Shuru
Apke Nagar Ki App…
बिहार में एक और 'चिराग बुझ गया' है, जिससे पूरा राज्य गमगीन है। लोगों के दिलों में एक खास जगह रखने वाले भरत तिवारी के इस दुनिया से चले जाने के बाद, उनके अंतिम सफर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। यह भीड़ इस बात की गवाह है कि उन्होंने अपने जीवन में लोगों का कितना प्रेम और सम्मान अर्जित किया था। 'बिहार का शेर' कहे जा रहे भरत तिवारी के निधन को लेकर 'एनकाउंटर सच या साजिश?' जैसे सवाल उठ रहे हैं, जिससे लोगों में गहरा भावनात्मक जुड़ाव और आक्रोश है। उनके परिवार को यह दुःख सहने की शक्ति मिले, इसकी प्रार्थना की जा रही है, और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए लोगों से कमेंट बॉक्स में 'दो शब्द' या 'RIP' लिखने का निवेदन किया गया है।
MR official Rohit Raja
बिहार में एक और 'चिराग बुझ गया' है, जिससे पूरा राज्य गमगीन है। लोगों के दिलों में एक खास जगह रखने वाले भरत तिवारी के इस दुनिया से चले जाने के बाद, उनके अंतिम सफर में भारी भीड़ उमड़ पड़ी। यह भीड़ इस बात की गवाह है कि उन्होंने अपने जीवन में लोगों का कितना प्रेम और सम्मान अर्जित किया था। 'बिहार का शेर' कहे जा रहे भरत तिवारी के निधन को लेकर 'एनकाउंटर सच या साजिश?' जैसे सवाल उठ रहे हैं, जिससे लोगों में गहरा भावनात्मक जुड़ाव और आक्रोश है। उनके परिवार को यह दुःख सहने की शक्ति मिले, इसकी प्रार्थना की जा रही है, और दिवंगत आत्मा की शांति के लिए लोगों से कमेंट बॉक्स में 'दो शब्द' या 'RIP' लिखने का निवेदन किया गया है।
More news from बिहार and nearby areas
- शुक्रवार को मोहर्रम के अवसर पर सासाराम में बड़ी चौकी का पारंपरिक ताजिया जुलूस पूरे धार्मिक आस्था, परंपरा और भाईचारे के माहौल में निकाला गया। इस ऐतिहासिक जुलूस में बड़ी संख्या में अकीदतमंदों ने भाग लिया, जिसमें शहर के विभिन्न अखाड़ों और ताजिया कमेटियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। जुलूस मोहर्रम की सांस्कृतिक और धार्मिक विरासत का एक प्रमुख आकर्षण रहा, जहाँ पूरे मार्ग पर 'या हुसैन-या हुसैन' की सदाएँ गूँजती रहीं और लोगों ने अत्यंत अनुशासित ढंग से इसमें हिस्सा लिया। इस दौरान युवाओं ने विभिन्न स्थानों पर लाठी और अन्य पारंपरिक युद्धक कलाओं का शानदार प्रदर्शन किया, वहीं जुलूस में शामिल लोगों का जगह-जगह ठंडा पेय पदार्थ पिलाकर स्वागत किया गया। इस शांतिपूर्ण आयोजन के लिए जिला प्रशासन और मोहर्रम कमेटी ने व्यापक तैयारियाँ की थीं। जुलूस मार्ग पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे, जिसमें पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी यातायात नियंत्रण और निगरानी के लिए लगातार मुस्तैद रहे। सुरक्षा व्यवस्था के तहत चौक-चौराहों पर पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की गई थी, साथ ही सीसीटीवी कैमरों से भी लगातार निगरानी रखी जा रही थी और पुलिस गश्ती भी जारी थी। दुर्घटना की आशंका को टालने के लिए जुलूस मार्ग वाले मोहल्ले की विद्युत आपूर्ति को अस्थायी रूप से बंद रखा गया, जिससे कुछ लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। मरकजी मोहर्रम कमेटी के जेनरल सेक्रेटरी अखलाक अहमद रिजवी ने बताया कि मोहर्रम पर्व इंसाफ और मानवता के संदेश को याद करने का अवसर है। उन्होंने सासाराम की बड़की चौकी के इस ऐतिहासिक जुलूस को वर्षों से आपसी भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब का प्रतीक बताया। रिजवी ने इस बात पर जोर दिया कि जुलूस को समय पर समाप्त करना महत्वपूर्ण है, क्योंकि बिजली आपूर्ति बाधित होने से लोगों को दिक्कत होती है, और सबकी जिम्मेदारी है कि कम से कम परेशानी हो। डीएसपी विप्लव कुमार ने भी बड़ी चौकी के जुलूस के लिए चाक-चौबंद सुरक्षा व्यवस्था की पुष्टि की। आगामी कार्यक्रम के तहत, कल ताजिया पहलाम का कार्यक्रम निर्धारित है।4
- शिक्षक मंत्री के सिस्टम को सीधे तौर पर विफल बताया गया है, और इस आशंका पर सवाल उठाया गया है कि क्या मंत्री स्वयं इस 'खेल' में लिप्त हैं। यह गंभीर आरोप लगाया गया है कि सेना का उपयोग अपने व्यक्तिगत घोटालों को छिपाने की एक योजना प्रतीत होता है, जिससे भारतवर्ष को विदेश में चर्चा होने पर शर्मसार होना पड़ेगा। पोस्ट में इस बात पर कड़ी आपत्ति और शर्मिंदगी व्यक्त की गई है कि जिस सेना का मूल कार्य सरहदों की रक्षा करना है, अब उसे NEET परीक्षा के पेपरों की देखभाल (संचालन) करने की जिम्मेदारी दी जाएगी। इसे 'कितनी शर्म की बात' बताते हुए, इस स्थिति को बेहद निंदनीय करार दिया गया है।1
- बिक्रमगंज चौक के पास एक नहर पूरी तरह से कचरे से जाम हो गई है। यह नहर बिक्रमगंज क्षेत्र के सभी कचरे को अपने अंदर समेट लेती है, जिसके कारण यह जलमार्ग अवरुद्ध हो गया है। इस स्थिति के लिए सिंचाई विभाग की घोर लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है।1
- पहली मुहर्रम के अवसर पर रोहतास के अकोड़ी गोला देहरी में ताजिया निकाला गया। इस आयोजन में मुस्लिम समुदाय के भाई, हिंदू समुदाय के भाई और पुलिस बल शामिल थे।1
- बिहार शिक्षक तबादला 2026 से जुड़ी एक अच्छी खबर सामने आई है। इस जानकारी के अनुसार, अब शिक्षकों को अपने घर के पास पोस्टिंग मिलने की संभावना है। इस विषय पर पूरी और विस्तृत जानकारी प्राप्त करने के लिए पाठकों से 'पूरा सच' जानने का आग्रह किया गया है।1
- बटियागढ़ में शराब माफियाओं के हौसले बुलंद हैं, जिससे साफ ज़ाहिर होता है कि उन्हें पुलिस का कोई भय नहीं है।1
- घटनास्थल पर घंटों की देरी के बाद एम्बुलेंस और पुलिसकर्मी पहुँचे, वहीं 'बिकाऊ मीडिया' भी मौके पर रिपोर्टिंग करती नज़र आई। इसको लेकर सवाल उठाया गया कि आखिर ऐसी क्या बेवसी है जो ये लोग सच्चाई नहीं बोलते, और कहा गया कि 'बिकाऊ मीडिया' अपनी आदत से बाज नहीं आती। आरोप है कि 'गोदी मीडिया' देश की सच्चाई को जनता तक नहीं पहुँचा रही, बल्कि जनता की नज़रों में सरकार की छवि को बचाने का काम लगातार करती रही है।1
- रोहतास जिले में उस समय हंगामा मच गया जब एक महिला ने बीच सड़क पर अपने पति को कथित तौर पर किसी अन्य महिला के साथ देख लिया। इस घटना के बाद महिला और उसके पति के बीच जबरदस्त विवाद शुरू हो गया। विवाद इतना बढ़ गया कि पत्नी ने अपने पति की पिटाई कर दी। इस पूरी घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसने लोगों का ध्यान खींचा है।1