Shuru
Apke Nagar Ki App…
फसलों में लगा रोग chhotisadri इन दिनों फसलों में कई प्रकार की बीमारियां आने लग गई है आज मैंने अपने खेत में लहसुन की फसल बीमारी देखने के बाद सर चकरा गया पते मुड़े हुए हैं ग्रोथ रुक गई है कैसे क्या करें कुछ समझ में नहीं आ रहा है
Reporter ambalal suthar
फसलों में लगा रोग chhotisadri इन दिनों फसलों में कई प्रकार की बीमारियां आने लग गई है आज मैंने अपने खेत में लहसुन की फसल बीमारी देखने के बाद सर चकरा गया पते मुड़े हुए हैं ग्रोथ रुक गई है कैसे क्या करें कुछ समझ में नहीं आ रहा है
More news from राजस्थान and nearby areas
- Post by Lucky sukhwal1
- श्री लक्ष्मी नाथ भगवान जी की मंगला आरती दर्शन हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय1
- वित्त मंत्री और डिप्टी सीएम दिया कुमारी आज विधानसभा में वर्ष 2026-27 का बजट पेश किया। इस बजट से डूंगरपुर के लोगों को कई महत्वपूर्ण घोषणाओं की गईं। प्रदेश के आम बजट में डूंगरपुर को मिली कई सौगातें- बेणेश्वर एनीकेट की रीमॉडलिंग के लिए 130 करोड़ बेणेश्वर धाम में संगम एवं आबूदर्रा में घाटों का निर्माण एवं बेणेश्वर एनीकेट की रीमॉडलिंग कार्य के लिए 130 करोड़ की सौगात दी गई है। बेणेश्वर धाम प्रमुख आस्था का केंद्र है। यहां हर साल मेले में लाखों लोग आते है। रिवर फ्रंट निर्माण के लिए 100 करोड़ मोरन नदी को पुनर्जीवित करने, नदी के दोनों तरफ घाट, विशाल कुंड एवं खड़गदा गांव में रिवर फ्रंट के प्रथम चरण के निर्माण के लिए 100 करोड़ की सौगात मिली है। रिवर फ्रंट के लिए खड़गदा गांव के लोगों ने रामकथा और लोगो की भागीदारी के माध्यम से 2 करोड़ से ज्यादा का काम करवाया और जल संरक्षण की पहल की। इसका केंद्रीय मंत्री सीआर पाटिल ओर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सालभर पहले उदघाटन करते हुए रिवर फ्रंट के लिए जल्द भरोसा दिया था। कथावाचक कमलेश भाई शास्त्री, चंद्रेश व्यास ने बजट में रिवर फ्रंट के लिए बजट मिलने पर खुशी जताई है। सड़क निर्माण के लिए 15 करोड़ बाबरा का नाका दोवड़ा, धाम का तालाब सीमलवाडा एवं चौरासी में एक एनीकेट के मरम्मत एवं जीर्णोद्धार का होगा काम। 15 करोड़ की लागत से अंबाडा पटली जोहरा सड़क व मोरन नदी पर होगा पुलिया निर्माण की घोषणा की गई है। - सागवाड़ा में वरसिंहपुर में 33/11 केवी जीएसएम की भी घोषणा हुई। - स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स में मल्टीपर्पस इनडोर हॉल एवं सिंथेटिक एथलेटिक ट्रैक के निर्माण की सौगात मिली है। - अमरपुरा बांध की नहर अमरपुरा से डुका कनबा तक नहरों का जीर्णोद्धार का काम होगा। जिससे किसानों को सिंचाई में फायदा मिलेगा। - अनास नदी से व्यर्थ बहकर जा रहे वर्षा जल को फीडर नहर के माध्यम से डूंगरपुर के सोम कमला आंबा तक लाने का काम होगा।1
- आज राजस्थान विधानसभा में पेश किया गया बजट न सिर्फ निराशाजनक है बल्कि प्रदेश की जनता में भविष्य को लेकर चिंताएं पैदा करने वाला है। भाजपा सरकार के बजट में कोई घोषणा ऐसी नहीं है जिसे व्यापक जनहित में कहा जा सके। समाज का हर वर्ग इस बजट को देखकर हताश होगा। इंफ्रास्ट्रक्चर की बात करने वाली भाजपा सरकार ने पूरे बजट में रिफाइनरी तथा ERCP जैसे बड़े प्रोजेक्ट्स का जिक्र तक नहीं किया है। पिछले बजट में रिफाइनरी का उद्घाटन अगस्त, 2025 तक करने की घोषणा की गई जो आज तक पूरी नहीं हुई है। सामाजिक सुरक्षा पेंशन में हर वर्ष 15% बढ़ोतरी का प्रावधान कांग्रेस सरकार ने किया था। पिछले दो बजट में इस बढ़ोत्तरी की घोषणा भी की जाती थी परन्तु इस बार सामाजिक सुरक्षा पेंशन में बढ़ोत्तरी की कोई घोषणा न होने से 90 लाख से अधिक सामाजिक सुरक्षा पेंशन के लाभार्थियों में निराशा हुई है। 5 साल में 4 लाख सरकारी नौकरी की आस लगाकर बैठे युवाओं के लिए किसी बड़ी भर्ती की घोषणा नहीं की गई है। कम पदों पर भी भर्तियां संविदा आधार पर करने की घोषणा की है। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) की तर्ज पर स्टेट टेस्टिंग एजेंसी (STA) बनाने की घोषणा की गई है पर NTA बीते दिनों विवादों का केन्द्र बनी थी। RPSC में सदस्य संख्या बढ़ाकर 10 करने वाली भाजपा सरकार अभी तक RPSC सदस्यों की रिक्तियों तक को नहीं भर सकी है। STA केवल और केवल भाजपा सरकार के दौरान हो रहे OMR घोटाले से युवाओं का ध्यान हटाने की कवायद लगती है। कांग्रेस सरकार के दौरान गरीब वर्ग के लिए शुरू की गई अन्नपूर्णा राशन किट को बहाल नहीं किया जाना दुर्भाग्यपूर्ण है। देशभर में उदाहरण बनी 25 लाख रुपये की चिरंजीवी स्वास्थ्य बीमा योजना (वर्तमान में MAA योजना) के बारे में जनता में यह भ्रम की स्थिति बन चुकी है कि यह बीमा अब 25 लाख की बजाय 5 लाख रुपये का हो चुका है जबकि कागजों में बीमा अभी भी 25 लाख रुपये का है। सरकार को कम से कम इस भ्रांति को दूर करने के लिए ही एक घोषणा करनी चाहिए थी। राज्य के सरकारी कर्मचारियों को उम्मीद थी कि जिन मांगों को लेकर उन्होंने जयपुर में बड़ा प्रदर्शन आयोजित किया था उन पर ध्यान दिया जाएगा एवं इससे संबंधित घोषणा की जाएगी परन्तु उन्हें भी निराशा हाथ लगी। लोकतंत्र के चौथे स्तंभ मीडिया को भी इस बजट से निराशा ही हाथ लगी है क्योंकि पूरे बजट में पत्रकारों के लिए भी कोई घोषणा नहीं की गई है। नए जिलों पर भी भाजपा केवल राजनीति कर रही है। जुलाई 2024 में पेश किए गए संशोधित बजट में सरकार ने नए जिलों के बुनियादी ढांचे के लिए ₹1,000 करोड़ की घोषणा की थी। फिर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 12 मार्च 2025 को विधानसभा में बजट चर्चा के जवाब के दौरान पुनः ऐसी ही घोषणा की। आज पुनः 3000 करोड़ रुपए नए जिलों में मिनी सचिवालय के लिए घोषित किए हैं। 2 साल में कितने मिनी सचिवालय बने हैं, यह भी जानकारी देनी चाहिए थी। वित्त मंत्री ने 2024 के बजट में 25 लाख नल कनेक्शन एवं 2025 के बजट में 20 लाख नल कनेक्शन उक्त वित्त वर्षों में देने की घोषणा की थी। आज स्वयं वित्त मंत्री महोदय ने बताया है कि दो साल में 14 लाख जल कनेक्शन ही लगाए जा सके हैं जबकि वादा 45 लाख नल कनेक्शन का था। ये सरकार की खुली असफलता है जबकि यही भाजपा कांग्रेस सरकार पर जल जीवन मिशन की धीमी गति करने के आरोप लगाती थी। कांग्रेस सरकार में एक भावना थी कि जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र के लिए काम मांगते-मांगते थक जाएंगे पर सरकार काम देते-देते नहीं थकेगी। यह कांग्रेस सरकार ने सिर्फ कहा नहीं बल्कि करके दिखाया एवं घोषणाएं जमीन पर उतरीं। भाजपा सरकार की हालत देखने के बाद न तो जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र के लिए कुछ मांग पा रहे हैं और न ही सरकार कुछ काम दे पा रही है।1
- गरोठ को मिली विकास की नई सौगात 109.8 लाख की लागत से वार्ड क्रमांक 1 में सीसी रोड निर्माण का भूमि पूजन, साथ ही ट्रेंचिंग ग्राउंड पर वृक्षारोपण के लिए ट्यूबवेल कार्य पूर्ण। नगर के विकास की ओर एक और मजबूत कदम।1
- *सुवासरा, गांव कांटिया तहसील सुवासरा जिला मंदसौर चोरों के हौसले बुलंद दिन में घर के ताले तोड़े सामान बाहर फेंक अलमारी से निकालकर ले उड़े 1 बजे के लगभग 2 चोर पल्सर गाड़ी लेके आए थे।*1
- श्री लक्ष्मी नाथ भगवान जी की मंगला आरती दर्शन गांव पुठोली चंदेरिया चित्तौरगढ़ राजस्थान में निवास करने वाले दुखियों का दुख दूर करने वाले सुख संपत्ति आनंद वैभव खुशहाली बरसाने वाले आपकी जय हो जय हो आप ही आप हो हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय हरि ॐ ॐ नमो भगवते वासुयदेवाय1
- Post by VAGAD news241
- बांसवाड़ा। खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम 2006 के तहत खाद्य कारोबारियों को लाइसेंस व रजिस्ट्रेशन दिलाने के उद्देश्य से बड़ा टिमोडा क्षेत्र में विशेष शिविर आयोजित किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. खुशपाल सिंह राठौड़ ने बताया कि खाद्य सुरक्षा आयुक्त के निर्देशानुसार गोविंद जी की दुकान के सामने बुधवार को सुबह 10:30 बजे से शाम तक शिविर लगाया गया, जहां कारोबारियों को लाइसेंस बनाने की सुविधा उपलब्ध कराई गई। खाद्य सुरक्षा अधिकारी उम्मेद मल टेलर ने बताया कि विक्रेता, निर्माता, थोक-फुटकर व्यापारी, डेयरी, होटल-ढाबा, केंटीन, मेडिकल स्टोर सहित सभी खाद्य व्यवसायियों से शिविर में पहुंचकर पंजीकरण कराने की अपील की गई है। आवश्यक दस्तावेजों में आधार कार्ड, फोटो, पता व बिजली बिल शामिल हैं। 12 लाख से अधिक टर्नओवर पर वार्षिक लाइसेंस शुल्क 2000 रुपये तथा छोटे कारोबारियों के लिए 100 रुपये रजिस्ट्रेशन शुल्क निर्धारित है। बिना लाइसेंस कारोबार पर कानूनी कार्रवाई का प्रावधान है।1