Shuru
Apke Nagar Ki App…
नगर निगम सदन मै सपा भाजपा पार्षद भिड़े , जमकर हुआ हंगामा नगर निगम सदन में सपा-भाजपा पार्षदों में भिड़ंत, जमकर हुआ हंगाम परिसीमन के विवाद में आमने-सामने आए सपा-भाजपा पार्षद, मारपीट तक पहुंचा मामला कानपुर नगर निगम सदन में गरमाया माहौल, नारेबाजी के बीच पार्षदों में तीखी झड़प ‘ब्राह्मण चप्पल मारेगा’ से लेकर ‘अमिताभ बाजपेई चोर’ तक, सदन में मचा बवाल कार्यकारिणी चुनाव से पहले नगर निगम सदन में हंगामा, सपा-भाजपा पार्षद भिड़े
Tez Khabar Live news
नगर निगम सदन मै सपा भाजपा पार्षद भिड़े , जमकर हुआ हंगामा नगर निगम सदन में सपा-भाजपा पार्षदों में भिड़ंत, जमकर हुआ हंगाम परिसीमन के विवाद में आमने-सामने आए सपा-भाजपा पार्षद, मारपीट तक पहुंचा मामला कानपुर नगर निगम सदन में गरमाया माहौल, नारेबाजी के बीच पार्षदों में तीखी झड़प ‘ब्राह्मण चप्पल मारेगा’ से लेकर ‘अमिताभ बाजपेई चोर’ तक, सदन में मचा बवाल कार्यकारिणी चुनाव से पहले नगर निगम सदन में हंगामा, सपा-भाजपा पार्षद भिड़े
More news from Kanpur Nagar and nearby areas
- कानपुर: ख्योरा-जमुनानगर-मकड़ीखेड़ा में जलभराव से जनता बेहाल | अधिकारी मौके पर, राहत का इंतजार ब्रेकिंग न्यूज़—कानपुर से इस वक्त की बड़ी तस्वीरें सामने आ रही हैं। ख्योरा, जमुनानगर और मकड़ीखेड़ा समेत आसपास के इलाकों में जलभराव ने लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। कई जगह सड़कें पानी में डूबी नजर आ रही हैं और लोगों को आने-जाने में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि पानी और कीचड़ के कारण बच्चों, बुजुर्गों और रोज काम पर जाने वाले लोगों की परेशानी बढ़ गई है। लोगों की मांग है कि प्रभावित इलाकों से तत्काल पानी निकालने के साथ-साथ स्थायी जलनिकासी की व्यवस्था की जाए। हालात को देखते हुए संबंधित अधिकारी मौके पर मौजूद हैं और जलनिकासी व राहत व्यवस्था पर काम किया जा रहा है। इससे पहले मकड़ीखेड़ा क्षेत्र में निरीक्षण के दौरान हाईपावर पंपों के जरिए जलनिकासी तेज करने के निर्देश भी दिए गए थे। लेकिन जनता का सवाल अब भी सीधा है—अगर हर बारिश में यही हाल होना है, तो स्थायी समाधान कब होगा? लोग प्रशासन और सरकार से मांग कर रहे हैं कि केवल पानी निकालने तक कार्रवाई सीमित न रहे, बल्कि नालों की सफाई, जलनिकासी मार्गों की क्षमता और भविष्य में जलभराव रोकने की स्थायी व्यवस्था पर भी ध्यान दिया जाए। ख्योरा से जमुनानगर और मकड़ीखेड़ा तक—जनता राहत चाहती है और अब जवाब भी चाहती है। कैमरे के साथ, Current Time News।1
- कानपुर जिलाधिकारी ने एएचएम-डफरिन और यूएचएम जिला अस्पताल का निरीक्षण किया कानपुर जिलाधिकारी महेंद्र सिंह तंवर ने एएचएम-डफरिन और यूएचएम जिला अस्पताल का निरीक्षण किया डीएम ने अस्पतालों में स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों को मिल रही सुविधाओं का जायजा लिया। डफरिन में इमरजेंसी, ट्रायेज, प्रसूति वार्ड और एसएनसीयू का निरीक्षण किया। एमएलसीयू, स्तनपान प्रबंधन इकाई, फार्मेसी और ओपीडी की व्यवस्थाएं भी देखीं। मॉडल टीकाकरण केंद्र और एनीमिया प्रबंधन इकाई की भी जानकारी ली। यूएचएम अस्पताल में ओपीडी, ब्लड बैंक और डेंगू वार्ड का निरीक्षण किया। दवाओं, उपकरणों और मशीनों की उपलब्धता व संचालन की जानकारी ली। खराब उपकरणों की तत्काल मरम्मत कराने के निर्देश दिए। अस्पतालों में कमियों और गैप को प्राथमिकता के आधार पर दूर कराने को कहा। सुधार संबंधी बिंदुओं की सूची तैयार कर DHS बैठक में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।1
- आम जनता को सबाल पूछना हुआ भारी बीजेपी विधायक ने जड़ा थप्पड़ सवाल पूछना जनता का हक़ है, थप्पड़ मारना सत्ता का अधिकार नहीं। दिल्ली सरकार के मंत्री प्रवेश साहिब सिंह वर्मा पर दौरे के दौरान एक युवा को थप्पड़ मारने का आरोप सामने आया है। सत्ता का अहंकार चाहे जितना बढ़ जाए, जनता की आवाज़ को दबाया नहीं जा सकता।1
- कानपुर अपडेट थाना रेल बाजार झकरकटी बस स्टैंड पर ईदउल .गोगा पागल मुकद्दर सिकंदर.नाम के युवक और 15. 20 अज्ञात लड़के बेच रहे फटे पुराने कपड़े ना लेने पर युवक के साथ करते हैं मारपीट संबंधित चौकी प्रभारी ध्यान दें पूरी रात बेच रहे फटे पुराने कपड़े। यूपी, कानपुर सूत्रों से जानकारी है कि चोरी लूट जैसी घटनाओं को अंजाम भी देते हैं कुछ दिन पहले चोरी लूट के मामले में दो कपड़े वाले गए थे थाना रेल बाजार से जेल भी जा चुके हैं1
- मध्य प्रदेश के सिंगरौली में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर निधि तिवारी ने आत्महत्या कर ली। मध्य प्रदेश के सिंगरौली में सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर निधि तिवारी ने आत्महत्या कर ली। निधि तिवारी सोशल मीडिया पर काफी लोकप्रिय थीं। फेसबुक पर उनके 9 लाख से ज्यादा, जबकि इंस्टाग्राम पर 7 लाख से अधिक फॉलोअर्स थे। वह मुख्य रूप से डांस से जुड़े वीडियो बनाती थीं और सोशल मीडिया पर उनकी अच्छी-खासी फैन फॉलोइंग थी। फिलहाल निधि के इस कदम के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। मामले की जांच के बाद ही पूरी स्थिति सामने आने की उम्मीद है।1
- 21 दिन बाद जेल से रिहा शालू पुलिस ने माना बेकसूर!..... कानपुर दवा व्यापारी हत्याकांड में शालू 21 दिन बाद जेल से रिहा कानपुर। चर्चित दवा व्यापारी हत्याकांड में आरोपी बनाई गई शालू को 21 दिन बाद जेल से रिहा कर दिया गया। पुलिस की विवेचना के बाद शालू को मामले में बेकसूर माना गया। शालू के वकील ने कहा कि पहले दिन से उनका पक्ष था कि केवल किसी के नाम लेने के आधार पर शालू को मामले में घसीटा गया। पुलिस ने निष्पक्ष विवेचना की और जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर शालू को दोषमुक्त मानते हुए रिहाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई। वकील ने कहा कि किसी निर्दोष व्यक्ति का जेल से बाहर आना न्याय और खुशी का क्षण है। हालांकि शालू को 21 दिन जेल में बिताने पड़े, लेकिन देर से सही, सच्चाई सामने आई। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों से पुलिस को आत्ममंथन करना चाहिए, ताकि भविष्य में किसी बेकसूर को अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।1
- पड़ोसी के दरवाजे पर बैठे लोगों पर चढ़ाई चार पहिया (डाला ), 1 की मौत, 6 घायल। लखनऊ के मलिहाबाद में दिल दहला देने वाली घटना सामने आई,पड़ोसी के दरवाजे पर बैठे लोगों पर चढ़ाई चार पहिया (डाला ), 1 की मौत, 6 घायल। मलिहाबाद थाना क्षेत्र में देर रात फरजान नाम के युवक ने घर के बाहर पड़ोसी मुन्ना प्रजापति के दरवाजे के पास चारपाई पर बैठे लोगों पर तेज रफ्तार गाड़ी चढ़ा दी। हादसे में श्याम लाल प्रजापति की मौके पर ही हुई मौत, जबकि 6 से 7 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए..।⚡ घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया। घटना के बाद इलाके में भारी तनाव फैल गया,आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने सड़क पर बैठकर आरोपी फरजान के एनकाउंटर की मांग शुरू कर दी। मौके पर कई थानों की भारी पुलिस बल तैनात, स्थिति को नियंत्रित करने में जुटी पुलिस।1
- महाराजा बिजली पासी के नाम पर हो देवरिया बाईपास: पासी समाज का महाआंदोलन, हुंकार से गूंजा गोरखपुर गोरखपुर के देवरिया बाईपास चौराहे का नामकरण महान शासक और वीर शिरोमणि महाराजा बिजली पासी के नाम पर करने की मांग को लेकर पासी समाज ने बड़ा आंदोलन छेड़ दिया है। महाराजा बिजली पासी के नाम पर हो देवरिया बाईपास: पासी समाज का महाआंदोलन, हुंकार से गूंजा गोरखपुर गोरखपुर के देवरिया बाईपास चौराहे का नामकरण महान शासक और वीर शिरोमणि महाराजा बिजली पासी के नाम पर करने की मांग को लेकर पासी समाज ने बड़ा आंदोलन छेड़ दिया है। प्रशासन की कार्यप्रणाली के खिलाफ एकजुट होकर समाज के लोगों ने अपने आत्मसम्मान और गौरवशाली विरासत की रक्षा के लिए आवाज बुलंद की। आत्मसम्मान और पहचान की लड़ाई प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह आंदोलन केवल एक चौराहे के नामकरण तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पासी समाज के गौरवशाली इतिहास और अस्मिता से जुड़ा विषय है। वीर शिरोमणि महाराजा बिजली पासी के बलिदान और योगदान को पहचान दिलाने के लिए समाज लंबे समय से प्रयासरत है। प्रशासनिक लेटलतीफी पर जताया रोष आंदोलनकारियों ने आरोप लगाया कि लंबे समय से इस मांग को लेकर ज्ञापन और अपील की जा रही है, लेकिन प्रशासन की तरफ से कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। इस उपेक्षा से नाराज होकर समाज के युवाओं और वरिष्ठ नागरिकों को सड़कों पर उतरने के लिए मजबूर होना पड़ा। महाआंदोलन में भारी जनसैलाब देवरिया बाईपास पर आयोजित इस प्रदर्शन में बड़ी संख्या में लोगों ने हाथों में तिरंगा, बैनर और महाराजा बिजली पासी के चित्र लेकर हिस्सा लिया। प्रदर्शनकारियों ने एकजुट होकर संकल्प लिया कि जब तक चौराहे का नाम आधिकारिक रूप से महाराजा बिजली पासी चौक घोषित नहीं किया जाता, तब तक यह संघर्ष जारी रहेगा।1