Shuru
Apke Nagar Ki App…
जनसुराज से जुड़े प्रशांत किशोर ने बांकीपुर उपचुनाव 2026 में हार की तीन प्रमुख वजहें बताई हैं। यह उनके द्वारा इस विषय पर दी गई जानकारी का दूसरा भाग है।
Saroj kumar (pk)
जनसुराज से जुड़े प्रशांत किशोर ने बांकीपुर उपचुनाव 2026 में हार की तीन प्रमुख वजहें बताई हैं। यह उनके द्वारा इस विषय पर दी गई जानकारी का दूसरा भाग है।
More news from बिहार and nearby areas
- जनसुराज से जुड़े प्रशांत किशोर ने बांकीपुर उपचुनाव 2026 में हार की तीन प्रमुख वजहें बताई हैं। यह उनके द्वारा इस विषय पर दी गई जानकारी का दूसरा भाग है।1
- भरत तिवारी एनकाउंटर मामले को लेकर एक अहम जानकारी सामने आई है। इस मामले में एक पूर्व डीजीपी ने सवाल उठाए हैं।1
- Post by Munchun Kumar1
- लोहार समुदाय के लिए आरक्षण का प्रावधान पुराना है और यह कोई नया विषय नहीं है। यह पूरा मामला सिर्फ 'Lohara' शब्द के हिंदी सुधार से संबंधित है।1
- भोजपुर जिले के आरा सदर प्रखंड अंतर्गत बारा-बसंतपुर गांव में परम पूज्य जीयर स्वामी जी महाराज के सान्निध्य में श्री सूर्यनारायण प्राण प्रतिष्ठात्मक सूर्य महायज्ञ का शुभारंभ शनिवार को किया गया। यह धार्मिक आयोजन भव्य जलयात्रा और वरुण पूजन के साथ प्रारंभ हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भाग लेकर पूजा-अर्चना की और क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की। आयोजन समिति के अनुसार, यह महायज्ञ 27 जून से 3 जुलाई 2026 तक चलेगा। इस दौरान प्रतिदिन वैदिक रीति-रिवाजों के साथ विभिन्न अनुष्ठान संपन्न होंगे, जिनमें मंडप पूजन, हवन, अरणी मंथन, जलाधिवास, अन्नाधिवास, पुष्पाधिवास, महास्नान, नगर भ्रमण, प्राण प्रतिष्ठा, गंगा आरती और हवन पूर्णाहुति शामिल हैं। महायज्ञ के महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में 1 जुलाई को भगवान श्री सूर्यनारायण की प्राण प्रतिष्ठा तथा संध्या में भव्य गंगा आरती का आयोजन होगा। इसके बाद, 3 जुलाई को हवन पूर्णाहुति, एक विशाल भंडारा और विदाई समारोह के साथ इस महायज्ञ का समापन किया जाएगा। इस महायज्ञ के यज्ञाचार्य पंडित ब्रह्मेश्वर मिश्रा (आरा) हैं। आयोजन समिति ने सभी श्रद्धालुओं से इस पुण्य अवसर पर अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर धर्म लाभ लेने तथा महायज्ञ में सहयोग करने की अपील की है। वर्तमान में पूरे क्षेत्र का वातावरण वैदिक मंत्रोच्चार, भजन-कीर्तन और श्रद्धालुओं की गहरी आस्था से भक्तिमय बना हुआ है।1
- रोहतास जिले में पंचायत विकास दिवस के मौके पर विभिन्न विभागों ने शराबबंदी के प्रति जन जागरूकता बढ़ाने और इससे संबंधित कई कार्यक्रम आयोजित किए। कला संस्कृति विभाग ने तीन पंचायतों में कला जत्था के माध्यम से महिलाओं को शराब की बुराइयों और इसके सेवन से संबंधित जागरूकता पर आधारित नाटक प्रस्तुत किए, जिसमें संबंधित गीत भी गाए गए। शिक्षकों ने मद्य निषेध नीति से संबंधित ज्ञान प्रदान किया। जीविका दीदियों ने भी प्रभात फेरी निकालकर लोगों को जागरूक करने का प्रयास किया। समाज कल्याण विभाग के अंतर्गत, आंगनवाड़ी सेविकाओं और सहायिकाओं ने रैलियां निकालीं और विचार गोष्ठियों का आयोजन किया। इन सेविकाओं व सहायिकाओं ने विशेष रूप से आदिवासी, दलित और महादलित टोलों में लोगों को शराब न पीने की शपथ दिलाई। कल्याण विभाग द्वारा भी आदिवासी, दलित और महादलित टोलों में प्रभात फेरी निकाली गई और व्यापक जन जागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान, शिक्षा विभाग ने संगीत कार्यक्रम प्रस्तुत कर आयोजन में सहभागिता की।4
- एक व्यक्ति की मुस्कराहट को देखकर यह विचार व्यक्त किया गया कि वे निश्चित रूप से कुछ सकारात्मक कार्य कर रहे हैं, जिससे उनके चेहरे पर खुशी झलक रही है।2
- स्टैट कमिटी गट्टन बिहार पटना आरा भोजपुर बिहार रणधीर ठाकुर1