्षण अभियान डूंगरपुर जिले में एक जन अभियान बने, जिसमें आमजन मन से जुड़कर सहभागी बनें। उन्होंने जल, जमीन और प्रकृति के संरक्षण को हमारा कर्तव्य बताया, ताकि आने वाली पीढ़ियों को शुद्ध जल और वातावरण मिल सके। कलक्टर ने कहा कि हमारी संस्कृति में प्रकृति के साथ सामंजस्य की प्रवृत्ति रही है, इसलिए जल और प्रकृति को सुरक्षित रखने के लिए आमजन को आगे आकर सहयोग की भावना को व्यवहार में लाना होगा, जिससे यह अभियान जन आंदोलन का रूप ले सके। इस दौरान लघु उद्योग भारती राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष योगेंद्र कुमार शर्मा ने अधिक से अधिक सहयोग का प्रयास करने का आश्वासन दिया, जबकि प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य हंसमुख पंडया ने सामूहिक प्रयासों से अभियान में भागीदारी और अधिक से अधिक लोगों को जोड़ने की बात कही। कार्यवाहक अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं
मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ ने अभियान के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला और सीएसआर के तहत आर्थिक सहयोग के अतिरिक्त अन्य प्रकार के योगदान तथा जिला स्तर पर एकत्रित राशि के उपयोग की विस्तृत जानकारी दी। अधिशासी अभियंता वाटरशेड संदीप पंडया ने एक प्रस्तुति के माध्यम से जल स्रोतों की उपलब्धता, भूजल दोहन की स्थिति, अभियान की आवश्यकता, महत्व, जल संरक्षण के गत वर्ष के कार्यों से भूजल स्तर में हुई वृद्धि और विभाग द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न अभियानों जैसे कर्मभूमि से मातृभूमि, हरियालो राजस्थान और स्वच्छता मिशन के बारे में विस्तृत जानकारी प्रदान की। कार्यशाला के अंत में जिला कलक्टर देशलदान ने सभी उपस्थित लोगों को जल संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त और प्रकृति संरक्षण का संकल्प दिलवाया। इस अवसर पर अधीक्षण अभियंता वाटरशेड मूलाराम सोलंकी और उद्योग विभाग के महाप्रबंधक भगवान दास ने गत वर्ष के कार्यों की जानकारी देते हुए सभी से अभियान में महत्वपूर्ण योगदान देने की अपील की। कार्यशाला में गटुसिंह अनुश्री पेट्रोल पंप, रोबिन सिंह कटकेश्वर पेट्रोल पंप, रौनक यादव हमराही इंडस्ट्री, रामसिंह जोधपुर मिष्ठान भंडार, डूंगरलाल पटेल मेवाड़ डेयरी, बाबूलाल मेवाड़ डेयरी, अशोक नेहरा मेवाड़ डेयरी, शंकरलाल जैन महावीर पैकेजिंग, अध्यक्ष लघु भारती इकाई डूंगरपुर अरुण कुमार, यशपाल जैन यशफर्टिलाइजर्स, राजेंद्र शर्मा राजमेट रियल, कन्हैया लाल इंडस्ट्री रीको आसपुर, राजकुमार रीको इंडस्ट्री आसपुर, डूंगर लाल लबाना बिछीवाड़ा, देवेंद्र सुथार विजयलक्ष्मी माल मिल, शैलेंद्र तंबोली अभय आई क्लिनिक, नरवीर सिंह भाटी श्रीनाथ पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल सहित कई जिला स्तरीय अधिकारी, उद्यमी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।
- डूंगरपुर में 28 मई को आयोजित सीएसआर कार्यशाला के दौरान 'वंदे गंगा' जल संरक्षण जन अभियान को भामाशाहों का महत्वपूर्ण सहयोग मिला। जिला परिषद के ईडीपी सभागार में जिला कलक्टर देशलदान की अध्यक्षता में हुए इस आयोजन में शहर के कई उद्यमियों ने भाग लिया। इस कार्यशाला में भामाशाह उद्यमी डूंगर लाल पटेल (मेवाड़ डेयरी), राम सिंह (जोधपुर मिष्ठान भंडार), गटुसिंह (अनुश्री पेट्रोल पंप) और डॉ. गोविंद पटेल ने जल संरक्षण कार्यों के लिए 51-51 हजार रुपये का आर्थिक सहयोग देने की घोषणा की। जिला कलक्टर ने उपस्थित सभी लोगों का आह्वान करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री की मंशा के अनुरूप 'वंदे गंगा' जल संरक्षण अभियान को डूंगरपुर जिले में एक जन अभियान बनाया जाए, जिसमें आमजन मन से जुड़कर सहभागी बनें। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जल और प्रकृति का संरक्षण हमारा कर्तव्य है ताकि आने वाली पीढ़ियों को शुद्ध जल और स्वच्छ वातावरण मिल सके। कलक्टर ने कहा कि भारतीय संस्कृति में प्रकृति के साथ सामंजस्य बिठाने की प्रवृत्ति रही है, ऐसे में इस अभियान को जन आंदोलन बनाने के लिए आमजन को सहयोग की भावना के साथ आगे आना होगा। कार्यशाला में लघु उद्योग भारती राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष योगेंद्र कुमार शर्मा और प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य हंसमुख पंडया ने अधिक से अधिक सहयोग प्रदान करने तथा आम व्यक्ति को अभियान से जोड़ने की बात कही। कार्यवाहक अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़ ने अभियान के उद्देश्यों, आर्थिक सहयोग के अतिरिक्त योगदान के तरीकों और जिला स्तर पर एकत्रित राशि के उपयोग के बारे में विस्तार से जानकारी दी। अधिशासी अभियंता वाटरशेड संदीप पंडया ने पीपीटी प्रेजेंटेशन के माध्यम से जल स्रोतों, भूजल दोहन की स्थिति, अभियान की आवश्यकता और महत्व, पिछले वर्ष के कार्यों के बाद भूजल स्तर में हुई वृद्धि, विभाग द्वारा चल रहे कार्यों, साथ ही 'कर्मभूमि से मातृभूमि', 'हरियालो राजस्थान' और 'स्वच्छता मिशन' जैसे अभियानों और सीएसआर की उपयोगिता पर विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। अधीक्षण अभियंता वाटरशेड मूलाराम सोलंकी और उद्योग विभाग के महाप्रबंधक भगवान दास ने पिछले वर्ष की जानकारी साझा करते हुए सभी से अभियान में अहम योगदान देने की अपील की। इस अवसर पर जिला कलक्टर देशलदान ने सभी उपस्थितजनों को जल संरक्षण, प्लास्टिक मुक्त और प्रकृति संरक्षण का संकल्प भी दिलवाया। कार्यशाला में गटुसिंह अनुश्री पेट्रोल पंप, रोबिन सिंह कटकेश्वर पेट्रोल पंप, रौनक यादव हमराही इंडस्ट्री, रामसिंह जोधपुर मिष्ठान भंडार, डूंगरलाल पटेल मेवाड़ डेयरी, बाबूलाल मेवाड़ डेयरी, अशोक नेहरा मेवाड़ डेयरी, शंकरलाल जैन महावीर पैकेजिंग, अध्यक्ष लघु भारती इकाई डूंगरपुर अरुण कुमार, यशपाल जैन यशफर्टिलाइजर्स, राजेंद्र शर्मा राजमेट रियल, कन्हैया लाल इंडस्ट्री रीको आसपुर, राजकुमार रीको इंडस्ट्री आसपुर, डूंगर लाल लबाना बिछीवाड़ा, देवेंद्र सुथार विजयलक्ष्मी माल मिल, शैलेंद्र तंबोली अभय आई क्लिनिक, नरवीर सिंह भाटी श्रीनाथ पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल सहित कई जिला स्तरीय अधिकारी, उद्यमी और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे।1
- डॉ. प्रफुल्ल लबाना ने अपनी विवाह वर्षगांठ को समाज सेवा से जोड़ते हुए एक प्रेरणादायी पहल की। इस अवसर पर वरदान क्लिनिक, पीठ और जलाराम आरोग्य सेवा ट्रस्ट, मेघरज के संयुक्त तत्वावधान में एक निःशुल्क नेत्र जांच एवं मोतियाबिंद ऑपरेशन शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में बड़ी संख्या में लोगों ने पहुँचकर नेत्र स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठाया और कुल 112 मरीजों की आँखों की जाँच की गई। जाँच के उपरांत, 17 मरीजों को मोतियाबिंद ऑपरेशन के लिए चिन्हित किया गया। इसके अतिरिक्त, 32 मरीजों को निःशुल्क दवाइयाँ और आई ड्रॉप्स प्रदान किए गए, जबकि 58 लोगों को राहत दर पर चश्मे उपलब्ध कराए गए। शिविर में विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मरीजों की समस्याओं को सुनकर आवश्यक परामर्श भी दिया। इस पहल के अवसर पर डॉ. प्रफुल्ल लबाना ने कहा कि आँखें मानव जीवन की अमूल्य धरोहर हैं और नियमित जाँच तथा समय पर उपचार से कई गंभीर समस्याओं से बचा जा सकता है। उन्होंने लोगों से अपनी आँखों के स्वास्थ्य के प्रति सजग रहने और समय-समय पर जाँच करवाने का आह्वान किया। जलाराम आरोग्य सेवा ट्रस्ट के पीआरओ बमानिया ने भी उपस्थित लोगों को आँखों की सुरक्षा, स्वच्छता और बचाव के उपायों की जानकारी देकर जागरूक किया, यह रेखांकित करते हुए कि ग्रामीण क्षेत्रों में ऐसे शिविर स्वास्थ्य सेवाओं को लोगों तक पहुँचाने का एक प्रभावी माध्यम हैं। इस शिविर के सफल संचालन में वरदान क्लिनिक की पूरी टीम का महत्वपूर्ण योगदान रहा, जिसमें नरसिंग नैनोमा, जीवराज, राजू, विजयराज, सहायक कुलदीप नाई, दीपक कपाड़िया और अशोक भाई ठाकोर सहित सभी सहयोगियों ने सक्रिय भूमिका निभाई। आयोजकों ने यह भी बताया कि समाज और मानव सेवा के ऐसे जनहितकारी कार्य भविष्य में भी निरंतर जारी रहेंगे, ताकि जरूरतमंद लोगों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएँ पहुँचती रहें।3
- एक पोस्ट के ज़रिए राजस्थान के प्रतापगढ़ जिले में स्थित सावरिया सेठ के बारे में लोगों से पूछा गया है कि कौन-कौन वहाँ गया है। पोस्ट में यह भी उल्लेख किया गया है कि पाठक सावरिया सेठ के बारे में पहले से ही जानते होंगे, और उनसे कमेंट कर अपनी उपस्थिति दर्ज कराने का आग्रह किया गया है। यह पोस्ट 'जय सावरिया सेठ' के उद्घोष के साथ समाप्त होती है।1
- गनोड़ा और आसपास के क्षेत्रों के लोग रोज़ाना बिजली गुल रहने से गंभीर रूप से परेशान हैं, जहाँ उन्हें निर्धारित समय के अतिरिक्त 3-4 घंटे तक बिजली का इंतज़ार करना पड़ता है। ग्रामीणों का कहना है कि कई बार तो पूरी रात बिजली नहीं रहती, जिससे जीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। बिजली की इस किल्लत के कारण रात के समय बच्चों, लड़कियों और महिलाओं को बाहर निकलने में डर लगता है, क्योंकि उन्हें किसी अनहोनी का भय बना रहता है। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि गनोड़ा में अस्पताल, बिजली विभाग और जल विभाग—कोई भी ठीक से काम नहीं कर रहा है, जिससे उनकी मुश्किलें और बढ़ गई हैं। इन समस्याओं से त्रस्त होकर, गनोड़ा और आसपास के ग्रामीण अब जिला कलेक्टर से उम्मीद लगाए बैठे हैं। वे चाहते हैं कि कलेक्टर साहब गनोड़ा का दौरा कर लोगों की इन तमाम परेशानियों का समाधान करें।1
- सकल श्री संघ के तत्वावधान में गुरुवार को कुशलगढ़ स्थित श्री जयन्त विहार, गांधी चौक में “करुणा दिवस” के अवसर पर विशेष आयंबिल तप आराधना पूर्ण श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक वातावरण के बीच सम्पन्न हुई। इस धार्मिक कार्यक्रम में लगभग 55 तपस्वियों ने आयंबिल तप कर जीवदया, करुणा और अहिंसा का महत्वपूर्ण संदेश दिया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य ईद के दौरान होने वाली पशु हिंसा के प्रति समाज में करुणा और संवेदनशीलता जागृत करना था। समाजजनों ने मूक प्राणियों की आत्मिक शांति एवं सद्गति की कामना करते हुए तप, त्याग और आराधना के माध्यम से करुणा को अपने जीवन में उतारने का दृढ़ संकल्प लिया। इस अवसर पर, वर्धमान स्थानकवासी श्री संघ के अध्यक्ष रजनीकांत खाब्या ने स्पष्ट किया कि धर्म का वास्तविक स्वरूप दया, करुणा और अहिंसा में ही निहित है। वहीं, मूर्तिपूजक श्री संघ के अध्यक्ष संघवी कमलेश कावड़िया ने आयंबिल तप को आत्मशुद्धि, संयम और जीवदया का एक श्रेष्ठ माध्यम बताया। कार्यक्रम के समापन के बाद, श्री संघ द्वारा तपस्वियों का अभिनंदन किया गया और अनुमोदना संदेश जारी किया गया। इसके साथ ही, परिषद परिवार के महिला मंडल, तरुण परिषद के युवा साथियों और आयोजन में सहयोग देने वाले सभी दानदाताओं का भी हृदय से आभार व्यक्त किया गया। पूरे आयोजन के दौरान नवकार मंत्र, धर्म आराधना और करुणा के भाव से वातावरण ओतप्रोत नजर आया, जहाँ श्रद्धालुओं ने सामूहिक रूप से जीवमात्र के कल्याण एवं विश्व शांति की मंगलकामना की।1
- एक व्यक्ति ने अधिकारियों से अपील की है कि उनके पैतृक जमीन पर लगे बिजली के खंभे और तार हटाए जाएं, क्योंकि वे उनके घर के निर्माण में रुकावट बन रहे हैं। यह जमीन उनके पिताजी की है, और इन बाधाओं के कारण उन्हें काफी समय से मकान बनाने में परेशानी आ रही है। उन्होंने इन खंभों और तारों को हटाने के लिए उचित कार्रवाई की मांग की है।1
- डूंगरपुर में 'वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान' के तहत पंचायत समिति दोवड़ा की ग्राम पंचायत लोलकपुर स्थित डीमिया बांध पर जिला कलेक्टर देशलदान ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ जल पूजन किया। इस अवसर पर कार्यवाहक अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़, वाटरशेड एसई, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता गोपीचंद वर्मा सहित संबंधित अधिकारी, कर्मचारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।3
- डूंगरपुर जिले में वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान के अंतर्गत दोवड़ा पंचायत समिति की ग्राम पंचायत लोलकपुर स्थित डीमिया बांध पर ज़िला कलेक्टर देशलदान ने वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ जल पूजन किया। इस अवसर पर कार्यवाहक अतिरिक्त जिला कलेक्टर एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी हनुमान सिंह राठौड़, वाटरशेड एसई, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अधीक्षण अभियंता गोपीचंद वर्मा सहित संबंधित अधिकारी, कर्मचारी और गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।1
- गुरुवार को कुशलगढ़ में ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के तत्वावधान में 'डबल इंजन सरकार' के खिलाफ एक विशाल धरना-प्रदर्शन और रैली आयोजित की गई। यह प्रदर्शन पेट्रोल, डीजल, रसोई गैस की बढ़ती कीमतों, महंगाई, बेरोजगारी, मनरेगा में पर्याप्त रोजगार न मिलने, पेयजल संकट और 'हर घर नल योजना' की अधूरी व्यवस्था जैसे विभिन्न मुद्दों को लेकर किया गया। सुबह विधायक निवास से शुरू हुई इस रैली का नेतृत्व लोकप्रिय विधायक रमीला खड़िया ने किया। यह रैली नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए पीपली चौराहे पहुंची, जहाँ एक सभा आयोजित की गई। रैली में एक बैलगाड़ी विशेष आकर्षण का केंद्र रही, जिसमें विधायक रमीला खड़िया स्वयं बैठकर महंगाई के खिलाफ संदेश दे रही थीं। सभा को संबोधित करते हुए विधायक रमीला खड़िया ने वर्तमान सरकार को महंगाई रोकने में विफल बताया और कहा कि जनता को राहत नहीं मिल रही है। पीसीसी सदस्य हंसमुख सेठ, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष रजनीकांत खाब्या और जनपद सदस्य विजयसिंह खड़िया सहित अन्य वक्ताओं ने भी भाजपा सरकार की नीतियों पर निशाना साधा। सभा को लक्ष्मण दामा, विजयसिंह मइड़ा, राकेश मइड़ा, कैलाश पटेल, रोहित खड़िया सहित कई अन्य नेताओं ने भी संबोधित किया। इस कार्यक्रम में खातूराम कटारा, कमजीव भाई बारिया, पप्पू गरासिया, शांतिलाल निनामा, राजेश मीणा, हितेश रावत, सचिन टीलेसरा, संजय राजपूत, प्रीति तलेसरा, सज्जाद मकरानी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेसजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में, कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने उपखंड कार्यालय पहुंचकर उपखंड अधिकारी कुशलगढ़ को महामहिम राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन सौंपा।1