स्लग- ऑपरेशन प्रहार में नानकमत्ता एवं खटीमा पुलिस की बड़ी कार्रवाई:नानकमत्ता में 70 लीटर कच्ची शराब बरामद।आबकारी विभाग गहरी नीड में है। स्थान -नानकमत्ता एवं खटीमा उधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो-9758494633 एंकर/विजुअल -जनपद ऊधम सिंह नगर में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस का ऑपरेशन प्रहार लगातार जारी है। नानकमत्ता पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 70 लीटर कच्ची शराब और शराब बनाने के उपकरण बरामद कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। खटीमा में आबकारी विभाग की घोर लापरवाही अब पुलिस को करना पड़ रहा है उनका काम,वहीं आबकारी विभाग के होते हुए भी खटीमा क्षेत्र में बड़ी मात्रा में अवैध कच्ची शराब की दुकान खुलेआम चल रही हैं। वहीं इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी खटीमा नीरज सेमवाल के नेतृत्व में अवैध शराब के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है।इसी क्रम में कोतवाली नानकमत्ता पुलिस ने 12 सितंबर को प्रतापपुर चौकी क्षेत्र के जोगीठोर, प्रतापपुर नंबर-7 में कार्रवाई की।पुलिस ने सुखदेव सिंह उर्फ सुक्खा, निवासी जोगीठोर, प्रतापपुर नंबर-7 को गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से काले रंग के प्लास्टिक जेरकिन में 50 लीटर और पीले प्लास्टिक के डिब्बे में 20 लीटर, कुल 70 लीटर कच्ची शराब बरामद हुई।इसके साथ ही शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले ड्रम, भगोना, पाइप सहित अन्य उपकरण भी पुलिस ने बरामद किए हैं।मामले में कोतवाली नानकमत्ता में आबकारी अधिनियम की धारा 60(1)/(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।कार्रवाई करने वाली टीम में उप निरीक्षक राजेंद्र पंत, अपर उप निरीक्षक भगवान राम, हेड कांस्टेबल रघुनाथ गोस्वामी और कांस्टेबल दिनेश चंद्र शामिल रहे।नानकमत्ता पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में अवैध कच्ची शराब बनाने और बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है। अब देखना यह होगा कि आबकारी विभाग आखिर कब तक कुंभकरण की नीड सोता रहेगा बाइट - नीरज सेमवाल सी ओ खटीमा
स्लग- ऑपरेशन प्रहार में नानकमत्ता एवं खटीमा पुलिस की बड़ी कार्रवाई:नानकमत्ता में 70 लीटर कच्ची शराब बरामद।आबकारी विभाग गहरी नीड में है। स्थान -नानकमत्ता एवं खटीमा उधम सिंह नगर रिपोर्ट - अशोक सरकार मो-9758494633 एंकर/विजुअल -जनपद ऊधम सिंह नगर में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस का ऑपरेशन प्रहार लगातार जारी है। नानकमत्ता पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 70 लीटर कच्ची शराब और शराब बनाने के उपकरण बरामद कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। खटीमा में आबकारी विभाग की घोर लापरवाही अब पुलिस को करना पड़ रहा है उनका काम,वहीं आबकारी विभाग के होते हुए भी खटीमा क्षेत्र में बड़ी मात्रा में अवैध कच्ची शराब की दुकान खुलेआम चल रही हैं। वहीं इस दौरान वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी खटीमा नीरज सेमवाल के नेतृत्व में अवैध शराब के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है।इसी क्रम में कोतवाली नानकमत्ता पुलिस ने 12 सितंबर को प्रतापपुर चौकी क्षेत्र के जोगीठोर, प्रतापपुर नंबर-7 में कार्रवाई की।पुलिस ने सुखदेव सिंह उर्फ सुक्खा, निवासी जोगीठोर, प्रतापपुर नंबर-7 को गिरफ्तार किया। आरोपी के कब्जे से काले रंग के प्लास्टिक जेरकिन में 50 लीटर और पीले प्लास्टिक के डिब्बे में 20 लीटर, कुल 70 लीटर कच्ची शराब बरामद हुई।इसके साथ ही शराब बनाने में इस्तेमाल होने वाले ड्रम, भगोना, पाइप सहित अन्य उपकरण भी पुलिस ने बरामद किए हैं।मामले में कोतवाली नानकमत्ता में आबकारी अधिनियम की धारा 60(1)/(2) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है।कार्रवाई करने वाली टीम में उप निरीक्षक राजेंद्र पंत, अपर उप निरीक्षक भगवान राम, हेड कांस्टेबल रघुनाथ गोस्वामी और कांस्टेबल दिनेश चंद्र शामिल रहे।नानकमत्ता पुलिस का कहना है कि क्षेत्र में अवैध कच्ची शराब बनाने और बेचने वालों के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने के लिए क्षेत्र में सतर्कता बढ़ा दी है। अब देखना यह होगा कि आबकारी विभाग आखिर कब तक कुंभकरण की नीड सोता रहेगा बाइट - नीरज सेमवाल सी ओ खटीमा
- पीलीभीत के शहर के खकरा मोहल्ले में मंगलवार रात एक बंद दुकान पर जेसीबी चलाकर उसे पूरी तरह ढहा दिया गया। पीलीभीत के शहर के खकरा मोहल्ले में मंगलवार रात एक बंद दुकान पर जेसीबी चलाकर उसे पूरी तरह ढहा दिया गया। दुकान ढहने से उसमें रखा टेंट का करीब 4 लाख रुपये का सामान मलबे में दबकर नष्ट हो गया पीड़ित किराएदार ने दुकान मालिक पर अवैध रूप से तोड़फोड़ कराने का आरोप लगाया है। इसके अलावा, घटना के बाद दुकान में रखे 17 हजार रुपये नकद और कुछ अन्य कीमती सामान भी गायब होने की शिकायत दर्ज कराई गई है। खकरा मोहल्ला निवासी पीड़िता शिवांगी सक्सेना ने बताया कि उनके पति अमित सक्सेना ने साल 2005 में यह दुकान किराए पर ली थी। तभी से उनका परिवार इसमें टेंट का कारोबार चला रहा है। पिछले कुछ समय से शिवांगी खुद इस काम को संभाल रही हैं। उन्होंने बताया कि मंगलवार रात करीब 8 बजे दुकान बंद थी, तभी कुछ लोग जेसीबी मशीन लेकर पहुंचे और दुकान को ढहा दिया। नकद और कीमती सामान गायब होने का आरोप सूचना मिलते ही शिवांगी अपने परिवार के साथ मौके पर पहुंचीं, जहां स्थानीय लोगों की भारी भीड़ जमा हो चुकी थी। पीड़िता के अनुसार, दुकान के मलबे में दबने से करीब 4 लाख का सामान बर्बाद हो गया। इसके अलावा दुकान के गल्ले में रखे लगभग 17 हजार रुपये नकद और अन्य सामान भी गायब हैं। पुलिस संपत्ति विवाद के एंगल से कर रही जांच पीड़िता की सूचना के बाद कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची। शहर कोतवाल प्रमेंद्र कुमार ने बताया कि घटना की जानकारी और लिखित शिकायत प्राप्त हुई है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की गहनता से जांच कर रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि दुकान खाली कराने को लेकर कोई पुराना संपत्ति विवाद तो नहीं चल रहा था। पुलिस का कहना है कि तथ्यों की जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी बाइट- शिवांगी सक्सेना पीड़िता बाइट- जेसीबी चलवाने वाली लड़की की मां2
- पंचायत सहायकों की प्रमुख मांगों पर मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने लगाई मुहर डीबीटी के माध्यम से सीधे बैंक खाते में होगा मानदेय का भुगतान। लखनऊ। उत्तर प्रदेश के पंचायती राज कैबिनेट मंत्री श्री ओमप्रकाश राजभर की अध्यक्षता में 15 सितंबर को पंचायत सहायकों के प्रतिनिधिमंडल के साथ महत्वपूर्ण बैठक हुई। बैठक में पंचायत सहायकों की लंबे समय से चली आ रही प्रमुख मांगों पर सहानुभूतिपूर्वक विचार किया गया। प्रतिनिधिमंडल ने अपनी समस्याओं और मांगों को मंत्री के समक्ष रखा। बैठक में मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने पंचायत सहायकों की मांगों पर सकारात्मक रुख अपनाते हुए कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। 1. डीबीटी से होगा मानदेय का भुगतान पंचायत सहायकों के मानदेय का भुगतान अब सीधे उनके बैंक खातों में डीबीटी (Direct Benefit Transfer) के माध्यम से किए जाने की घोषणा की गई। इससे भुगतान प्रक्रिया में पारदर्शिता बढ़ने और बिचौलियों की भूमिका समाप्त होने की उम्मीद है। साथ ही पंचायत सहायकों को समय से मानदेय मिलने में सुविधा होगी। प्रतिनिधिमंडल ने मंत्री के समक्ष अन्य लंबित मांगों को भी रखा, जिन पर सकारात्मक विचार का आश्वासन दिया गया। पंचायत सहायकों ने बैठक के बाद मंत्री का आभार जताते हुए कहा कि उनकी समस्याओं को शासन स्तर पर गंभीरता से सुना गया है।1
- बीसलपुर पीलीभीत मार्ग पर मौत का गड्ढा कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा बीसलपुर-पीलीभीत मार्ग पर पतरासा कुंवरपुर गांव के पास सड़क के बीच बना गड्ढा राहगीरों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। गड्ढे के कारण वाहन चालकों को आवाजाही में दिक्कत हो रही है और हादसे का खतरा बना हुआ है। खास बात यह है कि इस मार्ग पर टोल टैक्स की वसूली की जाती है, लेकिन इसके बावजूद सड़क की यह समस्या बरकरार है। ऐसे में सवाल उठता है कि टोल देने के बाद भी राहगीरों को सड़क की बुनियादी सुविधाएं क्यों नहीं मिल पा रही हैं? देखिए UP UPDATE 24×7 की ग्राउंड रिपोर्ट और जानिए मौके की पूरी स्थिति। स्थान: पतरासा कुंवरपुर, बीसलपुर-पीलीभीत मार्ग मुद्दा: सड़क पर बना गड्ढा और राहगीरों की परेशानी #Pilibhit #Bisalpur #PilibhitBisalpurRoad #RoadProblem #TollTax #RoadSafety #GroundReport #UPUpdate247 #UttarPradesh #PilibhitNews #BisalpurNews1
- अमरिया क्षेत्र में जमीन कब्जे को लेकर बड़ा बवाल, करीब तीन दर्जन लोग हिरासत में, राइफल और तलवारें बरामद1
- बड़ी खबर पीलीभीत से पीलीभीत के बीसलपुर में आजाद समाज पार्टी कांशीराम -भीम आर्मी का हल्ला बोल प्रदर्शन विनोद साहनी हत्याकांड और चंद्रशेखर आज़ाद के काफिले पर कथित तौर पर हमले से भड़का अक्रोश आपको बता दें कि जनपद गोंडा में बर्तन कारोबारी (कश्यप समाज से ) विनोद कुमार साहनी की हत्या तथा पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे भीम आर्मी चीफ,आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं नगीना सांसद चंद्रशेखर आज़ाद के काफिले पर हुए कथित हमले के विरोध में सोमवार को बीसलपुर में आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) एवं भीम आर्मी भारत एकता मिशन के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। जहाँ बड़ी संख्या में कार्यकर्ता तहसील परिसर पहुंचे और पूरे घटनाक्रम पर आक्रोश व्यक्त करते हुए उपजिलाधिकारी बीसलपुर के माध्यम से उत्तर प्रदेश की राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में विनोद कुमार साहनी कश्यप हत्याकांड की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच, पीड़ित परिवार को सुरक्षा एवं न्याय दिलाने, चंद्रशेखर आज़ाद को रोके जाने तथा उनके साथ कथित दुर्व्यवहार की स्वतंत्र जांच और उनके काफिले पर हुए कथित हमले की निष्पक्ष जांच कर दोषियों की पहचान करते हुए कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की गई। पदाधिकारियों ने कहा कि किसी भी नागरिक के जीवन, सम्मान और सुरक्षा के साथ समझौता नहीं किया जाना चाहिए। यदि किसी जनप्रतिनिधि एवं राजनीतिक दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष के साथ भी कोई अप्रिय घटना घटती है, तो उसकी निष्पक्ष जांच होना लोकतांत्रिक व्यवस्था में आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि घटनाक्रम से संबंधित CCTV फुटेज, वीडियो रिकॉर्डिंग और अन्य साक्ष्यों को सुरक्षित रखते हुए निष्पक्ष जांच कराई जाए, ताकि वास्तविक तथ्यों को सामने लाया जा सके। वक्ताओं ने कहा कि विनोद कुमार साहनी कश्यप के परिवार को तत्काल आवश्यक सुरक्षा उपलब्ध कराई जाए और हत्याकांड की जांच में तेजी लाकर पीड़ित परिवार को शीघ्र न्याय दिलाया जाए। जांच में यदि किसी पुलिसकर्मी अथवा अन्य व्यक्ति की लापरवाही या संलिप्तता सामने आती है तो उसके विरुद्ध विभागीय एवं कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। पदाधिकारियों ने कहा कि भीम आर्मी और आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम) अन्याय, शोषण और भेदभाव के खिलाफ लोकतांत्रिक एवं संवैधानिक तरीके से आवाज उठाती रही है। संगठन का स्पष्ट मत है कि किसी भी मामले में कानून से ऊपर कोई नहीं होना चाहिए और हर पीड़ित को निष्पक्ष न्याय मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि पूरे प्रकरण में समयबद्ध और निष्पक्ष कार्रवाई नहीं की गई तो संगठन आगे भी शांतिपूर्ण एवं लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज बुलंद करता रहेगा। तहसील क्षेत्र के विभिन्न इलाकों से पहुंचे बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने एकजुटता का प्रदर्शन करते हुए कहा कि न्याय की इस लड़ाई में संगठन पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ा है। इस दौरान आज़ाद समाज पार्टी एवं भीम आर्मी के नईम रज़ा, प्रदेश सचिव आज़ाद समाज पार्टी (कांशीराम), एडवोकेट राजाराम माथुर, प्रदेश कार्यकारी सदस्य, सौरभ भारतीय, जिला संयोजक, सोनपाल परदेसी, जिला महासचिव, सुभाष गंगवार, तहसील संयोजक, इरफान अंसारी, संजीव कुमार, विकास कुमार, अनवर अब्बास, मोहम्मद सोहेल उर्फ शब्बू, सुरेंद्र सागर, हरीश गंगवार, मोहम्मद मुबाशशिर, अफसर अली, ज्ञानेंद्र गंगवार, नन्हें लाल भारती, खेम करण वर्मा, आशिक अली, एडवोकेट मैशाद अली, आसिफ खान, मोहम्मद इमरान अंसारी, नरेंद्र कुमार, सचिन कुमार वर्मा, तौहीद खान, नासिर शाह, मुस्तफा अली शेरा वाल्मीकि, नदीम अंसारी, अखलाक अहमद अंसारी, हसनैन, समसुल अंसारी, मुकेश गौतम सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं समर्थक मौजूद रहे। व्यूरो रिपोर्ट 91indianews बीसलपुर से मुनीश गौतम की खास रिपोर्ट1
- नैनीताल के ज्योलींकोट में जल जनित बीमारियों से बचाव कार्यों का सांसद अजय भट्ट ने लिया जायजा* *विशेषज्ञ चिकित्सकों की तैनाती, पीड़ित परिवारों से मिले सांसद; बोले- जांच में दोषी पाए गए लोगों को बख्शा नहीं जाएगा* *नैनीताल।* नैनीताल-ऊधमसिंह नगर सांसद अजय भट्ट ने मंगलवार को ज्योलिकोट क्षेत्र में जल जनित बीमारियों के बाद स्वास्थ्य विभाग की ओर से संचालित बचाव एवं उपचार कार्यों का स्थलीय निरीक्षण किया। उन्होंने आयुष्मान आरोग्य मंदिर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ज्योलिकोट पहुंचकर स्वास्थ्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया और अधिकारियों से मरीजों को उपलब्ध कराए जा रहे उपचार, जांच, दवाओं तथा अन्य सुविधाओं की जानकारी ली। निरीक्षण के दौरान सांसद ने स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सकीय व्यवस्थाओं का बारीकी से अवलोकन किया। उन्होंने मरीजों के उपचार, जांच और दवाओं की उपलब्धता के संबंध में अधिकारियों से जानकारी लेते हुए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सांसद ने कहा कि जल जनित बीमारियों की स्थिति को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग की ओर से विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। दिल्ली के साथ ही नैनीताल जिले के विशेषज्ञ चिकित्सकों की भी तैनाती की गई है, ताकि प्रभावित लोगों को तत्काल और बेहतर उपचार मिल सके। *मृतकों के परिजनों से मिलकर जताया दुख* सांसद अजय भट्ट ने जल जनित बीमारियों की चपेट में आकर जान गंवाने वाले लोगों के परिजनों से उनके घर पहुंचकर मुलाकात की और घटना पर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने पीड़ित परिवारों को हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया। श्री भट्ट ने कहा कि पूरे मामले की गहन छानबीन की जा रही है और संबंधित विभागों की जांच जारी है। जांच में यदि किसी की लापरवाही या दोष सामने आता है तो सरकार दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शेगी नहीं। उन्होंने कहा कि सरकार की पहली प्राथमिकता बीमार हुए लोगों को त्वरित एवं बेहतर उपचार उपलब्ध कराना है। सांसद ने कहा कि भविष्य में इस प्रकार की घटना की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए प्रभावी मॉनिटरिंग व्यवस्था बनाने और आवश्यक कदम उठाने के निर्देश मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ओर से भी दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि प्रभावित क्षेत्र में स्वास्थ्य एवं अन्य व्यवस्थाओं की लगातार निगरानी की जा रही है, ताकि स्थिति को जल्द सामान्य किया जा सके। इस अवसर पर नैनीताल की विधायक श्रीमती सरिता आर्या भीमताल के ब्लॉक प्रमुख हरीश बिष्ट जिला मंत्री पुष्कर जोशी ग्राम प्रधान हरगोबिंद रावत कैलाश जोशी आदि मौजूद रहे1
- अस्पताल में बच्चे की मौत पर हंगामा अस्पताल में बच्चे की मौत पर हंगामा अस्पताल में बच्चे की मौत पर हंगामा पीलीभीत-शाहजहांपुर सीमा पर स्थित शांति देवी चिकित्सालय मियापुर में छह साल के बच्चे आरव सिंह की इलाज के दौरान मौत के बाद हंगामा खड़ा हो गया। परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए बच्चे का शव पुवायां-निगोही रोड पर रखकर जाम लगा दिया। सूचना पर पहुंचे एसडीएम और सीओ प्रवीण सिंह मलिक ने परिजनों को समझाकर जाम खुलवाया। प्रशासन ने अस्पताल को सीज कराया, जबकि पुलिस ने डॉक्टर को हिरासत में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी है। करेली थाना क्षेत्र के पसियापुर निवासी राजीव सिंह अपने छह वर्षीय बेटे आरव सिंह को पेट में दर्द की शिकायत पर मियापुर स्थित शांति देवी अस्पताल लेकर पहुंचे थे। परिजनों के मुताबिक इलाज के दौरान आरव की हालत बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। बच्चे की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में आक्रोश फैल गया। परिजन शव को लेकर पुवायां-निगोही रोड पर पहुंच गए और सड़क पर शव रखकर जाम लगा दिया। सड़क पर जाम की सूचना मिलते ही पुलिस-प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। सीओ प्रवीण सिंह मलिक और एसडीएम ने परिजनों से बातचीत की और कार्रवाई का भरोसा देकर जाम खुलवाया। प्रशासन ने मौके पर अस्पताल को सीज कर दिया, जबकि डॉक्टर शिव शरण सिंह को पुलिस ने हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है। वहीं, परिजनों ने सिधौली पुलिस पर अभद्रता करने का भी आरोप लगाया है। अब पूरे मामले में इलाज के दौरान हुई बच्चे की मौत और लगाए गए आरोपों की जांच के बाद स्थिति साफ होगी।3
- 🚨 पीलीभीत में देवहा नदी किनारे मिला नर कंकाल, इलाके में मचा हड़कंप पीलीभीत के बरखेड़ा थाना क्षेत्र के सिमरिया ताराचंद गांव में देवहा नदी के किनारे मानव कंकाल मिलने से सनसनी फैल गई। 🚨 पीलीभीत में देवहा नदी किनारे मिला नर कंकाल, इलाके में मचा हड़कंप पीलीभीत के बरखेड़ा थाना क्षेत्र के सिमरिया ताराचंद गांव में देवहा नदी के किनारे मानव कंकाल मिलने से सनसनी फैल गई। स्थानीय लोगों की नजर कंकाल पर पड़ने के बाद पुलिस को सूचना दी गई। � Bhaskar Digital सूचना पर बरखेड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और कंकाल को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। पुलिस की प्रारंभिक जानकारी के अनुसार कंकाल करीब 15 से 20 दिन पुराना हो सकता है और यह आशंका जताई जा रही है कि नदी के तेज बहाव में बहकर यहां पहुंचा हो। हालांकि, कंकाल किसका है और उसकी मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसकी अभी पुष्टि नहीं हुई है। � Bhaskar Digital फैक्ट-चेक अपडेट: उपलब्ध रिपोर्ट के आधार पर कंकाल मिलने की घटना की पुष्टि होती है, लेकिन पहचान और मौत के कारण को लेकर अभी कोई अंतिम आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है। इसलिए इसे किसी व्यक्ति की हत्या या गुमशुदगी से जोड़कर दावा करना फिलहाल उचित नहीं होगा। #Pilibhit #PilibhitNews #Barkhera #DeohaRiver #BreakingNews #UPNews #HumanSkeleton #CrimeNews #ViralNews #FactCheck #PilibhitDarpan1