विदेशी नागरिकों का फॉर्म सी भरना अनिवार्य...होटल संचालक उड़ा रहे नियमों की धज्जियां भारत में ठहरने के लिए विदेशी नागरिकों का फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। लेकिन कुछ होटल और लॉज संचालक नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। इससे सुरक्षा को भी खतरा है। इस मामले को लेकर खुफिया विभाग ने रिपोर्ट शासन को भेजी है। Trending Videos सुरक्षा को देखते हुए भारत सरकार की ओर से फॉर्म-सी का प्रारूप तैयार किया गया है। इसमें भारत में ठहरने वाले विदेशियों के प्रवास का विवरण पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन की तारीख आदि दर्ज करानी होती है। इसमें होटल, अस्पताल, गेस्ट हाउस, धर्मशाला, डाक बंगला, शिक्षण संस्थान आदि के मालिक द्वारा फॉर्म सी डिजिटल प्रारूप में किसी भी विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से भरा जाना अनिवार्य है लेकिन होटल संचालकों की ओर से अनियमितताओं के कारण सीमावर्ती क्षेत्र में फॉर्म-सी नहीं भरा जा रहा है। विज्ञापन विभाग की ओर से जारी पत्र में स्टूडेंट वीजा पर भारत आकर अध्ययन करने वाले विदेशियों के प्रवास व अध्ययन विवरण (पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन का तारीख आदि) शामिल है। शिक्षण संस्थानों के मालिक प्रबंधक द्वारा उनकी उपस्थिति, आचरण, सेमेस्टर-वार परिणाम, शैक्षणिक प्रोफाइल आदि का विवरण भी समय-समय पर अपडेट किया जाएगा। सभी विदेशी छात्रों को संबंधित पाठ्यक्रम में नामांकन होने के तुरंत बाद निकटतम एफआरआरओ कार्यालय में स्वयं को पंजीकृत करना होगा। विभाग के जिम्मेदारों का कहना है कि भारत-नेपाल सीमा पर स्थित जिले पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज में अधिकांश होटल व अन्य ठहरने के स्थानों के मालिक प्रबंधकों फॉर्म सी को डिजिटल प्रारूप में विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से नहीं भरी जा रही है। अधिकांश होटल, अस्पताल, संस्थान के मालिक ने गृह मंत्रालय के डिजिटल फॉर्म सी पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया है। इसके परिणाम स्वरूप ऐसे विदेशी का कोई डेटा उपलब्ध नहीं है। इससे उप्र में रहने वाले विदेशी को ट्रैक और ट्रेस करना बहुत मुश्किल और चुनौतीपूर्ण हो गया है। अक्सर विदेशी उठाते हैं नेपाल की खुली सीमा का फायदा भारत नेपाल की खुली सीमा से भारतीय अपराधी ही नहीं विदेशी नागरिक भी अक्सर घुसपैठ करते हुए पकड़े जाते हैं। उनको खुली सीमा के बारे में ज्ञान नहीं होता है। भारत और नेपाल में बैठे दलाल उनको खुली सीमा के बारे में जानकारी देकर सरहद पार करने में मदद करते हैं। बीते पांच माह में तीन भारतीय अपराधी के साथ ही नेपाली महिला, अमेरिकी, चीनी, उब्जेकिस्तान की महिला सहित कई लोग पकड़े गए। नवंबर माह में महाराष्ट्र के एक आरोपी को विभाग ने गिरफ्तार किया था। सितंबर माह में थाईलैंड की महिला के साथ भी यही हुआ। नेपाली नागरिक पंकज और भारतीय कैलास और इंदु ने विदेशी महिला को पगडंडियों के रास्ते भारत में प्रवेश दिला दिया लेकिन एसएसबी और पुलिस की खुफिया टीम ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। सोनौली सीमा पर पकड़ा गया था चीनी नागरिक अभी बीते वर्ष सोनौली सीमा पर ही एक चीनी नागरिक को घुसपैठ करा रहे दो युवकों को एसएसबी ने पकड़ लिया था और पुलिस को सौंप दिया था। बीते वर्ष मार्च माह में नीदरलैंड के युवक को एसएसबी और पुलिस ने पगडंडियों के रास्ते साइकिल से अवैध घुसपैठ के दौरान गिरफ्तार किया था। दिसंबर माह में एक श्रीलंका के नागरिक को सीमा पर पुलिस ने पकड़ कर जेल भेज दिया था, जिसके खिलाफ श्रीलंका में आपराधिक मामले दर्ज है। बीते साल अगस्त महीने में दो विदेशी महिलाएं अवैध रूप से बॉर्डर पार करने के दौरान गिरफ्तार की गई थीं।, जिसमें एक उब्जेकिस्तान और एक अमेरिकी महिला शामिल है। जो इंडो-नेपाल बॉर्डर पर अवैध ढंग से घुसने का प्रयास कर रही थी। कब-कब पकड़े गए विदेशी नागरिक - 10 मई 2024 को भारत से नेपाल जाते समय संदिग्धता के आधार पर रोक कर पुलिस ने अर्जेंटीना देश निवासी लियो पुत्र तरेस को गिरफ्तार किया। -24 अप्रैल 2024 को भारत मे आ रही एक इंडोनेशिया महिला इसनेनी को नेपाल पुलिस को सौंपा गया। -20 फरवरी 2022 को फर्जी वीजा के साथ रूसी दंपती स्वेटलाना फैडेरोवा व रुसाना सुल्तानोवा को नेपाल प्रवेश करने से पहले पकड़ लिया गया। जो कि गोवा में एनडीपीएस एक्ट के आरोपित भी थे। -11 दिसंबर 2021 को भारत में प्रवेश कर रहे चीनी नागरिक जी यांग शी निवासी हुबेई चीन को आव्रजन अधिकारियों ने बिना वीजा भारत प्रवेश करने से रोका और नेपाल वापस कर दिया गया। - 22 अगस्त 2020 को चीनी नागरिक शेन ली हुबेई चीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। 18 अक्टूबर 2020 को फिलिस्तीन के नागरिक अवनी मोहम्मद हसन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। सभी होटल एवं लाज की जांच की जाएगी। अगर इसमें कमी पाया गया तो आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - अंकुर कुमार गौतम, क्षेत्राधिकारी, नौतनवा
विदेशी नागरिकों का फॉर्म सी भरना अनिवार्य...होटल संचालक उड़ा रहे नियमों की धज्जियां भारत में ठहरने के लिए विदेशी नागरिकों का फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। लेकिन कुछ होटल और लॉज संचालक नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। इससे सुरक्षा को भी खतरा है। इस मामले को लेकर खुफिया विभाग ने रिपोर्ट शासन को भेजी है। Trending Videos सुरक्षा को देखते हुए भारत सरकार की ओर से फॉर्म-सी का प्रारूप तैयार किया गया है। इसमें भारत में ठहरने वाले विदेशियों के प्रवास का विवरण पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन की तारीख आदि दर्ज करानी होती है। इसमें होटल, अस्पताल, गेस्ट हाउस, धर्मशाला, डाक बंगला, शिक्षण संस्थान आदि के मालिक द्वारा फॉर्म सी डिजिटल प्रारूप में किसी भी विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से भरा जाना अनिवार्य है लेकिन होटल संचालकों की ओर से अनियमितताओं के कारण सीमावर्ती क्षेत्र में फॉर्म-सी नहीं भरा जा रहा है। विज्ञापन विभाग की ओर से जारी पत्र में स्टूडेंट वीजा पर भारत आकर अध्ययन करने वाले विदेशियों के प्रवास व अध्ययन विवरण (पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन का तारीख आदि) शामिल है। शिक्षण संस्थानों के मालिक प्रबंधक द्वारा उनकी उपस्थिति, आचरण, सेमेस्टर-वार परिणाम, शैक्षणिक प्रोफाइल आदि का विवरण भी समय-समय पर अपडेट किया जाएगा। सभी विदेशी छात्रों को संबंधित पाठ्यक्रम में नामांकन होने के तुरंत बाद निकटतम एफआरआरओ कार्यालय में स्वयं को पंजीकृत करना होगा। विभाग के जिम्मेदारों का कहना है कि भारत-नेपाल सीमा पर स्थित जिले पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज में अधिकांश होटल व अन्य ठहरने के स्थानों के मालिक प्रबंधकों फॉर्म सी को डिजिटल प्रारूप में विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से नहीं भरी जा रही है। अधिकांश होटल, अस्पताल, संस्थान के मालिक ने गृह मंत्रालय के डिजिटल फॉर्म सी पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया है। इसके परिणाम स्वरूप ऐसे विदेशी का कोई डेटा उपलब्ध नहीं है। इससे उप्र में रहने वाले विदेशी को ट्रैक और ट्रेस करना बहुत मुश्किल और चुनौतीपूर्ण हो गया है। अक्सर विदेशी उठाते हैं नेपाल की खुली सीमा का फायदा भारत नेपाल की खुली सीमा से भारतीय अपराधी ही नहीं विदेशी नागरिक भी अक्सर घुसपैठ करते हुए पकड़े जाते हैं। उनको खुली सीमा के बारे में ज्ञान नहीं होता है। भारत और नेपाल में बैठे दलाल उनको खुली सीमा के बारे में जानकारी देकर सरहद पार करने में मदद करते हैं। बीते पांच माह में तीन भारतीय अपराधी के साथ ही नेपाली महिला, अमेरिकी, चीनी, उब्जेकिस्तान की महिला सहित कई लोग पकड़े गए। नवंबर माह में महाराष्ट्र के एक आरोपी को विभाग ने गिरफ्तार किया था। सितंबर माह में थाईलैंड की महिला के साथ भी यही हुआ। नेपाली नागरिक पंकज और भारतीय कैलास और इंदु ने विदेशी महिला को पगडंडियों के रास्ते भारत में प्रवेश दिला दिया लेकिन एसएसबी और पुलिस की खुफिया टीम ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। सोनौली सीमा पर पकड़ा गया था चीनी नागरिक अभी बीते वर्ष सोनौली सीमा पर ही एक चीनी नागरिक को घुसपैठ करा रहे दो युवकों को एसएसबी ने पकड़ लिया था और पुलिस को सौंप दिया था। बीते वर्ष मार्च माह में नीदरलैंड के युवक को एसएसबी और पुलिस ने पगडंडियों के रास्ते साइकिल से अवैध घुसपैठ के दौरान गिरफ्तार किया था। दिसंबर माह में एक श्रीलंका के नागरिक को सीमा पर पुलिस ने पकड़ कर जेल भेज दिया था, जिसके खिलाफ श्रीलंका में आपराधिक मामले दर्ज है। बीते साल अगस्त महीने में दो विदेशी महिलाएं अवैध रूप से बॉर्डर पार करने के दौरान गिरफ्तार की गई थीं।, जिसमें एक उब्जेकिस्तान और एक अमेरिकी महिला शामिल है। जो इंडो-नेपाल बॉर्डर पर अवैध ढंग से घुसने का प्रयास कर रही थी। कब-कब पकड़े गए विदेशी नागरिक - 10 मई 2024 को भारत से नेपाल जाते समय संदिग्धता के आधार पर रोक कर पुलिस ने अर्जेंटीना देश निवासी लियो पुत्र तरेस को गिरफ्तार किया। -24 अप्रैल 2024 को भारत मे आ रही एक इंडोनेशिया महिला इसनेनी को नेपाल पुलिस को सौंपा गया। -20 फरवरी 2022 को फर्जी वीजा के साथ रूसी दंपती स्वेटलाना फैडेरोवा व रुसाना सुल्तानोवा को नेपाल प्रवेश करने से पहले पकड़ लिया गया। जो कि गोवा में एनडीपीएस एक्ट के आरोपित भी थे। -11 दिसंबर 2021 को भारत में प्रवेश कर रहे चीनी नागरिक जी यांग शी निवासी हुबेई चीन को आव्रजन अधिकारियों ने बिना वीजा भारत प्रवेश करने से रोका और नेपाल वापस कर दिया गया। - 22 अगस्त 2020 को चीनी नागरिक शेन ली हुबेई चीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। 18 अक्टूबर 2020 को फिलिस्तीन के नागरिक अवनी मोहम्मद हसन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। सभी होटल एवं लाज की जांच की जाएगी। अगर इसमें कमी पाया गया तो आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - अंकुर कुमार गौतम, क्षेत्राधिकारी, नौतनवा
- महराजगंज के भिटौली थाना क्षेत्र से एक गंभीर मामला सामने आया है। गांव की रहने वाली सीमा वर्मा ने थानाध्यक्ष पर मारपीट, अभद्र व्यवहार, थर्ड डिग्री और 35 हजार रुपये वसूली करने का आरोप लगाया है। महिला का कहना है कि उसके बेटे को फर्जी मामले में फंसाया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक ने जांच सीओ सदर को सौंप दी है। अब जांच के बाद ही सच्चाई सामने आएगी। . || Maharajganj News || Aapan Maharajganj || Maharajganj || Bhitauli Case . #Maharajganj #UPPolice #PoliceCase #maharajganjnews #aapanmaharajganj1
- भारत में ठहरने के लिए विदेशी नागरिकों का फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। लेकिन कुछ होटल और लॉज संचालक नियमों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। इससे सुरक्षा को भी खतरा है। इस मामले को लेकर खुफिया विभाग ने रिपोर्ट शासन को भेजी है। Trending Videos सुरक्षा को देखते हुए भारत सरकार की ओर से फॉर्म-सी का प्रारूप तैयार किया गया है। इसमें भारत में ठहरने वाले विदेशियों के प्रवास का विवरण पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन की तारीख आदि दर्ज करानी होती है। इसमें होटल, अस्पताल, गेस्ट हाउस, धर्मशाला, डाक बंगला, शिक्षण संस्थान आदि के मालिक द्वारा फॉर्म सी डिजिटल प्रारूप में किसी भी विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से भरा जाना अनिवार्य है लेकिन होटल संचालकों की ओर से अनियमितताओं के कारण सीमावर्ती क्षेत्र में फॉर्म-सी नहीं भरा जा रहा है। विज्ञापन विभाग की ओर से जारी पत्र में स्टूडेंट वीजा पर भारत आकर अध्ययन करने वाले विदेशियों के प्रवास व अध्ययन विवरण (पासपोर्ट नंबर, वीजा विवरण, नवीन फोटो, आगमन का तारीख आदि) शामिल है। शिक्षण संस्थानों के मालिक प्रबंधक द्वारा उनकी उपस्थिति, आचरण, सेमेस्टर-वार परिणाम, शैक्षणिक प्रोफाइल आदि का विवरण भी समय-समय पर अपडेट किया जाएगा। सभी विदेशी छात्रों को संबंधित पाठ्यक्रम में नामांकन होने के तुरंत बाद निकटतम एफआरआरओ कार्यालय में स्वयं को पंजीकृत करना होगा। विभाग के जिम्मेदारों का कहना है कि भारत-नेपाल सीमा पर स्थित जिले पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज में अधिकांश होटल व अन्य ठहरने के स्थानों के मालिक प्रबंधकों फॉर्म सी को डिजिटल प्रारूप में विदेशी के आगमन के 24 घंटे के भीतर ऑनलाइन माध्यम से नहीं भरी जा रही है। अधिकांश होटल, अस्पताल, संस्थान के मालिक ने गृह मंत्रालय के डिजिटल फॉर्म सी पोर्टल पर पंजीकरण नहीं कराया है। इसके परिणाम स्वरूप ऐसे विदेशी का कोई डेटा उपलब्ध नहीं है। इससे उप्र में रहने वाले विदेशी को ट्रैक और ट्रेस करना बहुत मुश्किल और चुनौतीपूर्ण हो गया है। अक्सर विदेशी उठाते हैं नेपाल की खुली सीमा का फायदा भारत नेपाल की खुली सीमा से भारतीय अपराधी ही नहीं विदेशी नागरिक भी अक्सर घुसपैठ करते हुए पकड़े जाते हैं। उनको खुली सीमा के बारे में ज्ञान नहीं होता है। भारत और नेपाल में बैठे दलाल उनको खुली सीमा के बारे में जानकारी देकर सरहद पार करने में मदद करते हैं। बीते पांच माह में तीन भारतीय अपराधी के साथ ही नेपाली महिला, अमेरिकी, चीनी, उब्जेकिस्तान की महिला सहित कई लोग पकड़े गए। नवंबर माह में महाराष्ट्र के एक आरोपी को विभाग ने गिरफ्तार किया था। सितंबर माह में थाईलैंड की महिला के साथ भी यही हुआ। नेपाली नागरिक पंकज और भारतीय कैलास और इंदु ने विदेशी महिला को पगडंडियों के रास्ते भारत में प्रवेश दिला दिया लेकिन एसएसबी और पुलिस की खुफिया टीम ने तीनों को गिरफ्तार कर लिया। सोनौली सीमा पर पकड़ा गया था चीनी नागरिक अभी बीते वर्ष सोनौली सीमा पर ही एक चीनी नागरिक को घुसपैठ करा रहे दो युवकों को एसएसबी ने पकड़ लिया था और पुलिस को सौंप दिया था। बीते वर्ष मार्च माह में नीदरलैंड के युवक को एसएसबी और पुलिस ने पगडंडियों के रास्ते साइकिल से अवैध घुसपैठ के दौरान गिरफ्तार किया था। दिसंबर माह में एक श्रीलंका के नागरिक को सीमा पर पुलिस ने पकड़ कर जेल भेज दिया था, जिसके खिलाफ श्रीलंका में आपराधिक मामले दर्ज है। बीते साल अगस्त महीने में दो विदेशी महिलाएं अवैध रूप से बॉर्डर पार करने के दौरान गिरफ्तार की गई थीं।, जिसमें एक उब्जेकिस्तान और एक अमेरिकी महिला शामिल है। जो इंडो-नेपाल बॉर्डर पर अवैध ढंग से घुसने का प्रयास कर रही थी। कब-कब पकड़े गए विदेशी नागरिक - 10 मई 2024 को भारत से नेपाल जाते समय संदिग्धता के आधार पर रोक कर पुलिस ने अर्जेंटीना देश निवासी लियो पुत्र तरेस को गिरफ्तार किया। -24 अप्रैल 2024 को भारत मे आ रही एक इंडोनेशिया महिला इसनेनी को नेपाल पुलिस को सौंपा गया। -20 फरवरी 2022 को फर्जी वीजा के साथ रूसी दंपती स्वेटलाना फैडेरोवा व रुसाना सुल्तानोवा को नेपाल प्रवेश करने से पहले पकड़ लिया गया। जो कि गोवा में एनडीपीएस एक्ट के आरोपित भी थे। -11 दिसंबर 2021 को भारत में प्रवेश कर रहे चीनी नागरिक जी यांग शी निवासी हुबेई चीन को आव्रजन अधिकारियों ने बिना वीजा भारत प्रवेश करने से रोका और नेपाल वापस कर दिया गया। - 22 अगस्त 2020 को चीनी नागरिक शेन ली हुबेई चीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। 18 अक्टूबर 2020 को फिलिस्तीन के नागरिक अवनी मोहम्मद हसन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। फॉर्म सी भरना अनिवार्य है। सभी होटल एवं लाज की जांच की जाएगी। अगर इसमें कमी पाया गया तो आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी। - अंकुर कुमार गौतम, क्षेत्राधिकारी, नौतनवा1
- ठूठीबारी। भारत-नेपाल सीमा क्षेत्र में तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना नौतनवा पुलिस और एसएसबी की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बुद्ध भगवान की पीली धातु की मूर्ति के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है। टीम ने मौके से एक कार, नकदी और मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। जानकारी के अनुसार मुखबिर से मिली सूचना के आधार पर सोमवार शाम करीब 7:40 बजे पुलिस व एसएसबी की संयुक्त टीम ने बरवाकला अंडरपास के पास घेराबंदी कर दो संदिग्धों को पकड़ लिया। तलाशी के दौरान उनके पास से पीली धातु की बुद्ध भगवान की एक मूर्ति, एक निशान मैगनाइट कार , 50 हजार रुपये भारतीय नकदी तथा तीन मोबाइल फोन बरामद किए गए। पकड़े गए आरोपितों की पहचान विद्यासागर (20) पुत्र गजेंद्र केवट निवासी किशुनपुर सोबड़ा थाना ठूठीबारी जनपद महराजगंज तथा राम सिंह पासी पुत्र सुमेर पासी निवासी टरगोली सोनवाला जिला नवलपरासी, नेपाल के रूप में हुई है। पुलिस ने दोनों आरोपितों के खिलाफ कस्टम अधिनियम की धारा 113 के तहत कार्रवाई करते हुए बरामद सामान के साथ आगे की विधिक कार्रवाई के लिए कस्टम कार्यालय नौतनवा भेज दिया है। इस कार्रवाई में थाना नौतनवा के उपनिरीक्षक मनीष कुमार, हेड कांस्टेबल सतीश कुमार, कांस्टेबल सुनील सिंह यादव तथा एसएसबी की टीम में निरीक्षक जितेंद्र कुमार ठाकुर, उपनिरीक्षक जतिन, हेड कांस्टेबल सलुंखे पेन्डरीनाथ, कांस्टेबल राजाराम वर्मा, निरेपेन राजवंशी और राजेंद्र यादव शामिल रहे।1
- महराजगंज: नौतनवा थाना क्षेत्र में पति और उसके दो मासूम बच्चों की मौत के चर्चित मामले में पुलिस ने वांछित पत्नी को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने अभियुक्ता को थाना गेट के पास से पकड़कर न्यायालय भेज दिया।गौरतलब है कि 8 मार्च को अमरीश ठाकुर ने पत्नी की प्रताड़ना से तंग आकर पहले अपने दो नाबालिग बच्चों को फांसी पर लटका दिया और फिर खुद भी आत्महत्या कर ली थी। आत्महत्या से पहले मृतक ने #वीडियो बनाकर और दीवार पर सुसाइड नोट लिखकर पत्नी, उसके कथित प्रेमी और परिजनों को जिम्मेदार ठहराया था। इस मामले में थाना नौतनवा में मुकदमा दर्ज कर पुलिस जांच कर रही थी। इसी क्रम में वांछित अभियुक्ता को गिरफ्तार कर अग्रिम विधिक कार्रवाई करते हुए न्यायालय भेज दिया गया। #news #Breaking #BigBreaking #videos #nautanwa #Maharajganj #maharajganjnews #UPNews #everyone #followerseveryone #fb #highlightsシ゚1
- महाराजगंज जिले के भिटौली थानेदार मदन मोहन मिश्र पर फर्जी मुकदमा दर्ज करने, थर्ड डिग्री देने और वसूली करने के गंभीर आरोप लगे हैं। इस मामले में पुलिस अधीक्षक ने जांच सीओ सदर को सौंप दी है। भिटौली गांव निवासी सीमा वर्मा पत्नी रमेश वर्मा ने एसपी को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि 3 मार्च 2026 को गांव के ही एक व्यक्ति ने जानबूझकर अपना सिर बिजली के पोल से भिड़ा लिया था। इसके बाद उसके पुत्र विशाल वर्मा को बेवजह इस मामले में फंसा कर थाने पर बैठा लिया गया। बाद में दोनों पक्षों के बीच आपसी सुलह-समझौता भी हो गया था। आरोप है कि इसके बावजूद 6 मार्च को गांव के ही एक व्यक्ति के बहकावे में आकर थानाध्यक्ष ने महिला और उसके बच्चों को थाने बुला लिया। महिला का कहना है कि थाने पर उसके बेटे को बंद कर दिया गया और उसके साथ तथा उसके पुत्र के साथ अभद्र व्यवहार, गाली-गलौज और थर्ड डिग्री दी गई। सीमा वर्मा का आरोप है कि बाद में उसके और उसके पुत्र विशाल के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें न्यायालय भेज दिया गया, जहां से दोनों जमानत पर रिहा हुए। महिला ने यह भी आरोप लगाया कि थानाध्यक्ष द्वारा अब तक उससे 35 हजार रुपये ले लिए गए हैं और और अधिक धनराशि की मांग की जा रही है। पीड़िता ने गांव के एक व्यक्ति पर भी असामाजिक गतिविधियों में शामिल होने और परिवार को धमकाने का आरोप लगाया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधीक्षक ने पूरे प्रकरण की जांच सीओ सदर को सौंप दी है।1
- भवन निर्माण#plumbing #trendingreels Ashok plumbing Work 🙏🏼 Ashok Chaurasiya #Plumbing 098921 73117 working ⚒ #1
- Post by Umesh Kumar1
- सिसवा बाजार के सबया स्थित सिंह गैस एजेंसी के गोदाम पर रसोई गैस लेने के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी। कई लोग रात 1 बजे से ही लाइन में खड़े रहे, लेकिन घंटों इंतजार के बाद भी कई उपभोक्ताओं को गैस सिलिंडर नहीं मिल सका। प्रशासन का कहना है कि जिले में गैस की कोई कमी नहीं है, फिर भी जमीनी स्तर पर लोगों को लंबी कतारों में खड़ा होना पड़ रहा है। . #SiswaBazar #GasCylinder #GasShortage #maharajganjnews #aapanmaharajganj1