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छत्तीसगढ़ के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत का श्री राम कथा आयोजन, एक समिति के तत्वाधान में किया गया।
Manoj shrivastav
छत्तीसगढ़ के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत का श्री राम कथा आयोजन, एक समिति के तत्वाधान में किया गया।
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- छत्तीसगढ़ के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरण दास महंत का श्री राम कथा आयोजन, एक समिति के तत्वाधान में किया गया।1
- पटना कोरिया में दुर्गा पंडाल के समीप भागवत समिति द्वारा संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा का भव्य आयोजन किया जा रहा है। इस धार्मिक अनुष्ठान में सुयश महाराज अपने मुखारविंद से कथा की लीला का रसपान करा रहे हैं, जिसके प्रभाव से पूरा पटना भक्तिमय होकर झूम उठा है। आयोजन के तहत प्रतिदिन भोग भंडारा और प्रसाद वितरण का क्रम जारी है। श्रीमद्भागवत कथा का आज चतुर्थ दिवस भी संगीतमय माहौल में संपन्न हुआ, जिसमें पंडाल में भक्तों की भीड़ में भी विशेष वृद्धि देखने को मिली।1
- सुशासन तिहार 2026 के माध्यम से आम जनता की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जा रहा है, जिससे उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है और प्रशासन की जवाबदेही भी तय हो रही है। सरकार की जनहितकारी नीतियों और उसकी संवेदनशील कार्यशैली के कारण जनता का भरोसा लगातार मजबूत हो रहा है। जनकल्याण, पारदर्शिता, विकास और विश्वास के मजबूत संकल्प के साथ, यह सुशासन सरकार प्रदेश में विकास की एक नई पहचान स्थापित कर रही है।1
- मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में स्थित प्रसिद्ध धार्मिक और पर्यटन स्थल अमरकंटक में गुरुवार दोपहर एक दर्दनाक हादसा हो गया। नर्मदा नदी के प्रथम पुष्कर बांध में नहाने उतरे वार्ड क्रमांक 2 बराती निवासी 45 वर्षीय सुरेश सिंह धुर्वे की डूबने से मृत्यु हो गई। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और सनसनी का माहौल बना हुआ है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक सुरेश सिंह धुर्वे (पिता नर्बद लाल सिंह धुर्वे) गुरुवार सुबह लगभग नौ से दस बजे के बीच इंडियन गैस एजेंसी में गैस सिलेंडर ट्रक खाली कराने के काम के लिए घर से निकले थे। कार्य समाप्त करने के बाद वह मोटरसाइकिल से नर्मदा पुष्कर बांध पहुंचे। नहाने के इरादे से उन्होंने अपने कपड़े और चप्पल बांध के किनारे उतारे और पानी में उतर गए। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, सुरेश सिंह धुर्वे बांध की पटरी से गहरे हिस्से की ओर कूदे थे। वहां मौजूद लोगों ने उन्हें ऐसा करने से रोका भी, लेकिन उन्होंने बात अनसुनी कर पानी में छलांग लगा दी। कुछ देर बाद जब वह पानी से बाहर नहीं निकले, तो आसपास के लोगों ने शोर मचाकर बचाव का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि जिस जगह यह हादसा हुआ, वहां पानी की गहराई लगभग 35 से 40 फीट थी। अत्यधिक गहराई होने के कारण स्थानीय तैराकों और गोताखोरों ने पानी में उतरने से मना कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचा और अनूपपुर जिला पुलिस बल से एसडीआरएफ के गोताखोरों को बुलाया गया। घटना के बाद पुष्कर बांध तट पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई थी। यह घटना मृतक के परिवार के लिए दूसरा बड़ा आघात है, क्योंकि उनके बड़े भाई राजेश धुर्वे का निधन भी लगभग छह माह पहले हो चुका था। मृतक की भाभी कीर्ति सिंह धुर्वे और अन्य परिजन घटनास्थल पर मौजूद रहे। सुरेश सिंह धुर्वे शारीरिक रूप से कमजोर होने के बावजूद मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। स्थानीय लोगों ने बताया कि करीब दो-तीन वर्ष पहले भी इसी पुष्कर बांध की पटरी से गिरने के कारण कपिल संगम निवासी एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है। इसके बावजूद, लोग आज भी जान जोखिम में डालकर बांध की संकरी पटरी से आवाजाही करते हैं। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने, चेतावनी बोर्ड लगाने और खतरनाक हिस्सों में आवागमन रोकने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।1
- आज गांव में नंदी महाराज को घर-घर ले जाया गया, जहाँ उनसे दक्षिणा भी मांगते हुए देखा गया। बताया गया कि साधवानी देवराज परा द्वारा गांव के घरों में नंदी महाराज को दिखाया गया। यह मान्यता है कि नंदी महाराज भगवान भोलेनाथ की सवारी हैं।1
- पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केंद्र की मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में देश के संघीय ढांचे को कमजोर किया गया है। बघेल ने कहा कि किसानों, व्यापारियों और आम जनता के हित की विभिन्न योजनाओं को समाप्त कर अडानी-अंबानी को लाभ पहुँचाने वाले कानून बनाए गए हैं। उनके अनुसार, इन्हीं नीतियों और कानूनों के कारण आज देश की जनता कई तरह की परेशानियों का सामना कर रही है।1
- सरगुजा जिले के सीतापुर अंतर्गत राजापुर चौराहे पर भाजपा विधायक रामकुमार टोप्पो और उनके समर्थकों द्वारा 27 मई की शाम राजपुर उप तहसील में पदस्थ नायब तहसीलदार तुषार मानिक से मारपीट की गई थी। यह घटना नायब तहसीलदार द्वारा विधायक की चचेरी बहन से कार्यालय में बद्सलूकी के कथित आरोप में हुई थी। एसडीएम और नायब तहसीलदार द्वारा मारपीट का आरोप लगाए जाने के बाद से विधायक की खूब किरकिरी हो रही है। इस मामले पर अब छत्तीसगढ़ के पूर्व उप मुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव का बयान सामने आया है। उन्होंने इस मारपीट की घटना को अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि यदि विधायक के खिलाफ एफआईआर दर्ज हुई है, तो इसका मतलब है कि कोई न कोई गंभीर घटना जरूर हुई है। सिंहदेव ने विधायक का नाम लिए बिना उन्हें नसीहत दी कि मतदाताओं ने उन्हें सत्ता में रहकर उनकी देखरेख करने की जवाबदारी दी है, लेकिन यदि वे मनमानी करने की अपेक्षा रखते हैं, तो वह प्रजातंत्र नहीं रह जाता। उन्होंने स्पष्ट किया कि चुने हुए जनप्रतिनिधि संविधान के प्रावधानों और कानूनों के अंतर्गत काम करने के लिए स्वतंत्र हैं और चुनाव जीतने का अर्थ यह नहीं होता कि वे जो चाहें वह कर सकते हैं। यह मानसिकता, जो भाजपा और कभी-कभी अन्य जनप्रतिनिधियों में भी दिखती है, परिपक्वता की कमी दर्शाती है, जिसे हासिल करने की आवश्यकता है। वहीं, पूर्व मंत्री अमरजीत भगत ने भी इस घटना पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इसे सरासर अन्याय बताते हुए वर्तमान शासन पर कटाक्ष किया कि विष्णुदेव का 'सुशासन' चल रहा है और अधिकारी पिटा रहे हैं। भगत ने कहा कि मारपीट में विधायक का नाम आना सबसे आपत्तिजनक है, क्योंकि नायब तहसीलदार ने अपने बयान में विधायक और उनके साथियों द्वारा मारपीट की बात कही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि किसी भी जनप्रतिनिधि को नियम, प्रक्रिया और प्रशासनिक मर्यादा का ज्ञान होना चाहिए, क्योंकि जनप्रतिनिधि बनने का यह अर्थ नहीं कि वे 'सिंघम स्टाइल' में किसी से भी मारपीट करें।1
- कोरिया जिले में 29 मई 2026 को कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव की अध्यक्षता में आयोजित नार्को कॉर्डिनेशन सेंटर समिति (नकॉर्ड) की बैठक में नशा उन्मूलन अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने को प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल औपचारिक कार्रवाई की बजाय जमीनी स्तर पर लगातार अभियान चलाया जाए और "खानापूर्ति नहीं चलेगी।" इस दौरान मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध बिक्री और नशे के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए विभिन्न विभागों की कार्ययोजना की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को स्कूलों और कॉलेजों में नियमित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराने के निर्देश दिए, साथ ही अवैध रूप से नशे का कारोबार करने वालों की निगरानी कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा। वन विभाग को अफीम और भांग जैसी मादक फसलों की संभावित अवैध खेती पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए, जिस पर वन मण्डलाधिकारी श्रीमती प्रभाकर खलको ने बताया कि बीटगार्डों को जंगलों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और तत्काल सूचना देने के निर्देश जारी किए गए हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुरेशा चौबे को विशेष अभियान चलाकर नशे की बिक्री और तस्करी में लिप्त लोगों पर सख्त कार्रवाई करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस विभाग ने बताया कि गांजा, अवैध शराब और अन्य प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बिक्री की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है। जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन अधिकारी और मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी को मेडिकल स्टोर्स में बिना डॉक्टर की पर्ची नशीली दवाओं की बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए, वहीं स्वास्थ्य विभाग को नशा पीड़ितों के उपचार और परामर्श सेवाओं को मजबूत करने को कहा गया। समाज कल्याण विभाग को जिलेभर में नियमित जनजागरूकता अभियान चलाने और नगरीय निकायों को स्लम क्षेत्रों के बच्चों को नशे से दूर रखने के लिए विशेष अभियान संचालित करने के निर्देश दिए गए। बैठक के समापन पर, कलेक्टर ने सभी विभागों को समन्वय के साथ जनजागरण अभियान चलाने का निर्देश देते हुए जिलेवासियों तथा समाज प्रमुखों से परिवार और समाज को नशे के खिलाफ अभियान से जोड़ने और युवा पीढ़ी को नशे के चंगुल से बचाने के लिए इसके नुकसान और दुष्प्रभावों के बारे में बातचीत करने की अपील की।1