चेचट में सड़कों पर उतरे लोग, UGC कानून के विरोध में तख्तियां लहराकर की नारेबाजी, तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन UGC द्वारा सत्र 2026 से लागू किए गए नए कानून के विरोध में चेचट में लोगों ने प्रदर्शन किया। रामद्वारा परिसर में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए, जहां से हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी करते हुए पैदल मार्च निकाला गया। गुरुवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे शुरू हुई यह रैली डेढ़ बजे तहसील कार्यालय पहुंची, जहां तहसीलदार जगदीश सिंह झाला को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में बताया गया कि UGC द्वारा वर्ष 2012 के कानून में किए गए नवीन संशोधन सामान्य वर्ग के हितों के खिलाफ हैं और यह कानून समानता के सिद्धांत के विपरीत भेदभाव को बढ़ावा देता है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह कानून समाज में नए संघर्ष की स्थिति पैदा कर सकता है। साथ ही इसमें सामान्य वर्ग के छात्रों को झूठी शिकायतों में फंसाए जाने की आशंका भी जताई गई है, जिससे कानून के दुरुपयोग की पूरी संभावना बनी रहती है। प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति से मांग की कि UGC द्वारा पारित वर्ष 2026 का यह नया कानून वापस लिया जाए, ताकि समाज में विषमता और तनाव की स्थिति उत्पन्न न हो।
चेचट में सड़कों पर उतरे लोग, UGC कानून के विरोध में तख्तियां लहराकर की नारेबाजी, तहसीलदार को सौंपा ज्ञापन UGC द्वारा सत्र 2026 से लागू किए गए नए कानून के विरोध में चेचट में लोगों ने प्रदर्शन किया। रामद्वारा परिसर में बड़ी संख्या में लोग एकत्रित हुए, जहां से हाथों में तख्तियां लेकर नारेबाजी करते हुए पैदल मार्च निकाला गया। गुरुवार दोपहर करीब साढ़े 12 बजे शुरू हुई यह रैली डेढ़ बजे तहसील कार्यालय पहुंची, जहां तहसीलदार जगदीश सिंह झाला को राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में बताया गया कि UGC द्वारा वर्ष 2012 के कानून में किए गए नवीन संशोधन सामान्य वर्ग के हितों के खिलाफ हैं और यह कानून समानता के सिद्धांत के विपरीत भेदभाव को बढ़ावा देता है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि यह कानून समाज में नए संघर्ष की स्थिति पैदा कर सकता है। साथ ही इसमें सामान्य वर्ग के छात्रों को झूठी शिकायतों में फंसाए जाने की आशंका भी जताई गई है, जिससे कानून के दुरुपयोग की पूरी संभावना बनी रहती है। प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति से मांग की कि UGC द्वारा पारित वर्ष 2026 का यह नया कानून वापस लिया जाए, ताकि समाज में विषमता और तनाव की स्थिति उत्पन्न न हो।
- श्री साई विद्या निकेतन हायर सेकेंडरी स्कूल, गरोठ के विद्यार्थियों ने साइंस ओलंपियाड फाउंडेशन द्वारा आयोजित इंटरनेशनल इंग्लिश ओलंपियाड 2025-26 में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। विद्यालय के छह मेधावी छात्रों ने लेवल-2 परीक्षा के लिए क्वालीफाई किया, जबकि 17 विद्यार्थियों ने गोल्ड मेडल ऑफ एक्सीलेंस हासिल कर स्कूल का नाम रोशन किया।1
- Post by Sadbhavna sandesh news1
- कोटा। शिक्षा नगरी कोटा में बढ़ती फीस और उस पर लगने वाले टैक्स को लेकर समाजसेवी हिम्मत सिंह हाड़ा ने कड़ी चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं का भविष्य आर्थिक बोझ के कारण प्रभावित हो रहा है और यह स्थिति बेहद चिंताजनक है। हाड़ा ने सवाल उठाया कि जब एक छात्र की सालाना फीस 1 लाख रुपये होती है तो उस पर 18 प्रतिशत तक टैक्स क्यों लिया जा रहा है। उनके अनुसार शिक्षा और चिकित्सा जैसे मूलभूत क्षेत्रों पर कर लगाना युवाओं और मध्यम वर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त दबाव डालता है। उन्होंने मांग की कि सरकार को शिक्षा पर टैक्स समाप्त कर छात्रों को सब्सिडी, छात्रवृत्ति और अन्य सुविधाएं देनी चाहिए, ताकि उनका मनोबल बढ़े और हर प्रतिभाशाली छात्र को आगे बढ़ने का समान अवसर मिल सके। समाजसेवी हिम्मत सिंह हाड़ा ने कहा कि “युवा ही देश का भविष्य हैं, और उनके सपनों पर आर्थिक बोझ नहीं, बल्कि सहयोग और प्रोत्साहन होना चाहिए।1
- कोटा | समाजसेवी हिम्मत सिंह हाड़ा ने युवाओं और सामाजिक मुद्दों को लेकर सरकार और समाज के नाम एक संदेश जारी किया है। उन्होंने कहा कि देश में तनाव और विभाजन की बजाय आपसी भाईचारा और एकता का वातावरण मजबूत किया जाना चाहिए। उन्होंने अपने संदेश में कहा, “जात-पात की करो विदाई, सब मिलकर एक रहो मेरे भाई।” उनके अनुसार समाज की ताकत आपसी सद्भाव और समानता में है, न कि भेदभाव में। हिम्मत सिंह ने गंभीर अपराधों पर सख्त कानून की मांग करते हुए कहा कि बलात्कार और गौ-हत्या जैसे मामलों में कठोर दंड व्यवस्था होनी चाहिए ताकि समाज में भय और न्याय की भावना दोनों कायम रहें। साथ ही उन्होंने सरकार से अपील की कि शिक्षा और चिकित्सा जैसी बुनियादी जरूरतों को सरल, सुलभ और किफायती बनाया जाए। उनका कहना है कि जनहित से जुड़े जरूरी कार्यों पर प्राथमिकता से ध्यान दिया जाना चाहिए ताकि आम नागरिक को सीधा लाभ मिल सके। समाजसेवी हिम्मत सिंह ने अंत में कहा कि देश की मजबूती आपसी सद्भाव, न्यायपूर्ण व्यवस्था और नागरिकों की बुनियादी सुविधाओं को सुनिश्चित करने में ही निहित है।1
- ग्राम बेगाना में लेवा रोड से दण्ड ka रास्ता है जिसपे पानी भरा हुआ है रास्ता में पानी भरा हुआ है और आदमी निकले मे खेत में जाने की परेशानी आती है1
- Post by VKH NEWS1
- सांगोद क्षेत्र के अडूसा गांव में दिनदहाड़े चोरी की बड़ी वारदात सामने आई है। परिवार के लोग गांव में चल रही कथा सुनने गए हुए थे, इसी दौरान चोरों ने मुख्य दरवाजे का ताला तोड़कर घर में घुसकर चोरी को अंजाम दे दिया। बताया जा रहा है कि घटना से करीब आधे घंटे पहले ही परिवार के सभी सदस्य कथा स्थल पर गए थे। कथा के दौरान ही घर से पानी पीने आए एक परिजन ने देखा तो घर के ताले टूटे हुए मिले। अंदर जाकर देखा तो अलमारी और बक्सों के ताले भी टूटे पड़े थे और सामान अस्त-व्यस्त बिखरा हुआ था। यह देखकर परिजन घबरा गए और तुरंत अन्य लोगों को सूचना दी। चोर घर से चांदी के पायजेब सहित अन्य आभूषण और कीमती सामान ले गए। घटना के बाद घर में परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। सूचना मिलने पर आसपास के लोग भी मौके पर जमा हो गए। पुलिस को घटना की जानकारी दे दी गई है और मामले की जांच की जा रही है।1
- पश्चिम मध्य रेलवे के कोटा मंडल रेलवे स्टेशन शामगढ़ पर गुरुवार सुबह चौमहला के आसपास OHE लाइन टूटने के कारण रेलवे यातायात लगभग दो से ढाई घंटे बाधित रहा जिससे यात्री लोग काफी परेशान हुए1
- कोटा शिक्षा नगरी में बढ़ती फीस और उस पर लगने वाले टैक्स को लेकर समाजसेवी हिम्मत सिंह हाड़ा ने कड़ी चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि देश के युवाओं का भविष्य आर्थिक बोझ के कारण प्रभावित हो रहा है और यह स्थिति बेहद चिंताजनक है। हाड़ा ने सवाल उठाया कि जब एक छात्र की सालाना फीस 1 लाख रुपये होती है तो उस पर 18 प्रतिशत तक टैक्स क्यों लिया जा रहा है। उनके अनुसार शिक्षा और चिकित्सा जैसे मूलभूत क्षेत्रों पर कर लगाना युवाओं और मध्यम वर्गीय परिवारों पर अतिरिक्त दबाव डालता है। उन्होंने मांग की कि सरकार को शिक्षा पर टैक्स समाप्त कर छात्रों को सब्सिडी, छात्रवृत्ति और अन्य सुविधाएं देनी चाहिए, ताकि उनका मनोबल बढ़े और हर प्रतिभाशाली छात्र को आगे बढ़ने का समान अवसर मिल सके। समाजसेवी हिम्मत सिंह हाड़ा ने कहा कि युवा ही देश का भविष्य हैं, और उनके सपनों पर आर्थिक बोझ नहीं, बल्कि सहयोग और प्रोत्साहन होना चाहिए।1