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अररिया संग्राम थाना की एसआई सोनल कुमारी पर गश्ती के दौरान अवैध वसूली का आरोप लगा है। यह आरोप एक कथित वीडियो के वायरल होने के बाद सामने आए हैं, जिसमें गाड़ी में पैसे के बंटवारे की बात कही जा रही है। इस वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि, वीडियो की सत्यता और लगाए गए आरोपों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, और मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही इसकी सच्चाई सामने आएगी। इस घटना ने एक बार फिर बिहार में पुलिस कार्यप्रणाली और उनकी जवाबदेही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। डीसी न्यूज चैनल इस वायरल वीडियो की सत्यता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता है, और आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही संभव होगी।
DC NEWS CHANNEL
अररिया संग्राम थाना की एसआई सोनल कुमारी पर गश्ती के दौरान अवैध वसूली का आरोप लगा है। यह आरोप एक कथित वीडियो के वायरल होने के बाद सामने आए हैं, जिसमें गाड़ी में पैसे के बंटवारे की बात कही जा रही है। इस वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि, वीडियो की सत्यता और लगाए गए आरोपों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, और मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही इसकी सच्चाई सामने आएगी। इस घटना ने एक बार फिर बिहार में पुलिस कार्यप्रणाली और उनकी जवाबदेही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। डीसी न्यूज चैनल इस वायरल वीडियो की सत्यता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता है, और आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही संभव होगी।
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- स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने पटना के पीएमसीएच (PMCH) का अचानक और बेहद सख्त अंदाज में निरीक्षण किया, जहां उन्होंने अस्पताल की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान मंत्री ने मरीजों से सीधे बात की और दवा न मिलने की शिकायतों पर दवा केंद्र जाकर स्थिति की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने बताया कि उन्होंने अस्पताल के प्रिंसिपल को फोन किया था, लेकिन उनका कोई जवाब नहीं मिला। प्रिंसिपल बिना किसी को कार्यभार सौंपे अनुपस्थित पाए गए, जिस पर मंत्री ने कार्रवाई करने की बात कही। मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि पीएमसीएच में 5400 बेड का एक अत्याधुनिक अस्पताल निर्माणाधीन है, जिसमें निजी अस्पतालों जैसी सुविधाएं मिलेंगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकार का लक्ष्य है कि जिला अस्पताल केवल रेफर सेंटर न रह जाएं, बल्कि मरीजों को स्थानीय स्तर पर ही बेहतर उपचार मिल सके। स्वास्थ्य मंत्री के इस सख्त निरीक्षण के बाद पीएमसीएच में अचानक हलचल तेज हो गई। गैलरी में मौजूद मरीजों को वार्ड में शिफ्ट किया जाने लगा और व्यवस्थाओं को दुरुस्त करने के प्रयास में तेजी आई। मंत्री के इस कड़े रुख से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप का माहौल बताया जा रहा है।1
- मलमास की अवधि पूर्ण होने के उपरांत, श्रद्धालु भक्त अब 'उम्र वीर कमला स्नान' में भाग लेने के लिए तैयार हैं।1
- मझौलिया थाना क्षेत्र की रुलही पंचायत में नवविवाहिता पुष्पा देवी की संदिग्ध मौत के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए उसके पति श्याम कुमार यादव को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी को बुधवार को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है। इस घटना के बाद से ही पूरे क्षेत्र में चर्चा का माहौल बना हुआ है। मृतका के पिता, योगापट्टी थाना क्षेत्र के चौमुखा गांव निवासी किशोर यादव ने मझौलिया थाना में आवेदन दिया है। उन्होंने अपनी बेटी की मौत के लिए ससुराल पक्ष को जिम्मेदार ठहराते हुए आरोप लगाया है कि शादी के बाद से ही दहेज में मोटरसाइकिल की मांग की जा रही थी। मांग पूरी न होने पर उनकी बेटी को प्रताड़ित किया गया और अंततः उसकी हत्या कर दी गई। आवेदन में पिता ने दामाद सहित परिवार के छह लोगों को नामजद अभियुक्त बनाया है। उन्होंने बताया कि 17 जून को उनकी पुत्री की हत्या कर साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव का अंतिम संस्कार सरेह में किया जा रहा था। इसकी सूचना मिलते ही उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचित किया। सूचना पर पहुंची मझौलिया पुलिस ने मौके से अधजले शव को बरामद कर पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच भेज दिया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत प्राथमिकी दर्ज कर आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी शुरू कर दी थी। थानाध्यक्ष अमर कुमार ने जानकारी दी है कि मुख्य आरोपी श्याम कुमार यादव को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है, और अन्य नामजद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए भी छापेमारी जारी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि पुलिस निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से मामले की जांच कर रही है, और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।1
- मधुबनी जिले के जयनगर प्रखंड अंतर्गत हनुमान नगर वार्ड संख्या 14 में एक दर्दनाक सड़क हादसा सामने आया है। इस हादसे में, एक अज्ञात बाइक सवार की जोरदार ठोकर से स्थानीय निवासी जीवछि देवी की मौके पर ही मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और परिजनों में गहरा कोहराम छा गया। सूचना मिलने पर, जयनगर थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुँची और उन्होंने शव को अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस ने इस मामले में आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है और अज्ञात बाइक सवार की पहचान करने तथा घटना की पूरी तरह से जांच करने के प्रयास किए जा रहे हैं।4
- मधुबनी के बारा बाजार में लक्ष्मी साह राधा कृष्ण ज्वेलर्स स्थित है।1
- भरत भूषण तिवारी के कथित फर्जी एनकाउंटर मामले को लेकर एक बार फिर जोरदार आवाज उठाई गई है। मैथिल परशुराम सेना के बैनर तले कई प्रमुख व्यक्तियों, जिनमें समाजसेवी इंद्र शेखर झा, नलिनी रंजन झा, विजय श्री टुन्ना, राजेश कुमार झा उर्फ मोहन और राजू झा शामिल हैं, साथ ही डिप्टी मेयर अमानुल्लाह खान और मनोज मिश्रा जैसे नेताओं ने इस घटना की कड़ी निंदा की है। इन सभी ने एक स्वर में घटना की निष्पक्ष जांच और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है। इस दौरान यह भी साफ तौर पर कहा गया कि 'न्याय के बिना लोकतंत्र अधूरा है, सत्य सामने आना चाहिए', जो इस मामले में न्याय और सच्चाई को सामने लाने की प्रबल इच्छा को दर्शाता है।1
- मधुबनी प्रशासन मुहर्रम-2026 के मद्देनजर पूरी तरह से सतर्क है। जिले के झंझारपुर, कलुआही, आरएस और लदनियां-मिर्जापुर समेत विभिन्न थाना क्षेत्रों में शांति समिति की बैठकें आयोजित की गईं, जहाँ प्रशासन ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। इन निर्देशों के अनुसार, बिना लाइसेंस के कोई भी जुलूस नहीं निकाला जाएगा। साथ ही, डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध लागू रहेगा और जुलूसों में किसी भी प्रकार के हथियारों के प्रदर्शन की अनुमति नहीं होगी। पुलिस सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर भी कड़ी नजर रख रही है। कुल मिलाकर, इस वर्ष मुहर्रम पर प्रशासन ने डीजे, हथियार और तलवारबाजी पर पूरी तरह रोक लगाने का सख्त रुख अपनाया है।1
- अररिया संग्राम थाना की एसआई सोनल कुमारी पर गश्ती के दौरान अवैध वसूली का आरोप लगा है। यह आरोप एक कथित वीडियो के वायरल होने के बाद सामने आए हैं, जिसमें गाड़ी में पैसे के बंटवारे की बात कही जा रही है। इस वायरल वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि, वीडियो की सत्यता और लगाए गए आरोपों की अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, और मामले की निष्पक्ष जांच के बाद ही इसकी सच्चाई सामने आएगी। इस घटना ने एक बार फिर बिहार में पुलिस कार्यप्रणाली और उनकी जवाबदेही पर सवाल खड़े कर दिए हैं। डीसी न्यूज चैनल इस वायरल वीडियो की सत्यता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता है, और आरोपों की पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही संभव होगी।1