बिलासपुर जिले के चकरभाठा थाना क्षेत्र की रामावेली कॉलोनी में एक अधिवक्ता को लापरवाह कार चालक ने टक्कर मारकर उनकी स्कूटी क्षतिग्रस्त कर दी थी। पहले तो आरोपी ने स्कूटी ठीक कराने का समझौता किया, लेकिन बाद में अपने वादे से मुकर गया, जिसके बाद अधिवक्ता ने चकरभाठा थाने में मामला दर्ज कराया है। जानकारी के अनुसार, रामावेली निवासी अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने पुलिस को बताया कि 22 मई 2026 को सुबह करीब 11:00 बजे जब वह अपनी चेतक ईवी स्कूटी (क्रमांक CG 10 BQ 8725) से घर जा रहे थे, तब रामावेली मेन रोड पर लोकेश मिश्रा नामक व्यक्ति ने अपनी इको स्पोर्ट कार को तेज और लापरवाही से चलाते हुए उनकी स्कूटी को ठोकर मार दी। इस टक्कर से स्कूटी क्षतिग्रस्त हो गई और अधिवक्ता भी जमीन पर गिर गए। जब अधिवक्ता ने थाने में शिकायत करने की बात कही, तो लोकेश मिश्रा ने उन्हें आश्वासन दिया कि वह उनकी स्कूटी बनवा देगा। इसके बाद, लोकेश मिश्रा ने अपने कर्मचारी के माध्यम से स्कूटी को चेतक शोरूम भिजवाया, जहाँ वह अभी भी खड़ी है। हालांकि, जब अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने लोकेश मिश्रा से स्कूटी की मरम्मत पर आए लगभग ₹17,000 के खर्च का भुगतान करने को कहा, तो उसने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया। आरोपी द्वारा भुगतान से मुकरने के बाद, अधिवक्ता जाफरी ने 30 मई 2026 को शाम 5:08 बजे चकरभाठा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के अवलोकन पर, पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 के तहत अपराध मानते हुए मामला दर्ज कर लिया है और इसकी विवेचना जारी है।
बिलासपुर जिले के चकरभाठा थाना क्षेत्र की रामावेली कॉलोनी में एक अधिवक्ता को लापरवाह कार चालक ने टक्कर मारकर उनकी स्कूटी क्षतिग्रस्त कर दी थी। पहले तो आरोपी ने स्कूटी ठीक कराने का समझौता किया, लेकिन बाद में अपने वादे से मुकर गया, जिसके बाद अधिवक्ता ने चकरभाठा थाने में मामला दर्ज कराया है। जानकारी के अनुसार, रामावेली निवासी अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने पुलिस को बताया कि 22 मई 2026 को सुबह करीब 11:00 बजे जब वह अपनी चेतक ईवी स्कूटी (क्रमांक CG 10 BQ 8725) से घर जा रहे थे, तब रामावेली मेन रोड पर लोकेश मिश्रा नामक व्यक्ति ने अपनी इको स्पोर्ट कार को तेज और लापरवाही से चलाते हुए उनकी स्कूटी को ठोकर मार दी। इस टक्कर से स्कूटी क्षतिग्रस्त हो गई और अधिवक्ता भी जमीन पर गिर गए। जब अधिवक्ता ने थाने में शिकायत करने की बात कही, तो लोकेश मिश्रा ने उन्हें आश्वासन दिया कि वह उनकी स्कूटी बनवा देगा। इसके बाद, लोकेश मिश्रा ने अपने कर्मचारी के माध्यम से स्कूटी को चेतक शोरूम भिजवाया, जहाँ वह अभी भी खड़ी है। हालांकि, जब अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने लोकेश मिश्रा से स्कूटी की मरम्मत पर आए लगभग ₹17,000 के खर्च का भुगतान करने को कहा, तो उसने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया। आरोपी द्वारा भुगतान से मुकरने के बाद, अधिवक्ता जाफरी ने 30 मई 2026 को शाम 5:08 बजे चकरभाठा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के अवलोकन पर, पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 के तहत अपराध मानते हुए मामला दर्ज कर लिया है और इसकी विवेचना जारी है।
- बिलासपुर स्थित गुरु घासीदास विश्वविद्यालय में सभी परीक्षाओं के पेपर लीक होने की आशंका से हड़कंप मच गया है। यह गंभीर स्थिति तब पैदा हुई है जब विश्वविद्यालय के सबसे सुरक्षित माने जाने वाले समर्थ पोर्टल के हैक होने की आशंका जताई जा रही है। इस मामले की गंभीरता को देखते हुए विश्वविद्यालय ने तुरंत एक पांच सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। मीडिया प्रभारी ने भी स्वीकार किया है कि पेपर लीक की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया जा सकता है। वर्तमान में, विश्वविद्यालय सभी परीक्षाओं को रद्द करने पर भी विचार कर रहा है, जिसके परिणामस्वरूप लगभग 10,000 छात्रों का भविष्य अधर में लटक सकता है।1
- मुंगेली पुलिस ने लोरमी थाना क्षेत्र के ग्राम नवलपुर स्थित महामाया गुड़ फैक्ट्री में हुई चोरी के मामले का सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री भोजराम पटेल (IPS) के निर्देशन में चलाए जा रहे 'ऑपरेशन बाज' के तहत कार्रवाई करते हुए लोरमी पुलिस ने कुल चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने गिरफ्तार किए गए आरोपियों के कब्जे से चोरी का कुल ₹4,88,000 मूल्य का मशरूका बरामद किया है, जिसमें चोरी का सामान, एक मोटरसाइकिल, एक लूना और एक पिकअप वाहन शामिल हैं। इस मामले में अन्य फरार आरोपियों की तलाश अभी भी जारी है।1
- भाटापारा के हटरी बाजार स्थित बालचंद बत्रा कलेक्शन कपड़ा दुकान में लगी भीषण आग ने करोड़ों के नुकसान के साथ-साथ शहर की आपदा प्रबंधन व्यवस्था की गंभीर खामियों को उजागर कर दिया है। आग बुझाने के दौरान भाटापारा नगर पालिका की दमकल व्यवस्था पूरी तरह नाकाम साबित हुई, जबकि नगर सेना बलौदाबाजार के दमकल कर्मियों ने अपनी जान जोखिम में डालकर आग पर काबू पाने में निर्णायक भूमिका निभाई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग लगने पर स्थानीय स्तर पर पर्याप्त संसाधन उपलब्ध नहीं थे और भाटापारा नगर पालिका की फायर ब्रिगेड पहले से ही खराब होने के कारण प्रभावी भूमिका नहीं निभा सकी, जिससे बाहरी संसाधनों पर निर्भर रहना पड़ा। घटना की सूचना मिलने पर नगर सेना बलौदाबाजार के दो फायर ब्रिगेड वाहन मौके पर पहुंचे और आग बुझाने का मोर्चा संभाला। दमकल कर्मियों ने घंटों तक आग से संघर्ष करते हुए आसपास की दुकानों और भवनों को बड़ी क्षति से बचाया। नागरिकों का कहना है कि यदि नगर सेना की टीम समय पर नहीं पहुंचती तो नुकसान कहीं अधिक बड़ा हो सकता था। अल्ट्राटेक सीमेंट हिरमी की फायर यूनिट पर भी सवाल उठे हैं, आरोप है कि वाहन को घटना स्थल तक नहीं लाया गया। वहीं, अंबुजा सीमेंट रवान की फायर ब्रिगेड भी तकनीकी समस्या से जूझती रही और उसे धक्का देकर चालू करना पड़ा। सबसे चिंताजनक स्थिति तब बनी जब आग बुझाने की कार्रवाई अंतिम चरण में थी और आग से क्षतिग्रस्त भवन अचानक भरभराकर गिर पड़ा। इस मलबे की चपेट में आने से नगर सेना बलौदाबाजार के जवान सैनिक क्रमांक 41 कृष्णा खूंटे गंभीर रूप से घायल हो गए। उनके एक पैर में गंभीर चोट आई, जिसके बाद प्राथमिक उपचार के उपरांत उन्हें बेहतर इलाज के लिए रायपुर रेफर किया गया। इस घटना के बाद शहर में नगर पालिका की आपदा प्रबंधन तैयारियों और दमकल व्यवस्था को लेकर तीखी चर्चाएं शुरू हो गई हैं। नागरिकों का कहना है कि भाटापारा जैसे तेजी से विकसित हो रहे बड़े व्यापारिक नगर में यदि दमकल वाहन समय पर उपलब्ध न हों, तो किसी भी बड़ी दुर्घटना में जन-धन की अपूरणीय क्षति हो सकती है। अग्निकांड ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि आखिर शहर की फायर सेफ्टी व्यवस्था की निगरानी कौन कर रहा है और खराब संसाधनों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारी अब तक जवाबदेह क्यों नहीं बनाए गए। वहीं, नगर सेना बलौदाबाजार के जवानों के साहस और कर्तव्यनिष्ठा की शहरभर में सराहना की जा रही है, जिन्होंने विपरीत परिस्थितियों में भी मोर्चा संभालकर बड़ी तबाही को सीमित करने का प्रयास किया।1
- बिलासपुर जिले के चकरभाठा थाना क्षेत्र की रामावेली कॉलोनी में एक अधिवक्ता को लापरवाह कार चालक ने टक्कर मारकर उनकी स्कूटी क्षतिग्रस्त कर दी थी। पहले तो आरोपी ने स्कूटी ठीक कराने का समझौता किया, लेकिन बाद में अपने वादे से मुकर गया, जिसके बाद अधिवक्ता ने चकरभाठा थाने में मामला दर्ज कराया है। जानकारी के अनुसार, रामावेली निवासी अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने पुलिस को बताया कि 22 मई 2026 को सुबह करीब 11:00 बजे जब वह अपनी चेतक ईवी स्कूटी (क्रमांक CG 10 BQ 8725) से घर जा रहे थे, तब रामावेली मेन रोड पर लोकेश मिश्रा नामक व्यक्ति ने अपनी इको स्पोर्ट कार को तेज और लापरवाही से चलाते हुए उनकी स्कूटी को ठोकर मार दी। इस टक्कर से स्कूटी क्षतिग्रस्त हो गई और अधिवक्ता भी जमीन पर गिर गए। जब अधिवक्ता ने थाने में शिकायत करने की बात कही, तो लोकेश मिश्रा ने उन्हें आश्वासन दिया कि वह उनकी स्कूटी बनवा देगा। इसके बाद, लोकेश मिश्रा ने अपने कर्मचारी के माध्यम से स्कूटी को चेतक शोरूम भिजवाया, जहाँ वह अभी भी खड़ी है। हालांकि, जब अधिवक्ता सैयद मोहसिन हैदर जाफरी ने लोकेश मिश्रा से स्कूटी की मरम्मत पर आए लगभग ₹17,000 के खर्च का भुगतान करने को कहा, तो उसने पैसे देने से साफ इनकार कर दिया। आरोपी द्वारा भुगतान से मुकरने के बाद, अधिवक्ता जाफरी ने 30 मई 2026 को शाम 5:08 बजे चकरभाठा थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के अवलोकन पर, पुलिस ने प्रथम दृष्टया भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 281 के तहत अपराध मानते हुए मामला दर्ज कर लिया है और इसकी विवेचना जारी है।1