जामताड़ा जिले के बिंदापाथर थाना क्षेत्र अंतर्गत चरकादाहा गांव में बुधवार को वज्रपात की चपेट में आने से दो लोगों की दुखद मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का इलाज जामताड़ा सदर अस्पताल में जारी है। मृतकों की पहचान 50 वर्षीय विनय सोरेन और 17 वर्षीय विश्वकर्मा टुडू के रूप में हुई है, जबकि शिवधान टुडू और राकेश मुर्मू गंभीर रूप से घायल हुए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, ये चारों लोग एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए चरकादाहा गांव पहुँचे थे। इसी दौरान अचानक तेज़ आंधी और बारिश शुरू हो गई, जिससे बचने के लिए सभी एक मिट्टी के घर के पास शरण लेने लगे। तभी अचानक वज्रपात हुआ, जिसकी चपेट में आने से विनय सोरेन और विश्वकर्मा टुडू की मौके पर ही मौत हो गई, वहीं शिवधान टुडू और राकेश मुर्मू गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के तुरंत बाद, ग्रामीणों और बिंदापाथर थाना पुलिस की मदद से चारों को तत्काल जामताड़ा सदर अस्पताल पहुँचाया गया। वहाँ चिकित्सकों ने विनय सोरेन और विश्वकर्मा टुडू को मृत घोषित कर दिया, जबकि दोनों घायलों का उपचार जारी है। इस हृदयविदारक घटना से मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गाँव में मातम पसरा हुआ है। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएँ पूरी कर मामले की जाँच शुरू कर दी है।
जामताड़ा जिले के बिंदापाथर थाना क्षेत्र अंतर्गत चरकादाहा गांव में बुधवार को वज्रपात की चपेट में आने से दो लोगों की दुखद मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों का इलाज जामताड़ा सदर अस्पताल में जारी है। मृतकों की पहचान 50 वर्षीय विनय सोरेन और 17 वर्षीय विश्वकर्मा टुडू के रूप में हुई है, जबकि शिवधान टुडू और राकेश मुर्मू गंभीर रूप से घायल हुए हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, ये चारों लोग एक शादी समारोह में शामिल होने के लिए चरकादाहा गांव पहुँचे थे। इसी दौरान अचानक तेज़ आंधी और बारिश शुरू हो गई, जिससे बचने के लिए सभी एक मिट्टी के घर के पास शरण लेने लगे। तभी अचानक वज्रपात हुआ, जिसकी चपेट में आने से विनय सोरेन और विश्वकर्मा टुडू की मौके पर ही मौत हो गई, वहीं शिवधान टुडू और राकेश मुर्मू गंभीर रूप से झुलस गए। घटना के तुरंत बाद, ग्रामीणों और बिंदापाथर थाना पुलिस की मदद से चारों को तत्काल जामताड़ा सदर अस्पताल पहुँचाया गया। वहाँ चिकित्सकों ने विनय सोरेन और विश्वकर्मा टुडू को मृत घोषित कर दिया, जबकि दोनों घायलों का उपचार जारी है। इस हृदयविदारक घटना से मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गाँव में मातम पसरा हुआ है। पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रियाएँ पूरी कर मामले की जाँच शुरू कर दी है।
- झारखंड के जामताड़ा में साइबर अपराधियों पर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है। ये अपराधी बैंक अधिकारी बनकर साइबर ठगी को अंजाम देते थे।1
- निरसा थाना क्षेत्र अंतर्गत एनएच-19 पर चोपड़ा कॉलोनी के समीप बुधवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य घायल हो गए। यह हादसा तब हुआ जब तीन दोस्त एक ही मोटरसाइकिल पर सवार होकर मैथन से निरसा लौट रहे थे और चोपड़ा कॉलोनी के पास उनकी बाइक अनियंत्रित होकर सड़क के डिवाइडर से टकरा गई। इस भीषण टक्कर से तीनों युवक गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर गए। घटनास्थल पर स्थानीय लोगों की भीड़ जमा हो गई। सूचना मिलने पर निरसा थाना प्रभारी अपनी पुलिस टीम के साथ तुरंत मौके पर पहुंचे। एंबुलेंस के आने में हो रही देरी को देखते हुए, थाना प्रभारी ने मानवीयता का परिचय देते हुए घायलों को अपने निजी वाहन से अस्पताल पहुंचाया, जिससे उन्हें समय पर तत्काल उपचार मिल सका। हादसे में गुरुदास नगर निवासी मंतोष कुमार सिंह उर्फ मोचू (35 वर्ष) गंभीर रूप से घायल हो गए, जबकि संतोष पोद्दार (30 वर्ष) और राजा कॉलियरी, निरसा निवासी अरमान शेख भी घायल हुए। संतोष पोद्दार और अरमान शेख को स्थानीय नर्सिंग होम में प्राथमिक उपचार के बाद घर भेज दिया गया। हालांकि, मंतोष कुमार सिंह उर्फ मोचू की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए पीएमसीएच, धनबाद रेफर किया गया, लेकिन दुर्भाग्यवश अस्पताल ले जाते समय रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। थाना प्रभारी की संवेदनशीलता और त्वरित कार्रवाई की स्थानीय लोगों ने जमकर प्रशंसा की है, ग्रामीणों का कहना है कि पुलिस का यह मानवीय चेहरा समाज में विश्वास को मजबूत करता है। फिलहाल, निरसा पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है और दुर्घटना के कारणों का पता लगाया जा रहा है।9
- झारखंड के दुमका जिले स्थित पहाड़पुर गडा टोला में बुनियादी सुविधाओं का घोर अभाव है, जिसकी दयनीय स्थिति को देखकर लोग 21वीं सदी में होने पर सवाल उठा रहे हैं। इस गाँव तक पहुँचने के लिए पक्की सड़क तक नहीं है, जिसके कारण बीमार पड़ने पर मरीजों को खटिया पर टाँगकर ही मुख्य मार्ग तक ले जाना पड़ता है। यह स्थिति क्षेत्र में गंभीर स्वास्थ्य संकट और विकास की जमीनी हकीकत को दर्शाती है। ग्रामीणों का कहना है कि सरकार और नेता केवल चुनाव के दौरान वोट मांगने आते हैं, लेकिन चुनाव खत्म होने के बाद किसी ने भी गाँव की सुध नहीं ली। वे आक्रोशित होकर सवाल उठाते हैं कि क्या उनका जीवन सुरक्षित नहीं है और इस व्यवस्था में आखिर कब सुधार होगा।1
- राष्ट्रीय पत्रकार संघ भारत ने झारखंड प्रदेश और धनबाद जिले के लिए अपनी पहली कार्यकारिणी सूची जारी कर दी है। यह घोषणा झारखंड प्रदेश अध्यक्ष जहीरूद्दीन खान द्वारा की गई।1
- दुमका जिले के रानेश्वर प्रखंड से एक वीडियो सामने आया है, जिसमें ग्रामीण क्षेत्र की एक सड़क की जर्जर हालत को दिखाया गया है। यह वीडियो स्थानीय सड़क की दयनीय स्थिति पर प्रकाश डालता है।1
- गिरिडीह जिले के बेंगाबाद प्रखण्ड के महेशमुंडा बलायडीह निवासी काजिम खान पर गंभीर आरोप लगे हैं। उन पर आरोप है कि उन्होंने धारा 144 के नाम पर झूठी अफवाह फैलाई और अपने पड़ोसी की दीवार तोड़ दी। काजिम खान पर बलायडीह के अंदर भू-माफिया के तौर पर काम करने का भी आरोप है। वह नेताओं के नाम पर लोगों को लूटता है और पुलिस प्रशासन को अपना बताकर लोगों को डराने की धमकी देता है।4
- जामताड़ा नगर क्षेत्र के निवासियों के लिए स्वास्थ्य सुविधाओं के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण और राहत भरी पहल की शुरुआत की गई है, जहाँ अब उन्हें 24 घंटे निशुल्क एंबुलेंस सेवा मिलेगी। नगर पंचायत अध्यक्ष आशा गुप्ता और समाजसेवी तरुण कुमार गुप्ता ने अपने चुनावी वादे को पूरा करते हुए इस सेवा का शुभारंभ किया है। बुधवार शाम 4 बजे से दुमका रोड स्थित शिव मंदिर प्रांगण से यह सेवा आम लोगों के लिए उपलब्ध करा दी गई है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य आपातकालीन स्थितियों में जरूरतमंद लोगों को समय पर स्वास्थ्य सुविधा प्रदान करना है, ताकि किसी भी मरीज को आर्थिक तंगी या वाहन की अनुपलब्धता के कारण किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। जामताड़ा नगरवासियों के लिए इस 24 घंटे निशुल्क एंबुलेंस सेवा को एक बड़ी सौगात के रूप में देखा जा रहा है, जो निश्चित रूप से स्वास्थ्य सेवा तक पहुंच में सुधार लाएगी।1
- भोजपुरी सिनेमा के चर्चित अभिनेता पवन सिंह की पत्नी ज्योति सिंह भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव पहुंचीं। यहां उन्होंने पुलिस एनकाउंटर में मारे गए भरत तिवारी के परिजनों से मुलाकात की। ज्योति सिंह ने परिजनों से घटना की जानकारी ली और शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। इस दौरान मां और बहन से मिलने के क्रम में ज्योति सिंह काफी भावुक हो गईं, और भरत तिवारी की बहन उनसे लिपटकर रोने लगी। वहीं, भरत तिवारी की मां ने अपने बेटे को न्याय दिलाने की बात कहते हुए फूट-फूट कर रोना शुरू कर दिया, जिस पर ज्योति सिंह ने उन्हें संभालते हुए ढांढस बंधाया। ज्योति सिंह ने कहा कि इस मुश्किल घड़ी में समाज के सभी लोग भरत तिवारी को न्याय दिलाने के लिए उनके साथ खड़े हैं। उन्होंने परिजनों को भरोसा दिलाया कि किसी भी परिवार के लिए अपने बेटे को खोना बेहद पीड़ादायक और असहनीय होता है, और समाज उनके दुख में सहभागी है। उन्होंने उम्मीद न छोड़ने की बात कहते हुए कहा कि भरत तिवारी ने समाज के मुद्दों के लिए संघर्ष किया और लोगों के हितों के लिए अपनी आवाज बुलंद की थी। उनके निधन से समाज के एक बड़े वर्ग में दुख और आक्रोश का माहौल है।1
- झारखंड के जामताड़ा जिले में एक व्यक्ति द्वारा पिस्तौल तानकर आतंक मचाने और एक युवक की जान लेने की कोशिश किए जाने की घटना सामने आई है। इस प्रयास के कारण पूरे इलाके में सनसनी और दहशत का माहौल फैल गया है।1