Shuru
Apke Nagar Ki App…
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सीबीएसई के नतीजों में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया है, इसे उन्होंने एक "गड़बड़ी या बड़ा खेल" करार दिया है। उनके अनुसार, यह स्थिति 18.5 लाख छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने जैसा है।
ठा शंभू सिंह तंवर पत्रकार
विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सीबीएसई के नतीजों में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया है, इसे उन्होंने एक "गड़बड़ी या बड़ा खेल" करार दिया है। उनके अनुसार, यह स्थिति 18.5 लाख छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने जैसा है।
More news from मध्य प्रदेश and nearby areas
- विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने सीबीएसई के नतीजों में गंभीर अनियमितताओं का आरोप लगाया है, इसे उन्होंने एक "गड़बड़ी या बड़ा खेल" करार दिया है। उनके अनुसार, यह स्थिति 18.5 लाख छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने जैसा है।1
- आलोट मंडी ने एक आवश्यक सूचना जारी करते हुए बताया है कि कल बकरा ईद होने के कारण मंडी में अवकाश रहेगा। इस जानकारी के अनुसार, कल मंडी में सामान्य कामकाज स्थगित रहेगा।1
- देशभर में सोशल मीडिया पर 'कॉकराच जनता पार्टी' (CJP) नामक एक व्यंग्यात्मक अभियान तेजी से फैल रहा है। यह अभियान बेरोजगारी, महंगाई और युवाओं की समस्याओं जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों को उठा रहा है। हाल के दिनों में इस अभियान के सोशल मीडिया फॉलोअर्स में तेजी से वृद्धि हुई है, जिसके कारण इसे लेकर राजनीतिक चर्चाएं भी तेज हो गई हैं। हालांकि, कुछ वायरल वीडियो और पोस्ट के संबंध में फर्जी जानकारी के प्रति चेतावनी भी जारी की गई है।1
- ड्रोन उड़ाने के लिए तीन मुख्य बातों को समझना ज़रूरी है: ड्रोन कैसे काम करता है, इसे सुरक्षित तरीके से कैसे उड़ाया जाए और भारत में इससे जुड़े क्या नियम हैं। ड्रोन दरअसल एक छोटा उड़ने वाला कैमरा या मशीन होता है, जिसे रिमोट या मोबाइल ऐप से नियंत्रित किया जाता है। इसका उपयोग वीडियो शूट, शादियों में कवरेज, खेती, मैपिंग, यूट्यूब व्लॉगिंग, सर्वे और सुरक्षा जैसे विभिन्न कार्यों में होता है। एक ड्रोन के मुख्य पुर्जे मोटर, प्रोपेलर, बैटरी, कैमरा, जीपीएस, रिमोट कंट्रोल और सेंसर होते हैं। ड्रोन उड़ाने से पहले कुछ तैयारी करना आवश्यक है। सबसे पहले ड्रोन और रिमोट दोनों की बैटरी पूरी तरह चार्ज करें। फिर उड़ान के लिए एक खुली जगह चुनें, जैसे मैदान या खाली जगह, जो बिजली के तारों, पेड़ों और भीड़ से दूर हो। मौसम का ध्यान रखना भी ज़रूरी है; तेज़ हवा, बारिश या धुंध में ड्रोन न उड़ाएं। कई ड्रोन सही ढंग से उड़ने के लिए जीपीएस सिग्नल का इंतजार करते हैं, इसलिए सुनिश्चित करें कि सिग्नल पूरी तरह आ गया हो। ड्रोन उड़ाने का तरीका चरणबद्ध है: पहले रिमोट चालू करें, फिर ड्रोन चालू करें। यदि ड्रोन मोबाइल ऐप से चलता है, तो उसे कनेक्ट करें। टेक ऑफ के लिए आप ऑटो टेकऑफ बटन का उपयोग कर सकते हैं या कंट्रोल स्टिक से धीरे-धीरे ड्रोन को ऊपर उठा सकते हैं। कंट्रोल स्टिक को समझना महत्वपूर्ण है: लेफ्ट स्टिक ऊपर/नीचे करने या ड्रोन को घुमाने के लिए होती है, जबकि राइट स्टिक आगे/पीछे उड़ने या साइड में जाने के लिए होती है। सुरक्षित उड़ान के लिए कुछ नियम हैं: ड्रोन को एयरपोर्ट के पास, लोगों के सिर के ऊपर, या रात में बिना अनुमति के न उड़ाएं। साथ ही, इसे सेना या सरकारी क्षेत्र में उड़ाने से बचें। हमेशा यह ध्यान रखें कि ड्रोन आपकी आँखों के सामने रहे और जब बैटरी 20% से कम हो जाए तो उसे वापस बुला लें। ‘रिटर्न टू होम’ फीचर को हमेशा चालू रखें। भारत में ड्रोन के अपने नियम हैं, जिनमें बहुत छोटे (नैनो) ड्रोन पर कम प्रतिबंध होते हैं, लेकिन कैमरा ड्रोन के लिए कई मामलों में रजिस्ट्रेशन ज़रूरी हो सकता है। बड़े या कमर्शियल ड्रोन उड़ाने के लिए ट्रेनिंग और लाइसेंस की आवश्यकता होती है। कुछ नो-फ्लाई ज़ोन भी हैं जैसे एयरपोर्ट, सेना क्षेत्र, सरकारी भवन और बॉर्डर एरिया, जहाँ ड्रोन उड़ाना मना होता है। ड्रोन से कमाई करने के कई अवसर हैं, जिनमें शादी वीडियो शूट, यूट्यूब व्लॉग, खेती में स्प्रे करना, रियल एस्टेट वीडियो, मैपिंग सर्वे और इंस्टाग्राम रील्स शूट शामिल हैं। शुरुआती लोगों के लिए हल्के और सस्ते बिगिनर ड्रोन अच्छे होते हैं, जबकि 4K वीडियो और स्टेबल कैमरे वाले कैमरा ड्रोन यूट्यूब के लिए बेहतर हैं। तेज़ स्पीड वाले एफपीवी (FPV) ड्रोन रेसिंग और सिनेमैटिक वीडियो के लिए उपयुक्त हैं। ड्रोन सीखने के आसान टिप्स में पहले कम ऊंचाई पर उड़ाना, धीरे-धीरे कंट्रोल सीखना, रोज़ 10-15 मिनट अभ्यास करना और शुरुआत में बिना कैमरा रिकॉर्डिंग के उड़ना शामिल है।1
- नौलखा क्षेत्र में पानी और नालियों की व्यवस्था को लेकर लोग खासे परेशान हैं। यहाँ पानी की आपूर्ति सही समय पर नहीं हो रही है और पानी केवल चार दिन ही मिल पाता है। इसके अतिरिक्त, नालियों की साफ-सफाई भी ठीक से नहीं की जा रही है, जिससे स्थिति और बिगड़ रही है। निवासियों का आरोप है कि इन गंभीर समस्याओं के बारे में उनकी कोई भी नहीं सुन रहा है।1
- बहुप्रतीक्षित फिल्म 'द नर्मदा स्टोरी' का ट्रेलर आखिरकार सामने आ गया है, जिसे 12 जून को आपके नजदीकी सिनेमाघरों में देखा जा सकेगा। यह फिल्म दमदार अभिनेता मुकेश तिवारी और फिल्मी जगत की कई नामचीन हस्तियों से सजी हुई है। यह कहानी क्राइम, सस्पेंस, इमोशन और महिला सशक्तिकरण जैसे तत्वों से भरपूर है, जो दर्शकों को एक अलग ही अनुभव देने का वादा करती है। ट्रेलर में जबरदस्त संवाद, दमदार एक्शन और मध्यप्रदेश की धरती से जुड़ी कहानी की झलक स्पष्ट रूप से देखने को मिल रही है। 'द नर्मदा स्टोरी' को सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि संघर्ष, साहस और न्याय की आवाज के रूप में प्रस्तुत किया गया है।1
- पिपलिया मंडी नगर परिषद को लगातार शिकायतें मिल रही थीं कि शहर की सड़कें अतिक्रमण के कारण सिकुड़ गई हैं, जिससे आए दिन सड़क दुर्घटनाएं हो रही थीं और अतिक्रमण हटाने की मांग की जा रही थी। इन शिकायतों के बाद, मंदसौर पिपलिया मंडी में अतिक्रमण हटाया गया। इस कार्रवाई के तहत, दुकानों के सामने लगे टिनशेड हटा दिए गए, जिससे व्यापारी नाराज हो गए और विरोध में धरने पर बैठ गए।1
- देश में पानी की भयंकर किल्लत के कारण महिलाएं सड़कों पर उतर आई हैं। पानी की समस्या से परेशान होकर वे बीच सड़क पर बैठकर प्रदर्शन कर रही हैं।1