सागर जिले की गोपालगंज पुलिस ने मारपीट के एक प्रकरण में महत्वपूर्ण इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य छिपाने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता प्राप्त की है। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन और थाना प्रभारी गोपालगंज निरीक्षक घनश्याम शर्मा के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में पुलिस ने छिपाया गया सीसीटीवी डीवीआर भी बरामद किया है। फरियादी शिवम परिहार, निवासी ग्राम मांगेरोल, थाना बड़ाई, जिला फिरोजाबाद (उ.प्र.) ने थाना गोपालगंज में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 29 मई 2026 को वह अपने एक मित्र के साथ एक दुकान पर गया था। वहां बिल के भुगतान को लेकर उसका दुकान संचालक पक्ष से विवाद हो गया था। विवाद बढ़ने पर आरोपी अनस खान और उसके साथियों ने शिवम के साथ गाली-गलौच करते हुए मारपीट की, जिससे उसे चोटें आईं। घटना की सूचना मिलते ही गोपालगंज पुलिस ने तत्काल प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की। जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि घटना के महत्वपूर्ण साक्ष्यों को नष्ट कर पुलिस जांच को प्रभावित करने का प्रयास किया गया है। विवेचना में यह तथ्य सामने आया कि आरोपी अनस खान के छोटे भाई आकिब खान (पिता आरिफ खान) ने घटना के सीसीटीवी फुटेज छिपाने और वास्तविक तथ्यों को दबाने की नियत से दुकान में लगा डीवीआर निकालकर कहीं छिपा दिया था। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम आरोपी आकिब खान की लगातार तलाश कर रही थी। इसी दौरान विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने त्वरित एवं योजनाबद्ध कार्रवाई करते हुए आकिब खान को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी की निशानदेही पर घटना से संबंधित छिपाया गया सीसीटीवी डीवीआर बरामद किया गया, जिसे विधिवत जब्त कर पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है, जहां से अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। गोपालगंज पुलिस की इस प्रभावी कार्रवाई से न केवल अपराध के महत्वपूर्ण इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य सुरक्षित किए जा सके, बल्कि जांच को प्रभावित करने और साक्ष्य मिटाने के आरोपी के प्रयास को भी विफल कर दिया गया। यह कार्रवाई अपराधियों को स्पष्ट संदेश है कि कानून से बचने अथवा साक्ष्य नष्ट करने का कोई भी प्रयास पुलिस की सतर्क निगाहों से बच नहीं सकता।
सागर जिले की गोपालगंज पुलिस ने मारपीट के एक प्रकरण में महत्वपूर्ण इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य छिपाने वाले आरोपी को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता प्राप्त की है। वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन और थाना प्रभारी गोपालगंज निरीक्षक घनश्याम शर्मा के नेतृत्व में हुई इस कार्रवाई में पुलिस ने छिपाया गया सीसीटीवी डीवीआर भी बरामद किया है। फरियादी शिवम परिहार, निवासी ग्राम मांगेरोल, थाना बड़ाई, जिला फिरोजाबाद (उ.प्र.) ने थाना गोपालगंज में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 29 मई 2026 को वह अपने एक मित्र के साथ एक दुकान पर गया था। वहां बिल के भुगतान को लेकर उसका दुकान संचालक पक्ष से विवाद हो गया था। विवाद बढ़ने पर आरोपी अनस खान और उसके साथियों ने शिवम के साथ गाली-गलौच करते हुए मारपीट की, जिससे उसे चोटें आईं। घटना की सूचना मिलते ही गोपालगंज पुलिस ने तत्काल प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू की। जांच के दौरान पुलिस को जानकारी मिली कि घटना के महत्वपूर्ण साक्ष्यों को नष्ट कर पुलिस जांच को प्रभावित करने का प्रयास किया गया है। विवेचना में यह तथ्य सामने आया कि आरोपी अनस खान के छोटे भाई आकिब खान (पिता आरिफ खान) ने घटना के सीसीटीवी फुटेज छिपाने और वास्तविक तथ्यों को दबाने की नियत से दुकान में लगा डीवीआर निकालकर कहीं छिपा दिया था। प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए पुलिस टीम आरोपी आकिब खान की लगातार तलाश कर रही थी। इसी दौरान विश्वसनीय मुखबिर से सूचना मिलने पर पुलिस टीम ने त्वरित एवं योजनाबद्ध कार्रवाई करते हुए आकिब खान को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के दौरान आरोपी की निशानदेही पर घटना से संबंधित छिपाया गया सीसीटीवी डीवीआर बरामद किया गया, जिसे विधिवत जब्त कर पुलिस अभिरक्षा में लिया गया है। आरोपी को माननीय न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया है, जहां से अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। गोपालगंज पुलिस की इस प्रभावी कार्रवाई से न केवल अपराध के महत्वपूर्ण इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य सुरक्षित किए जा सके, बल्कि जांच को प्रभावित करने और साक्ष्य मिटाने के आरोपी के प्रयास को भी विफल कर दिया गया। यह कार्रवाई अपराधियों को स्पष्ट संदेश है कि कानून से बचने अथवा साक्ष्य नष्ट करने का कोई भी प्रयास पुलिस की सतर्क निगाहों से बच नहीं सकता।
- बीना में दांगी समाज अनावश्यक आर्थिक बोझ कम करने और रूढ़िवादी प्रथाओं व कुरीतियों को मिटाने की दिशा में लगातार कदम बढ़ा रहा है। इसी कड़ी में, धनोरा परिवार ने स्वर्गीय राम सिंह ठाकुर की तेरहवीं न करने का निर्णय लेते हुए उनकी स्मृति में वृक्ष वितरित किए। राम सिंह ठाकुर, जिनकी 88 वर्ष की आयु में मृत्यु हुई थी, पूर्व मंत्री प्रभुसिंह ठाकुर के बड़े भाई और अशोक सिंह, इंदर सिंह (वकील साहब) तथा राजेंद्र सिंह के पिता थे। वे एक सुलझे हुए, पशु एवं प्रकृति प्रेमी व्यक्ति थे और उनके निधन से क्षेत्र में शोक की लहर है। धनोरा परिवार द्वारा आयोजित श्रद्धांजलि सभा में दांगी समाज के साथ-साथ सामाजिक एवं राजनीतिक जगत की कई प्रमुख हस्तियाँ उपस्थित रहीं। सभी ने स्वर्गीय राम सिंह दाऊ के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर दो मिनट का मौन रखा। इस अवसर पर कुंवर सिंह ठाकुर ने जोर देते हुए कहा कि समाज तभी आगे बढ़ता है जब हम कुरीतियों से बचकर शिक्षा पर ध्यान दें। उन्होंने धनोरा परिवार के तेरहवीं प्रथा बंद करने के समाज के निर्णय का समर्थन करने को एक उचित कदम बताया, साथ ही कहा कि जब वरिष्ठ लोग कुप्रथाओं को समाप्त करते हैं, तो मध्यम और छोटे वर्ग का भी हौसला बढ़ता है। रेल सलाहकार संतोष ठाकुर ने स्वर्गीय राम सिंह दाऊ को सुलझे हुए व्यक्तित्व का धनी बताया। बैरसिया से आए कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राम भरोसी राठौर ने याद दिलाया कि पूर्व मंत्री प्रभु सिंह ठाकुर ने भी अपनी माता जी की तेरहवीं न करके उनकी याद में अंबेडकर चौराहा पर हैंडपंप खनन करवाया था और कई स्थानों पर वृक्षारोपण किया था। उन्होंने इस पहल को समाज के लिए प्रेरणादायक बताते हुए इस प्रथा को पूरी तरह समाप्त करने का आह्वान किया। उल्लेखनीय है कि दांगी समाज ने कई माह पूर्व ही आर्थिक बोझ से बचने के लिए तेरहवीं प्रथा को बंद करने का निर्णय लिया था। धनोरा परिवार ने इसी निर्णय का पालन करते हुए तेरहवीं के स्थान पर श्रद्धांजलि सभा का आयोजन कर वृक्ष वितरित किए, जिसमें ग्रामीणजन, शुभचिंतक और विभिन्न सामाजिक-राजनीतिक संगठनों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।4
- यह संदेश दिया गया है कि 'नया भारत' कैसा होगा, चाहे वह जाति-मुक्त समाज की ओर बढ़े या न बढ़े, इसका भविष्य पूरी तरह से आप सभी लोगों पर निर्भर करता है।1
- मौसम विभाग ने आज मध्य प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का पूर्वानुमान जारी किया है। प्रदेश में मौसम के हाल को देखते हुए यह चेतावनी दी गई है।1
- शनिवार को सागर के मकरोनिया थाना क्षेत्र के नरसिंहपुर रोड पर बढ़तुमा के पास उस समय हड़कंप मच गया, जब एक चलते लोडिंग वाहन में अचानक भीषण आग लग गई। गनीमत यह रही कि चालक ने समय रहते सूझबूझ का परिचय देते हुए वाहन से कूदकर अपनी जान बचा ली। आग इतनी विकराल थी कि देखते ही देखते पूरे वाहन को अपनी चपेट में ले लिया और वह आग की लपटों में घिर गया। सूचना मिलने पर दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुँची और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि, तब तक वाहन पूरी तरह जलकर खाक हो चुका था। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, इस आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट बताया जा रहा है और पुलिस इस पूरे मामले की जांच कर रही है।1
- बीना में नशा मुक्ति भारत अभियान के अंतर्गत ब्रह्मकुमारी आश्रम के छोटे-छोटे बच्चों ने एक पैदल यात्रा निकाली।1
- बीना में आगासौद थाना पुलिस ने एक चुनौतीपूर्ण अंधे कत्ल के मामले को सुलझाते हुए केवल 24 घंटे के भीतर दो आरोपियों को गिरफ्तार कर बड़ी सफलता हासिल की है। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक सागर अनुराग सुजानिया के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बीना डॉ. संजीव उईके व अनुविभागीय अधिकारी पुलिस बीना अजय कुमार सनकत के मार्गदर्शन में की गई। पुलिस के अनुसार, 28 मई 2026 को आगासौद पुलिस को ग्राम देहरी स्थित एक बगीचे में एक व्यक्ति के शव पड़े होने की सूचना मिली थी। घटनास्थल पर मृतक की पहचान ग्राम देहरी निवासी कल्लू चढ़ार के रूप में हुई। परिजनों ने बताया था कि वे कल्लू को घायल अवस्था में सिविल अस्पताल बीना ले गए थे, जहाँ चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया था। प्रथम दृष्टया यह मामला सामान्य मृत्यु का प्रतीत हो रहा था, लेकिन पुलिस के बारीकी से निरीक्षण करने पर शव पर चोटों के गंभीर निशान मिले, जिससे हत्या की आशंका पुख्ता हुई। इसके बाद थाना आगासौद में मर्ग कायम कर गहन जाँच शुरू की गई। घटनास्थल के निरीक्षण, साक्ष्य संकलन और गवाहों से पूछताछ के आधार पर यह स्पष्ट हुआ कि ग्राम देहरी निवासी कल्लू उर्फ विश्वनाथ ठाकुर और मनीष ठाकुर ने मृतक कल्लू चढ़ार के साथ मारपीट की थी और बाद में उसका गला दबाकर उसकी हत्या कर दी थी। पर्याप्त साक्ष्य मिलने पर आरोपियों के विरुद्ध हत्या का अपराध दर्ज किया गया और विवेचना प्रारंभ हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए, वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर एक विशेष पुलिस टीम बनाई गई। इस टीम ने लगातार प्रयास करते हुए मुखबिर तंत्र और तकनीकी साक्ष्यों की सहायता से दोनों आरोपियों कल्लू उर्फ विश्वनाथ ठाकुर और मनीष ठाकुर को 30 मई 2026, शनिवार को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में आरोपियों ने घटना से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी दी है। आगासौद थाना पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना की गई है, जिसमें तत्परता और पेशेवर दक्षता का परिचय देते हुए कम समय में साक्ष्य जुटाकर आरोपियों की पहचान की गई और हत्या जैसे गंभीर अपराध का सफलतापूर्वक खुलासा कर उन्हें कानून के शिकंजे में लाया गया। इस सराहनीय भूमिका में थाना प्रभारी निरीक्षक नितिन पाल सहित प्रधान आरक्षक संतोष रैकवार, प्रधान आरक्षक सतीश रावत, आरक्षक लोकेन्द्र यादव, आरक्षक रनवीर सिंह, आरक्षक सतीश शर्मा, आरक्षक रामकृष्ण योगी, आरक्षक दीपक इनवाती और प्रधान आरक्षक चालक संतोष तिवारी शामिल रहे। प्रकरण में अग्रिम वैधानिक कार्यवाही जारी है।2
- ललितपुर में देव नारायण आइसक्रीम प्रतिष्ठान पर प्रशासन ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है, जिसके तहत कुल 29 किलो संदिग्ध माल जब्त किया गया है। खाद्य सुरक्षा विभाग ने जब्त किए गए इस माल के नमूने आगे की जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे हैं। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इन नमूनों की रिपोर्ट आने के बाद प्रशासन द्वारा इस मामले में और भी बड़ी कार्रवाई की जा सकती है।1
- ललितपुर के गल्ला मंडी चौकी क्षेत्र में स्थित एक दुकान में अचानक भीषण आग लगने से पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। आग की तेज लपटें उठती देख आसपास के लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। घटना की सूचना मिलने पर फायर ब्रिगेड की टीम तुरंत मौके पर पहुंची और आग बुझाने का प्रयास शुरू कर दिया। इस दौरान स्थानीय पुलिस भी घटनास्थल पर मौजूद रही। हालांकि, अभी तक आग लगने के कारणों का पता नहीं चल सका है, जबकि हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है।1