बूंदी जिले के नमाना क्षेत्र के हरिपुरा गांव में गुरुवार को करीब 400 वर्ष पुरानी अकाल-सुकाल परंपरा का आयोजन पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस विशेष अनुष्ठान में लगभग 40 गांवों से आए हजारों ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों का दृढ़ विश्वास है कि इस परंपरा के माध्यम से वर्षा और खेती की स्थिति के शुभ-अशुभ संकेत मिलते हैं। अनुष्ठान के दौरान रघुनाथ जी मंदिर में रथ यात्रा निकाली गई और वैदिक विधि-विधान से हवन व पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद दो किशोरों को अकाल और सुकाल का प्रतीक बनाकर अनुष्ठान कराया गया। करीब 45 मिनट तक चले इस आयोजन के बाद सुकाल की तणी लकड़ी की रॉड पर आकर रुक गई, जिसे ग्रामीणों ने इस वर्ष अच्छी बारिश और बेहतर कृषि उत्पादन का शुभ संकेत माना है। ग्रामीण किसान इसी संकेत के आधार पर अपने खेतों के लिए रणनीति बनाते हैं। इसके अलावा, कई लोग इसे प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य कार्यों के लिए भी शुभ संकेत मान रहे हैं। मंदिर के पुजारी छितर लाल बैरागी ने बताया कि वर्ष 2025 में अकाल की तणी चढ़ी थी, जिसके बाद क्षेत्र में अत्यधिक वर्षा होने से कई खेतों को नुकसान पहुंचा था। इस कारण ग्रामीणों का इस परंपरा पर विश्वास और अधिक मजबूत हुआ है। इस आयोजन के दौरान शम्भुलाल सेन, हरिहर मीणा, दुलाल मीणा, सुरेश मीणा, भंवरलाल मीणा, किशनलाल मीणा, चौथमल शर्मा, उदयलाल मीणा, लटूरलाल मीणा, मुकुट बिहारी मीणा, विष्णु शर्मा, ओमप्रकाश मीणा और दौलतराम मीणा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
बूंदी जिले के नमाना क्षेत्र के हरिपुरा गांव में गुरुवार को करीब 400 वर्ष पुरानी अकाल-सुकाल परंपरा का आयोजन पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस विशेष अनुष्ठान में लगभग 40 गांवों से आए हजारों ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों का दृढ़ विश्वास है कि इस परंपरा के माध्यम से वर्षा और खेती की स्थिति के शुभ-अशुभ संकेत मिलते हैं। अनुष्ठान के दौरान रघुनाथ जी मंदिर में रथ यात्रा निकाली गई और वैदिक विधि-विधान से हवन व पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद दो किशोरों को अकाल और सुकाल का प्रतीक बनाकर अनुष्ठान कराया गया। करीब 45 मिनट तक चले इस आयोजन के बाद सुकाल की तणी लकड़ी की रॉड पर आकर रुक गई, जिसे ग्रामीणों ने इस वर्ष अच्छी बारिश और बेहतर कृषि उत्पादन का शुभ संकेत माना है। ग्रामीण किसान इसी संकेत के आधार पर अपने खेतों के लिए रणनीति बनाते हैं। इसके अलावा, कई लोग इसे प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य कार्यों के लिए भी शुभ संकेत मान रहे हैं। मंदिर के पुजारी छितर लाल बैरागी ने बताया कि वर्ष 2025 में अकाल की तणी चढ़ी थी, जिसके बाद क्षेत्र में अत्यधिक वर्षा होने से कई खेतों को नुकसान पहुंचा था। इस कारण ग्रामीणों का इस परंपरा पर विश्वास और अधिक मजबूत हुआ है। इस आयोजन के दौरान शम्भुलाल सेन, हरिहर मीणा, दुलाल मीणा, सुरेश मीणा, भंवरलाल मीणा, किशनलाल मीणा, चौथमल शर्मा, उदयलाल मीणा, लटूरलाल मीणा, मुकुट बिहारी मीणा, विष्णु शर्मा, ओमप्रकाश मीणा और दौलतराम मीणा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
- बूंदी जिले के नमाना क्षेत्र के हरिपुरा गांव में गुरुवार को करीब 400 वर्ष पुरानी अकाल-सुकाल परंपरा का आयोजन पूरी श्रद्धा और उत्साह के साथ संपन्न हुआ। इस विशेष अनुष्ठान में लगभग 40 गांवों से आए हजारों ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों का दृढ़ विश्वास है कि इस परंपरा के माध्यम से वर्षा और खेती की स्थिति के शुभ-अशुभ संकेत मिलते हैं। अनुष्ठान के दौरान रघुनाथ जी मंदिर में रथ यात्रा निकाली गई और वैदिक विधि-विधान से हवन व पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद दो किशोरों को अकाल और सुकाल का प्रतीक बनाकर अनुष्ठान कराया गया। करीब 45 मिनट तक चले इस आयोजन के बाद सुकाल की तणी लकड़ी की रॉड पर आकर रुक गई, जिसे ग्रामीणों ने इस वर्ष अच्छी बारिश और बेहतर कृषि उत्पादन का शुभ संकेत माना है। ग्रामीण किसान इसी संकेत के आधार पर अपने खेतों के लिए रणनीति बनाते हैं। इसके अलावा, कई लोग इसे प्रतियोगी परीक्षाओं और अन्य कार्यों के लिए भी शुभ संकेत मान रहे हैं। मंदिर के पुजारी छितर लाल बैरागी ने बताया कि वर्ष 2025 में अकाल की तणी चढ़ी थी, जिसके बाद क्षेत्र में अत्यधिक वर्षा होने से कई खेतों को नुकसान पहुंचा था। इस कारण ग्रामीणों का इस परंपरा पर विश्वास और अधिक मजबूत हुआ है। इस आयोजन के दौरान शम्भुलाल सेन, हरिहर मीणा, दुलाल मीणा, सुरेश मीणा, भंवरलाल मीणा, किशनलाल मीणा, चौथमल शर्मा, उदयलाल मीणा, लटूरलाल मीणा, मुकुट बिहारी मीणा, विष्णु शर्मा, ओमप्रकाश मीणा और दौलतराम मीणा सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।1
- नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) ने NEET-UG 2026 का परिणाम घोषित कर दिया है, जिसमें राजस्थान के विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए देशभर में अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाया है। जयपुर के उपलक्ष्य गोयल ने ऑल इंडिया तीसरी रैंक हासिल की है, जबकि अलवर के गौरव सिंह नौवीं रैंक के साथ प्रदेश का नाम रोशन करने में कामयाब रहे। अलवर के ही दो सगे भाइयों यशवर्धन और चिराग यादव ने भी एक साथ नीट परीक्षा उत्तीर्ण की है, जिसमें यशवर्धन को ऑल इंडिया 146वीं और चिराग यादव को 1096वीं रैंक मिली है। देश स्तर पर पंजाब के आर्यन गुप्ता और हरियाणा के पांशुल बंसल ने 720 में से 715 अंक प्राप्त कर संयुक्त रूप से शीर्ष स्थान हासिल किया है, जबकि कोटा में रहकर तैयारी करने वाले बिहार के आयुष बालोटिया ने ऑल इंडिया चौथी रैंक प्राप्त की है। परिणाम घोषित होते ही कोटा की कोचिंग नगरी में जश्न का माहौल बन गया, जहाँ विभिन्न कोचिंग संस्थाओं में छात्रों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर, डांस कर और पटाखे फोड़कर अपनी सफलता का जश्न मनाया। इस वर्ष मेडिकल, डेंटल, आयुष एवं अन्य मेडिकल पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 11.21 लाख से अधिक अभ्यर्थी पात्र घोषित हुए हैं, जबकि लगभग 10 लाख अभ्यर्थी निर्धारित कटऑफ तक नहीं पहुंच सके। इस बार सामान्य वर्ग की कटऑफ पिछले वर्ष की तुलना में 69 अंक अधिक होकर 213 अंक रही है। शिक्षा विशेषज्ञ के अनुसार, इस बार का प्रश्नपत्र अपेक्षाकृत कठिन था, जिसके बावजूद विद्यार्थियों का प्रदर्शन उत्कृष्ट रहा। विशेष बात यह रही कि इस वर्ष कोई भी अभ्यर्थी 720 का पूर्णांक हासिल नहीं कर सका और देश का सर्वोच्च स्कोर 715 अंक ही रहा।1
- कोटा के लाडपुरा में एलन परिवार के प्रत्येक सदस्य को NEET 2026 के शानदार परिणाम पर हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ दी गई हैं। इस गौरवशाली सफलता को पूरी टीम की प्रतिबद्धता, कड़े समर्पण और विद्यार्थियों एवं अभिभावकों के अटूट विश्वास का परिणाम बताया गया है। इस विशेष अवसर पर एलन के स्ट्रैटेजिक पार्टनर बोधि ट्री की ओर से श्री उदय शंकर जी और श्री प्रतीक गर्ग जी ने भी पूरी एलन टीम को अपनी हार्दिक शुभकामनाएँ भेजी हैं और सभी के उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। इसके साथ ही, एलन के सीईओ श्री नितिन कुकरेजा ने पूरे एलन मैनेजमेंट की ओर से बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स के नेतृत्व पर अपना पूरा विश्वास व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि पूरी टीम विद्यार्थियों की सर्वोत्तम देखभाल (Student Care) और उत्कृष्ट परिणाम सुनिश्चित करने के संकल्प के साथ पूर्ण समर्पण से कार्य कर रही है। सीईओ ने पूरा भरोसा जताया कि इसी टीम भावना, उत्कृष्टता और लगातार नवाचार के बल पर एलन भविष्य में भी सफलता के नए कीर्तिमान लगातार स्थापित करता रहेगा। सभी से इसी उत्साह, समर्पण और टीम भावना के साथ मिलकर विद्यार्थियों के सपनों को साकार करने के संकल्प को निरंतर आगे बढ़ाने का आह्वान किया गया है।2
- कोटा में विश्व सर्प संरक्षण दिवस के अवसर पर सर्प संरक्षण और रेस्क्यू के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर रहे डॉ. विनीत महोबिया से विशेष बातचीत की गई। इस दौरान डॉ. महोबिया ने बताया कि सांप प्रकृति के संतुलन को बनाए रखने में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और इनके प्रति लोगों में फैली भ्रांतियों को दूर करना समय की बड़ी आवश्यकता है। उन्होंने बताया कि वर्ष 2004 में उनके पिता डॉ. विनोद महोबिया ने कोटा में सर्प संरक्षण और रेस्क्यू अभियान की शुरुआत की थी। वर्षों की मेहनत, जनजागरूकता और वन विभाग के सहयोग से आज कोटा में भारत का पहला स्टैंडअलोन स्नेक पार्क स्थापित हो चुका है, जो देशभर के लिए एक प्रेरणादायक मॉडल बन गया है। डॉ. विनीत महोबिया ने आम लोगों से अपील की है कि सांपों को देखकर घबराने या उन्हें मारने के बजाय तुरंत प्रशिक्षित रेस्क्यू टीम को सूचना दी जानी चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अधिकांश सांप विषैले नहीं होते और वे मानव पर तभी हमला करते हैं जब उन्हें खुद पर खतरा महसूस होता है। उन्होंने सभी से वन्यजीवों के संरक्षण में अपनी जिम्मेदारी निभाने और प्रकृति के इस महत्वपूर्ण जीव की रक्षा में सहयोग करने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि विश्व सर्प संरक्षण दिवस केवल जागरूकता का दिन नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण के प्रति हमारी जिम्मेदारी का भी संदेश देता है।1
- कोटा के डीसीएम रोड स्थित बॉम्बे योजना की लुहारों की बस्ती में एक रूई के गोदाम में अचानक आग लग गई। घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची दमकल विभाग की तीन गाड़ियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस आग हादसे में गोदाम में रखी रूई और घरेलू सामान जलकर नष्ट हो गया। हालांकि, समय रहते आग बुझने से एक बड़ा हादसा होने से टल गया। फिलहाल आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।1
- सीजेपी के फाउंडर अभिजीत दीपके के भारत आने पर उन्होंने सबसे पहले सीपीआईएम नेता वृंदा करात और लेफ्ट के दूसरे नेताओं से फोन पर बात कर समर्थन मांगा था। तबसे लेफ्ट की स्टूडेंट यूनियनें लगातार जंतर-मंतर पर धरना प्रदर्शन कर रही हैं और वहां जो भी भीड़ नजर आ रही है, वो इन्हीं की वजह से है। स्थिति यह है कि अगर ये लोग आज वहां से चले जाएं तो वहां 10 लोग भी नजर नहीं आएंगे। इसके बावजूद सीजेपी इनके साथ मंच साझा नहीं कर रही है, जिससे यह समझना मुश्किल नहीं है कि इसके पीछे किसका मकसद हल हो रहा है। उधर, सरकार सोनम वांगचुक को दूसरा अन्ना बनाने की कोशिश में लगी है, लेकिन ऐसा होगा नहीं क्योंकि सोनम हर बड़े मुद्दे पर सरकार के साथ खड़े थे। इस बीच सोनम वांगचुक ने कहा है कि वह 20 जुलाई को संसद मार्च करेंगे और अगर यह मार्च सफल नहीं हुआ तो वह भूत बनकर वापस आएंगे।1
- कोटा के जेके लोन अस्पताल में सिजेरियन डिलीवरी के बाद एक महिला की तबीयत गंभीर रूप से बिगड़ गई है। परिजनों के अनुसार, ऑपरेशन के बाद महिला के टांके बार-बार खुलते रहे, जिसके चलते डॉक्टरों को उसकी बच्चेदानी निकालनी पड़ी। इस गंभीर स्थिति के बाद अब पीड़ित महिला को यूरिन बंद होने जैसी एक और गंभीर समस्या का सामना करना पड़ रहा है।1
- कोटा के डीसीएम रोड स्थित बॉम्बे योजना की लुहारों की बस्ती में शुक्रवार को एक रूई के गोदाम में अचानक भीषण आग लग गई, जिससे आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। हादसे की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की तीन गाड़ियां तुरंत मौके पर पहुंचीं और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। इस आग की चपेट में आने से गोदाम में रखी पूरी रूई और घरेलू सामान जलकर नष्ट हो गया। हादसे के समय मौके पर स्थानीय लोग और प्रशासनिक टीम भी मौजूद रही। समय रहते आग पर नियंत्रण पा लिए जाने से एक बड़ा हादसा टल गया। फिलहाल प्रशासन द्वारा आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है।1