Shuru
Apke Nagar Ki App…
झारखंड के रामगढ़ स्थित तोपा परियोजना में रैयत विस्थापितों ने हाइवा द्वारा होने वाले कोयले के परिचालन को बंद कर दिया। इसके बाद, परियोजना पदाधिकारी के प्रयासों के फलस्वरूप रेलवे साइडिंग के लिए कोयले की ढुलाई का काम पुनः प्रारंभ हो गया है।
आशीष कुमार मुखर्जी
झारखंड के रामगढ़ स्थित तोपा परियोजना में रैयत विस्थापितों ने हाइवा द्वारा होने वाले कोयले के परिचालन को बंद कर दिया। इसके बाद, परियोजना पदाधिकारी के प्रयासों के फलस्वरूप रेलवे साइडिंग के लिए कोयले की ढुलाई का काम पुनः प्रारंभ हो गया है।
More news from झारखंड and nearby areas
- झारखंड की राजधानी रांची में आयोजित होने वाली जगन्नाथपुर रथ यात्रा 2026 को लेकर सिटी एसपी पारस राणा ने सुरक्षा व्यवस्था की महत्वपूर्ण जानकारी साझा की है। इस ऐतिहासिक रथ यात्रा के दौरान सुरक्षा के बेहद कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं, जिसके तहत 4,000 से 5,000 पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी। इसके अतिरिक्त, किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए 6 क्यूआरटी (QRT) टीमें तैनात रहेंगी। सुरक्षा व्यवस्था को अभेद्य बनाने के लिए ड्रोन निगरानी के साथ-साथ 200 से अधिक सीसीटीवी (CCTV) कैमरे लगाए जा रहे हैं, जिन्हें सीधे कंट्रोल रूम से मॉनिटर किया जाएगा। साथ ही, श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को नियंत्रित करने के लिए विशेष भीड़ प्रबंधन की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई है।1
- हजारीबाग के चौपारण में लगातार चौथी बार भगवान जगन्नाथ की भव्य रथ यात्रा निकली है। इस दौरान पूरा चौपारण भगवान की भक्ति के माहौल में डूबा नजर आया।1
- रांची के बुढ़मू में साहू शिव समाज द्वारा बुढ़मू श्मशान घाट में व्यापक वृक्षारोपण कर इसके हरित वातावरण को संवर्धित किया गया। यह कार्यक्रम तेली समाज के अध्यक्ष जय साहू और साहू शिव समूह के अध्यक्ष रामनाथ साहू के नेतृत्व में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। इस अवसर पर विक्की, तीर्थनाथ, भुनेश्वर, यदूमल, प्रदीप, राजेश और रिंकू साहू ने सक्रिय भागीदारी दिखाई। श्मशान घाट के सौंदर्य और पर्यावरण में हुए इस सुधार की वहां उपस्थित नागरिकों ने जमकर प्रशंसा की। इस मौके पर आयोजकों ने संदेश दिया कि पेड़ लगाने से हवा साफ होगी, मिट्टी का कटाव रुकेगा और सामुदायिक जागरूकता बढ़ेगी। इसके साथ ही, समाज ने भविष्य में भी और अधिक पौधरोपण अभियानों को आयोजित करने की घोषणा की है।1
- हजारीबाग के प्रसिद्ध सिलवार श्री जगन्नाथ धाम में भगवान जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा और विशाल मेले का आयोजन किया गया, जहाँ आस्था के अद्भुत संगम के बीच लाखों श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। सिलवार श्री जगन्नाथ धाम के मंदिर से जुड़े 75 वर्षों के गौरवशाली इतिहास और परंपरा को समेटे इस आयोजन में श्रद्धालुओं की अगाध आस्था और पूजा-अर्चना देखने को मिल रही है। इस विशेष ग्राउंड रिपोर्ट में रथयात्रा के भव्य दृश्य, श्रद्धालुओं की आस्था, पूजा-अर्चना, मेले की रौनक और मंदिर के 75 वर्षों के गौरवशाली इतिहास की पूरी कहानी को प्रस्तुत किया गया है।1
- रांची के मांडर में खोखड़ी खाने को लेकर एक व्यक्ति असमंजस में पड़ गया, जिसके बाद उसने सुरक्षा के लिहाज से इसे फेंक देना ही बेहतर समझा। व्यक्ति का कहना है कि आज उसे बहुत सारी खोखड़ी मिली थी, लेकिन उसने उसे खाया नहीं। इस खोखड़ी को न खाने के पीछे का कारण लोगों के बीच की विरोधाभासी राय है। व्यक्ति के अनुसार, कुछ लोगों का कहना है कि इसे खाया जा सकता है, जबकि कुछ अन्य लोग इसे जहर बता रहे हैं। इसी भ्रम और डर के चलते आखिरकार उसने खोखड़ी को फेंक दिया। अब व्यक्ति ने लोगों से यह स्पष्ट करने के लिए सवाल पूछा है कि क्या खोखड़ी को सचमुच खाया जाना चाहिए या नहीं, ताकि इस बात की सही जानकारी मिल सके कि यह खाने योग्य है या नहीं।4
- हजारीबाग के ऐतिहासिक सिलवार श्री जगन्नाथ धाम में रथ यात्रा महोत्सव के अवसर पर आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। वैदिक मंत्रोच्चार, शंखध्वनि और 'जय जगन्नाथ' के जयघोष के बीच भगवान श्री जगन्नाथ, माता सुभद्रा एवं भगवान बलभद्र के दर्शन के लिए सुबह से ही हजारों श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं। इस पावन अवसर पर पुलिस अधीक्षक अमन कुमार अपनी धर्मपत्नी के साथ मंदिर पहुंचे और वैदिक रीति-विधान से विशेष पूजा-अर्चना कर जिले में सुख-समृद्धि, शांति और सामाजिक सौहार्द की कामना की। इस दौरान सदर एसडीपीओ रूपक कुमार सिंह भी उनके साथ मौजूद रहे। पूजा-अर्चना के बाद पुलिस अधीक्षक ने मंदिर परिसर, रथ यात्रा मार्ग एवं मेला क्षेत्र का निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिस अधिकारियों को भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था और श्रद्धालुओं की सुविधा का पूरा ध्यान रखने के निर्देश दिए। एसपी ने मुफस्सिल थाना प्रभारी मुकेश कुमार सिंह एवं सीसीआर डीएसपी को सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर पैनी नजर रखने तथा बैरिकेडिंग को प्रभावी बनाने के निर्देश दिए। प्रशासन के इस बेहतर और सक्रिय प्रबंधन की मंदिर प्रबंधन समिति ने भी सराहना की, जिससे श्रद्धालु बिना किसी भय के दर्शन कर सके।1
- झारखंड के रामगढ़ स्थित तोपा परियोजना में रैयत विस्थापितों ने हाइवा द्वारा होने वाले कोयले के परिचालन को बंद कर दिया। इसके बाद, परियोजना पदाधिकारी के प्रयासों के फलस्वरूप रेलवे साइडिंग के लिए कोयले की ढुलाई का काम पुनः प्रारंभ हो गया है।1
- झारखंड के रांची में ऐतिहासिक जगन्नाथ रथ मेला 2026 के पहले दिन भगवान जगन्नाथ के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। आस्था के इस महापर्व पर भक्ति का ऐसा माहौल दिखा कि कई श्रद्धालु रात से ही मंदिर परिसर में पहुंच गए थे, वहीं बड़ी संख्या में भक्त सुबह 3 बजे से ही लंबी कतारों में लगकर भगवान के दर्शन का इंतजार करते रहे। इस दौरान रांची क्लब टीवी की टीम ने ग्राउंड जीरो से श्रद्धालुओं से बातचीत की और उनकी प्रतिक्रियाएं जानीं। कतार में खड़े एक श्रद्धालु ने अपनी भावनाएं साझा करते हुए बताया कि सुबह 3 बजे से लाइन में लगने के बाद जब उन्हें भगवान जगन्नाथ के दर्शन प्राप्त हुए, तो उनके मन को अपार शांति और सुकून मिला।1
- झारखंड के रांची जिले अंतर्गत बुढ़मू प्रखंड की मुरूपीरी पंचायत के उसकू गांव में बुधवार दोपहर भारी बारिश के साथ हुए वज्रपात की चपेट में आने से रीमा देवी (पति विश्वनाथ यादव) की दो दुधारू गायों और एक बछिया की मौत हो गई। इस घटना के तुरंत बाद पशुपालन विभाग के चिकित्सक को फोन कर मामले की जानकारी दी गई, जिसके बाद पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर तीनों मृत मवेशियों को मिट्टी में दफन कर दिया गया। घटना की सूचना मिलने के बाद स्थानीय मुखिया सीता देवी और भाजपा नेता तारकेश्वर भारती ने पीड़ित परिवार को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया है।1