गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है। गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है।
गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है। गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है।
- महराजगंज की महिला सुरक्षा मुहिम को बड़ी पहचान | SI लक्की पटेल को DM और SP ने किया सम्मानित | Mission Shakti महराजगंज में महिला सुरक्षा और जागरूकता के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने पर थाना कोठीभार में तैनात उपनिरीक्षक (SI) लक्की पटेल को जिलाधिकारी गौरव कुमार सोगरवाल एवं पुलिस अधीक्षक शक्ति मोहन अवस्थी ने प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इस कार्यक्रम में महिला सुरक्षा, मिशन शक्ति, एंटी-रोमियो स्क्वाड और महिला हेल्प डेस्क के माध्यम से चलाए जा रहे जागरूकता अभियानों पर भी प्रकाश डाला गया।1
- संत कबीर नगर-धनघटा विधानसभा में सुभासपा की सेक्टर समीक्षा बैठक, 2027 चुनाव की तैयारियों पर मंथन। डॉ. अरविंद राजभर ने कार्यकर्ताओं से कहा- बूथ स्तर तक मजबूत करें संगठन। विधानसभा क्षेत्र धनघटा के प्रभारी माला देव पासवान का आगामी विधानसभा चुनाव के टिकट का किया ऐलान डॉ.अरविंद राजभर का कार्यकर्ताओं ने जोरदार स्वागत किया।1
- के वैभव और मासूम बच्ची को न्याय दिलाने की उठी मांग! #Maharajganj #DM #CMYogi #Adityanath1
- बलरामपुर। समाजवादी पार्टी के दो बार के सांसद रहे रिजवान जहीर , उनकी बेटी जेबा रिजवान और दामाद रमीज नेमत को तुलसीपुर नगर पंचायत के पूर्व चेयरमेन की हत्या एवं गैंगस्ट के आरोपी से एमपी एमएलए की विशेष अदालत ने दोषमुक्त करार दिया है । जबकि इसी मामले में दो अन्य आरोपियों को दोषी करार दिया गया है । पूर्व सांसद के अधिवक्ता के जी श्रीवास्तव ने शुक्रवार को बताया कि 5 जनवरी 2022 की रात में नगर पंचायत तुलसीपुर के पूर्व चेयरमैन फिरोज अहमद की हत्या के मामले में पूर्व सांसद रिजवान जहीर उनकी बेटी जेबा रिजवान एवं उनके दामाद रमीज नेमत को आरोपी बनाया गया था । उन्होंने बताया कि इस मामले में दोनों तरफ से गवाह एवं साक्ष्य पेश किए गए । तमाम गवाहों एवं साक्ष्यों को देखते हुए एमपी एमएलए की विशेष अदालत ने दोनों पक्षों के साक्ष्यों एवं गवाहों के बयान को देखते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रदीप कुमार ने दोषमुक्त करार दिया है । उन्होंने कहा कि राजनीतिक दुश्मनी के कारण पूर्व सांसद एवं उनके परिवार को फसाया गया था लेकिन आज एक बार फिर इंसाफ़ की जीत हुई है और बेगुनाहों को न्याय मिला है । इसी मामले में दो अन्य आरोपियों पर दोषी करार दिया गया है । शासकीय अधिवक्ता नरेंद्र प्रताप पांडे ने बताया कि फिरोज अहमद की हत्या के मामले में दो अन्य आरोपियों मेराजुल हक एवं महफूज को अदालत ने दोषी करार दिया है । उन्होंने बताया कि दोनों दोषियों के सजा का एलान मंगलवार को अदालत द्वारा किया जाएगा । उल्लेखनीय है कि 4 /5 जनवरी 2022 में तुलसीपुर नगर पंचायत के पूर्व चेयरमैन फिरोज अहमद उर्फ पप्पू की घर के सामने चाकुओं से गला काट कर हत्या कर दी गई थी जिसमें पुलिस ने पूर्व सांसद रिजवान जहीर , उनकी बेटी जेबा रिजवान एवं उनके दामाद रमीज नेमत सहित 5 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार किया था । पूर्व सांसद रिजवान जहीर एवं उनके परिवार को दोषमुक्त किए जाने पर उनके समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई है और समर्थकों ने इसे इंसाफ की जीत करार दिया है । बलरामपुर। समाजवादी पार्टी के दो बार के सांसद रहे रिजवान जहीर , उनकी बेटी जेबा रिजवान और दामाद रमीज नेमत को तुलसीपुर नगर पंचायत के पूर्व चेयरमेन की हत्या एवं गैंगस्ट के आरोपी से एमपी एमएलए की विशेष अदालत ने दोषमुक्त करार दिया है । जबकि इसी मामले में दो अन्य आरोपियों को दोषी करार दिया गया है । पूर्व सांसद के अधिवक्ता के जी श्रीवास्तव ने शुक्रवार को बताया कि 5 जनवरी 2022 की रात में नगर पंचायत तुलसीपुर के पूर्व चेयरमैन फिरोज अहमद की हत्या के मामले में पूर्व सांसद रिजवान जहीर उनकी बेटी जेबा रिजवान एवं उनके दामाद रमीज नेमत को आरोपी बनाया गया था । उन्होंने बताया कि इस मामले में दोनों तरफ से गवाह एवं साक्ष्य पेश किए गए । तमाम गवाहों एवं साक्ष्यों को देखते हुए एमपी एमएलए की विशेष अदालत ने दोनों पक्षों के साक्ष्यों एवं गवाहों के बयान को देखते हुए अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रदीप कुमार ने दोषमुक्त करार दिया है । उन्होंने कहा कि राजनीतिक दुश्मनी के कारण पूर्व सांसद एवं उनके परिवार को फसाया गया था लेकिन आज एक बार फिर इंसाफ़ की जीत हुई है और बेगुनाहों को न्याय मिला है । इसी मामले में दो अन्य आरोपियों पर दोषी करार दिया गया है । शासकीय अधिवक्ता नरेंद्र प्रताप पांडे ने बताया कि फिरोज अहमद की हत्या के मामले में दो अन्य आरोपियों मेराजुल हक एवं महफूज को अदालत ने दोषी करार दिया है । उन्होंने बताया कि दोनों दोषियों के सजा का एलान मंगलवार को अदालत द्वारा किया जाएगा । उल्लेखनीय है कि 4 /5 जनवरी 2022 में तुलसीपुर नगर पंचायत के पूर्व चेयरमैन फिरोज अहमद उर्फ पप्पू की घर के सामने चाकुओं से गला काट कर हत्या कर दी गई थी जिसमें पुलिस ने पूर्व सांसद रिजवान जहीर , उनकी बेटी जेबा रिजवान एवं उनके दामाद रमीज नेमत सहित 5 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार किया था । पूर्व सांसद रिजवान जहीर एवं उनके परिवार को दोषमुक्त किए जाने पर उनके समर्थकों में खुशी की लहर दौड़ गई है और समर्थकों ने इसे इंसाफ की जीत करार दिया है ।1
- फिरोज पप्पू हत्याकांड में पूर्व सांसद रिजवान जहीर और बेटी दामाद दोषमुक्त,पूर्व सांसद रिजवान जहीर उनकी बेटी जेबा दामाद रमीज हुए दोषमुक्त, बलरामपुर में कोर्ट ने दो को माना दोषी सरे राह हुई थी हत्या, जिन दो आरोपियों को माना गया है दोषी कोर्ट मंगलवार को सुनाएगा अपना फैसला, इस हत्याकांड में छह लोगों को बनाया गया था आरोपी, एक आरोपी की सुनवाई के दौरान हो चुकी है मौत, बलरामपुर जिले के तुलसीपुर नगर क्षेत्र के जारवा रोड के पास हुई थी हत्या, फिरोज पप्पू हत्याकांड में पूर्व सांसद रिजवान जहीर और बेटी दामाद दोषमुक्त,पूर्व सांसद रिजवान जहीर उनकी बेटी जेबा दामाद रमीज हुए दोषमुक्त, बलरामपुर में कोर्ट ने दो को माना दोषी सरे राह हुई थी हत्या, जिन दो आरोपियों को माना गया है दोषी कोर्ट मंगलवार को सुनाएगा अपना फैसला, इस हत्याकांड में छह लोगों को बनाया गया था आरोपी, एक आरोपी की सुनवाई के दौरान हो चुकी है मौत, बलरामपुर जिले के तुलसीपुर नगर क्षेत्र के जारवा रोड के पास हुई थी हत्या,1
- गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है। गोरखपुर आकर सीएम सिटी में बदहाली का ऐसा सच बता गईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल!! गोरखपुर विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में आईं गर्वनर आनंदी बेन पटेल ने कुछ इस अंदाज़ में बोलना शुरू किया- "जो हमारी कमियां है, वो तो मुझे बताना ही पड़ेगा। ये तो गोरखपुर है, जहां स्वयं हमारे मुख्यमंत्री वहां विराजमान हैं, वहां ऐसी कमियां रहेंगी तो क्या होगा?" इसके बाद तो गर्वनर साहिबा ने जैसे पिटारा ही खोल दिया। "बिजली, पानी, पंखे और गंदगी की समस्या से लेकर ड्रग्स व दारू तक....." अपने भाषण में कोई भी सिरा नहीं छोड़ा। बंजर पड़ी ज़मीन में कुछ भी हरा नहीं छोड़ा! सोचिए, ये सीएम सिटी का हाल है, ज़मीन पर सिस्टम पूरा ध्वस्त है, बस भाषणों में कमाल ही कमाल है।1
- सिसवा के नए BEO का बड़ा एक्शन! स्कूलों में बढ़ेगी सख्ती, शिक्षा व्यवस्था में होगा सुधार महराजगंज के सिसवा विकास खंड में नए खंड शिक्षा अधिकारी आनंद कुमार मिश्र ने पदभार संभालते ही शिक्षा व्यवस्था में सुधार, स्कूलों की नियमित निगरानी, शिक्षकों की समय पर उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण पढ़ाई और निपुण भारत मिशन को प्राथमिकता देने की बात कही।1
- #संतकबीरनगर- धनघटा विधानसभा सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी (सुभासपा)के डॉक्टर अरविंद राजभर ने माला देव पासवान को धनघटा विधानसभा 314 से किया टिकट का ऐलान।1
- बिना पंजीकरण चल रहे अस्पताल में महिला की मौत,स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल किया सीज सिद्धार्थनगर जिले के जिला मुख्यालय स्थित जिला न्यायालय के सामने एनएच-28 पर संचालित रचित हॉस्पिटल में उपचार के दौरान एक महिला की मौत के बाद शुक्रवार को परिजनों ने जमकर हंगामा किया। परिजनों का आरोप है कि महिला की मौत हो जाने के बावजूद अस्पताल प्रशासन इलाज का नाटक करता रहा और उनसे पैसे वसूलने का प्रयास करता रहा। घटना की सूचना पर स्वास्थ्य विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों की टीम मौके पर पहुंची तथा अस्पताल को तत्काल प्रभाव से सीज कर दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, घटना के बाद अस्पताल परिसर में काफी देर तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही और अवैध रूप से अस्पताल संचालित करने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि यदि समय रहते सही उपचार मिलता तो महिला की जान बच सकती थी। घटना के बाद यह सवाल भी उठने लगे हैं कि जिले में बिना पंजीकरण संचालित हो रहे अस्पतालों पर समय रहते कार्रवाई क्यों नहीं हो रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि स्वास्थ्य विभाग की नाक के नीचे ऐसे कई अस्पताल संचालित होने की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं, लेकिन अधिकांश मामलों में कार्रवाई किसी बड़ी घटना के बाद ही होती है। उधर, पीसीपीएनडीटी एवं अस्पतालों के नोडल अधिकारी डॉ. मानवेन्द्र पाल ने बताया कि संबंधित अस्पताल के पंजीकरण की प्रक्रिया चल रही थी। अस्पताल संचालक का कहना था कि अस्पताल का नियमित संचालन अभी शुरू नहीं किया गया था। फिलहाल अस्पताल को सीज कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि महिला की मौत के कारणों की जांच के लिए समिति गठित की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच समिति की रिपोर्ट मिलने के बाद जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर संबंधित लोगों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच जारी है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही महिला की मौत के वास्तविक कारणों और अस्पताल प्रशासन की जिम्मेदारी स्पष्ट हो सकेगी।1