विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया *लगभग ₹35 लाख मूल्य के मोबाइल CEIR पोर्टल के माध्यम से ट्रेस कर आवेदकों को लौटाए गए* श्रीमान पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के मार्गदर्शन एवं अति पुलिस अधीक्षक श्री मनजीत सिंह चावला के मार्गदर्शन में दिनांक 01 अगस्त से 05 अगस्त 2026 तक चलाए गए विशेष अभियान के अंतर्गत दतिया पुलिस की साइबर सेल द्वारा उत्कृष्ट कार्य करते हुए 173 गुम मोबाइल फोन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹35 लाख है, CEIR पोर्टल के माध्यम से सफलतापूर्वक ट्रेस कर उनके वास्तविक स्वामियों को वापस सौंपे गए। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खण्डेलवाल ने स्वयं सभी आवेदकों से संवाद किया। उन्होंने प्रत्येक आवेदक से यह जानकारी प्राप्त की कि उनका मोबाइल किन परिस्थितियों में गुम हुआ था तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव हेतु आवश्यक सावधानियों के संबंध में समझाइश दी। पुलिस अधीक्षक महोदय ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि, यदि सेकंड हैंड (पुराना) मोबाइल खरीद रहे हैं, तो खरीदने से पहले 'संचार साथी (Sanchar Saathi)' ऐप अथवा CEIR पोर्टल पर उसके IMEI नंबर का सत्यापन अवश्य करें। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकता है कि मोबाइल चोरी अथवा ब्लॉक की श्रेणी में नहीं है। उन्होंने कहा कि थोड़ी सी सावधानी अपनाकर नागरिक आर्थिक नुकसान और कानूनी परेशानियों से बच सकते हैं।इसके साथ ही IMEI नंबर के महत्व की जानकारी देते हुए बताया गया कि प्रत्येक मोबाइल का IMEI नंबर सुरक्षित रखना अत्यंत आवश्यक है, जिससे मोबाइल गुम अथवा चोरी होने की स्थिति में उसे ट्रेस करने में सहायता मिलती है। साथ ही उपस्थित नागरिकों को बताया गया कि मोबाइल गुम होने पर CEIR पोर्टल, निकटतम पुलिस थाने अथवा साइबर सेल के माध्यम से तत्काल शिकायत दर्ज कराई जा सकती है, जिससे मोबाइल की ट्रेसिंग एवं बरामदगी की संभावना बढ़ जाती है। कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक ने नागरिकों से जिले की कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में भी चर्चा की तथा पुलिस की कार्यप्रणाली एवं जनसेवाओं के संबंध में उनका फीडबैक प्राप्त किया। नागरिकों ने गुम मोबाइल शीघ्र प्राप्त होने पर दतिया पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए पुलिस की इस पहल की सराहना की। इस सराहनीय कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक दिलीप समाधिया, प्रधान आरक्षक पुष्पेंद्र परिहार, आरक्षक वीरेंद्र, बलवीर, शुभम परिहार एवं राहुल दांगी, आर रवि कुशवाह की सराहनीय भूमिका रही।
विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया *लगभग ₹35 लाख मूल्य के मोबाइल CEIR पोर्टल के माध्यम से ट्रेस कर आवेदकों को लौटाए गए* श्रीमान पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के मार्गदर्शन एवं अति पुलिस अधीक्षक श्री मनजीत सिंह चावला के मार्गदर्शन में दिनांक 01 अगस्त से 05 अगस्त 2026 तक चलाए गए विशेष अभियान के अंतर्गत दतिया पुलिस की साइबर सेल द्वारा उत्कृष्ट कार्य करते हुए 173 गुम मोबाइल
फोन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹35 लाख है, CEIR पोर्टल के माध्यम से सफलतापूर्वक ट्रेस कर उनके वास्तविक स्वामियों को वापस सौंपे गए। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खण्डेलवाल ने स्वयं सभी आवेदकों से संवाद किया। उन्होंने प्रत्येक आवेदक से यह जानकारी प्राप्त की कि उनका मोबाइल किन परिस्थितियों में गुम हुआ था तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव हेतु आवश्यक सावधानियों के संबंध में समझाइश दी। पुलिस अधीक्षक महोदय ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि, यदि सेकंड हैंड (पुराना) मोबाइल खरीद रहे हैं, तो खरीदने से पहले 'संचार साथी (Sanchar Saathi)' ऐप अथवा CEIR पोर्टल पर उसके
IMEI नंबर का सत्यापन अवश्य करें। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकता है कि मोबाइल चोरी अथवा ब्लॉक की श्रेणी में नहीं है। उन्होंने कहा कि थोड़ी सी सावधानी अपनाकर नागरिक आर्थिक नुकसान और कानूनी परेशानियों से बच सकते हैं।इसके साथ ही IMEI नंबर के महत्व की जानकारी देते हुए बताया गया कि प्रत्येक मोबाइल का IMEI नंबर सुरक्षित रखना अत्यंत आवश्यक है, जिससे मोबाइल गुम अथवा चोरी होने की स्थिति में उसे ट्रेस करने में सहायता मिलती है। साथ ही उपस्थित नागरिकों को बताया गया कि मोबाइल गुम होने पर CEIR पोर्टल, निकटतम पुलिस थाने अथवा साइबर सेल के माध्यम
से तत्काल शिकायत दर्ज कराई जा सकती है, जिससे मोबाइल की ट्रेसिंग एवं बरामदगी की संभावना बढ़ जाती है। कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक ने नागरिकों से जिले की कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में भी चर्चा की तथा पुलिस की कार्यप्रणाली एवं जनसेवाओं के संबंध में उनका फीडबैक प्राप्त किया। नागरिकों ने गुम मोबाइल शीघ्र प्राप्त होने पर दतिया पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए पुलिस की इस पहल की सराहना की। इस सराहनीय कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक दिलीप समाधिया, प्रधान आरक्षक पुष्पेंद्र परिहार, आरक्षक वीरेंद्र, बलवीर, शुभम परिहार एवं राहुल दांगी, आर रवि कुशवाह की सराहनीय भूमिका रही।
- मेन हेडिंग: विजय जुलूस से पहले नवनिर्वाचित विधायक घनश्याम सिंह का बड़ा संदेश, बोले— यह जीत दतिया की जनता की है विजय जुलूस से पहले नवनिर्वाचित विधायक घनश्याम सिंह का बड़ा संदेश, बोले— यह जीत दतिया की जनता की है विजय जुलूस से पहले नवनिर्वाचित विधायक घनश्याम सिंह का बड़ा संदेश, बोले— यह जीत दतिया की जनता की है1
- विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया विशेष अभियान के तहत दतिया पुलिस ने 173 गुम मोबाइल खोजकर, उनके वास्तविक स्वामियों के सुपुर्द किया *लगभग ₹35 लाख मूल्य के मोबाइल CEIR पोर्टल के माध्यम से ट्रेस कर आवेदकों को लौटाए गए* श्रीमान पुलिस अधीक्षक दतिया श्री मयूर खण्डेलवाल के मार्गदर्शन एवं अति पुलिस अधीक्षक श्री मनजीत सिंह चावला के मार्गदर्शन में दिनांक 01 अगस्त से 05 अगस्त 2026 तक चलाए गए विशेष अभियान के अंतर्गत दतिया पुलिस की साइबर सेल द्वारा उत्कृष्ट कार्य करते हुए 173 गुम मोबाइल फोन, जिनकी अनुमानित कीमत लगभग ₹35 लाख है, CEIR पोर्टल के माध्यम से सफलतापूर्वक ट्रेस कर उनके वास्तविक स्वामियों को वापस सौंपे गए। इस अवसर पर पुलिस अधीक्षक श्री मयूर खण्डेलवाल ने स्वयं सभी आवेदकों से संवाद किया। उन्होंने प्रत्येक आवेदक से यह जानकारी प्राप्त की कि उनका मोबाइल किन परिस्थितियों में गुम हुआ था तथा भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचाव हेतु आवश्यक सावधानियों के संबंध में समझाइश दी। पुलिस अधीक्षक महोदय ने नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि, यदि सेकंड हैंड (पुराना) मोबाइल खरीद रहे हैं, तो खरीदने से पहले 'संचार साथी (Sanchar Saathi)' ऐप अथवा CEIR पोर्टल पर उसके IMEI नंबर का सत्यापन अवश्य करें। इससे यह सुनिश्चित किया जा सकता है कि मोबाइल चोरी अथवा ब्लॉक की श्रेणी में नहीं है। उन्होंने कहा कि थोड़ी सी सावधानी अपनाकर नागरिक आर्थिक नुकसान और कानूनी परेशानियों से बच सकते हैं।इसके साथ ही IMEI नंबर के महत्व की जानकारी देते हुए बताया गया कि प्रत्येक मोबाइल का IMEI नंबर सुरक्षित रखना अत्यंत आवश्यक है, जिससे मोबाइल गुम अथवा चोरी होने की स्थिति में उसे ट्रेस करने में सहायता मिलती है। साथ ही उपस्थित नागरिकों को बताया गया कि मोबाइल गुम होने पर CEIR पोर्टल, निकटतम पुलिस थाने अथवा साइबर सेल के माध्यम से तत्काल शिकायत दर्ज कराई जा सकती है, जिससे मोबाइल की ट्रेसिंग एवं बरामदगी की संभावना बढ़ जाती है। कार्यक्रम के दौरान पुलिस अधीक्षक ने नागरिकों से जिले की कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था के संबंध में भी चर्चा की तथा पुलिस की कार्यप्रणाली एवं जनसेवाओं के संबंध में उनका फीडबैक प्राप्त किया। नागरिकों ने गुम मोबाइल शीघ्र प्राप्त होने पर दतिया पुलिस का आभार व्यक्त करते हुए पुलिस की इस पहल की सराहना की। इस सराहनीय कार्यवाही में साइबर सेल प्रभारी निरीक्षक दिलीप समाधिया, प्रधान आरक्षक पुष्पेंद्र परिहार, आरक्षक वीरेंद्र, बलवीर, शुभम परिहार एवं राहुल दांगी, आर रवि कुशवाह की सराहनीय भूमिका रही।4
- दतिया पुलिस का बड़ा अभियान: 173 गुम मोबाइल खोजकर लौटाए, ₹35 लाख के फोन पहुंचे असली मालिकों तक दतिया पुलिस ने विशेष अभियान के तहत CEIR पोर्टल की मदद से लगभग ₹35 लाख कीमत के 173 गुम मोबाइल ट्रेस कर उनके वास्तविक स्वामियों को सौंप दिए। पुलिस अधीक्षक मयूर खण्डेलवाल ने नागरिकों को IMEI नंबर सुरक्षित रखने और सेकंड हैंड मोबाइल खरीदने से पहले Sanchar Saathi ऐप या CEIR पोर्टल पर सत्यापन करने की सलाह दी। इस अभियान की सफलता में साइबर सेल की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।1
- भाजपा की भंग दतिया जिला कार्यकारणी के पदाधिकारी के प्रति कांग्रेस नेता अवधेश नायक की संवेदनाएं सोशल मीडिया पर पोस्ट वायरल बनी चर्चा का विषय #datia #datiamakeupartist #datiacongresh #narottam #datiacity भाजपा की भंग दतिया जिला कार्यकारणी के पदाधिकारी के प्रति कांग्रेस नेता अवधेश नायक की संवेदनाएं सोशल मीडिया पर पोस्ट वायरल बनी चर्चा का विषय #datia #datiamakeupartist #datiacongresh #narottam #datiacity1
- रतनगढ़ माता धाम में 2 अगस्त को दोपहर लगभग 1:00 बजे से 3:00 बजे के बीच की एक कथित घटना को लेकर चर्चाओं का दौर जारी है। सूत्रों के अनुसार, मंदिर परिसर के अंदर एक महिला के प्रवेश कर माला पहनने का दावा किया जा रहा है। बताया जा रहा है कि यह घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद होने की चर्चा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।1
- "उपचुनाव का महत्व नहीं होता, फिर भी हार, हार और जीत जीत होती है।" ~कैलाश विजयवर्गीय1
- अच्छी बारिश होने के लिए लोगों ने भैरव पूजा के बाद गधे की जयकारा करते हुए खिलाए रसगुल्ले क्या आपने सुनी है कभी गधे देवता की जय बारिश न होने के कारण गधे को खिलाएं गुलाब जामुन रसगुल्ले , जावद में अनोखी परंपरा बारिश के लिए घास भैरव पूजन, गधे को खिलाए गुलाब जामुन,नीमच जिले के जावद नगर से आस्था और परंपरा की एक अनोखी तस्वीर सामने आई है। यहां अच्छी बारिश और जल संकट दूर करने के लिए सदियों पुरानी मान्यता निभाई गई। खोर दरवाजा स्थित रामलीला मैदान में विराजित घास भैरव की विशेष पूजा की गई। और इस बार भी गधे को गुलाब जामुन खिलाकर नगर पटेल को उसी पर बैठाकर पूरे नगर में भ्रमण कराया गया। श्रावण का महीना और आसमान में बादलों की बाट। ऐसे में जावद के लोगों ने अपने इष्ट घास भैरव को मनाने की ठानी। खोर दरवाजा स्थित रामलीला मैदान में स्थापित प्राचीन घास भैरव की प्रतिमा पर विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। धूप-दीप और मंत्रोच्चार के बीच पूरा माहौल भक्तिमय हो गया। परंपरा के अनुसार इसके बाद गधे को विशेष रूप से गुलाब जामुन खिलाए गए। फिर नगर के पटेल को सम्मान के साथ गधे पर बिठाकर नगर भ्रमण कराया गया। मान्यता है कि इस अनुष्ठान के बाद इंद्रदेव प्रसन्न होते हैं और क्षेत्र में अच्छी वर्षा होती है, जिससे जल संकट दूर होता है। पूजन में खोर दरवाजा और मोतीपुरा क्षेत्र के सैकड़ों नागरिक शामिल हुए। सभी ने एक स्वर में प्रार्थना की कि इस बार मानसून मेहरबान हो और खेतों में पानी की कोई कमी न रहे। स्थानीय लोगों का कहना है कि ये परंपरा पीढ़ियों से चली आ रही है, इसके बाद बारिश जरूर होती है।।1
- चेहल्लुम पर दतिया में निकले ताजिए, किला चौक से लाला के ताल तक निकला जुलूस, हुआ विसर्जन दतिया इमाम हुसैन की शहादत की याद में मोहर्रम के 40 दिन बाद मनाए जाने वाले चेहल्लुम चेहल्लुम पर दतिया में निकले ताजिए, किला चौक से लाला के ताल तक निकला जुलूस, हुआ विसर्जन दतिया। इमाम हुसैन की शहादत की याद में मोहर्रम के 40 दिन बाद मनाए जाने वाले चेहल्लुम के अवसर पर मंगलवार देर रात दतिया में मुस्लिम समाज द्वारा ताजियों का जुलूस निकाला गया। श्रद्धा और अकीदत के साथ निकले इस जुलूस में बड़ी संख्या में समाजजन शामिल हुए। रात करीब 10 बजे किला चौक से शुरू हुआ ताजियों का जुलूस शहर के प्रमुख मार्गों—किला चौक, दारूगर की पुलिया, टाउन हॉल और बड़ा बाजार से होता हुआ लाला के ताल पहुंचा। यहां धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार ताजियों का विसर्जन किया गया। मुस्लिम समाज के लोगों ने बताया कि चेहल्लुम, इमाम हुसैन और कर्बला के शहीदों की कुर्बानी को याद करने का दिन है। मोहर्रम के बाद विशेष रूप से तैयार किए गए ताजियों को चेहल्लुम के अवसर पर पूरे सम्मान और श्रद्धा के साथ निकाला गया। जुलूस के दौरान शांतिपूर्ण और धार्मिक वातावरण बना रहा तथा सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल भी तैनात रहा।3