गोगरी प्रखंड के केडीएस कॉलेज में चैत फंड्स से बचने के उपाय एवं पैसा दुगना करने की लालच के बारे में दी गई विशेष जानकारी। गोगरी (खगड़िया): केडीएस कॉलेज, गोगरी के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “समृद्धि: फ्रॉम इकोनॉमिक इंडिकेटर टू इक्विटी सिलेक्शन” विषय पर सेबी की ट्रेनर डॉ शिखा गुप्ता का एकल व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्य डॉ रोशन रवि के स्वागत भाषण से हुई। डॉ गुप्ता ने युवाओं को वित्तीय साक्षरता का महत्व बताते हुए कहा कि सही निवेश के लिए लक्ष्य तय करना, बजट बनाना और सोच-समझकर पैसा खर्च करना जरूरी है। उन्होंने महंगाई को आय का “चोर” बताते हुए निवेश को जरूरी बताया। उन्होंने शेयर बाजार, बॉन्ड और म्यूचुअल फंड में सोच-समझकर निवेश करने की सलाह दी तथा जोखिम कम करने के लिए छोटे-छोटे निवेश पर जोर दिया। साथ ही चिट फंड और कम समय में पैसा दोगुना करने वाले लालच से बचने, केवल पंजीकृत कंपनियों व ब्रोकर के माध्यम से निवेश करने की बात कही। कार्यक्रम में करीब 70 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। अंत में डॉ रमेश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया
गोगरी प्रखंड के केडीएस कॉलेज में चैत फंड्स से बचने के उपाय एवं पैसा दुगना करने की लालच के बारे में दी गई विशेष जानकारी। गोगरी (खगड़िया): केडीएस कॉलेज, गोगरी के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “समृद्धि: फ्रॉम इकोनॉमिक इंडिकेटर टू इक्विटी सिलेक्शन” विषय पर सेबी की ट्रेनर डॉ शिखा गुप्ता का एकल व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्य डॉ रोशन रवि के स्वागत भाषण से हुई। डॉ गुप्ता ने युवाओं को वित्तीय साक्षरता का महत्व बताते हुए कहा कि सही निवेश के लिए लक्ष्य तय करना, बजट बनाना और सोच-समझकर पैसा खर्च करना जरूरी है। उन्होंने महंगाई को आय का “चोर” बताते हुए निवेश को जरूरी बताया। उन्होंने शेयर बाजार, बॉन्ड और म्यूचुअल फंड में सोच-समझकर निवेश करने की सलाह दी तथा जोखिम कम करने के लिए छोटे-छोटे निवेश पर जोर दिया। साथ ही चिट फंड और कम समय में पैसा दोगुना करने वाले लालच से बचने, केवल पंजीकृत कंपनियों व ब्रोकर के माध्यम से निवेश करने की बात कही। कार्यक्रम में करीब 70 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। अंत में डॉ रमेश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया
- “रामधुनी महायज्ञ के दौरान पूरे क्षेत्र में भक्ति और आध्यात्मिकता का अद्भुत माहौल देखने को मिला। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी और पूरे वातावरण में राम नाम की गूंज सुनाई दी। कार्यक्रम में स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी रही, जिससे यह आयोजन और भी भव्य बन गया।”1
- खगड़िया जिले के गोगरी प्रखंड अंतर्गत आश्रम दियारा की एक लड़की ने कथित प्रेम प्रसंग के कारण कीटनाशक दवा खा ली। घटना के बाद परिजनों द्वारा उसे आनन-फानन में गोगरी अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया। मंगलवार की शाम अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद लड़की की गंभीर स्थिति को देखते हुए चिकित्सकों ने उसे बेहतर इलाज के लिए खगड़िया सदर अस्पताल रेफर कर दिया। बताया जा रहा है कि लकड़ी की हालत नाजुक बनी हुई है। घटना के संबंध में परिजनों से पूछताछ की जा रही है, वहीं चिकित्सकों की टीम द्वारा लड़की के उपचार पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। घटना को लेकर बताया जा रहा है कि लड़की के माता और पिता गेहूं काटने के लिए बहियार गए हुए थे। लड़की दोपहर में ही कीटनाशक दवा खा ली थी। शाम में परिजनों में को पता चला। फिर ग्रामीण डॉक्टर के पास ले गए थे। उसके बाद सरकारी अस्पताल लाए। फिलहाल लड़की की हालत गंभीर बनी हुई है।1
- Post by मिथिलेश कुमार1
- Post by Ayush Kumar1
- Yaduwansi ji ke jaan1
- जिसमें शहरी और ग्रामीण महिलाओं ने आस्था का पर्व 4 दिन का सूर्य देव को जलाभिषेक करने के बाद संपन्न किया वहीं दूसरों और बताते चले की मधेपुरा जिले के विभिन्न पंचायत वहां प्रखंड में हर वर्ष के भाती इस वर्ष भी छठ पर्व मनाया।जिसमें मधुवन टेंटेगा के संतोष गोस्वामी जी के परिजन भी छठ पर्व मनाया।4
- बीते दिनों आई तेज आंधी तुफान से हुई फसल छति को लेकर प्रखंड कृषि पदाधिकारी अनुषा कुमारी ने किसानो के खेत का लिया जायजा बोली 90 प्रतिशत फसल बर्बाद1
- गोगरी (खगड़िया): केडीएस कॉलेज, गोगरी के अर्थशास्त्र विभाग द्वारा “समृद्धि: फ्रॉम इकोनॉमिक इंडिकेटर टू इक्विटी सिलेक्शन” विषय पर सेबी की ट्रेनर डॉ शिखा गुप्ता का एकल व्याख्यान आयोजित किया गया। कार्यक्रम की शुरुआत प्राचार्य डॉ रोशन रवि के स्वागत भाषण से हुई। डॉ गुप्ता ने युवाओं को वित्तीय साक्षरता का महत्व बताते हुए कहा कि सही निवेश के लिए लक्ष्य तय करना, बजट बनाना और सोच-समझकर पैसा खर्च करना जरूरी है। उन्होंने महंगाई को आय का “चोर” बताते हुए निवेश को जरूरी बताया। उन्होंने शेयर बाजार, बॉन्ड और म्यूचुअल फंड में सोच-समझकर निवेश करने की सलाह दी तथा जोखिम कम करने के लिए छोटे-छोटे निवेश पर जोर दिया। साथ ही चिट फंड और कम समय में पैसा दोगुना करने वाले लालच से बचने, केवल पंजीकृत कंपनियों व ब्रोकर के माध्यम से निवेश करने की बात कही। कार्यक्रम में करीब 70 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया। अंत में डॉ रमेश कुमार ने धन्यवाद ज्ञापन किया1