उत्तर प्रदेश के स्वार-टांडा स्थित अकबराबाद क्षेत्र में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार खनन पट्टे का संचालन शुरू हो गया है। खनन कार्य प्रारंभ होते ही इस क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है, जिसके साथ ही खनिज के परिवहन का सिलसिला भी तेज हो गया है। हालांकि, स्थानीय लोगों और राहगीरों ने यह भी बताया है कि खनन शुरू होने के साथ ही कई वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक सामग्री भरकर ले जाने के मामले सामने आने लगे हैं। एक ओर जहां खनन पट्टा चालू होने से क्षेत्र के लोगों में रोजगार मिलने की उम्मीद जगी है, वहीं दूसरी ओर ओवरलोड वाहनों के संचालन को लेकर लोगों ने गंभीर चिंता जताई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षमता से अधिक भार लेकर चलने वाले वाहन न केवल सड़क सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन सकते हैं, बल्कि इनसे सड़कों को भी भारी नुकसान पहुंचने की आशंका रहती है। नागरिकों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि ओवरलोडिंग पर प्रभावी निगरानी रखी जाए और निर्धारित नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। उनकी अपेक्षा है कि खनन कार्य नियमानुसार संचालित हो, ताकि रोजगार और राजस्व के लाभ के साथ-साथ सड़क सुरक्षा और कानून व्यवस्था भी सुचारु बनी रहे। फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
उत्तर प्रदेश के स्वार-टांडा स्थित अकबराबाद क्षेत्र में लंबे इंतजार के बाद आखिरकार खनन पट्टे का संचालन शुरू हो गया है। खनन कार्य प्रारंभ होते ही इस क्षेत्र में वाहनों की आवाजाही में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की गई है, जिसके साथ ही खनिज के परिवहन का सिलसिला भी तेज हो गया है। हालांकि, स्थानीय लोगों और राहगीरों ने यह भी बताया है कि खनन शुरू होने के साथ ही कई वाहनों में निर्धारित क्षमता से अधिक सामग्री भरकर ले जाने के मामले सामने आने लगे हैं। एक ओर जहां खनन पट्टा चालू होने से क्षेत्र के लोगों में रोजगार मिलने की उम्मीद जगी है, वहीं दूसरी ओर ओवरलोड वाहनों के संचालन को लेकर
लोगों ने गंभीर चिंता जताई है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षमता से अधिक भार लेकर चलने वाले वाहन न केवल सड़क सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बन सकते हैं, बल्कि इनसे सड़कों को भी भारी नुकसान पहुंचने की आशंका रहती है। नागरिकों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से मांग की है कि ओवरलोडिंग पर प्रभावी निगरानी रखी जाए और निर्धारित नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित कराया जाए। उनकी अपेक्षा है कि खनन कार्य नियमानुसार संचालित हो, ताकि रोजगार और राजस्व के लाभ के साथ-साथ सड़क सुरक्षा और कानून व्यवस्था भी सुचारु बनी रहे। फिलहाल, प्रशासन की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
- बरेली में 30 जून को प्रस्तावित वीवीआईपी दौरे को लेकर पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट मोड में है। इस महत्वपूर्ण दौरे की तैयारियों को अंतिम रूप देने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्वयं सभी कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण किया है। उन्होंने अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक भी की, जिसमें सुरक्षा व्यवस्था सहित सभी आवश्यक इंतजामों का गहनता से जायजा लिया गया।1
- कस्बा मीरगंज के मोहल्ला शिवपुरी स्थित पुरानी बाजार के प्राचीन शिव मंदिर में भारी बारिश के दौरान गंभीर जलभराव की समस्या बनी हुई है। मंदिर परिसर में पानी भर जाने के कारण श्रद्धालुओं को आने-जाने और पूजा-अर्चना करने में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। इसके अतिरिक्त, फिसलन के चलते कई बार श्रद्धालुओं के गिरकर चोटिल होने का खतरा बना रहता है, जिससे उनकी सुरक्षा पर सवाल उठते हैं। स्थानीय लोगों के अनुसार, कुछ समय पहले बिजली गिरने से मंदिर का त्रिशूल भी टेढ़ा हो गया था, जिसकी मरम्मत आज तक नहीं कराई गई है। इन प्रमुख समस्याओं के साथ-साथ, मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के लिए पेयजल (प्याऊ) की भी कोई व्यवस्था नहीं है, जिससे असुविधा और बढ़ जाती है। क्षेत्रवासियों ने शासन-प्रशासन से मांग की है कि मंदिर परिसर से जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान निकाला जाए, क्षतिग्रस्त त्रिशूल की शीघ्र मरम्मत कराई जाए और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए पेयजल सहित अन्य आवश्यक व्यवस्थाएं उपलब्ध कराई जाएं। इसका उद्देश्य यह है कि सभी श्रद्धालु सुरक्षित और सुगमता से दर्शन-पूजन कर सकें।1
- 45°C की भीषण गर्मी और तपती धूप के बीच एक वैज्ञानिक अपनी मांगों को लेकर अनशन पर बैठे हैं। यह घटना एक वीडियो के माध्यम से सामने आई है, जिसका उद्देश्य इस मुद्दे की जानकारी देना और जनता से इस विषय पर अपनी राय कमेंट्स में बताने का अनुरोध करना है। पोस्ट में वीडियो को पसंद करने, साझा करने और चैनल को सब्सक्राइब करने की अपील भी की गई है।1
- महान भारतीय स्वतंत्रता सेनानी और क्रांतिकारी मनिंद्रनाथ नायक का जन्म 30 जून 1897 को ब्रिटिश भारत के हुगली जिले के चंदननगर में हुआ था और उनका निधन 28 दिसंबर 1982 को हुआ। चंदननगर, पश्चिम बंगाल के मूल निवासी मनिंद्रनाथ अपने शहर के पहले विज्ञान स्नातक थे, जिन्होंने 1913 में स्कॉटिश चर्च कॉलेज से बी.एससी की डिग्री प्राप्त की थी। हालांकि, क्रांतिकारी गतिविधियों में उनकी संलिप्तता के कारण मिली पुलिस रिपोर्ट के कारण उन्हें प्रेसीडेंसी कॉलेज, कलकत्ता में एम.एससी में प्रवेश नहीं मिल पाया था। उनके पिता का नाम भूषण चंद्र नायक था। मनिंद्रनाथ छात्र जीवन से ही स्वतंत्रता आंदोलन में सक्रिय हो गए थे और वे रासबिहारी बोस के नेतृत्व वाले गुप्त क्रांतिकारी समूह के एक प्रमुख सदस्य थे। उन्होंने बम बनाने में विशेषज्ञता हासिल की और कई उन्नत किस्म के बम तैयार किए। 1912 में लाहौर और दिल्ली में वायसराय लॉर्ड हार्डिंग पर हुए हमले (दिल्ली षड्यंत्र) में उनके बनाए बमों का उपयोग किया गया था। यह ऐतिहासिक बम क्रांतिकारी बसंत कुमार विश्वास द्वारा फेंका गया था। देश की स्वतंत्रता के लिए अपना सर्वस्व न्यौछावर करने वाले इस गुमनाम नायक का योगदान भारत के स्वतंत्रता संग्राम में सदैव याद किया जाता है।1
- सकलैनी मस्जिद में सुन्नत-ए-रसूल के सिद्धांतों के अनुरूप एक निकाह अत्यंत सादगी के साथ संपन्न हुआ। इस समारोह में दहेज के तौर पर केवल छह मिट्टी के बर्तन दिए गए, जो इस विशेष आयोजन की सरलता और धार्मिक परंपरा के प्रति निष्ठा को दर्शाता है।1
- रामपुर में 'बेशर्म कार्ड' नामक स्थिति जिलाधिकारी पर भारी पड़ रही है। यह स्थिति सीधे तौर पर जिलाधिकारी को प्रभावित कर रही है।1
- उत्तराखंड के ऋषिकेश में एक पर्यावरण-अनुकूल रेस्टोरेंट 'वेस्ट टू बेस्ट' (कचरे से सर्वोत्तम) की अवधारणा को बढ़ावा दे रहा है। यह अनूठी पहल, जिसे संभवतः तुलसी रेस्टोरेंट चला रहा है, स्थिरता, पुनर्चक्रण और प्लास्टिक-मुक्त जीवन को प्रोत्साहित करती है। इसका उद्देश्य हरित जीवनशैली और पर्यावरणीय जागरूकता को बढ़ावा देना है, जिससे स्थानीय स्तर पर पर्यावरण संरक्षण के प्रति लोग प्रेरित हों।1
- मुरादाबाद के थाना मझोला क्षेत्र में पुलिस ने एक मुठभेड़ के दौरान 25 हजार रुपये के इनामी शातिर अपराधी को गिरफ्तार किया है। अभियुक्त की पहचान अंकित यदुवंशी पुत्र राजा सिंह, निवासी हरथला हिमगिरी कॉलोनी, थाना सिविल लाइन्स मुरादाबाद के रूप में हुई है, जिसे 27 जून 2026 को चेकिंग के दौरान पकड़ा गया। उसके कब्जे से एक अवैध देशी तमंचा .315 बोर, एक जिंदा और एक खोखा कारतूस, तथा एक बिना नंबर प्लेट की काले रंग की स्प्लेंडर प्लस मोटरसाइकिल बरामद की गई है। यह गिरफ्तारी 1 जून 2026 को हुई एक जानलेवा फायरिंग की घटना से जुड़ी है। थाना मझोला क्षेत्रान्तर्गत धनीराम पुत्र स्वर्गीय पंचमलाल के पुत्र विवेक और उसके साथी आर्यन चौधरी पर जान से मारने की नियत से तमंचे से फायरिंग की गई थी, जिसमें गोली लगने से विवेक घायल हो गया था। इस मामले में थाना मझोला में मुकदमा संख्या 538/2026, धारा-109(1), 191(2), 351(3) बीएनएस के तहत दर्ज किया गया था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मुरादाबाद के निर्देश पर वांछित अपराधियों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत, पुलिस अधीक्षक नगर के मार्गदर्शन और सहायक पुलिस अधीक्षक/क्षेत्राधिकारी सिविल लाइन्स के पर्यवेक्षण में थाना मझोला की टीम ने यह कार्रवाई की। गिरफ्तार अभियुक्त अंकित यदुवंशी का लंबा आपराधिक इतिहास है, जिसमें थाना मझोला में दर्ज 538/2026 के अलावा थाना मैनाठेर में 109/2025 तथा 2016 से 2024 तक विभिन्न थानों में 1200/2016, 131/2022, 806/2023, 588/2024 और 593/2024 जैसे मुकदमे शामिल हैं, जिनमें एससी/एसटी एक्ट और आयुध अधिनियम की धाराएं भी हैं। पुलिस ने यह भी बताया कि इस मामले में एक अन्य नामजद इनामी अभियुक्त को पहले भी मुठभेड़ में गिरफ्तार किया जा चुका है। पुलिस द्वारा गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ आगे की विधिक कार्यवाही की जा रही है।1
- जनपद मुरादाबाद में कुल 63 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास कार्यक्रम संपन्न हुआ। इन परियोजनाओं की कुल लागत ₹365 करोड़ से अधिक है।1