##हिंदूवादी नेता राजेश अवस्थी के विरोध और अफसरों के निरीक्षण के बाद ईदगाह में नुमाइश के आयोजन की अनुमति जिला प्रशासन की निरस्त ##शाहजहांपुर। शहर की पुरानी परंपरा और मनोरंजन का केंद्र रही 'नुमाइश' इस बार विवादों के घेरे में आ गई है। स्थान परिवर्तन को लेकर उठे विरोध के बाद जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए नुमाइश की अनुमति को फिलहाल निरस्त कर दिया है। इस निर्णय से आयोजन पर अनिश्चितता के बादल मंडराने लगे हैं। ##स्थान परिवर्तन विरोध का मुख्य कारण बना। वर्षों से नुमाइश का आयोजन ओसीएफ रामलीला मैदान (खिरनीबाग) में होता आ रहा है। लेकिन इस वर्ष आयोजकों द्वारा इसे ईदगाह स्थित मैदान में लगाने की तैयारी की जा रही थी। इसी बदलाव को लेकर स्थानीय नेता और समाजसेवी हिंदूवादी नेता राजेश अवस्थी ने आपत्ति दर्ज कराई थी। ##राजेश अवस्थी ने जिला प्रशासन को सौंपे ज्ञापन में कई गंभीर बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित किया। ##यातायात बाधित होना: उन्होंने तर्क दिया कि प्रस्तावित स्थल पर नुमाइश लगने से मुख्य रोड ब्लॉक हो जाएगा। जिससे आम जनता को आवागमन में भारी परेशानी होगी। ##अव्यवस्थाओं का हवाला: ज्ञापन में सुरक्षा और अव्यवस्थाओं का जिक्र करते हुए कहा गया कि मुस्लिम बस्ती के समीप नुमाइश लगाने से कानून व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण में समस्या आ सकती है। ##परंपरा का उल्लंघन: राजेश अवस्थी का मुख्य तर्क था कि जब दशकों से नुमाइश खिरनीबाग में लगती आ रही है, तो अचानक स्थान बदलने की क्या आवश्यकता पड़ी? ##नुमाइश जनता के मनोरंजन के लिए है, न कि उनके लिए मुसीबत खड़ी करने के लिए। गलत स्थान चयन से शहर की यातायात व्यवस्था ध्वस्त हो जाती।" — राजेश अवस्थी (सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए) ##ज्ञापन में उठाए गए बिंदुओं का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से नुमाइश की परमिशन को निरस्त कर दिया है। तेज इंडिया लाइव न्यूज चैनल
##हिंदूवादी नेता राजेश अवस्थी के विरोध और अफसरों के निरीक्षण के बाद ईदगाह में नुमाइश के आयोजन की अनुमति जिला प्रशासन की निरस्त ##शाहजहांपुर। शहर की पुरानी परंपरा और मनोरंजन का केंद्र रही 'नुमाइश' इस बार विवादों के घेरे में आ गई है। स्थान परिवर्तन को लेकर उठे विरोध के बाद जिला प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाते हुए नुमाइश की अनुमति को फिलहाल निरस्त कर दिया है। इस निर्णय से आयोजन पर अनिश्चितता के
बादल मंडराने लगे हैं। ##स्थान परिवर्तन विरोध का मुख्य कारण बना। वर्षों से नुमाइश का आयोजन ओसीएफ रामलीला मैदान (खिरनीबाग) में होता आ रहा है। लेकिन इस वर्ष आयोजकों द्वारा इसे ईदगाह स्थित मैदान में लगाने की तैयारी की जा रही थी। इसी बदलाव को लेकर स्थानीय नेता और समाजसेवी हिंदूवादी नेता राजेश अवस्थी ने आपत्ति दर्ज कराई थी। ##राजेश अवस्थी ने जिला प्रशासन को सौंपे ज्ञापन में कई गंभीर बिंदुओं पर ध्यान आकर्षित किया। ##यातायात
बाधित होना: उन्होंने तर्क दिया कि प्रस्तावित स्थल पर नुमाइश लगने से मुख्य रोड ब्लॉक हो जाएगा। जिससे आम जनता को आवागमन में भारी परेशानी होगी। ##अव्यवस्थाओं का हवाला: ज्ञापन में सुरक्षा और अव्यवस्थाओं का जिक्र करते हुए कहा गया कि मुस्लिम बस्ती के समीप नुमाइश लगाने से कानून व्यवस्था और भीड़ नियंत्रण में समस्या आ सकती है। ##परंपरा का उल्लंघन: राजेश अवस्थी का मुख्य तर्क था कि जब दशकों से नुमाइश खिरनीबाग में लगती
आ रही है, तो अचानक स्थान बदलने की क्या आवश्यकता पड़ी? ##नुमाइश जनता के मनोरंजन के लिए है, न कि उनके लिए मुसीबत खड़ी करने के लिए। गलत स्थान चयन से शहर की यातायात व्यवस्था ध्वस्त हो जाती।" — राजेश अवस्थी (सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए) ##ज्ञापन में उठाए गए बिंदुओं का संज्ञान लेते हुए जिला प्रशासन ने तत्काल प्रभाव से नुमाइश की परमिशन को निरस्त कर दिया है। तेज इंडिया लाइव न्यूज चैनल
- Post by विवेक मिश्र1
- विक्रमपुर चकौरा में गाय घायल होने पर बवाल, भाला मारने और कील लगने के दावों से मामला गरमाया1
- Post by पत्रकार रिज़वान खान शाहजहाँपुर1
- Post by User50284
- शाहजहांपुर। सांसद अरुण सागर के परिवार को जातिसूचक गालियां देने व धमकाने के विरोध में अनुसूचित जाति-जनजाति महासंघ ने जुलूस निकालकर कलक्ट्रेट में सांकेतिक प्रदर्शन किया। इसके बाद प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन नगर मजिस्ट्रेट को दिया।1
- Post by Dharmendra kumar mishra1
- Post by Ashish Awasthi Ljp R प्रदेश सच5
- Post by User50284