कोरिया जिले में 29 मई 2026 को कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव की अध्यक्षता में आयोजित नार्को कॉर्डिनेशन सेंटर समिति (नकॉर्ड) की बैठक में नशा उन्मूलन अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने को प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल औपचारिक कार्रवाई की बजाय जमीनी स्तर पर लगातार अभियान चलाया जाए और "खानापूर्ति नहीं चलेगी।" इस दौरान मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध बिक्री और नशे के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए विभिन्न विभागों की कार्ययोजना की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को स्कूलों और कॉलेजों में नियमित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराने के निर्देश दिए, साथ ही अवैध रूप से नशे का कारोबार करने वालों की निगरानी कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा। वन विभाग को अफीम और भांग जैसी मादक फसलों की संभावित अवैध खेती पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए, जिस पर वन मण्डलाधिकारी श्रीमती प्रभाकर खलको ने बताया कि बीटगार्डों को जंगलों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और तत्काल सूचना देने के निर्देश जारी किए गए हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुरेशा चौबे को विशेष अभियान चलाकर नशे की बिक्री और तस्करी में लिप्त लोगों पर सख्त कार्रवाई करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस विभाग ने बताया कि गांजा, अवैध शराब और अन्य प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बिक्री की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है। जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन अधिकारी और मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी को मेडिकल स्टोर्स में बिना डॉक्टर की पर्ची नशीली दवाओं की बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए, वहीं स्वास्थ्य विभाग को नशा पीड़ितों के उपचार और परामर्श सेवाओं को मजबूत करने को कहा गया। समाज कल्याण विभाग को जिलेभर में नियमित जनजागरूकता अभियान चलाने और नगरीय निकायों को स्लम क्षेत्रों के बच्चों को नशे से दूर रखने के लिए विशेष अभियान संचालित करने के निर्देश दिए गए। बैठक के समापन पर, कलेक्टर ने सभी विभागों को समन्वय के साथ जनजागरण अभियान चलाने का निर्देश देते हुए जिलेवासियों तथा समाज प्रमुखों से परिवार और समाज को नशे के खिलाफ अभियान से जोड़ने और युवा पीढ़ी को नशे के चंगुल से बचाने के लिए इसके नुकसान और दुष्प्रभावों के बारे में बातचीत करने की अपील की।
कोरिया जिले में 29 मई 2026 को कलेक्टर श्रीमती रोक्तिमा यादव की अध्यक्षता में आयोजित नार्को कॉर्डिनेशन सेंटर समिति (नकॉर्ड) की बैठक में नशा उन्मूलन अभियान को और अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। बैठक में जिले को नशामुक्त बनाने को प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि केवल औपचारिक कार्रवाई की बजाय जमीनी स्तर पर लगातार अभियान चलाया जाए और "खानापूर्ति नहीं चलेगी।" इस दौरान मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध बिक्री और नशे के बढ़ते प्रभाव को रोकने के लिए विभिन्न विभागों की कार्ययोजना की समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों को स्कूलों और कॉलेजों में नियमित जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर युवाओं को नशे के दुष्परिणामों से अवगत कराने के निर्देश दिए, साथ ही अवैध रूप से नशे का कारोबार करने वालों की निगरानी कर उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा। वन विभाग को अफीम और भांग जैसी मादक फसलों की संभावित अवैध खेती पर कड़ी नजर रखने के निर्देश दिए गए, जिस पर वन मण्डलाधिकारी श्रीमती प्रभाकर खलको ने बताया कि बीटगार्डों को जंगलों में संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखने और तत्काल सूचना देने के निर्देश जारी किए गए हैं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्रीमती सुरेशा चौबे को विशेष अभियान चलाकर नशे की बिक्री और तस्करी में लिप्त लोगों पर सख्त कार्रवाई करने तथा संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए। पुलिस विभाग ने बताया कि गांजा, अवैध शराब और अन्य प्रतिबंधित नशीले पदार्थों की बिक्री की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई की जा रही है। जिला खाद्य एवं औषधि प्रशासन अधिकारी और मुख्य स्वास्थ्य एवं चिकित्सा अधिकारी को मेडिकल स्टोर्स में बिना डॉक्टर की पर्ची नशीली दवाओं की बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश दिए गए, वहीं स्वास्थ्य विभाग को नशा पीड़ितों के उपचार और परामर्श सेवाओं को मजबूत करने को कहा गया। समाज कल्याण विभाग को जिलेभर में नियमित जनजागरूकता अभियान चलाने और नगरीय निकायों को स्लम क्षेत्रों के बच्चों को नशे से दूर रखने के लिए विशेष अभियान संचालित करने के निर्देश दिए गए। बैठक के समापन पर, कलेक्टर ने सभी विभागों को समन्वय के साथ जनजागरण अभियान चलाने का निर्देश देते हुए जिलेवासियों तथा समाज प्रमुखों से परिवार और समाज को नशे के खिलाफ अभियान से जोड़ने और युवा पीढ़ी को नशे के चंगुल से बचाने के लिए इसके नुकसान और दुष्प्रभावों के बारे में बातचीत करने की अपील की।
- सीतापुर के भाजपा विधायक राम कुमार टोप्पो पर एक नायब तहसीलदार ने गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें उन्होंने विधायक पर मारपीट करने और उनके कपड़े फाड़ने का दावा किया है। नायब तहसीलदार ने मीडिया के सामने आकर ये आरोप व्यक्त किए। बताया गया है कि घटना के दौरान मौके पर मौजूद एसडीएम ने हस्तक्षेप कर स्थिति को शांत कराया। यह घटना इस बात पर गंभीर सवाल खड़े करती है कि क्या किसी जनप्रतिनिधि को अधिकारी के कार्य से असंतोष होने पर कानून हाथ में लेने का अधिकार है, जबकि लोकतंत्र में शिकायत और कार्रवाई की एक स्पष्ट प्रक्रिया मौजूद है। विधायक टोप्पो, जो पहले भी जाति प्रमाण पत्र मामले को लेकर विवादों में रहे हैं, उन पर लगे इन आरोपों से प्रशासनिक हलकों में भी तीव्र नाराज़गी बताई जा रही है। इस घटना ने विपक्ष को भी सरकार को घेरने का एक नया मुद्दा दे दिया है। सुशासन तिहार के बीच सामने आई यह कथित अशोभनीय व्यवहार की घटना सरकार की कार्यप्रणाली पर भी सीधे सवाल उठा रही है, जिसकी चर्चा अब पूरे प्रदेश में हो रही है। अब लोगों की निगाहें पुलिस प्रशासन और भाजपा संगठन पर टिकी हैं कि इस पूरे मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाती है।1
- पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केंद्र की मोदी सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले 12 वर्षों में देश के संघीय ढांचे को कमजोर किया गया है। बघेल ने कहा कि किसानों, व्यापारियों और आम जनता के हित की विभिन्न योजनाओं को समाप्त कर अडानी-अंबानी को लाभ पहुँचाने वाले कानून बनाए गए हैं। उनके अनुसार, इन्हीं नीतियों और कानूनों के कारण आज देश की जनता कई तरह की परेशानियों का सामना कर रही है।1
- मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले में स्थित प्रसिद्ध धार्मिक और पर्यटन स्थल अमरकंटक में गुरुवार दोपहर एक दर्दनाक हादसा हो गया। नर्मदा नदी के प्रथम पुष्कर बांध में नहाने उतरे वार्ड क्रमांक 2 बराती निवासी 45 वर्षीय सुरेश सिंह धुर्वे की डूबने से मृत्यु हो गई। इस घटना के बाद पूरे क्षेत्र में शोक और सनसनी का माहौल बना हुआ है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, मृतक सुरेश सिंह धुर्वे (पिता नर्बद लाल सिंह धुर्वे) गुरुवार सुबह लगभग नौ से दस बजे के बीच इंडियन गैस एजेंसी में गैस सिलेंडर ट्रक खाली कराने के काम के लिए घर से निकले थे। कार्य समाप्त करने के बाद वह मोटरसाइकिल से नर्मदा पुष्कर बांध पहुंचे। नहाने के इरादे से उन्होंने अपने कपड़े और चप्पल बांध के किनारे उतारे और पानी में उतर गए। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, सुरेश सिंह धुर्वे बांध की पटरी से गहरे हिस्से की ओर कूदे थे। वहां मौजूद लोगों ने उन्हें ऐसा करने से रोका भी, लेकिन उन्होंने बात अनसुनी कर पानी में छलांग लगा दी। कुछ देर बाद जब वह पानी से बाहर नहीं निकले, तो आसपास के लोगों ने शोर मचाकर बचाव का प्रयास किया। बताया जा रहा है कि जिस जगह यह हादसा हुआ, वहां पानी की गहराई लगभग 35 से 40 फीट थी। अत्यधिक गहराई होने के कारण स्थानीय तैराकों और गोताखोरों ने पानी में उतरने से मना कर दिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचा और अनूपपुर जिला पुलिस बल से एसडीआरएफ के गोताखोरों को बुलाया गया। घटना के बाद पुष्कर बांध तट पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई थी। यह घटना मृतक के परिवार के लिए दूसरा बड़ा आघात है, क्योंकि उनके बड़े भाई राजेश धुर्वे का निधन भी लगभग छह माह पहले हो चुका था। मृतक की भाभी कीर्ति सिंह धुर्वे और अन्य परिजन घटनास्थल पर मौजूद रहे। सुरेश सिंह धुर्वे शारीरिक रूप से कमजोर होने के बावजूद मेहनत-मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करते थे। स्थानीय लोगों ने बताया कि करीब दो-तीन वर्ष पहले भी इसी पुष्कर बांध की पटरी से गिरने के कारण कपिल संगम निवासी एक व्यक्ति की मौत हो चुकी है। इसके बावजूद, लोग आज भी जान जोखिम में डालकर बांध की संकरी पटरी से आवाजाही करते हैं। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने, चेतावनी बोर्ड लगाने और खतरनाक हिस्सों में आवागमन रोकने की मांग की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके।1
- आज गांव में नंदी महाराज को घर-घर ले जाया गया, जहाँ उनसे दक्षिणा भी मांगते हुए देखा गया। बताया गया कि साधवानी देवराज परा द्वारा गांव के घरों में नंदी महाराज को दिखाया गया। यह मान्यता है कि नंदी महाराज भगवान भोलेनाथ की सवारी हैं।1
- सिंगरौली पुलिस ने एक महत्वपूर्ण कार्रवाई करते हुए, घर में आगजनी करने के गंभीर मामले के आरोपी को घटना के अगले ही दिन गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है। पुलिस अधीक्षक शियाज के.एम. के कुशल निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सर्वप्रिय सिन्हा के मार्गदर्शन और अनुविभागीय अधिकारी पुलिस देवसर डॉ. गायत्री तिवारी के नेतृत्व में, थाना जियावन पुलिस ने इस मामले में त्वरित और सख्त कदम उठाए। घटना 27 मई 2026 को दोपहर करीब 2:00 बजे ग्राम कटौली में हुई थी, जहाँ आरोपी राजेश द्विवेदी ने पुरानी रंजिश के चलते फरियादिया अनीता द्विवेदी के घर के पोर्च में अपनी मोटरसाइकिल खड़ी करके माचिस से आग लगा दी थी। इस आगजनी के कारण घर का मुख्य दरवाजा, बरामदा और एक कमरा पूरी तरह जलकर खाक हो गए, जिससे बड़ी धनहानि हुई। फरियादिया की मौखिक रिपोर्ट पर थाना जियावन में आरोपी राजेश द्विवेदी के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 326(g) के तहत अपराध क्रमांक 0311/2026 दर्ज किया गया था। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर थाना जियावन पुलिस टीम, जिसमें थाना प्रभारी उप निरीक्षक शेष नारायण दुबे और उनकी टीम शामिल थी, ने तत्काल कार्रवाई करते हुए दबिश दी। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए 28 मई 2026 को आरोपी राजेश द्विवेदी (उम्र 32 वर्ष), जो स्वर्गीय कमलेश प्रसाद द्विवेदी का पुत्र और ग्राम कटौली, थाना जियावन, जिला सिंगरौली का निवासी है, को सफलतापूर्वक गिरफ्तार कर लिया। पुलिस टीम ने मुस्तैदी का परिचय देते हुए घटनास्थल से आरोपी द्वारा वारदात को अंजाम देने तथा आग लगाने में प्रयुक्त की गई मोटरसाइकिल को भी जब्त कर लिया।1
- एक वीडियो के माध्यम से इस बात पर प्रकाश डाला गया है कि हार्ट अटैक से कैसे बचा जा सकता है। दर्शकों को इस महत्वपूर्ण जानकारी के लिए वीडियो देखने का आग्रह किया गया है।1
- इलाके में दिनदहाड़े बदमाशों ने एक वाहन की डिक्की तोड़ी और उसमें रखी 30 हजार रुपये की नकदी लेकर फरार हो गए, जिससे पूरे इलाके में हड़कंप मच गया। यह पूरी वारदात आसपास लगे CCTV कैमरों में कैद हो गई है। इस घटना के बाद लोगों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गहरी नाराजगी देखने को मिल रही है। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और CCTV फुटेज के आधार पर आरोपियों की तलाश में जांच शुरू कर दी है।1
- मध्य प्रदेश की प्रमुख पर्यटन और धार्मिक नगरी अमरकंटक में नौतपा के चौथे दिन, गुरुवार 28 मई 26 को मौसम ने करवट ली। दोपहर बाद गरज-चमक और तेज हवाओं के साथ लगभग आधे घंटे तक हुई वर्षा से वातावरण में ठंडक घुल गई, जिससे लोगों को भीषण गर्मी से बड़ी राहत मिली। नौतपा के प्रभाव के बीच अचानक बदले इस मौसम के कारण अमरकंटक का अधिकतम तापमान घटकर 37 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि न्यूनतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस रहा। पिछले दिनों की तुलना में तापमान में आई इस गिरावट से मौसम सुहावना बना रहा। वहीं, शुद्ध वायु सूचकांक (AQI) 81 दर्ज किया गया, जो स्वच्छ और बेहतर वायु गुणवत्ता को दर्शाता है। गुरुवार दोपहर से ही अमरकंटक के आसमान में काले बादलों का जमाव शुरू हो गया था, जिसके बाद गरज-चमक के साथ वर्षा आरंभ हुई। इस बारिश से नगर सहित आसपास के क्षेत्रों में मौसम पूरी तरह बदल गया और हल्की ठंडी हवाओं तथा बारिश की फुहारों ने नौतपा की तपिश को काफी हद तक कम कर दिया। स्थानीय नागरिकों के साथ-साथ बड़ी संख्या में पहुंचे पर्यटकों, श्रद्धालुओं एवं तीर्थयात्रियों ने भी इस बदले हुए मौसम का आनंद लिया, उन्होंने धार्मिक स्थलों, नर्मदा उद्गम क्षेत्र तथा प्राकृतिक स्थलों पर बारिश के बीच अमरकंटक की मनोरम वादियों और हरियाली का लुत्फ़ उठाया। प्राकृतिक सौंदर्य और आध्यात्मिक वातावरण के लिए प्रसिद्ध अमरकंटक में नौतपा के दौरान लगातार दूसरे दिन बदले मौसम ने लोगों को राहत पहुंचाई है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, आगामी दिनों में भी बादलों की आवाजाही और हल्की वर्षा की संभावना बनी रह सकती है, जिससे भीषण गर्मी से कुछ और राहत मिलने के आसार हैं।1
- गुरुवार शाम धर्मजयगढ़ क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ली, जहाँ तेज हवा के साथ हल्की बारिश शुरू हो गई। इस बदलाव से लोगों को गर्मी और उमस से थोड़ी राहत मिली, लेकिन कुछ स्थानों पर जनजीवन प्रभावित भी हुआ। रायगढ़-धर्मजयगढ़ मुख्य मार्ग पर एक पेड़ गिरने से कुछ समय के लिए आवागमन बाधित हो गया, जिससे वाहन सड़क पर रुक गए। इसके अतिरिक्त, तेज हवा और बारिश के कारण क्षेत्र की विद्युत व्यवस्था भी प्रभावित हुई। स्थानीय लोगों और प्रशासन की मदद से गिरे हुए पेड़ को हटाने का काम शुरू किया गया, जिसके बाद यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका। कुल मिलाकर, मौसम में इस अचानक बदलाव ने भले ही गर्मी से राहत दी, लेकिन तेज हवा ने जनजीवन को कुछ समय के लिए प्रभावित कर दिया।2