जनसुनवाई में डीएम ने सुनीं फरियादियों की शिकायतें, त्वरित निस्तारण के निर्देश सिद्धार्थनगर, 30 मार्च 2026। जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में आयोजित जनसुनवाई के दौरान आम जनता की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे फरियादियों ने अपनी-अपनी शिकायतें और समस्याएं डीएम के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक प्रकरण को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी शिकायतों का ससमय एवं संतुष्टिपूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता बनाए रखें और शिकायतकर्ता को समय पर कार्रवाई की जानकारी अवश्य दें। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं का त्वरित समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करना होगा। जनसुनवाई के दौरान राजस्व, पुलिस, विकास तथा अन्य विभागों से संबंधित कई मामलों को मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को सौंपते हुए शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
जनसुनवाई में डीएम ने सुनीं फरियादियों की शिकायतें, त्वरित निस्तारण के निर्देश सिद्धार्थनगर, 30 मार्च 2026। जिलाधिकारी ने कलेक्ट्रेट कार्यालय कक्ष में आयोजित जनसुनवाई के दौरान आम जनता की समस्याओं को गंभीरता से सुना। इस दौरान जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे फरियादियों ने अपनी-अपनी शिकायतें
और समस्याएं डीएम के समक्ष रखीं। जिलाधिकारी ने प्रत्येक प्रकरण को ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी शिकायतों का ससमय एवं संतुष्टिपूर्ण निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि जनसुनवाई में प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में किसी भी प्रकार की
लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। डीएम ने अधिकारियों को यह भी निर्देश दिए कि शिकायतों के निस्तारण में पारदर्शिता बनाए रखें और शिकायतकर्ता को समय पर कार्रवाई की जानकारी अवश्य दें। उन्होंने कहा कि जनसमस्याओं का त्वरित समाधान प्रशासन की प्राथमिकता है और इसमें सभी विभागों
को समन्वय के साथ कार्य करना होगा। जनसुनवाई के दौरान राजस्व, पुलिस, विकास तथा अन्य विभागों से संबंधित कई मामलों को मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को सौंपते हुए शीघ्र कार्रवाई के निर्देश दिए गए। इस अवसर पर विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
- सिद्धार्थनगर: शादी की जिद में युवक मोबाइल टावर पर चढ़ा, 112 पर कॉल कर दी लोकेशन – घंटों चला ड्रामा सिद्धार्थनगर के इटवा क्षेत्र में शनिवार सुबह एक युवक अपनी प्रेमिका से शादी की जिद को लेकर मोबाइल टावर पर चढ़ गया। सुबह 5 बजे शुरू हुआ हाई-वोल्टेज ड्रामा तब और बढ़ गया जब युवक ने खुद ही कई बार 112 नंबर पर कॉल कर अपनी लोकेशन बताई, और प्रेमिका को मौके पर बुलाने की मांग करने लगा। सूचना मिलते ही पीआरवी टीम और इटवा थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। पुलिस व ग्रामीणों ने काफी देर तक समझाने की कोशिश की, लेकिन युवक नीचे उतरने को तैयार नहीं हुआ। देखते ही देखते घटनास्थल पर भारी भीड़ जमा हो गई। स्थानीय लोगों के मुताबिक, करीब डेढ़ महीने पहले युवक अपनी प्रेमिका के साथ फरार हो गया था, लेकिन परिजनों ने पकड़कर दोनों पक्षों में समझौता करा दिया था। एक महीने बाद युवक फिर से शादी की मांग को लेकर टावर पर चढ़ गया और धमकी देने लगा कि शादी नहीं कराई तो वह कूद जाएगा। काफी मशक्कत के बाद पुलिस युवक को सुरक्षित नीचे उतारने की कोशिश में जुटी है। मामला प्रेम-प्रसंग का बताया जा रहा है।1
- सिद्धार्थनगर। नाबालिग से दुष्कर्म के गंभीर मामले में खेसरहा पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी को 24 घंटे के भीतर गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने सोमवार को आरोपी को न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। घटना 29 मार्च की शाम करीब 3 बजे की है। सोरवामाफी गांव की एक नाबालिग लड़की ग्राम बरनवार में मजदूरी करने गई थी। इसी दौरान गांव का ही रोहन पुत्र जीवन निषाद उसे जबरन खेत में ले गया और उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता की तहरीर पर थाना खेसरहा में आरोपी के खिलाफ मु0अ0सं0 40/2026 के तहत धारा 64(2) बीएनएस एवं 3/4 पॉक्सो एक्ट में मुकदमा दर्ज किया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अभिषेक महाजन के निर्देश, अपर पुलिस अधीक्षक प्रशांत कुमार प्रसाद के मार्गदर्शन एवं क्षेत्राधिकारी बांसी शुबेन्दु सिंह के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम गठित की गई। थानाध्यक्ष अनूप कुमार मिश्र के नेतृत्व में टीम ने 30 मार्च को बांसी-बेलौहा मार्ग स्थित सोरवामाफी मोड़ से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम में शामिल: थानाध्यक्ष अनूप कुमार मिश्र, उपनिरीक्षक रवि प्रताप सिंह सेंगर एवं कांस्टेबल जितेंद्र साहनी।2
- Post by Pramatma Prasad1
- सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जोगिया आँख के मरीजों के लिए निःशुल्क आँख का इलाज एवं चश्मा दिए जाने के लिए वार्ड निश्चित है! गरीब मजदूर किसानो को चश्मा नही दिया जाता है मरीज के मुताबिक जाँच के बाद चिकित्सक द्वारा बताया गया 400 रूपये लाइए चश्मा मिल जायेगा लेकिन ज़ब पैसा लेकर आँख का मरीज पंहुचा तो चिकित्सक यह कहकर भगा दिया कि जाइए चश्मा कही और बनवाइये यहां नही मिलेगा! सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र जोगिया मे निःशुल्क मिलने वाली चश्मा का करना पड़ता है भुगतान ऐसे मे देखा जाए तो सरकारी अस्पताल मे भी करना होता है मरीजों को भुगतान!1
- Post by Raghvendra Kumar1
- Post by राम विलास वरुण जनता का सच हिंदी साप्ताहिक ख़बर पत्रकार1
- महराजगंज पुलिस अधीक्षक का तबादला1
- सिद्धार्थनगर में जल जीवन मिशन के 'हर घर नल, हर घर जल' योजना के तहत कराए जा रहे कार्यों में अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के आरोपों के बीच जांच प्रक्रिया भी विवादों में घिर गई है। स्थानीय निवासियों की शिकायत पर गठित तीन सदस्यीय जांच टीम सोमवार, 30 मार्च को जांच के लिए पहुंची, लेकिन मौके पर हुई कार्रवाई ने पूरे प्रकरण को संदेह के घेरे में ला दिया। यह शिकायत मुख्य रूप से विकासखंड नौगढ़ के बेलवा सिरवत, बरगदवा पकड़ी, विकासखंड जोगिया के सेहुड़ा तथा विकासखंड शोहरतगढ़ के टेडिया कौवा, कपिया ग्रांट और अलिदापुर गांवों से संबंधित थी। इन गांवों में पाइपलाइन बिछाने और सड़क तोड़ने के कार्यों में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया गया था। जांच टीम में जल निगम विभाग के अपर अभियंता अवधेश कुमार, डीपीएमयू राजेश कुमार मिश्रा और डीपीएम अभिषेक शामिल थे। टीम सबसे पहले बेलवा गांव पहुंची, जहां इंटरलॉकिंग सड़क को खुदवाकर एचडीपीई पाइप की गहराई की जांच की गई। मौके पर पाइप की गहराई लगभग 33 इंच पाई गई, जबकि मानक के अनुसार इसे 40 इंच होना चाहिए था। इससे निर्माण कार्य में स्पष्ट लापरवाही सामने आई।1