छात्रावासों में भोजन, स्वच्छता और स्वास्थ्य व्यवस्था पर एसडीएम ने दिए सख्त निर्देश सोहागपुर। संवाददाता:- शेख आरिफ। विद्यार्थियों से किया सीधा संवाद, कलमेशरा ITI में मशीनरी और प्रशिक्षण व्यवस्थाओं का लिया जायजा विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) सोहागपुर डॉ. बबिता राठौर ने मंगलवार को सोहागपुर स्थित अनुसूचित जाति बालक छात्रावास, अनुसूचित जाति बालिका छात्रावास तथा ग्राम कलमेशरा स्थित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। एसडीएम ने दोनों छात्रावासों में विद्यार्थियों से सीधे संवाद कर भोजन, साफ-सफाई, रहने की व्यवस्था और उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। विद्यार्थियों से उनकी समस्याएं भी जानीं और छात्रावास में मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता के बारे में फीडबैक लिया। उन्होंने छात्रावास अधीक्षकों को निर्देश दिए कि विद्यार्थियों को निर्धारित मापदंड के अनुसार गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाए। छात्रावास परिसर के साथ-साथ कमरों और शौचालयों में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों के बिस्तर एवं उपयोग किए जाने वाले कपड़ों की समय-समय पर धुलाई कराने तथा पूरे परिसर में स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण बनाए रखने के निर्देश भी दिए गए। स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी एसडीएम ने गंभीरता दिखाई। उन्होंने विद्यार्थियों के नियमित रूटीन हेल्थ चेकअप समय पर कराने तथा शासन के निर्देशों के अनुरूप स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन के साथ स्वास्थ्य और व्यक्तिगत स्वच्छता पर भी विशेष ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। ITI में मशीनरी और प्रशिक्षण व्यवस्था का लिया जायजा छात्रावासों के निरीक्षण के बाद एसडीएम डॉ. बबिता राठौर ने ग्राम कलमेशरा स्थित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) पहुंचकर विभिन्न प्रशिक्षण कक्षों एवं कार्यशालाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने संस्थान में उपलब्ध मशीनरी, प्रशिक्षण उपकरणों और उनके रख-रखाव की जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों से संवाद कर उनके प्रशिक्षण, प्रायोगिक अध्ययन और संस्थान में उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। एसडीएम ने कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक संसाधनों का समुचित उपयोग और मशीनरी का बेहतर रख-रखाव सुनिश्चित किया जाना चाहिए। निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि छात्रावासों में मूलभूत सुविधाओं, स्वच्छता, भोजन और विद्यार्थियों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाए, वहीं ITI में विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा जाए।
छात्रावासों में भोजन, स्वच्छता और स्वास्थ्य व्यवस्था पर एसडीएम ने दिए सख्त निर्देश सोहागपुर। संवाददाता:- शेख आरिफ। विद्यार्थियों से किया सीधा संवाद, कलमेशरा ITI में मशीनरी और प्रशिक्षण व्यवस्थाओं का लिया जायजा विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं और स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) सोहागपुर डॉ. बबिता राठौर ने मंगलवार को सोहागपुर स्थित अनुसूचित जाति बालक छात्रावास, अनुसूचित जाति बालिका छात्रावास तथा ग्राम कलमेशरा स्थित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। एसडीएम ने दोनों छात्रावासों में विद्यार्थियों से सीधे संवाद कर भोजन, साफ-सफाई, रहने की व्यवस्था और उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। विद्यार्थियों से उनकी समस्याएं भी जानीं और छात्रावास में मिलने वाले भोजन की गुणवत्ता के बारे में फीडबैक लिया। उन्होंने छात्रावास अधीक्षकों को निर्देश दिए कि विद्यार्थियों को निर्धारित मापदंड के अनुसार गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाए। छात्रावास परिसर के साथ-साथ कमरों और शौचालयों में नियमित साफ-सफाई सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों के बिस्तर एवं उपयोग किए जाने वाले कपड़ों की समय-समय पर धुलाई कराने तथा पूरे परिसर में स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण बनाए रखने के निर्देश भी दिए
गए। स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी एसडीएम ने गंभीरता दिखाई। उन्होंने विद्यार्थियों के नियमित रूटीन हेल्थ चेकअप समय पर कराने तथा शासन के निर्देशों के अनुरूप स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन के साथ स्वास्थ्य और व्यक्तिगत स्वच्छता पर भी विशेष ध्यान देने के लिए प्रेरित किया। ITI में मशीनरी और प्रशिक्षण व्यवस्था का लिया जायजा छात्रावासों के निरीक्षण के बाद एसडीएम डॉ. बबिता राठौर ने ग्राम कलमेशरा स्थित औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (ITI) पहुंचकर विभिन्न प्रशिक्षण कक्षों एवं कार्यशालाओं का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने संस्थान में उपलब्ध मशीनरी, प्रशिक्षण उपकरणों और उनके रख-रखाव की जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों से संवाद कर उनके प्रशिक्षण, प्रायोगिक अध्ययन और संस्थान में उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। एसडीएम ने कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक संसाधनों का समुचित उपयोग और मशीनरी का बेहतर रख-रखाव सुनिश्चित किया जाना चाहिए। निरीक्षण के दौरान एसडीएम ने संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देशित किया कि छात्रावासों में मूलभूत सुविधाओं, स्वच्छता, भोजन और विद्यार्थियों के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाए, वहीं ITI में विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखा जाए।
- डोल ग्यारस पर कृष्ण कन्हैया को विराजित कर विमान निकाले पिपरिया। शहर में गुरुवार को डोल ग्यारस का पर्व श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। भाद्रपद शुक्ल पक्ष की एकादशी पर भगवान श्रीकृष्ण के बाल रूप को नगर भ्रमण कराने की परंपरा का निर्वहन करते हुए विभिन्न मंदिरों से भगवान के सजे-धजे विमान निकाले गए। शाम होते ही शहर के मुख्य मंदिरों में आकर्षक विद्युत सज्जा की गई। फूलों और गेंदे की मालाओं से सजे विमानों में भगवान श्रीकृष्ण की झांकी सजाई गई। पुजारी और श्रद्धालु पारंपरिक वेशभूषा में विमान के साथ निकले।विमान यात्रा के दौरान जगह-जगह श्रद्धालुओं ने भगवान की आरती कर प्रसाद वितरित किया। महिलाओं ने सामूहिक रूप से भजन-कीर्तन किए और भगवान के दर्शन कर सुख-समृद्धि की कामना की। शहर के मुख्य मार्गों के साथ गली मोहल्ले में विमान निकले। मान्यता है कि डोल ग्यारस के दिन भगवान श्रीकृष्ण ने वृंदावन में डोल में बैठकर भक्तों को दर्शन दिए थे, तभी से यह परंपरा चली आ रही है। इस पर्व के साथ ही अनंत चतुर्दशी और गणेश विसर्जन की तैयारियां भी शुरू हो जाती हैं।1
- खेत में निकला मगरमच्छ, 3 घंटे बाद किया रेस्क्यू: किसान की सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम, तवा डैम में छोड़ा लाइन / डिस्क्रिप्शन (Description) मध्य प्रदेश के इटारसी के पास कांडाई कला गांव में सोमवार सुबह मक्के के खेत में एक मगरमच्छ दिखाई देने से हड़कंप मच गया। किसान द्वारका पाल की सूझबूझ और तुरंत दी गई सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। नर्मदापुरम से बुलाए गए बचाव दल और वन विभाग के कर्मचारियों ने लगभग 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मगरमच्छ का सुरक्षित रेस्क्यू किया। इसके बाद उसे सुरक्षित रूप से तवा डैम में छोड़ दिया गया। हैशटैग (Hashtags) #MadhyaNews #ItarsiNews #CrocodileRescue #MPNews #ForestDepartment #TawaDam #BreakingNews खेत में निकला मगरमच्छ, 3 घंटे बाद किया रेस्क्यू: किसान की सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम, तवा डैम में छोड़ा लाइन / डिस्क्रिप्शन (Description) मध्य प्रदेश के इटारसी के पास कांडाई कला गांव में सोमवार सुबह मक्के के खेत में एक मगरमच्छ दिखाई देने से हड़कंप मच गया। किसान द्वारका पाल की सूझबूझ और तुरंत दी गई सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। नर्मदापुरम से बुलाए गए बचाव दल और वन विभाग के कर्मचारियों ने लगभग 3 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मगरमच्छ का सुरक्षित रेस्क्यू किया। इसके बाद उसे सुरक्षित रूप से तवा डैम में छोड़ दिया गया। हैशटैग (Hashtags) #MadhyaNews #ItarsiNews #CrocodileRescue #MPNews #ForestDepartment #TawaDam #BreakingNews1
- *रंगलाल नही दे रहा पैसा नरसिंहपुर में ईंट भट्टा मजदूरी के ₹1.15 लाख बकाया, मजदूर ने एसपी से की शिकायत!* नरसिंहपुर। 22 सितम्बर 2026 ग्राम झामर निवासी चरनलाल महोबिया ने पुलिस अधीक्षक नरसिंहपुर को आवेदन देकर ईंट भट्टा ठेकेदार पर परिवार सहित कराए गए काम की ₹1 लाख 15 हजार की शेष मजदूरी का भुगतान नहीं करने का आरोप लगाया है। आवेदन के अनुसार, अक्टूबर 2025 में चरनलाल व उसके परिवार ने ग्राम कुटोरी स्थित ईंट भट्टे पर ईंट बनाने का काम लिया था। शिकायतकर्ता का दावा है कि करीब छह माह में परिवार ने 2 लाख 96 हजार 700 कच्ची ईंटें बनाई। तय दर ₹1,050 प्रति हजार के हिसाब से कुल मजदूरी ₹3 लाख 11 हजार 535 बताई गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि ठेकेदार द्वारा अब तक करीब ₹2 लाख 15 हजार का भुगतान किया गया, जबकि ₹1 लाख 15 हजार शेष हैं। मजदूरी की राशि मांगने पर कथित रूप से टालमटोल करने और गाली-गलौज करने का भी आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता ने पुलिस अधीक्षक से मामले की जांच कर बकाया मजदूरी दिलाने एवं आवश्यक कार्रवाई की मांग की है। आवेदन के साथ भुगतान संबंधी हिसाब-किताब की कॉपी भी संलग्न किए जाने की बात कही गई है!1
- पाँचवीं अनुसूचित क्षेत्र तामिया में दूधी सिंचाई परियोजना के विरोध में सैकड़ों आदिवासी किसानों का प्रदर्शन, कलेक्टर को सौंपा गया सामूहिक ज्ञापन पाँचवीं अनुसूचित क्षेत्र तामिया में दूधी सिंचाई परियोजना के विरोध में सैकड़ों आदिवासी किसानों का प्रदर्शन, कलेक्टर को सौंपा गया सामूहिक ज्ञापन फर्जी ग्रामसभा, बार-बार नोटिस और बिना ग्रामसभा की स्वतंत्र सहमति भूमि अधिग्रहण का आरोप; 7 अक्टूबर तक कार्रवाई नहीं हुई तो जनआंदोलन की चेतावनी छिंदवाड़ा | 22 सितम्बर 2026 पाँचवीं अनुसूचित क्षेत्र तामिया विकासखंड में प्रस्तावित दूधी सिंचाई परियोजना के विरोध में आज जिला मुख्यालय छिंदवाड़ा में सैकड़ों आदिवासी किसान एवं प्रभावित ग्रामीण कलेक्ट्रेट पहुंचे और जिला कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी के माध्यम से महामहिम राज्यपाल, मध्यप्रदेश के नाम विस्तृत सामूहिक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में तामिया विकासखंड के 11 प्रभावित ग्रामों के ग्रामवासियों ने आरोप लगाया कि उनकी पुश्तैनी कृषि भूमि और आजीविका पर संकट उत्पन्न हो गया है तथा ग्रामसभाओं द्वारा परियोजना का विरोध किए जाने के बावजूद भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। 11 ग्रामों के 1166 परिवार होंगे प्रभावित ज्ञापन के अनुसार दूधी सिंचाई परियोजना से लगभग 752.54 हेक्टेयर भूमि प्रभावित हो रही है तथा 1166 आदिवासी परिवार विस्थापन की जद में हैं। प्रभावित ग्राम हैं— * पोंड़ी * पाठई * खुनिया * घमहरा * केवलारी * खापासानी * देहगांव कला * चावलपानी * नजरपुर कामठी * खेरीशेरगंजाना * बहेरी खुर्द ग्रामीणों का कहना है कि यह पूरा क्षेत्र संविधान की पाँचवीं अनुसूची के अंतर्गत अधिसूचित अनुसूचित क्षेत्र है, इसलिए यहां भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में ग्रामसभा की भूमिका सर्वोपरि है। ग्रामसभा के निर्णय की अनदेखी का आरोप प्रभावित ग्रामसभाओं ने दावा किया कि पूर्व में आयोजित ग्रामसभाओं में सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित कर स्पष्ट निर्णय लिया गया था कि दूधी सिंचाई परियोजना के लिए भूमि नहीं दी जाएगी। इसके बावजूद प्रशासन द्वारा बार-बार ग्रामसभा बुलाने, नोटिस जारी करने और पुनः सहमति लेने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे ग्रामीणों में असंतोष व्याप्त है। बार-बार नोटिस देकर मानसिक दबाव बनाने का आरोप ग्रामीणों ने ज्ञापन में आरोप लगाया कि विभिन्न प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा कई बार नोटिस जारी कर ग्रामीणों को उपस्थित होने के लिए बाध्य किया जा रहा है। उनका कहना है कि अधिकांश ग्रामीण कानून की जानकारी से वंचित हैं और नोटिसों की भाषा से भय एवं मानसिक दबाव का वातावरण बनाया जा रहा है। राष्ट्रीय क्रांति मोर्चा ने उठाए संवैधानिक सवाल राष्ट्रीय क्रांति मोर्चा (RKM) एवं JBD GROUP ने कहा कि पाँचवीं अनुसूची, PESA Act 1996, मध्यप्रदेश पेसा नियम 2022, वन अधिकार अधिनियम 2006 तथा भूमि अधिग्रहण, पुनर्वास एवं पुनर्स्थापन अधिनियम 2013 के प्रावधानों का पालन किए बिना भूमि अधिग्रहण की कार्रवाई नहीं होनी चाहिए। संगठन ने मांग की कि ग्रामसभा की स्वतंत्र, पूर्व एवं सूचित सहमति के बिना किसी भी प्रकार की भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ाई जाए। किसानों की प्रमुख मांगें ज्ञापन में प्रशासन से निम्न प्रमुख मांगें की गईं— * दूधी सिंचाई परियोजना से संबंधित भूमि अधिग्रहण की समस्त कार्रवाई तत्काल स्थगित की जाए। * पूर्व में पारित ग्रामसभा प्रस्तावों को विधिक मान्यता दी जाए। * किसी भी ग्रामसभा की कार्यवाही वीडियो रिकॉर्डिंग एवं सार्वजनिक सूचना के साथ पारदर्शी तरीके से कराई जाए। * कथित फर्जी ग्रामसभा और सहमति की स्वतंत्र जांच कराई जाए। * प्रभावित ग्रामीणों को जारी सभी नोटिस वापस लिए जाएं। * संबंधित अधिकारियों द्वारा दबाव और डराने-धमकाने की शिकायतों की जांच की जाए। * प्रत्येक प्रभावित ग्राम में संविधान, पेसा कानून एवं भूमि अधिग्रहण कानून पर जनसुनवाई आयोजित की जाए। 7 अक्टूबर से जनआंदोलन की चेतावनी ज्ञापन में स्पष्ट किया गया कि यदि 7 अक्टूबर 2026 तक प्रशासन द्वारा लिखित रूप से उचित निर्णय नहीं लिया गया, तो प्रभावित ग्रामों के ग्रामीण लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन, विशाल ग्रामसभा, पारंपरिक आदिवासी पंचायत सम्मेलन और जिला स्तर पर जनआंदोलन शुरू करेंगे। बड़ी संख्या में किसान और संगठन के पदाधिकारी रहे उपस्थित आज कलेक्ट्रेट में आयोजित ज्ञापन कार्यक्रम में पाँचवीं अनुसूचित क्षेत्र के सभी प्रभावित गांवों से सैकड़ों किसान एवं आदिवासी ग्रामीण शामिल हुए। इस दौरान राष्ट्रीय क्रांति मोर्चा एवं JBD GROUP की ओर से देवरावेन भलावी (संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष), कृष्णा सल्लाम, तुलसी धुर्वे सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता और किसान प्रतिनिधि उपस्थित रहे। जारीकर्ता समस्त किसान दूधी परियोजना के विरोध में एवं राष्ट्रीय क्रांति मोर्चा (RKM) JBD GROUP युवा एवं छात्र संगठन जिला इकाई – छिंदवाड़ा (मध्य प्रदेश) एकता • संघर्ष • अधिकार • सम्मान4
- https://youtu.be/lkUjtjntJy8?si=yG0KmQwv7SAhYod8 #Narsinghpur लोकायुक्त की टीम ने राजेंद्र सिंह व अमित श्रीवास्तव को 8000 रु.की रिश्वत लेते धर दबोचा #बड़ी खबर1
- चीचली नगर परिषद आवारा पशुओं के सुरक्षित करने में नाकाम पिछले लगातार कई दिनों से खबरें लग रही हैं फिर भी चीचली नगर पार्षद अधिकारी सीएमओ एवं चीचली के अधिकारियों को नहीं दिख रही गौवंश रोड पर बाजार में घूम रहे हैं हादसे का हो रही शिकार रोड पर लग रहा है जाम,,2
- *नरसिंहपुर में दहेज में बाइक की मांग का आरोप, नवविवाहिता ने पति-सास पर प्रताड़ना का लगाया आरोप!* नरसिंहपुर। 22 सितम्बर 2026 कोतवाली थाना नरसिंहपुर में एक नवविवाहिता ने अपने पति और सास के खिलाफ दहेज में मोटरसाइकिल की मांग करने तथा शारीरिक एवं मानसिक रूप से प्रताड़ित किए जाने का आरोप लगाते हुए आवेदन दिया है। आवेदन के अनुसार, आवेदिका निदा तबस्सुम का निकाह 19 अप्रैल 2026 को रियाज उल मंसूरी के साथ मुस्लिम रीति-रिवाज के अनुसार हुआ था। विवाह के बाद दोनों पति-पत्नी के रूप में साथ रह रहे थे। आवेदिका का आरोप है कि शादी के बाद पति रियाज उल मंसूरी एवं सास सलमा बानो द्वारा दहेज में मोटरसाइकिल की मांग को लेकर उसे कथित रूप से शारीरिक एवं मानसिक रूप से परेशान किया गया। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया है कि दोनों ने एक राय होकर उसे ससुराल से बाहर निकाल दिया। आवेदिका ने पुलिस से मामले की जांच कर आरोपों के संबंध में आवश्यक कानूनी कार्रवाई किए जाने की मांग की है। मामले में लगाए गए आरोप आवेदन में वर्णित हैं। आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि एवं पुलिस की जांच/कार्रवाई की जानकारी सामने आना बाकी है। नरसिंहपुर पुलिस नागरिकों को पुलिस थाने अथवा वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के समक्ष शिकायत दर्ज कराने की सुविधा उपलब्ध कराती है।1
- https://youtu.be/awAsihuA4k4?si=075fQ6wm4ztV4WQA #Narsinghpur पुलिस ने गांजा तस्करी करने वाले 5 आरोपियों को 53 किलो गांजा व कार सहित गिरफ्तार किया1
- UGC को लेकर सौंपा ज्ञापन साथ ही करनी सेना ओर सवर्ण समाज सिवनी मालवा में उठी महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापना और यूसीजी कानून की समीक्षा की मांग; करणी सेना सवर्ण समाज ने सौंपे ज्ञापन नमस्कार आप देख रहे हैं दैनिक सत्याग्रह न्यूज़। स्थानीय नगर में सामाजिक और वैचारिक मुद्दों को लेकर सरगर्मी तेज हो गई है। शिवनी मालवा में करणी सेना परिवार एवं सवर्ण समाज द्वारा दो अलग-अलग महत्वपूर्ण विषयों को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को ज्ञापन सौंपे गए हैं। एक ओर जहां शहर के मुख्य चौराहे पर महान योद्धा महाराणा प्रताप की प्रतिमा स्थापित करने की मांग की गई है, वहीं दूसरी ओर विवादास्पद यूसीजी कानून के प्रावधानों की पुनः समीक्षा करने की पुरजोर मांग उठाई गई है। पहले ज्ञापन में निवेदन किया गया है कि सिवनी मालवा नगर के मुख्य चौराहे के समीप मेन रोड पर वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी की प्रतिमा स्थापित की जाए। ज्ञापन में उल्लेख किया गया है कि महाराणा प्रताप भारतीय इतिहास के महान वीर, योद्धा एवं स्वाभिमान, साहस और राष्ट्रभक्ति के प्रेरणास्रोत रहे हैं। उनकी प्रतिमा स्थापित होने से नगरवासियों एवं आने वाली पीढ़ियों को उनके जीवन, संघर्ष और आदर्शों से प्रेरणा मिलेगी। दूसरा ज्ञापन माननीय राज्यपाल महोदय, मध्य प्रदेश शासन (भोपाल) के नाम अनुविभागीय अधिकारी विजय राय सिवनी मालवा को सौंपा गया है। इस आवेदन का विषय यूसीजी कानून के प्रावधानों की समीक्षा एवं आवश्यक सुधार हेतु ज्ञापन है। करणी सेना परिवार एवं सवर्ण समाज, सिवनी मालवा के प्रतिनिधियों का कहना है कि वर्तमान में विभिन्न वर्गों और समाजों को लेकर कुछ प्रावधानों से असंतोष की स्थिति है। संविधान के अनुच्छेद 14 के तहत कानून के समक्ष समानता और समान अवसर का अधिकार सुनिश्चित किया जाना चाहिए। ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि कानून के विवादास्पद प्रावधानों की पुनः समीक्षा की जाए, विद्यार्थियों एवं युवाओं के हितों का ध्यान रखा जाए तथा जनहित में उचित निर्णय लिया जाए। करणी सेना परिवार एवं समस्त सवर्ण समाज ने प्रशासन से इन दोनों ही मामलों में जल्द से जल्द उचित एवं सकारात्मक कदम उठाने की अपील की है।1