कैमूर जिले के दुर्गावती थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ प्रसिद्ध कुलेश्वरी देवी शक्तिपीठ (कुलड़िया) के महंत लल्लन गिरी पर शुक्रवार सुबह दातुन करने के दौरान एक अधेड़ उम्र के व्यक्ति ने कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में महंत गंभीर रूप से घायल हो गए हैं और फिलहाल अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे हैं। जानकारी के अनुसार, हर रोज की तरह शुक्रवार की सुबह महंत लल्लन गिरी अपने परिसर में दातुन कर रहे थे तभी घात लगाए बैठे एक अधेड़ व्यक्ति ने उन पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया। हमले के बाद महंत लहूलुहान होकर परिसर में ही गिर पड़े और हमलावर वारदात को अंजाम देकर मौके से फरार हो गया। स्थानीय लोगों ने तत्परता दिखाते हुए घायल महंत को आनन-फानन में नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर कर दिया। घायल महंत के पुत्र के अनुसार, कुल्हाड़ी के कई वार होने के कारण महंत के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर बेहद गहरे जख्म आए हैं, जिससे उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय दुर्गावती थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और मामले की छानबीन में जुट गई है। पुलिस हमलावर की पहचान करने और उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। इलाके के प्रसिद्ध शक्तिपीठ के महंत पर हुए इस हमले के बाद स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है।
कैमूर जिले के दुर्गावती थाना क्षेत्र से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ प्रसिद्ध कुलेश्वरी देवी शक्तिपीठ (कुलड़िया) के महंत लल्लन गिरी पर शुक्रवार सुबह दातुन करने के दौरान एक अधेड़ उम्र के व्यक्ति ने कुल्हाड़ी से जानलेवा हमला कर दिया। इस हमले में महंत गंभीर रूप से घायल हो गए हैं और फिलहाल अस्पताल में जिंदगी और मौत के बीच जूझ रहे
हैं। जानकारी के अनुसार, हर रोज की तरह शुक्रवार की सुबह महंत लल्लन गिरी अपने परिसर में दातुन कर रहे थे तभी घात लगाए बैठे एक अधेड़ व्यक्ति ने उन पर कुल्हाड़ी से ताबड़तोड़ वार करना शुरू कर दिया। हमले के बाद महंत लहूलुहान होकर परिसर में ही गिर पड़े और हमलावर वारदात को अंजाम देकर मौके से फरार हो गया। स्थानीय लोगों ने तत्परता
दिखाते हुए घायल महंत को आनन-फानन में नजदीकी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया, जहाँ डॉक्टरों ने उनकी गंभीर स्थिति को देखते हुए प्राथमिक उपचार के बाद बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल रेफर कर दिया। घायल महंत के पुत्र के अनुसार, कुल्हाड़ी के कई वार होने के कारण महंत के सिर और शरीर के अन्य हिस्सों पर बेहद गहरे जख्म आए हैं, जिससे उनकी स्थिति
चिंताजनक बनी हुई है। घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय दुर्गावती थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और मामले की छानबीन में जुट गई है। पुलिस हमलावर की पहचान करने और उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है। इलाके के प्रसिद्ध शक्तिपीठ के महंत पर हुए इस हमले के बाद स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं में भारी आक्रोश और चिंता का माहौल है।
- Hii tlk dfRampur, Kaimur (Bhabua)😤on 31 May
- कैमूर जिले के कुदरा थाना क्षेत्र में आज सुबह एक ऑटो स्पेयर पार्ट्स की दुकान में भीषण आग लगने से लाखों रुपये के नुकसान की आशंका जताई जा रही है, जहां पूरी दुकान जलकर राख हो गई है। इस घटना को लेकर स्थानीय लोगों में फायर ब्रिगेड की लेट-लतीफी के प्रति भारी आक्रोश देखा गया है। मिली जानकारी के अनुसार, यह हादसा आज सुबह करीब 7 बजे कुदरा रेलवे स्टेशन के पास स्थित दुकान में शॉर्ट सर्किट से हुआ। आग इतनी तेजी से भड़की कि उसने आस-पास की अन्य दुकानों को भी अपनी चपेट में ले लिया, जिससे आसमान में धुएं का गुबार छा गया और मौके पर भारी भीड़ जमा हो गई। दुकान संचालक और स्थानीय नागरिकों ने अग्निशमन विभाग की कार्यशैली पर गंभीर आरोप लगाए हैं, उनका कहना है कि सूचना देने के बावजूद फायर ब्रिगेड की गाड़ी लगभग एक घंटे की देरी से पहुंची। स्थानीय लोगों ने यह भी आरोप लगाया कि अग्निशमन वाहन मौके पर पहुंचने पर उसमें ऑपरेटर भी मौजूद नहीं था, जिसके बाद नागरिकों ने खुद आग बुझाने की कमान संभाली और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। घटना की सूचना मिलते ही प्रशासनिक अमला भी मौके पर पहुंचा। मोहनियां एसडीएम रत्ना प्रियदर्शी ने जनता के भारी विरोध और नाराजगी के बीच स्थिति का जायजा लिया और आश्वासन दिया कि क्षेत्र में बेहतर अग्निशमन व्यवस्था उपलब्ध कराई जाएगी ताकि भविष्य में ऐसी लापरवाही न हो। इस अग्निकांड ने एक बार फिर स्थानीय आपदा प्रबंधन और फायर ब्रिगेड की तैयारियों की पोल खोल दी है, जो प्रशासनिक शिथिलता को उजागर करता है। फिलहाल पीड़ित दुकानदार को सरकारी मुआवजे की मांग की जा रही है और नुकसान का आकलन चल रहा है।4
- एक सनसनीखेज वारदात में, एक भांजे ने अपने ही मामा की बेरहमी से गला रेतकर हत्या कर दी है। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। घटना में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है।1
- रोहतास जिले के चेनारी प्रखंड कार्यालय सभागार में 12 जून 2026 को आयोजित 20 सूत्री कार्यक्रम कार्यान्वयन समिति की बैठक में विभिन्न विभागों से जुड़ी जनसमस्याओं पर सदस्यों ने अधिकारियों के समक्ष कई गंभीर मुद्दे उठाए। इस महत्वपूर्ण बैठक में बीडीओ प्रियंका, अंचलाधिकारी पूजा शर्मा, थानाध्यक्ष दिनेश मालाकार सहित विभिन्न विभागों के प्रखंड स्तरीय पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के दौरान, समिति सदस्य गुड्डू शर्मा ने अंचल कार्यालय की कार्यप्रणाली पर तीखे सवाल खड़े किए। उन्होंने आरोप लगाया कि दाखिल-खारिज, भूमि परिवर्तन (म्यूटेशन) और अन्य राजस्व संबंधी कई मामले लंबे समय से लंबित हैं, जिससे आम लोगों को अपने कार्यों के निष्पादन में भारी कठिनाई हो रही है और उनमें असंतोष बढ़ रहा है। गुड्डू शर्मा ने इन लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे की मांग की। इसी कड़ी में, राजेंद्र तिवारी, हरेराम बिदं, अक्षय पासवान, सावित्री गुप्ता, भागवत जायसवाल, रितु देवी, कामेश्वर यादव और अन्य सदस्यों ने चेनारी स्वास्थ्य विभाग पर भी अनियमितताओं का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों में आवश्यक दवाओं और इंजेक्शनों की अनुपलब्धता है, साथ ही स्वास्थ्य सेवाओं के संचालन में भी खामियां दिख रही हैं। इन सदस्यों ने स्वास्थ्य विभाग से पारदर्शी व्यवस्था सुनिश्चित करने और जनता को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने की अपील की। नल-जल योजना की खराब स्थिति भी बैठक का एक प्रमुख मुद्दा रही, जहां सदस्यों ने बताया कि कई पंचायतों में इसके मोटर और अन्य उपकरण खराब पड़े हैं, जिससे ग्रामीणों को पेयजल संकट का सामना करना पड़ रहा है। भीषण गर्मी के कारण यह समस्या और भी गंभीर हो गई है, और लोगों को दूर-दराज से पानी लाने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। समिति ने संबंधित विभाग से इस समस्या के शीघ्र मरम्मत और व्यवस्था बहाल करने का निर्देश देने की मांग की। इसके अतिरिक्त, सड़क, जनवितरण प्रणाली, सामाजिक सुरक्षा योजनाओं और अन्य विकास कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने समिति के सदस्यों द्वारा उठाए गए इन सभी मुद्दों को गंभीरता से लिया और आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। बैठक में मौजूद जनप्रतिनिधियों और समिति सदस्यों ने इस बात पर जोर दिया कि जनता से जुड़े मामलों का समयबद्ध समाधान होना चाहिए ताकि सरकारी योजनाओं का लाभ सही मायने में अंतिम व्यक्ति तक पहुँच सके। यह बैठक विभिन्न विभागों को जनहित से जुड़े मुद्दों पर त्वरित कार्रवाई करने के निर्देशों और सुझावों के साथ संपन्न हुई।2
- ओमान की खाड़ी में हुए एक हमले में तीन भारतीय नाविकों की जान चली गई है, जिसके बाद कई गंभीर सवाल उठ खड़े हुए हैं। इस घटना को लेकर यह पूछा जा रहा है कि उस रात वास्तव में क्या हुआ था, अमेरिका की कथित कार्रवाई पर भारत की क्या प्रतिक्रिया रही, और उन भारतीय परिवारों के दर्द को कौन समझेगा जिन्होंने इस हादसे में अपने प्रियजनों को खो दिया है। 'अवाज़-ए-भारत' ने इस पूरे मामले को विस्तार से समझने और उपलब्ध रिपोर्टों के आधार पर तथ्यों की पड़ताल करने का प्रयास किया है, क्योंकि उनका लक्ष्य 'खबर नहीं, सच की आवाज़' बनना है।1
- Post by D.k3
- चंदौली जिले में 12 जून, 2026 को प्रशासन ने दो प्रमुख मसाला कंपनियों 'रॉयल' और 'आर एल (RL)' पर बड़ी कार्रवाई की है। इस दौरान इन नामी ब्रांड्स की फैक्ट्रियों पर औचक छापा मारकर भारी मात्रा में तैयार और कच्चे मसालों के नमूने जब्त किए गए हैं, जिन्हें तत्काल राजकीय प्रयोगशाला में जांच के लिए भेजा गया है। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार द्वारा मिलावटखोरों के खिलाफ चलाए जा रहे निरंतर अभियान का हिस्सा है। कमिश्नर (खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, अलीगंज, लखनऊ) और जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग के सख्त आदेशों के बाद पूरे जिले में मसालों के खिलाफ यह महा-अभियान शुरू किया गया है। प्रशासनिक टीम ने जनपद की सीमाओं में संचालित होने वाली 'रॉयल मसाले' और 'आर एल (RL) मसाले' नामक इन दो प्रमुख इकाइयों का औचक निरीक्षण किया, जिससे फैक्ट्री संचालकों में हड़कंप मच गया। टीम ने मौके पर गहन जांच करते हुए हल्दी, धनिया, मिर्चा और अन्य तैयार व कच्चे मसालों के भारी मात्रा में सैंपल जब्त किए। इन सभी संदिग्ध मसालों को मौके पर ही सील कर दिया गया है। इस विशेष अभियान का निर्देशन सहायक आयुक्त खाद्य (द्वितीय) एवं मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी के. एन. त्रिपाठी के नेतृत्व में किया गया। विशेष अभियान टीम में खाद्य सुरक्षा अधिकारी अरविंद कुमार और रणधीर सिंह यादव भी शामिल थे। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जनता के स्वास्थ्य से खिलवाड़ करने वाले किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट मिलने के तुरंत बाद इन कंपनियों के खिलाफ सख्त कानूनी और दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।4
- जनपद चन्दौली की साइबर थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनी की आड़ में देशभर के लोगों से करोड़ों की ऑनलाइन ठगी करने वाले एक अंतरराज्यीय साइबर गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने इस मामले में एक महिला सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है और साइबर ठगी से जुड़ी लगभग 1.42 करोड़ रुपये की धनराशि होल्ड कराई गई है। आरोपियों के कब्जे से भारी मात्रा में कंप्यूटर उपकरण, बैंकिंग दस्तावेज, फर्जी आधार कार्ड, पासबुक, मोबाइल फोन और अन्य महत्वपूर्ण अभिलेख भी बरामद किए गए हैं। पुलिस की जांच में सामने आया कि ये गिरोह "सत्कार निधि लिमिटेड" जैसी कई फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनियों के नाम पर लोगों को कम ब्याज दरों पर आसान ऋण उपलब्ध कराने का झांसा देता था। आरोपी सोशल मीडिया, मोबाइल कॉल और अन्य माध्यमों के जरिए संपर्क कर पीड़ितों से प्रोसेसिंग फीस, सिक्योरिटी मनी, बीमा शुल्क तथा अन्य शुल्कों के नाम पर धनराशि जमा कराते थे, लेकिन बाद में न तो ऋण देते थे और न ही जमा राशि वापस करते थे। तकनीकी जांच और राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल (NCRP) के विश्लेषण से आरोपियों द्वारा संचालित बैंक खातों से जुड़े 16 साइबर धोखाधड़ी की शिकायतें विभिन्न राज्यों से दर्ज मिलीं, साथ ही गौतमबुद्ध नगर (नोएडा) में भी उनके खिलाफ साइबर धोखाधड़ी का एक मुकदमा दर्ज होना सामने आया है। चन्दौली में एक कार्यालय से इस गिरोह के संचालन की सूचना मिलने पर साइबर थाना प्रभारी के नेतृत्व में गठित टीम ने छापेमारी की, जहाँ पुलिस को देखकर आरोपियों ने सामान हटाकर भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें बजरंग लॉन के सामने से गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वे फर्जी माइक्रो फाइनेंस कंपनियों का संचालन कर ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को आसान शर्तों पर ऋण देने का लालच देकर उनसे 5 हजार से 25 हजार रुपये तक वसूलते थे। देश भर में होने वाली अन्य साइबर ठगी की रकम भी इन्हीं बैंक खातों में मंगाई जाती थी, जिसका वे करीब 1.5 प्रतिशत कमीशन काटकर बाकी धनराशि अपने अन्य सहयोगियों के माध्यम से विभिन्न स्थानों पर ट्रांसफर कर देते थे। गिरफ्तारी से बचने के लिए उन्होंने अपने फोटो लगाकर फर्जी नाम और पते वाले आधार कार्ड भी तैयार किए थे। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान विरेन्द्र कुमार (निवासी बर्थरा बुर्द), आशीष पटवा (निवासी बबुरी बाजार) और सोनी (निवासी शाहपुर, चकिया) के रूप में हुई है। पुलिस ने उनके कब्जे से 03 सीपीयू, 03 मॉनीटर, 03 की-बोर्ड, 02 प्रिंटर, 350 पासबुक, 03 फर्जी आधार कार्ड, 03 स्मार्टफोन, 11 मोहरें, 21 रजिस्टर, ब्लैंक चेक और बैंकिंग लेन-देन से जुड़े महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए हैं। अपर पुलिस अधीक्षक ने जनपदवासियों से अपील की है कि वे किसी भी अनजान व्यक्ति या संस्था के बहकावे में आकर ऋण, निवेश या वित्तीय लाभ के नाम पर धनराशि जमा न करें, और किसी भी प्रकार की साइबर ठगी होने पर तत्काल 1930 हेल्पलाइन नंबर या साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराएं। इस कार्रवाई को चन्दौली साइबर पुलिस की एक बड़ी सफलता माना जा रहा है, और पुलिस गिरोह से जुड़े अन्य सदस्यों तथा वित्तीय लेन-देन की गहन जांच में जुटी हुई है।1
- रोहतास जिले के चेनारी स्थित कृषि विज्ञान प्रशिक्षण केंद्र में शुक्रवार, 12 जून 2026 को जिला कृषि पदाधिकारी और प्रखंड कृषि पदाधिकारी की उपस्थिति में किसानों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य आगामी खरीफ मौसम की तैयारियों को ध्यान में रखते हुए किसानों को बीज बुवाई, आधुनिक कृषि तकनीकों और "खेत बचाओ अभियान" को सफल बनाने के लिए जागरूक करना था। बैठक के दौरान कृषि विभाग के अधिकारियों ने किसानों को समय पर बीज बुवाई के महत्व, उन्नत किस्म के बीजों के चयन, फसल सुरक्षा, जल संरक्षण तथा विभिन्न सरकारी कृषि योजनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे वैज्ञानिक पद्धति से खेती अपनाएं और कृषि विभाग द्वारा संचालित योजनाओं का लाभ उठाकर अपनी आय में वृद्धि करें। इस अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों और किसानों ने सिंचाई, बीज उपलब्धता, उर्वरक वितरण और फसल सुरक्षा से जुड़ी अपनी विभिन्न समस्याओं और सुझावों को अधिकारियों के समक्ष रखा, जिस पर अधिकारियों ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। इस बैठक में बीडीसी प्रतिनिधि और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रखंड अध्यक्ष गुड्डू शर्मा, विशिष्ट अतिथि धर्मेंद्र कुशवाहा, चेनारी प्रखंड उप प्रमुख विकास कुमार, देवडिही पंचायत के मुखिया अशोक भारद्वाज सहित कई गणमान्य व्यक्ति और बड़ी संख्या में किसान भाई उपस्थित रहे। बैठक के दौरान अंचला अधिकारी पर भी सवाल उठाए गए, जिसमें शिकायत की गई कि "परिवारजन प्लस" और नाम गलत होने के कारण कृषि विभाग में फर्म का रजिस्ट्रेशन नहीं हो पा रहा है। किसानों और प्रतिनिधियों ने कहा कि वे अंचला अधिकारी के कार्यालय के चक्कर लगाते-लगाते थक गए हैं, जिसके कारण कृषि विभाग का काम और किसानों का हित बाधित हो रहा है। कार्यक्रम में अधिकारियों ने किसानों को खेती में नई तकनीकों को अपनाने, फसल उत्पादन बढ़ाने और प्राकृतिक आपदाओं से फसलों की सुरक्षा के उपायों के बारे में भी विस्तार से बताया। बैठक का समापन किसानों के हित में कृषि विभाग और जनप्रतिनिधियों के संयुक्त प्रयासों के संकल्प के साथ हुआ।1