धनबाद के महेशपुर कोलियरी परियोजना कार्यालय के तहत ब्यूहारी-01 स्थित महेशपुर कोल डंप पर CISF ने आधी रात को बड़ी कार्रवाई करते हुए कोयला चोरी का एक प्रयास विफल कर दिया। 26/27 मई 2026 की रात करीब 12:45 बजे, एक अज्ञात पेलोडर (संख्या JH10AR 6936) डंप से कोयला लोड कर बिना वैध कागजात के बाहर निकलने की कोशिश कर रहा था। डंप पर तैनात CISF और सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता से वाहन को मौके पर ही रोक लिया गया, और पूछताछ के दौरान चालक कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इस घटना की जानकारी तुरंत परियोजना प्रबंधन और स्थानीय पुलिस को दी गई, जिसके बाद अतिरिक्त सुरक्षा बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू की गई। जांच में पेलोडर ऑपरेटर की पहचान कोटालडीह, थाना जयनगर, जिला कोडरमा निवासी हनीफ खान के रूप में हुई। यह पूरी कोशिश रात के अंधेरे में महेशपुर कोलियरी से कोयला निकालने की थी, जिसे CISF की सक्रियता से उजागर कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए, महेशपुर कोलियरी प्रबंधन ने मधुबन थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है, और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
धनबाद के महेशपुर कोलियरी परियोजना कार्यालय के तहत ब्यूहारी-01 स्थित महेशपुर कोल डंप पर CISF ने आधी रात को बड़ी कार्रवाई करते हुए कोयला चोरी का एक प्रयास विफल कर दिया। 26/27 मई 2026 की रात करीब 12:45 बजे, एक अज्ञात पेलोडर (संख्या JH10AR 6936) डंप से कोयला लोड कर बिना वैध कागजात के बाहर निकलने की कोशिश कर रहा था। डंप पर तैनात CISF और सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता से वाहन को मौके पर ही रोक लिया गया, और पूछताछ के दौरान चालक कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इस घटना की जानकारी तुरंत परियोजना प्रबंधन और स्थानीय पुलिस को दी गई, जिसके बाद अतिरिक्त सुरक्षा बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू की गई। जांच में पेलोडर ऑपरेटर की पहचान कोटालडीह, थाना जयनगर, जिला कोडरमा निवासी हनीफ खान के रूप में हुई। यह पूरी कोशिश रात के अंधेरे में महेशपुर कोलियरी से कोयला निकालने की थी, जिसे CISF की सक्रियता से उजागर कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए, महेशपुर कोलियरी प्रबंधन ने मधुबन थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है, और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।
- धनबाद के महेशपुर कोलियरी परियोजना कार्यालय के तहत ब्यूहारी-01 स्थित महेशपुर कोल डंप पर CISF ने आधी रात को बड़ी कार्रवाई करते हुए कोयला चोरी का एक प्रयास विफल कर दिया। 26/27 मई 2026 की रात करीब 12:45 बजे, एक अज्ञात पेलोडर (संख्या JH10AR 6936) डंप से कोयला लोड कर बिना वैध कागजात के बाहर निकलने की कोशिश कर रहा था। डंप पर तैनात CISF और सुरक्षा कर्मियों की सतर्कता से वाहन को मौके पर ही रोक लिया गया, और पूछताछ के दौरान चालक कोई भी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इस घटना की जानकारी तुरंत परियोजना प्रबंधन और स्थानीय पुलिस को दी गई, जिसके बाद अतिरिक्त सुरक्षा बल मौके पर पहुंचा और जांच शुरू की गई। जांच में पेलोडर ऑपरेटर की पहचान कोटालडीह, थाना जयनगर, जिला कोडरमा निवासी हनीफ खान के रूप में हुई। यह पूरी कोशिश रात के अंधेरे में महेशपुर कोलियरी से कोयला निकालने की थी, जिसे CISF की सक्रियता से उजागर कर दिया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए, महेशपुर कोलियरी प्रबंधन ने मधुबन थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई है, और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।1
- धनबाद जिलेभर में ईद उल जुहा का पर्व श्रद्धा, उत्साह और भाईचारे के माहौल में बेहद शांतिपूर्ण तरीके से मनाया गया। यह त्योहार पूरे जिले में सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।1
- धनबाद में आईआईटी (आईएसएम) के पेनमैन ऑडिटोरियम में गुरुवार को बीसीसीएल की सीएसआर पहल के तहत एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला “अंडरप्रिविलेज्ड और प्रोजेक्ट अफेक्टेड पर्सन (PAP) छात्रों के लिए STEM शिक्षा” विषय पर केंद्रित थी। इस कार्यक्रम में बीसीसीएल के सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल, आईआईटी (आईएसएम) के निदेशक प्रो. सुकुमार मिश्रा, जिला शिक्षा पदाधिकारी अभिषेक झा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी, शिक्षक और 500 से अधिक छात्र उपस्थित रहे। बीसीसीएल के सीएमडी मनोज कुमार अग्रवाल ने बताया कि इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य बीसीसीएल क्षेत्र के जरूरतमंद और परियोजना प्रभावित छात्रों को विज्ञान, तकनीक, इंजीनियरिंग और गणित (STEM) शिक्षा के प्रति जागरूक करना है। उन्होंने जोर दिया कि वर्तमान समय में डिजिटल और वैज्ञानिक शिक्षा अत्यंत आवश्यक है, और ऐसे कार्यक्रम बच्चों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार तथा तकनीकी समझ विकसित करने में सहायक सिद्ध होंगे। कार्यशाला की समन्वयक और आईआईटी (आईएसएम) की सहायक प्राध्यापक प्रो. रश्मि सिंह ने जानकारी दी कि इसमें 500 से अधिक छात्रों ने भाग लिया। इस दौरान छात्रों को आईआईटी (आईएसएम) के टेक्समिन इनोवेशन हब, रोबोटिक्स लैब, जियोलॉजिकल म्यूजियम, सेंट्रल लाइब्रेरी और अन्य शोध केंद्रों का भ्रमण कराया गया। इसका उद्देश्य उन्हें विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में उपलब्ध अवसरों और करियर की संभावनाओं के बारे में शिक्षित करना था। प्रो. सिंह ने कहा कि इस पहल का मुख्य लक्ष्य छात्रों में जिज्ञासा, रचनात्मकता और नवाचार की भावना को बढ़ावा देना है, जिससे वे भविष्य में विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में प्रगति कर सकें।2
- बोकारो थर्मल में 134 करोड़ रुपये की लागत से बना दो किलोमीटर लंबा विवेकानंद सेतु ओवरब्रिज गुरुवार को आम लोगों के लिए खोल दिया गया। दामोदर घाटी निगम (डीवीसी) बोकारो थर्मल द्वारा निर्मित इस सेतु का विधिवत उद्घाटन निगम के परियोजना प्रधान सुशील कुमार अरजरिया ने सेतु पट का अवलोकन कर फीता काटकर किया। यह ओवरब्रिज झारखंड के लंबे ओवरब्रिजों में शामिल है। इस ओवरब्रिज के अभाव में बोकारो थर्मल रेलवे फाटक पर लोगों को घंटों जाम में फंसा रहना पड़ता था, जिससे डीवीसी कामगारों, मरीजों और स्कूली बच्चों को काफी परेशानी होती थी। इस ओवरब्रिज का भूमि पूजन 25 फरवरी 2014 को किया गया था और इसे तीन वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य था, लेकिन रेलवे से एनओसी न मिलने के कारण इसके निर्माण में लगभग 12 साल लग गए। इस ओवरब्रिज के निर्माण का कार्य बीकेबी व डेको कंपनी को निविदा के माध्यम से दिया गया था। उल्लेखनीय है कि इस ओवरब्रिज का उद्घाटन पहले 28 फरवरी 2026 को होना निर्धारित था, परंतु गिरिडीह सांसद माननीय सीपी चौधरी द्वारा रेलवे को पत्र लिखकर ओवरब्रिज की गुणवत्ता की जांच की मांग किए जाने के कारण यह उद्घाटन टल गया था। उद्घाटन में हो रही अड़चन के चलते मंगलवार को स्थानीय कांग्रेस नेता सह समाजसेवी जोगेंद्र गिरी उर्फ बाबूलाल गिरी के नेतृत्व में ओवरब्रिज पर रखे गार्डवाल को हटाकर इसे आम लोगों के लिए खोल दिया गया था। हालांकि, बाद में स्थानीय प्रबंधन ने ओवरब्रिज को पुनः बंद करते हुए गुरुवार को शुभ उद्घाटन करने की बात कही, जिस पर लोग तैयार हुए और अंततः एनडीए व यूपीए के पेंच में फंसा यह ओवरब्रिज आम जनता के लिए खोल दिया गया।4
- सोशल मीडिया पर यह सवाल उठाया गया है कि क्या भाजपा आज के समय में देश की सबसे बड़ी बलात्कारी पार्टी बन चुकी है। पोस्ट में सीधा आरोप लगाया गया है कि यह पार्टी सिर्फ अपराधियों से भरी हुई है। इस संबंध में जनता से उनकी राय पूछी गई है।1
- वार्ड 43 की वार्ड पार्षद शाहजहाँ खातून ने बकरीद के पावन अवसर पर, जिसे ईद-उल-अजहा भी कहा जाता है, सभी कोयलांचल वासियों और पूरे देश के नागरिकों को हार्दिक मुबारकबाद दी है।1
- झारखंड आंदोलनकारी संघर्ष मोर्चा ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आगामी 10 जून को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने की घोषणा की है। गुरुवार को धनबाद के परिसदन में हुई एक महत्वपूर्ण बैठक में यह निर्णय लिया गया, जहाँ मोर्चा के नेताओं ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें पूरी नहीं होती हैं, तो आंदोलन अनिश्चितकालीन होगा और जरूरत पड़ने पर आत्मदाह जैसे कठोर कदम भी उठाए जा सकते हैं। मोर्चा के संस्थापक पुष्कर महतो ने बताया कि झारखंड आंदोलनकारियों को अभी तक राजकीय मान-सम्मान, अलग पहचान, बच्चों को रोजगार और नियोजन की गारंटी नहीं मिल पाई है। उन्होंने यह भी मांग की कि जेल जाने की बाध्यता को समाप्त कर सभी आंदोलनकारियों को ₹50,000 की सम्मान पेंशन दी जाए। इसके अतिरिक्त, आंदोलनकारियों के पुत्र-पुत्रियों और आश्रितों को नौकरियों में सीधी बहाली की मांग भी उठाई गई है। महतो ने दिशोम गुरु शिबू सोरेन को गजट नोटिफिकेशन के माध्यम से झारखंड आंदोलनकारी का सर्वोच्च सम्मान न दिए जाने पर भी चिंता व्यक्त की। बैठक में छूटे हुए मूल झारखंड आंदोलनकारियों के लिए चिन्हितिकरण आयोग के पुनर्गठन, झारखंडी भाषा-संस्कृति और माय-माटी की रक्षा के साथ-साथ संविधान की धारा 3(ए) के पालन की मांग भी प्रमुखता से रखी गई। जिला संयोजक नारायण महतो ने जानकारी दी कि बैठक में लिए गए निर्णयों के अनुसार, धनबाद से भी बड़ी संख्या में आंदोलनकारी रांची पहुंचकर मुख्यमंत्री आवास घेराव में शामिल होंगे।1
- बकरीद का पवित्र पर्व शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न हो गया है। इस अवसर पर, सभी ईदगाहों में नमाज अदा की गई, जिसके साथ यह महत्वपूर्ण आयोजन सौहार्दपूर्ण तरीके से पूरा हुआ।2
- धनबाद के वार्ड नंबर 17 के वार्ड पार्षद, मोहम्मद इम्तियाज अंसारी जी ने समस्त कोयलांचल वासियों और देश वासियों को बकरीद, जिसे ईद उल जुहा भी कहा जाता है, के पावन अवसर पर हार्दिक मुबारकबाद दी है।1