सीमलवाड़ा में राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित, 207 प्रकरणों का हुआ निस्तारण सीमलवाड़ा। तालुका न्यायालय परिसर सीमलवाड़ा में शुक्रवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन तालुका विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष हरीश मेनारिया की अध्यक्षता में किया गया। लोक अदालत में राजीनामा योग्य विभिन्न प्रकरणों का आपसी सहमति से निस्तारण किया गया। लोक अदालत में प्रिलिटिगेशन स्तर पर धन वसूली से संबंधित बैंकों के कुल 13 प्रकरणों का निस्तारण किया गया, जिनमें 11 लाख 99 हजार 500 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। वहीं बिजली बिल से संबंधित 168 प्रकरणों का भी निस्तारण किया गया, जिनमें 14 लाख 56 हजार 714 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। इसके अलावा न्यायालय सीमलवाड़ा में लंबित कुल 26 प्रकरणों का भी राजीनामे के माध्यम से निस्तारण किया गया। इनमें राजीनामा योग्य फौजदारी के 18 प्रकरण, एनआई एक्ट के 3 प्रकरण, भरण-पोषण से संबंधित 1 प्रकरण तथा सिविल से जुड़े 4 प्रकरण शामिल रहे। इस प्रकार से राष्ट्रीय लोक अदालत शिविर में आपसी रजामंदी से टोटल 207 प्रकरणों का निस्तारण कर कुल 30 लाख 25 हजार 914 रुपयों का अवॉर्ड पारित किया। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से पक्षकारों को आपसी समझाइश से त्वरित न्याय उपलब्ध कराया गया, जिससे समय और धन दोनों की बचत हुई। इस अवसर पर न्यायालय के कर्मचारी हरिश्चन्द्र गमेती, रमणलाल डामोर, बशीलाल बरंडा, अधिकार मित्र रमेशचन्द्र रोत, हरिश्चन्द्र हिरात , चिराग जैन,पंकज पाटीदार, पूजा पंड्या,अशोक कुमार,देवचन्द रोत, पुष्पा कोटेड, विद्युत निगम सहायक अभियंता हर्षद पंचाल सहित मौजूद रहे।
सीमलवाड़ा में राष्ट्रीय लोक अदालत आयोजित, 207 प्रकरणों का हुआ निस्तारण सीमलवाड़ा। तालुका न्यायालय परिसर सीमलवाड़ा में शुक्रवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन तालुका विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष हरीश मेनारिया की अध्यक्षता में किया गया। लोक अदालत में राजीनामा योग्य विभिन्न प्रकरणों का आपसी सहमति से निस्तारण किया गया। लोक अदालत में प्रिलिटिगेशन स्तर पर धन वसूली से संबंधित बैंकों के कुल 13 प्रकरणों का निस्तारण किया गया, जिनमें 11 लाख 99 हजार 500 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। वहीं बिजली बिल से संबंधित 168 प्रकरणों का भी निस्तारण किया गया, जिनमें 14 लाख 56 हजार 714 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। इसके अलावा न्यायालय सीमलवाड़ा में लंबित कुल 26 प्रकरणों का भी राजीनामे के माध्यम से निस्तारण किया गया। इनमें राजीनामा योग्य फौजदारी के 18 प्रकरण, एनआई एक्ट के 3 प्रकरण, भरण-पोषण से संबंधित 1 प्रकरण तथा सिविल से जुड़े 4 प्रकरण शामिल रहे। इस प्रकार से राष्ट्रीय लोक अदालत शिविर में आपसी रजामंदी से टोटल 207 प्रकरणों का निस्तारण कर कुल 30 लाख 25 हजार 914 रुपयों का अवॉर्ड पारित किया। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से पक्षकारों को आपसी समझाइश से त्वरित न्याय उपलब्ध कराया गया, जिससे समय और धन दोनों की बचत हुई। इस अवसर पर न्यायालय के कर्मचारी हरिश्चन्द्र गमेती, रमणलाल डामोर, बशीलाल बरंडा, अधिकार मित्र रमेशचन्द्र रोत, हरिश्चन्द्र हिरात , चिराग जैन,पंकज पाटीदार, पूजा पंड्या,अशोक कुमार,देवचन्द रोत, पुष्पा कोटेड, विद्युत निगम सहायक अभियंता हर्षद पंचाल सहित मौजूद रहे।
- सीमलवाड़ा। आयुष्मान आदर्श ग्राम योजना के तहत सिथल गांव में स्थित आयुष्मान आरोग्य मंदिर (आयुष) में विद्यालय के छात्र-छात्राओं के लिए स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को आयुर्वेद पद्धति से जुड़ी स्वास्थ्य सेवाओं, घरेलू उपचारों और स्वस्थ जीवनशैली के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। कार्यक्रम में आयुर्वेद चिकित्साधिकारी डॉ. अभयसिंह मालीवाड़ ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए बताया कि बदलती जीवनशैली और खान-पान की गलत आदतों के कारण कई प्रकार की बीमारियां बढ़ रही हैं। उन्होंने विशेष रूप से किशोरियों में रक्ताल्पता (खून की कमी) की समस्या पर प्रकाश डालते हुए बताया कि इससे बचाव के लिए हरी पत्तेदार सब्जियों जैसे पालक और अन्य ताजी सब्जियों का नियमित सेवन करना चाहिए। साथ ही सब्जियों को अच्छी तरह धोकर उपयोग में लेने की भी सलाह दी। उन्होंने बताया कि सामान्य बीमारियों में कई घरेलू उपचार भी लाभकारी होते हैं। सोंठ, हल्दी, जीरा और सौंफ जैसी आयुर्वेदिक औषधीय सामग्री का नियमित और संतुलित सेवन स्वास्थ्य के लिए लाभदायक है। इसके अलावा मौसम परिवर्तन के समय होने वाली मौसमी बीमारियों से बचाव के लिए पानी को उबालकर पीने की आदत अपनाने पर भी जोर दिया गया। कार्यक्रम में तंबाकू के दुष्परिणामों के बारे में भी विद्यार्थियों को जागरूक किया गया। चिकित्साधिकारी ने बताया कि तंबाकू का अत्यधिक सेवन कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है, इसलिए इससे दूर रहना चाहिए। साथ ही विद्यार्थियों को अपने परिवार और समाज में भी लोगों को तंबाकू से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का संदेश दिया गया और तंबाकू मुक्त ग्राम बनाने का संकल्प दिलाया गया। इस अवसर पर विद्यार्थियों को अपने आसपास स्वच्छता बनाए रखने, पर्यावरण को स्वच्छ रखने तथा विभिन्न रोगों की स्थिति में नजदीकी आयुर्वेद केंद्रों पर परामर्श लेकर आयुर्वेदिक उपचार का लाभ लेने के लिए भी मार्गदर्शन प्रदान किया गया। कार्यक्रम में वरिष्ठ आयुर्वेद कंपाउंडर नटवरसिंह पगी, योग प्रशिक्षक चिराग पाटीदार, आयुष मित्र ज्योति डामोर एवं खेमराज रोत सहित विद्यालय के शिक्षक-कर्मचारी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर विद्यार्थियों में स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया।1
- प्रदेशव्यापी स्वच्छता संकल्प एवं जागरूकता शुभारंभ कार्यक्रम, मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने की के के गुप्ता की भूरी भूरी प्रशंसा संवाददाता - संतोष व्यास जयपुर/डूंगरपुर। राजस्थान में स्वच्छता को एक जन-आंदोलन बनाने के संकल्प के साथ मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने शनिवार को जयपुर के ऐतिहासिक अल्बर्ट हॉल से प्रदेशव्यापी स्वच्छता संकल्प एवं जागरूकता कार्यक्रम का भव्य शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के ब्रांड एंबेसडर और डूंगरपुर नगर परिषद के पूर्व अध्यक्ष के.के. गुप्ता के कार्यों की मुक्तकंठ से प्रशंसा करते हुए उन्हें स्वच्छता का सच्चा सारथी बताया। मुख्यमंत्री ने कहा कि गुप्ता के नेतृत्व में डूंगरपुर ने स्वच्छता के क्षेत्र में न केवल देश बल्कि विदेशों में भी परचम फहराया है, जो आज पूरे प्रदेश के लिए एक मिसाल है। - श्रमदान के साथ नई ऊर्जा का संचार समारोह के दौरान मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, भाजपा प्रदेशाध्यक्ष व सांसद मदन राठौड़, मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास और ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता ने स्वयं झाड़ू थामकर श्रमदान किया। इस दौरान सफाईकर्मियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उन्हें पीपीई किट भी वितरित किए गए। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि यदि प्रदेश का हर नागरिक के.के. गुप्ता की कर्तव्यनिष्ठा और स्वच्छता के प्रति उनके जुनून को अपना ले, तो राजस्थान स्वच्छता के मामले में देश का सिरमौर बन सकता है। - गुप्ता को तीसरी बार जिम्मेदारी : निरंतर सक्रिय हैं स्वच्छता दूत उल्लेखनीय है कि के.के. गुप्ता को तीसरी बार राजस्थान सरकार द्वारा स्वच्छता का ब्रांड एंबेसडर मनोनीत किया गया है। जिम्मेदारी मिलने के बाद से ही वे बिना रुके प्रदेश के सघन दौरे पर हैं और अब तक 20 से अधिक जिलों की स्थानीय निकायों के साथ बैठकें कर चुके हैं। उनकी कार्यकुशलता का लोहा केंद्र सरकार भी मानती है। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संसदीय क्षेत्र और गुजरात की राजधानी गांधीनगर की पांच ग्राम पंचायतों में स्वच्छता अभियान को नई ऊंचाई दी थी, जिससे वे पंचायतें राष्ट्रीय स्तर पर अव्वल रहीं। - बहुआयामी व्यक्तित्व : केवल स्वच्छता ही नहीं, समाज सेवा भी लक्ष्य के.के. गुप्ता की पहचान केवल स्वच्छता तक सीमित नहीं है। वे जल संरक्षण, वन एवं पर्यावरण सुरक्षा, युवाओं की शिक्षा और गरीबों के लिए रोटी बैंक जैसे जनकल्याणकारी कार्यों में भी सक्रिय रहे हैं। माननीय न्यायालयों ने भी उनकी दक्षता को देखते हुए शेखावाटी, मेवाड़ और वागड़ क्षेत्र की निकायों में स्वच्छता क्रियान्वयन की जिम्मेदारी उन्हें सौंपी है। इस गरिमामयी कार्यक्रम में शासन सचिव (नगरीय विकास) देवाशीष पुष्टी, स्वायत्त शासन विभाग के सचिव रवि जैन, नगर निगम कमिश्नर गौरव सैनी और मुख्यमंत्री के विशेष सचिव संदेश नायक सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। अल्बर्ट हॉल परिसर में गूंजे स्वच्छता के नारों ने यह स्पष्ट कर दिया कि आने वाले दिनों में राजस्थान की तस्वीर और अधिक स्वच्छ एवं सुंदर नजर आएगी।1
- जयपुर के अल्बर्ट हॉल से मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 'प्रदेशव्यापी स्वच्छता संकल्प एवं जागरूकता कार्यक्रम' का शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राजस्थान स्वच्छ भारत मिशन (शहरी) के ब्रांड एंबेसडर के.के. गुप्ता की विशेष प्रशंसा करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में डूंगरपुर ने स्वच्छता में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है। मुख्यमंत्री ने गुप्ता को स्वच्छता का एक समर्पित सारथी बताया, जो वर्तमान में प्रदेश के 20 से अधिक जिलों का दौरा कर इस अभियान को जन-आंदोलन बनाने में जुटे हैं। कार्यक्रम में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ और मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास सहित वरिष्ठ अधिकारियों ने श्रमदान किया और सफाईकर्मियों को पीपीई किट बांटे। के.के. गुप्ता पूर्व में गुजरात और राजस्थान के विभिन्न क्षेत्रों में स्वच्छता, जल संरक्षण और समाज सेवा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य कर चुके हैं।1
- डूंगरपुर। शहर के साबेला बाइपास मार्ग पर शनिवार शाम 5 बजे एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। चढ़ाई के दौरान मक्का से भरे ट्रोले के ब्रेक फेल हो गए, जिससे ट्रोला रिवर्स में आ गया और पीछे आ रहे ट्रक को चपेट में लेते हुए सड़क किनारे बिजली के पोल से जा टकराया। हादसे में ट्रोला, ट्रक और बिजली का पोल क्षतिग्रस्त हो गए, जबकि ट्रोला चालक मौके से फरार हो गया। जानकारी के अनुसार मक्का से भरा ट्रोला डूंगरपुर बाइपास मार्ग से होते हुए गुजरात की ओर जा रहा था। जैसे ही ट्रोला बाइपास की चढ़ाई पर पहुंचा, उसके ब्रेक फेल हो गए और वाहन रिवर्स में नीचे आने लगा। इसी दौरान आंतरी गांव से बिछीवाड़ा की ओर जा रहे एक ट्रक को टक्कर मारते हुए ट्रोला सड़क किनारे बिजली के पोल से जा टकराया। टक्कर से बिजली का पोल टूट गया और उसके तार सड़क पर गिर गए, जिससे आसपास के लोग घबरा गए। अचानक हुए हादसे के कारण बाइपास मार्ग पर बड़े वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस डूंगरपुर मौके पर पहुंची और जाम खुलवाकर वाहनों की आवाजाही शुरू करवाई। पुलिस ने जेसीबी की मदद से दोनों क्षतिग्रस्त वाहनों को सड़क से हटाने का कार्य भी शुरू कर दिया।2
- डूंगरपुर। नगर व ग्रामीण क्षेत्रों में एलपीजी गैस की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों को लेकर भाजपा नेताओं ने स्थिति स्पष्ट की है। बंशीलाल कटारा ने कहा कि एलपीजी गैस की कमी को लेकर कुछ राजनीतिक दलों और विरोधी तत्वों की अाेर से आमजन के बीच भ्रम फैलाने का प्रयास किया जा रहा है, जबकि वास्तविक स्थिति इसके विपरीत है। कटारा ने बताया कि उन्होंने नगर अध्यक्ष नयन सुथार, पूर्व पार्षद मुकेश श्रीमाल के साथ नगर की विभिन्न गैस एजेंसियों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि सभी एजेंसियों पर एलपीजी सिलेंडरों का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है और गैस सप्लाई पूरी तरह सामान्य रूप से जारी है।1
- जय हिन्द जय संविधान जय किसान जय भील जय जोहार जय भारत जय बिरसा#_1
- स्वायत्त शासन विभाग राजस्थान सरकार जयपुर के निर्देशानुसार राजस्थान दिवस समारोह कार्यक्रम ‘‘स्वच्छता सप्ताह‘‘ अन्तर्गत परिषद् क्षेत्र में दिनांक-14.03.2026 से 19.03.2026 तक विभिन्न गतिविधियाॅं का आयोजित किया जाएगा। जिसके तहत दिनांक-14.03.2026 को नगर परिषद् द्वारा जिला प्रशासन के समन्वय से नगर परिषद् क्षेत्र के डायलाब तालाब से स्वच्छता संकल्प एवं जन-जागरूकता कार्यक्रम आयोजन कर स्वच्छता सप्ताह की शुरूआत श्रमदान एवं स्वच्छता की शपथ दिलवाकर जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में श्रीमान् इन्द्रजीत सिंह यादव जिला कलक्टर महोदय, बाॅसवाडा, श्रीमान् राजीव द्धिवेदी अति. जिला कलक्टर महोदय, उपखण्ड अधिकारी महोदया सोनी कुमारी, श्रीमान् नरपत सिहं अति. पुलिस अधीक्षक महोदय, बाॅसवाडा, श्रीमान् गोपाल लाल स्वर्णकार, जिला परिषद्, बाॅसवाडा श्रीमान् कैलाश बसेर अति. मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद्, बाॅसवाडा, श्रीमान् दुर्गेश रावल, आयुक्त नगर परिषद्, बाॅसवाडा, खेल अधिकारी श्रीमान् धनेश्वर मईडा, सहायक अभियंता, नगर परिषद् बाॅसवाडा, एवं जनप्रतिनिधि श्री हकरू भाई मईडा, प्रदेश उपाध्यक्ष, भारतीय जनता पार्टी, श्री महावीर बोहरा, श्री यूगल उपध्याय, श्रीमति श्यामा राणा, sajjan singh rathor एवं अन्य सभी नगर परिषद् के कर्मचारी एवं स्काउट सिविल डिफेन्स की गरिमामयी उपस्थिति में कार्यक्रम संपन्न हुआ, जिसमें स्वच्छता के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने तथा क्षेत्र को स्वच्छ व सुंदर बनाने का संदेश दिया गया। इस अवसर पर उपस्थित अधिकारियों, कर्मचारियों एवं नागरिकों ने श्रमदान करते हुए स्वच्छता का संकल्प लिया तथा शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाए रखने के लिए सभी से सहयोग करने की अपील की गई l4
- सीमलवाड़ा। तालुका न्यायालय परिसर सीमलवाड़ा में शुक्रवार को राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन तालुका विधिक सेवा समिति के अध्यक्ष हरीश मेनारिया की अध्यक्षता में किया गया। लोक अदालत में राजीनामा योग्य विभिन्न प्रकरणों का आपसी सहमति से निस्तारण किया गया। लोक अदालत में प्रिलिटिगेशन स्तर पर धन वसूली से संबंधित बैंकों के कुल 13 प्रकरणों का निस्तारण किया गया, जिनमें 11 लाख 99 हजार 500 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। वहीं बिजली बिल से संबंधित 168 प्रकरणों का भी निस्तारण किया गया, जिनमें 14 लाख 56 हजार 714 रुपये की वसूली का एवार्ड पारित किया गया। इसके अलावा न्यायालय सीमलवाड़ा में लंबित कुल 26 प्रकरणों का भी राजीनामे के माध्यम से निस्तारण किया गया। इनमें राजीनामा योग्य फौजदारी के 18 प्रकरण, एनआई एक्ट के 3 प्रकरण, भरण-पोषण से संबंधित 1 प्रकरण तथा सिविल से जुड़े 4 प्रकरण शामिल रहे। इस प्रकार से राष्ट्रीय लोक अदालत शिविर में आपसी रजामंदी से टोटल 207 प्रकरणों का निस्तारण कर कुल 30 लाख 25 हजार 914 रुपयों का अवॉर्ड पारित किया। राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से पक्षकारों को आपसी समझाइश से त्वरित न्याय उपलब्ध कराया गया, जिससे समय और धन दोनों की बचत हुई। इस अवसर पर न्यायालय के कर्मचारी हरिश्चन्द्र गमेती, रमणलाल डामोर, बशीलाल बरंडा, अधिकार मित्र रमेशचन्द्र रोत, हरिश्चन्द्र हिरात , चिराग जैन,पंकज पाटीदार, पूजा पंड्या,अशोक कुमार,देवचन्द रोत, पुष्पा कोटेड, विद्युत निगम सहायक अभियंता हर्षद पंचाल सहित मौजूद रहे।1