Shuru
Apke Nagar Ki App…
विधायक कोठारी ने "गौ सम्मान आह्वान अभियान" से जुड़ने की अपील की
Dev karan Mali
विधायक कोठारी ने "गौ सम्मान आह्वान अभियान" से जुड़ने की अपील की
More news from राजस्थान and nearby areas
- Post by Dev karan Mali1
- काली कांकरा दरबार लादूवास सरकार भेरू जी महाराज बाव जी राज सरकार दरबार की जय हो1
- Post by Jalampura AC morcha adhyaks D.1
- आयुष हॉस्पिटल आकाशवाणी चौराहा गांधी नगर चितौड़गढ़ 83020835351
- Post by DS7NEWS NETWORK1
- चित्तौड़गढ़। जिले में बायपास स्थित धनेतकलां रोड के तिराहे पर निर्माणाधीन होमगार्ड परिसर को लेकर नगर परिषद और होमगार्ड विभाग आमने-सामने आ गए हैं। मामले ने अब तूल पकड़ लिया है, जिसके बाद जिला प्रशासन को हस्तक्षेप करना पड़ा है। नगर परिषद ने उक्त भूमि को अतिक्रमण बताते हुए शनिवार को कार्रवाई शुरू की, जबकि होमगार्ड विभाग का दावा है कि उन्हें वर्ष 2013 में करीब 1.56 हेक्टेयर भूमि विधिवत आवंटित की गई थी। विभाग के अनुसार प्रशासनिक अधिकारियों की उपस्थिति में सीमांकन भी किया गया था और उसी आधार पर निर्माण कार्य प्रारंभ किया गया। जानकारी के अनुसार, इस भूमि पर प्रशिक्षण केंद्र, कार्यालय और परेड ग्राउंड विकसित किए जाने की योजना थी। वर्ष 2021 में बजट स्वीकृत होने के बाद निर्माण कार्य शुरू हुआ और वर्तमान में भवन लगभग पूर्ण होने की स्थिति में है। इसी बीच नगर परिषद द्वारा अतिक्रमण का मामला उठाए जाने से विवाद गहरा गया है। विवाद उस समय और बढ़ गया जब नगर परिषद द्वारा मुख्य मार्ग के नाले को मलबा डालकर बंद करने के आरोप लगे। इससे जल निकासी बाधित हो गई और आसपास के क्षेत्र में जलभराव की स्थिति उत्पन्न हो गई, जिससे आमजन को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। होमगार्ड विभाग के अधिकारियों और जवानों का कहना है कि उन्होंने सभी प्रक्रियाओं का पालन करते हुए निर्माण कराया है। उनका यह भी दावा है कि आम रास्ते के लिए भूमि का एक हिस्सा छोड़ा गया है, इसके बावजूद अतिक्रमण के आरोप लगाए जा रहे हैं। विभाग ने इस कार्रवाई को संदेहास्पद बताते हुए इसके पीछे साजिश की आशंका भी जताई है। सूत्रों के अनुसार, मामले में राजनीतिक हस्तक्षेप की भी चर्चा है। बताया जा रहा है कि जनप्रतिनिधियों द्वारा अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए गए, जिससे विवाद और गहरा गया। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मौके पर पुलिस बल तैनात किया गया है। बड़ी संख्या में होमगार्ड जवान परिसर में एकत्र हैं और उन्होंने अपने अधिकार क्षेत्र में हस्तक्षेप होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जिला कलेक्टर डॉ. मंजू चौधरी ने हस्तक्षेप करते हुए जांच समिति गठित करने के निर्देश दिए हैं। यह समिति दोनों पक्षों के दस्तावेजों और दावों की विस्तृत जांच कर यह तय करेगी कि निर्माण कार्य वैध है या इसमें अतिक्रमण हुआ है। फिलहाल दोनों पक्ष अपने-अपने दावों पर कायम हैं, जिससे स्थिति स्पष्ट नहीं हो पा रही है। अब पूरे मामले की सच्चाई जांच रिपोर्ट आने के बाद ही सामने आ सकेगी।1
- चित्तौड़गढ़ मेवाड़ यूनिवर्सिटी मामले में NSUI का उग्र रुख, संजय राव ने प्रशासन और सरकार को लिया आड़े हाथ आज Mevar University से जुड़े लंबे समय से लंबित मामले को लेकर एनएसयूआई ने एक बार फिर आक्रामक रुख अपनाते हुए जिला प्रशासन को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान एनएसयूआई कार्यकारी जिलाध्यक्ष संजय राव ने प्रशासन और सरकार को आड़े हाथ लेते हुए जोरदार आवाज उठाई। उन्होंने कहा कि बार-बार ज्ञापन देने के बावजूद भी कोई ठोस कार्यवाही नहीं होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है और यह सीधे तौर पर छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। संजय राव ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि शीघ्र ही इस मामले में निष्पक्ष और सख्त कार्रवाई नहीं की गई तो एनएसयूआई उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होगी, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी। एनएसयूआई ने साफ कर दिया कि छात्र हितों से किसी भी प्रकार का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और संघर्ष लगातार जारी रहेगा। इस अवसर पर एनएसयूआई जिला उपाध्यक्ष शुभम शर्मा छात्र नेता महेश धनगर कृष्णा जाट भव्या चुंडावत और मेवाड़ यूनिवर्सिटी के छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।1
- भीलवाड़ा = सांगानेर-तस्वारिया में 62 बीघा भूमि पर नवीन जिला न्यायालय परिसर के निर्माण हेतु सोमवार को विधिवत भूमि पूजन किया गया। समारोह में राजस्थान उच्च न्यायालय के कार्यवाहक मुख्य न्यायाधिपति संजीव प्रकाश शर्मा ने कहा कि आमजन को त्वरित और प्रभावी न्याय दिलाने के लिए न्यायिक प्रक्रिया में आधुनिक तकनीकों को अपनाना आवश्यक है, लेकिन उनका उपयोग व्यावहारिक और परिणामोन्मुख होना चाहिए। उन्होंने ई-कोर्ट, डिजिटल फाइलिंग, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और ऑनलाइन सेवाओं को न्याय प्रणाली को अधिक सुलभ, पारदर्शी और प्रभावी बनाने के महत्वपूर्ण साधन बताया। साथ ही नए न्यायालय परिसर में पर्याप्त कोर्ट रूम, अधिवक्ताओं के चैंबर, डिजिटल रिकॉर्ड प्रबंधन, पुस्तकालय, प्रतीक्षालय और पार्किंग जैसी सुविधाएं विकसित करने पर जोर दिया। इस अवसर पर जिला अभिभाषक संस्था, भीलवाड़ा की वर्ष 2026 की नवनिर्वाचित कार्यकारिणी का शपथ ग्रहण समारोह भी आयोजित हुआ। अध्यक्ष उम्मेद सिंह राठौड़, उपाध्यक्ष महिपाल सिंह राणावत, महासचिव पंकज दाधीच सहित अन्य पदाधिकारियों ने पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री दिया कुमारी ने कहा कि यह भूमि पूजन केवल निर्माण कार्य की शुरुआत नहीं, बल्कि न्याय के सुदृढ़ और सशक्त भविष्य की नींव है। उन्होंने कहा कि सुलभ और प्रभावी न्याय व्यवस्था ही लोकतंत्र की आधारशिला है। न्यायाधिपति डॉ. पुष्पेंद्र सिंह भाटी ने न्यायिक क्षेत्र में महिलाओं की बढ़ती भागीदारी को सकारात्मक बताया, वहीं न्यायाधिपति फरजंद अली ने युवा अधिवक्ताओं को निरंतर अध्ययन और परिश्रम के लिए प्रेरित किया। न्यायाधिपति प्रवीर भटनागर ने नवकार्यकारिणी को बधाई देते हुए अधिवक्ताओं को न्याय का सशक्त प्रहरी बताया। जिला एवं सत्र न्यायाधीश अभय जैन ने कहा कि 62 बीघा भूमि का आवंटन न्यायिक अवसंरचना को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जिससे वर्तमान में स्थानाभाव की समस्या दूर होगी और न्यायिक कार्यप्रणाली में सुधार आएगा। गौरतलब है कि वर्तमान जिला एवं सत्र न्यायालय वर्ष 1948 से संचालित हो रहा है और स्थान की कमी के चलते कई अदालतें परिसर से बाहर संचालित हो रही हैं। कार्यक्रम में शहर विधायक अशोक कोठारी, मांडल विधायक उदयलाल भड़ाना, सहाड़ा विधायक लादूलाल पितलिया, शाहपुरा विधायक लालाराम बैरवा, जिला कलेक्टर जसमीत सिंह संधू, पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र यादव सहित अनेक जनप्रतिनिधि, न्यायिक अधिकारी, अधिवक्ता और गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन प्रियंका पुरोहित और अशोक व्यास ने किया।4