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उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के बिसौली तहसील क्षेत्र के निवासियों ने ग्रामीण सड़कों की बनावट में सुधार की मांग उठाई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर एक गांव में सड़कों को इसी तरह से डिजाइन किया जाना चाहिए जिससे आम जनता को आवागमन में कोई परेशानी न हो। इसके साथ ही, बेहतर सड़क डिजाइन के पक्ष में तर्क देते हुए यह भी कहा गया है कि इससे बच्चे भी सुरक्षित रहेंगे।
रवि मौर्या राज वंश
उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के बिसौली तहसील क्षेत्र के निवासियों ने ग्रामीण सड़कों की बनावट में सुधार की मांग उठाई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर एक गांव में सड़कों को इसी तरह से डिजाइन किया जाना चाहिए जिससे आम जनता को आवागमन में कोई परेशानी न हो। इसके साथ ही, बेहतर सड़क डिजाइन के पक्ष में तर्क देते हुए यह भी कहा गया है कि इससे बच्चे भी सुरक्षित रहेंगे।
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- उत्तर प्रदेश के बदायूं जिले के बिसौली तहसील क्षेत्र के निवासियों ने ग्रामीण सड़कों की बनावट में सुधार की मांग उठाई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि हर एक गांव में सड़कों को इसी तरह से डिजाइन किया जाना चाहिए जिससे आम जनता को आवागमन में कोई परेशानी न हो। इसके साथ ही, बेहतर सड़क डिजाइन के पक्ष में तर्क देते हुए यह भी कहा गया है कि इससे बच्चे भी सुरक्षित रहेंगे।1
- बरेली जिले के अलीगंज स्थित फकीराबाद मोहल्ले में करबला रोड पर जलभराव की गंभीर समस्या बनी हुई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि नाला बंद होने के कारण पानी की निकासी पूरी तरह ठप है, जिससे आम दिनों में भी सड़क पर हर समय पानी भरा रहता है। बरसात के मौसम में यह स्थिति और भी अधिक विकराल हो जाती है, जिससे लोगों का आवागमन मुश्किल हो जाता है। इस समस्या से जूझ रहे फकीराबाद के निवासियों ने प्रशासन से जल निकासी की उचित व्यवस्था करने की पुरजोर मांग की है। यह क्षेत्र माझगंवा ब्लॉक की अलीगंज ग्राम पंचायत के अंतर्गत आता है।4
- संभल जनपद की सदर तहसील क्षेत्र में निर्माणाधीन पिशाच मोचन तीर्थ का लेंटर अचानक गिर गया। मुख्यमंत्री बंधन योजना के तहत 1.95 करोड़ रुपये की लागत से इस स्थल का निर्माण कार्य चल रहा था। घटना के बाद प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेते हुए संबंधित जेई (जूनियर इंजीनियर) को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। पालिका ईओ ने स्पष्ट किया है कि निर्माण कार्य को फिलहाल रोक दिया गया है और इस पूरे मामले में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।2
- बदायूं जिले के बिनावर थाना क्षेत्र के ब्यौर गांव में पैसों के लेनदेन को लेकर हुए विवाद के बाद एक पिता की हत्या का मामला सामने आया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, बेटे ने ही एक खूनी साजिश रचते हुए अपने पिता को मौत के घाट उतार दिया। इस घटना के बाद से इलाके में सनसनी फैल गई है। मामले की सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और जांच में जुट गई है। फिलहाल पुलिस इस पूरे हत्याकांड की बारीकी से छानबीन कर रही है।1
- बरेली जिले के नवाबगंज विकास खंड की एक ग्राम पंचायत में जलभराव और टूटी हुई सड़कों के कारण ग्रामीणों का जीवन दूभर हो गया है। सड़क पर जमा गंदा पानी और बदहाल स्थिति से स्थानीय लोग खासे परेशान हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या की शिकायत करने के बावजूद अधिकारियों द्वारा कागजों पर 'कार्य पूर्ण' होने की गलत रिपोर्ट दर्ज कर दी गई है। जबकि हकीकत में स्थिति जस की तस बनी हुई है। ग्रामीण अब इस मामले में निष्पक्ष जांच की मांग कर रहे हैं और दोषियों पर कार्रवाई के साथ-साथ जल निकासी की उचित व्यवस्था और सड़क निर्माण का कार्य तत्काल शुरू करने की अपील कर रहे हैं।2
- उत्तर प्रदेश के बदायूं में सांसद चंद्रशेखर आजाद ने बेटियों को न्याय दिलाने के मुद्दे पर एक गंभीर बयान दिया है। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि क्या सरकार को बेटी के न्याय पर तुरंत एक्शन नहीं लेना चाहिए। साथ ही, उन्होंने अपनी प्रतिबद्धता जताते हुए कहा है कि यदि वह जिंदा रहे, तो इस दिशा में संघर्ष जारी रहेगा। उनके इस बयान ने बेटियों के न्याय के मामले में प्रशासन की भूमिका पर सवाल खड़े कर दिए हैं।1
- उत्तर प्रदेश के मेरठ में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान पूर्व ADG प्रेम प्रकाश, बहुजन नेता और नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद के साथ मंच साझा करते नजर आए। इस मुलाकात के बाद राजनीतिक गलियारों में चर्चाएं तेज हो गई हैं कि पूर्व में भाजपा से जुड़े रहे प्रेम प्रकाश वर्ष 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में आजाद समाज पार्टी के टिकट पर चुनावी मैदान में उतर सकते हैं। हालांकि, इस संबंध में अब तक कोई भी आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है और न ही प्रेम प्रकाश की ओर से किसी दल में शामिल होने या चुनाव लड़ने को लेकर कोई बयान सामने आया है। कार्यक्रम के दौरान चंद्रशेखर आजाद ने सभा को संबोधित करते हुए कार्यकर्ताओं को शांत रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि वे यहां केवल एक पीड़ित परिवार से मिलने आए हैं। इस दौरान उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर गंभीर सवाल उठाए और संवैधानिक तरीकों पर चर्चा की। चंद्रशेखर आजाद ने कहा, "हम उन अधिकारियों से भी पूछना चाहते हैं कि आंख पकड़कर मारना किस संवैधानिक तरीके में आता है? अगर हमारी गलती है तो हमें गिरफ्तार कर जेल भेज दीजिए, लेकिन कानून के दायरे में कार्रवाई होनी चाहिए।" उनके इस बयान और कार्यक्रम में प्रेम प्रकाश की मौजूदगी ने आगामी चुनावी समीकरणों को लेकर अटकलों का दौर तेज कर दिया है।1
- उत्तर प्रदेश में नगीना सांसद चंद्रशेखर आजाद ने बहन कुमारी मायावती के 'मगरमच्छ के आंसू' वाले बयान का कड़ा जवाब दिया है। चंद्रशेखर आजाद के समर्थकों का कहना है कि वे जनता के बीच जाकर उन्हें न्याय दिलाने का काम करते हैं, जबकि कुमारी मायावती पर एसी कमरों में बैठने और गरीबों को न्याय न दिलाने का आरोप लगाया जा रहा है। इस राजनीतिक वाकयुद्ध के बीच जनता ने चंद्रशेखर आजाद को अपना मसीहा बताते हुए उनके कार्यों की सराहना की है। अब यह सवाल उठ रहा है कि क्या मायावती को चंद्रशेखर आजाद के लिए इस तरह की टिप्पणी करनी चाहिए थी।1