गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे। गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे गाजीपुर जिला कारागार में शुक्रवार को रक्षाबंधन का पर्व भावुक और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाया गया। जेल प्रशासन की विशेष व्यवस्था के बीच 452 बहनों ने जेल में निरुद्ध अपने भाई-बहनों से मुलाकात की। इसके अलावा 107 बच्चे और 2 पुरुष मुलाकाती भी अपने परिजनों से मिलने जिला कारागार पहुंचे। सुबह से ही जेल प्रशासन ने मुख्य गेट पर मुलाकातियों के लिए टेंट लगाकर छाया, पानी और मिष्ठान की व्यवस्था की थी। जेल पहुंची बहनों ने अपने निरुद्ध भाइयों से मुलाकात कर रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इस दौरान कई परिवारों में लंबे समय बाद हुई मुलाकात के चलते माहौल भावुक हो गया। जेल प्रशासन की ओर से मुलाकात और पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे। जेल अधीक्षक जगदंबा प्रसाद दुबे, जेलर शेषनाथ यादव, उपकारापाल राजेश कुमार और रविंद्र सिंह समेत शिक्षा अध्यापक धर्मेंद्र श्रीवास्तव, अभय मौर्य और हेड बॉर्डर बंदी रक्षकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। रक्षाबंधन के इस आयोजन ने जेल की चारदीवारी के बीच भी भाई-बहन के रिश्ते की भावनाओं और पारिवारिक जुड़ाव को खास बना दिया।
गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे। गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे गाजीपुर जिला कारागार में शुक्रवार को रक्षाबंधन का पर्व भावुक और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाया गया। जेल प्रशासन की विशेष व्यवस्था के बीच 452 बहनों ने जेल में निरुद्ध अपने भाई-बहनों से मुलाकात की। इसके अलावा 107 बच्चे और 2 पुरुष मुलाकाती भी अपने परिजनों से मिलने जिला कारागार पहुंचे। सुबह से ही जेल प्रशासन ने मुख्य गेट पर मुलाकातियों के लिए टेंट लगाकर छाया, पानी और मिष्ठान की व्यवस्था की थी। जेल पहुंची बहनों ने अपने निरुद्ध भाइयों से मुलाकात कर रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इस दौरान कई परिवारों में लंबे समय बाद हुई मुलाकात के चलते माहौल भावुक हो गया। जेल प्रशासन की ओर से मुलाकात और पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे। जेल अधीक्षक जगदंबा प्रसाद दुबे, जेलर शेषनाथ यादव, उपकारापाल राजेश कुमार और रविंद्र सिंह समेत शिक्षा अध्यापक धर्मेंद्र श्रीवास्तव, अभय मौर्य और हेड बॉर्डर बंदी रक्षकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। रक्षाबंधन के इस आयोजन ने जेल की चारदीवारी के बीच भी भाई-बहन के रिश्ते की भावनाओं और पारिवारिक जुड़ाव को खास बना दिया।
- गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे। गाजीपुर जेल में रक्षाबंधन: 452 बहनों ने भाइयों से की मुलाकात, 107 बच्चे भी पहुंचे गाजीपुर जिला कारागार में शुक्रवार को रक्षाबंधन का पर्व भावुक और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाया गया। जेल प्रशासन की विशेष व्यवस्था के बीच 452 बहनों ने जेल में निरुद्ध अपने भाई-बहनों से मुलाकात की। इसके अलावा 107 बच्चे और 2 पुरुष मुलाकाती भी अपने परिजनों से मिलने जिला कारागार पहुंचे। सुबह से ही जेल प्रशासन ने मुख्य गेट पर मुलाकातियों के लिए टेंट लगाकर छाया, पानी और मिष्ठान की व्यवस्था की थी। जेल पहुंची बहनों ने अपने निरुद्ध भाइयों से मुलाकात कर रक्षाबंधन का पर्व मनाया। इस दौरान कई परिवारों में लंबे समय बाद हुई मुलाकात के चलते माहौल भावुक हो गया। जेल प्रशासन की ओर से मुलाकात और पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए विशेष इंतजाम किए गए थे। जेल अधीक्षक जगदंबा प्रसाद दुबे, जेलर शेषनाथ यादव, उपकारापाल राजेश कुमार और रविंद्र सिंह समेत शिक्षा अध्यापक धर्मेंद्र श्रीवास्तव, अभय मौर्य और हेड बॉर्डर बंदी रक्षकों ने व्यवस्थाओं में सहयोग किया। रक्षाबंधन के इस आयोजन ने जेल की चारदीवारी के बीच भी भाई-बहन के रिश्ते की भावनाओं और पारिवारिक जुड़ाव को खास बना दिया।1
- बिजली खराब होने पर बिजली वाले 300 रू बनाने का रिश्वत लिया1
- श्रावण पूर्णिमा पर शतचंडी के मंत्र और स्वाहाकार से गूंज उठा महालक्ष्मी शक्तिपीठ श्रावण पूर्णिमा पर 18वें शतचंडी महानुष्ठान की पूर्णाहुति, कन्या पूजन के बाद हुआ भव्य भंडारा मऊ। “या देवी सर्वभूतेषु मातृरूपेण संस्थिता, नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः” के मंत्रोच्चार और पूर्णाहुति के स्वाहाकार से शुक्रवार को कोल्हापुर स्थित प्रसिद्ध महालक्ष्मी शक्तिपीठ मंदिर परिसर गूंज उठा। काशी के प्रकांड वैदिक विद्वानों के आचार्यत्व में पिछले 10 दिनों से चल रहे 18वें शतचंडी महानुष्ठान का विधिवत समापन श्रावण पूर्णिमा के अवसर पर मंदिर परिसर स्थित रंकभैरव मंदिर में पूर्णाहुति यज्ञ के साथ हुआ। 51 शक्तिपीठों पर शतचंडी महानुष्ठान संपन्न कराने के संकल्प के क्रम में इस वर्ष महाराष्ट्र के कोल्हापुर स्थित प्रख्यात महालक्ष्मी शक्तिपीठ में 18वां अनुष्ठान आयोजित किया गया। शतचंडी अनुष्ठान भक्त मंडल मऊ के प्रमुख एवं जायसवाल समाज सेवा समिति के अध्यक्ष लालबहादुर जायसवाल के नेतृत्व में आयोजित इस अनुष्ठान में मऊ, बलिया, गाजीपुर सहित विभिन्न जनपदों से पहुंचे सैकड़ों श्रद्धालुओं ने सपरिवार 10 दिनों तक प्रवास कर धार्मिक अनुष्ठान में सहभागिता की। काशी के प्रकांड वैदिक विद्वान आचार्य मथुरा प्रसाद शुक्ल के आचार्यत्व में काशी से आए 12 वैदिक विद्वानों ने विधि-विधान से शतचंडी अनुष्ठान संपन्न कराया। इनमें सुनील जी महाराज, रामावतार जी, रवि जी, अंकित जी, जितेंद्र मिश्र, दिनेश जी, रामनारायण पाठक जी सहित अन्य वैदिक विद्वान शामिल रहे। अनुष्ठान के दौरान प्रतिदिन प्रातः गणेश पूजन, वास्तु पूजन, क्षेत्रपाल पूजन, नवग्रह पूजन आदि के पश्चात मां दुर्गा का पूजन एवं शतचंडी पाठ किया जाता रहा। सायंकाल भजन, प्रवचन एवं सत्संग के बाद मां अंबे की आरती संपन्न होती थी। लगातार 10 दिनों तक चले इस धार्मिक आयोजन के उपरांत शुक्रवार को विधि-विधान से पूर्णाहुति यज्ञ संपन्न हुआ। पूर्णाहुति के बाद कन्या पूजन एवं भव्य भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने प्रसाद ग्रहण किया। महालक्ष्मी मंदिर के कार्यालय प्रमुख सागर जी ने पूजन, दर्शन एवं अनुष्ठान की व्यवस्थाओं में विशेष सहयोग प्रदान किया। वहीं कोलकाता से आए अंकिता एवं अमित जी द्वारा पूरे 10 दिनों तक फलाहार एवं प्रसाद-भोजन की व्यवस्था की गई। अनुष्ठान को सफल बनाने में राजन जायसवाल, राजेश राय, हरीलाल जायसवाल, प्रवीण जायसवाल, शशिदेव जायसवाल, संतोष जायसवाल, प्रदीप जायसवाल, विक्रांत, ऋतिक, राजू जायसवाल, लालचंद गुप्ता, अशोक सिंह, चंदन, अमित, अखिलेश जायसवाल, डॉ. सुरेश गुप्ता, सुरेश चौरसिया, राजेश जायसवाल, रामेश्वर प्रसाद, श्रीराम, रामलखन, अखिलेश, दुर्गा जायसवाल, वंदना, सुनीता, मुन्नी देवी, कांति देवी एवं बेबी सहित श्रद्धालुओं ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। श्रद्धालुओं ने मां महालक्ष्मी से समस्त समाज, क्षेत्र एवं देश की सुख-समृद्धि, शांति और मंगल की कामना की।1
- नगर पालिका के E O ने सुने मुनव्वर मुर्गा का बात खत्म कराया चक्का जाम1
- नदी में डूबे युवक का 24 घंटे बाद भी नहीं मिला सुराग, पीएसी टीम ने शुरू किया सर्च अभियान धीना। थाना क्षेत्र के रैथा गांव में बृहस्पतिवार शाम करीब तीन बजे शौच के लिए अगहर वीर बहुरिया नदी के किनारे गए युवक सुनील राम (28) का पैर फिसल गया और वह नदी की बीच धारा में चला गया। घटना के 24 घंटे से अधिक समय बीत जाने के बाद भी उसका कोई सुराग नहीं मिल सका है। घटना के बाद से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। जानकारी के अनुसार, सुनील राम शौच के लिए नदी के पास गया था। इसी दौरान पैर फिसलने से वह गहरे पानी और तेज धारा में चला गया। घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीणों ने नदी में उसकी तलाश शुरू कर दी। पुलिस को सूचना मिलने पर पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और खोजबीन शुरू कराई। शुक्रवार सुबह सात बजे से पीएसी की 36वीं वाहिनी रामनगर की आठ सदस्यीय टीम नदी में सर्च अभियान चला रही है। टीम में एक एसआई, एक हेड कांस्टेबल और छह कांस्टेबल शामिल हैं। पुलिस जवान ग्रामीणों की मदद से नदी के किनारे और आसपास के हिस्सों में लगातार युवक की तलाश कर रहे हैं। मौके पर तहसीलदार अनुराग कुमार सिंह, क्षेत्रीय लेखपाल रविशंकर राय तथा ग्राम प्रधान प्रतिनिधि दिलशेर अहमद सहित कई लोग पहुंचे। इस दुख की घड़ी में ग्रामीण परिजनों को ढांढस बंधाते हुए उनके साथ खड़े हैं। थाना प्रभारी दिलीप कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस और पीएसी के जवान ग्रामीणों की मदद से नदी के किनारे लगातार खोजबीन कर रहे हैं। युवक की तलाश के लिए हरसंभव प्रयास किया जा रहा है। तहसीलदार अनुराग कुमार सिंह ने बताया कि यदि युवक का शव बरामद हो जाता है तो नियमानुसार पोस्टमार्टम कराया जाएगा। उन्होंने बताया कि मृतक के परिजनों को आपदा राहत के तहत चार लाख रुपये तथा कृषक दुर्घटना बीमा के तहत एक लाख रुपये की सहायता दिलाने की प्रक्रिया की जाएगी।2
- रसड़ा स्थित मुस्कान हॉस्पिटल में संदिग्ध परिस्थितियों में नवजात बच्चे की मौत। नगरा थाना क्षेत्र निवासी परिवार के नवजात शिशु की रसड़ा स्थित मुस्कान हॉस्पिटल में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत। परिजनों ने डॉक्टर नीलम सिंह पर गलत इंजेक्शन लगाने, इलाज में घोर लापरवाही बरतने और मूल रूप से नर्स होने के बावजूद डॉक्टर बनकर इलाज करने का आरोप लगाया। परिजनों का आरोप है कि मृत शिशु के मुंह पर जबरन ऑक्सीजन मास्क लगाकर अस्पताल स्टाफ ने बकाया पैसों की वसूली की और डॉक्टर मौके से फरार हो गई। अन्य अस्पतालों में ले जाने पर डॉक्टरों ने जांच के बाद पुष्टि की कि शिशु की मौत 5 घंटे पहले ही हो चुकी थी। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंचे रसड़ा SHO ने पीड़ित परिवार को मामले की निष्पक्ष जांच और सख्त कानूनी कार्रवाई का आश्वासन दिया। #BalliaNews #Rasra #MedicalNegligence #BalliaPolice #HealthDepartmentUP1
- सकलडीहा के लेहरा मनेहार मे ड्रेन टूटने से धान की फसल बर्बाद, किसान नेता मणि देव चतुर्वेदी1
- गाजीपुर जिले के दिलदारनगर रेलवे स्टेशन पर बुधवार की रात करीब 8:35 बजे जियारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाई। गाजीपुर जिले के दिलदारनगर रेलवे स्टेशन पर बुधवार की रात करीब 8:35 बजे जियारत एक्सप्रेस को हरी झंडी दिखाने के बाद ट्रेनों के ठहराव को लेकर राजनीतिक श्रेय की सियासत भी सामने आ गई। गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी ने कहा कि रेलवे की बैठकों में क्षेत्रीय सांसद लगातार अपनी मांग रखते हैं। उन्होंने कहा- “मैं गूंगा, बहरा और अंधा थोड़ी हूं।” वहीं, बिहार के सांसद के प्रयास से ठहराव होने के दावे पर अफजाल ने कहा कि उन्हें इसका श्रेय नहीं लेना है, लेकिन अगर कोई अपने प्रयास का श्रेय लेना चाहता है तो वह उसका स्वागत करते हैं। इसके बाद JDU को सीधे जमानिया से चुनाव लड़ने की चुनौती देते हुए अफजाल ने कहा कि अगर बिहार के सांसद का प्रयास इतना ही प्रभावी है तो जदयू उत्तर प्रदेश में चुनाव लड़े और खासकर जमानिया विधानसभा सीट से मैदान में आए। उन्होंने कहा कि इसका भी स्वागत रहेगा।2