छतरपुर जिले के ओरछा रोड थाना क्षेत्र के ग्राम कैडी में खेत पर बुआई के दौरान हुए एक पारिवारिक विवाद ने हिंसक रूप ले लिया, जिसमें दोनों पक्षों के बीच हुई मारपीट में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने इन तीनों घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा है। घायलों में भजनलाल कुशवाहा, बिहारी कुशवाहा और बाबू कुशवाहा शामिल हैं। घायलों के बयान के अनुसार, यह घटना आज 5 जुलाई को दोपहर करीब 12:00 बजे हुई, जब वे अपने खेत में बुआई कर रहे थे। इसी दौरान परिवार के ही करीब आधा दर्जन लोग, जिनमें गोबंदी, तुलसीदास और कमलेश सहित तीन अन्य अज्ञात लोग भी शामिल थे, वहां पहुंचे और गाली-गलौज करने लगे। जब घायलों ने इसका विरोध किया, तो हमलावरों ने उन पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस मारपीट में परिवार के करीब आधा दर्जन लोग घायल हुए, जिनमें से उपरोक्त तीन गंभीर रूप से चोटिल हुए। घटना के बाद, घायल ओरछा रोड थाने पहुंचे और अपनी शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने तीन गंभीर घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच की जा रही है।
छतरपुर जिले के ओरछा रोड थाना क्षेत्र के ग्राम कैडी में खेत पर बुआई के दौरान हुए एक पारिवारिक विवाद ने हिंसक रूप ले लिया, जिसमें दोनों पक्षों के बीच हुई मारपीट में तीन लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। पुलिस ने इन तीनों घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेजा है। घायलों में भजनलाल कुशवाहा, बिहारी कुशवाहा और बाबू कुशवाहा शामिल हैं। घायलों के बयान के अनुसार, यह घटना आज 5 जुलाई को दोपहर करीब 12:00 बजे हुई, जब वे अपने खेत में बुआई कर रहे थे। इसी दौरान परिवार के ही करीब आधा दर्जन लोग, जिनमें गोबंदी, तुलसीदास और कमलेश सहित तीन अन्य अज्ञात लोग भी शामिल थे, वहां पहुंचे और गाली-गलौज करने लगे। जब घायलों ने इसका विरोध किया, तो हमलावरों ने उन पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस मारपीट में परिवार के करीब आधा दर्जन लोग घायल हुए, जिनमें से उपरोक्त तीन गंभीर रूप से चोटिल हुए। घटना के बाद, घायल ओरछा रोड थाने पहुंचे और अपनी शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने तीन गंभीर घायलों को मेडिकल परीक्षण के लिए जिला अस्पताल भेज दिया है और मामले की आगे की जांच की जा रही है।
- जतारा थाना क्षेत्र के गांधी ग्राम स्थित रामराजा कॉलोनी में अज्ञात चोरों ने एक सूने घर से लाखों रुपये के जेवरात और नगदी पर हाथ साफ कर दिया। यह घटना तब हुई जब अनीता घोष का परिवार, जिसमें सदस्य शिवशु घोष भी शामिल हैं, एक भाई की खराब तबीयत के चलते टीकमगढ़ गया हुआ था, और घर खाली था। पड़ोसियों द्वारा फोन पर मुख्य गेट खुला होने की सूचना दिए जाने पर जब परिवार वापस लौटा, तो उन्होंने घर के ताले टूटे और अंदर रखा सारा सामान बिखरा हुआ पाया। जांच करने पर पता चला कि घर से जेवरात और नगदी गायब है। पीड़ित परिवार ने तत्काल जतारा पुलिस को इस चोरी की सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण कर महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए। पीड़ित परिवार ने पुलिस को एक लिखित आवेदन देने के साथ-साथ घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी उपलब्ध कराई है, जिसमें चोरी की वारदात को अंजाम देते हुए कुछ संदिग्ध व्यक्ति साफ दिखाई दे रहे हैं। पुलिस ने इस मामले पर कार्रवाई करते हुए बताया है कि प्राप्त आवेदन और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। पुलिस ने जल्द ही आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करने का प्रयास करने का आश्वासन दिया है। इस चोरी की वारदात से क्षेत्र में दहशत का माहौल है, और पीड़ित परिवार ने पुलिस से जल्द से जल्द आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है।1
- मध्य प्रदेश के बल्देवगढ़ में एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें एक शिक्षक समय पर स्कूल न खुलने का विरोध कर रहे ग्रामीणों को अपशब्द कहता हुआ दिखाई दे रहा है। शिक्षक ग्रामीणों के विरोध प्रदर्शन से भड़क गया था, जिसके बाद उसने अनुचित शब्दों का प्रयोग किया। इस घटना के संबंध में ओबीसी चतुर्भुज कुशवाहा, विवेक श्रोत्रिय, कलेक्टर टीकमगढ़ नीलेश दादा यादव, उत्तम नापित, सीताराम लोधी, राजपूत फुटेर, और पीआरओ टीकमगढ़ डॉ. कौशल प्रजापति को टैग किया गया है।1
- बुंदेली माटी के बहुआयामी व्यक्तित्व बाबू छंगा प्रसाद साहू की प्रतिमा का भव्य अनावरण किया गया है। इसी अवसर पर उनकी जीवन गाथा पर आधारित एक पुस्तक का भी विमोचन किया गया।1
- जतारा थाना क्षेत्र के रामराजा कॉलोनी, गांधी ग्राम स्थित एक सूने घर से अज्ञात चोरों ने लाखों के गहने और नकदी चोरी कर ली। यह वारदात उस समय हुई जब घर के सदस्य अपने एक बीमार भाई का स्वास्थ्य देखने के लिए टीकमगढ़ गए हुए थे। वापस लौटने पर उन्हें मोहल्ले वालों से सूचना मिली कि उनके घर के गेट खुले हैं, जिसके बाद उन्होंने देखा कि घर के ताले टूटे पड़े थे और अंदर से जेवरात व नकदी गायब थे। इस चोरी की सूचना तत्काल जतारा पुलिस को दी गई। पुलिस दल मौके पर पहुंचा और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। पीड़ित परिवार की ओर से अनीता घोष ने पुलिस को एक लिखित आवेदन दिया है, जिसे जांच के लिए भेजा गया है। इसके अतिरिक्त, पुलिस को घर के बाहर लगे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी सौंपी गई है, जिसमें चोरी की पूरी घटना स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है। पीड़ित परिजनों ने पुलिस से शीघ्र आरोपियों को पकड़ने और चोरी का सामान बरामद करने की मांग की है।1
- टीकमगढ़ जिले के बल्देवगढ़ क्षेत्र में एक शासकीय विद्यालय के समय पर न खुलने को लेकर ग्रामीण और एक शिक्षक के बीच तीखी बहस हो गई। ग्रामीणों का आरोप है कि विरोध जताने पर संबंधित शिक्षक ने उनके साथ न केवल अभद्र व्यवहार किया, बल्कि लोधी समाज के प्रति भी अपमानजनक शब्दों का प्रयोग किया। इस घटना के बाद ग्रामीणों में गहरा रोष व्याप्त है। उन्होंने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है और संबंधित शिक्षक के खिलाफ उचित कार्रवाई करने पर ज़ोर दिया है। समाचार संस्थान ने यह भी बताया कि यदि शिक्षक की ओर से कोई पक्ष या स्पष्टीकरण सामने आता है, तो उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।1
- छतरपुर सिविल लाइन थाना क्षेत्र में परिहार क्रेशर के पास स्थित एक तलैया से दो दिन से लापता एक युवक का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई है। मृतक की पहचान 35 वर्षीय तेजलाल भाट पुत्र रामशरण भाट के रूप में हुई है, जो बच्चा जेल के पास का निवासी था और मूल रूप से पन्ना जिले के बड़ी देवी का रहने वाला था। मृतक के साले पंचू भाट ने बताया कि तेजलाल 3 जुलाई को परिहार क्रेशर के पास स्थित तलैया में मछली पकड़ने गया था, जिसके बाद वह घर नहीं लौटा। परिजनों ने दो दिनों तक उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिलने पर सिविल लाइन पुलिस को इसकी सूचना दी गई। परिजनों के अनुसार, युवक को आखिरी बार तलैया के पास ही देखा गया था। सूचना मिलने पर, सिविल लाइन पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने तलैया में करीब चार घंटे तक बचाव अभियान चलाया, लेकिन पहले दिन उन्हें सफलता नहीं मिली। आज 05 जुलाई की सुबह करीब 11:00 बजे युवक का शव पानी में तैरता हुआ दिखाई दिया। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची, शव को बाहर निकाला और जिला अस्पताल पहुंचाया, जहां पोस्टमार्टम की कार्रवाई की जा रही है। फिलहाल, पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है और युवक की मौत के कारणों का पता लगाने का प्रयास कर रही है।1
- महोबा जिले के पनवाड़ी कस्बे में रविवार को हल्की बारिश दर्ज की गई। इस दौरान ग्राम पंचायत का भी उल्लेख किया गया है।1
- टीकमगढ़ जिले के पलेरा तहसील अंतर्गत बराना ग्राम पंचायत में दबंगों ने गौचर की शासकीय भूमि पर करीब आठ साल से कब्जा कर बुबाई कर दी है, जिसके चलते मवेशी सड़कों पर आ गए हैं। इस अतिक्रमण का एक वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हो रहा है। यह घटना पलेरा तहसील और जतारा विधानसभा के बराना खास क्षेत्र की है, जहाँ खुलेआम दबंग ट्रैक्टरों से जुताई करते और फसल बोते नजर आ रहे हैं। बरना ग्राम पंचायत के अंतर्गत खसरा नंबर 649/7 की 12.456 हेक्टेयर गौचर भूमि पर कब्जा किया गया है, जिससे शासन को लाखों रुपये का नुकसान हो रहा है। बताया गया है कि प्रदेश सरकार और टीकमगढ़ कलेक्टर विवेक श्रोती द्वारा गौचर भूमि से अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए जाने के बावजूद, स्थानीय प्रशासन इस पर कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं कर पाया है। बराना के सरपंच ने मुख्यमंत्री से लेकर जिले के कलेक्टर, पलेरा तहसीलदार और जतारा एसडीएम सहित निचले स्तर के अधिकारियों तक ऑनलाइन माध्यम से कई शिकायतें की हैं, लेकिन प्रशासन उक्त जमीन को मुक्त कराने में लगातार असफल रहा है। सरपंच का आरोप है कि उच्च स्तरीय अधिकारियों से लेकर निचले स्तर के अधिकारियों की मिलीभगत के कारण दबंगों ने प्रशासन की कार्रवाई के बाद भी पुनः गौचर जमीन पर बुवाई कर फसल खड़ी करने की तैयारी कर ली है। सरपंच ने चेतावनी दी है कि यदि प्रशासनिक स्तर पर गौचर की जमीन मुक्त नहीं कराई गई, तो ग्रामीण 'चक्का जाम' कर प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करेंगे। यह देखना बाकी है कि प्रशासन इस अतिक्रमित भूमि को मुक्त करा पाता है या एक बार फिर असफल साबित होता है।1
- महोबा जिले के मुढहरा ट्रामा सेंटर क्षेत्र में कथित तौर पर नीलामी की आड़ में अवैध खनन किए जाने के गंभीर आरोप सामने आए हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस क्षेत्र की नीलामी हुई है, उसके अलावा आसपास के पहाड़ों से भी पत्थर और मोरम की खुदाई कर मशीनों के ज़रिए सामग्री उठाई जा रही है। आरोप है कि नीलामी की निर्धारित मात्रा से कहीं अधिक खनन किया जा रहा है, जिससे निर्धारित चौहद्दी के बाहर जाकर खुदाई की जा रही है। इस कथित अवैध खनन से न केवल राजस्व की हानि होने की आशंका व्यक्त की गई है, बल्कि पर्यावरण को भी नुकसान पहुँचने का डर है। ग्रामीणों ने इस पूरे मामले की निष्पक्ष जाँच कराने की मांग की है, ताकि वास्तविक खनन क्षेत्र, स्वीकृत मात्रा और निकाली गई सामग्री का सही-सही मिलान किया जा सके। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जाँच कराई जाए तो पूरे मामले की वास्तविक स्थिति सामने आ सकती है, और उन्होंने प्रशासन से अवैध खनन पर प्रभावी कार्रवाई करने के साथ-साथ दोषियों के विरुद्ध आवश्यक कदम उठाने का आग्रह किया है।1